कटान की जद में मंदिर-मस्जिद, बढ़ी ग्रामीणों की चिंता तेज बहाव के बीच धार्मिक स्थलों पर मंडरा रहा खतरा, प्रशासन ने संभाली कमान बाराबंकी। सरयू नदी के तेज बहाव के साथ हो रहे कटान ने हेतमापुर क्षेत्र में चिंता बढ़ा दी है। नदी की धारा लगातार किनारों को अपने आगोश में ले रही है और अब मंदिर-मस्जिद दोनों पर खतरा मंडराने लगा है। धार्मिक स्थलों के नदी की ओर बढ़ते कटान की जद में आने से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। हालात की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने प्रभावित क्षेत्र का दौरा कर मौके की स्थिति का जायजा लिया। अधिकारियों ने बाढ़ खंड और संबंधित विभागों के अधिकारियों को कटान रोकने के लिए तत्काल प्रभाव से जरूरी कदम उठाने तथा संवेदनशील स्थानों पर लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए। सबसे बड़ी चिंता मंदिर और मस्जिद को लेकर है। नदी की तेज धारा जिस तरह से लगातार जमीन काट रही है, उससे दोनों धार्मिक स्थलों की सुरक्षा को लेकर ग्रामीणों की बेचैनी बढ़ती जा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि कटान इसी रफ्तार से जारी रहा तो धार्मिक स्थलों के साथ आसपास के आबादी वाले हिस्सों पर भी संकट गहरा सकता है। “आज जो काम हो रहा, पहले क्यों नहीं किया गया?” कटान रोकने के लिए चल रहे कार्यों को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। निरीक्षण के दौरान रेनू वर्मा ने बाढ़ खंड के अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताते हुए कहा, “एक खर्च करते हैं, दस लिखे जा रहे हैं। जो कार्य आज हो रहा है, वह पहले क्यों नहीं किया गया?” उनके इस सवाल ने बाढ़ से बचाव के नाम पर पूर्व में हुए कार्यों और खर्च को लेकर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। राहत वितरण में भी अव्यवस्था इधर सांसद तनुज पूनिया ने भी बाढ़ प्रभावित इलाके का दौरा कर ग्रामीणों से हालात की जानकारी ली। राहत सामग्री वितरण के दौरान भीड़ जुटने से अफरा-तफरी की स्थिति बनी। ग्रामीणों ने राहत सामग्री के वितरण में बेहतर व्यवस्था और वास्तविक जरूरतमंदों तक मदद पहुंचाने की मांग की। फिलहाल नदी का कटान प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ है। मंदिर और मस्जिद पर मंडराते खतरे ने हालात की गंभीरता और बढ़ा दी है। ग्रामीण अब प्रशासन से तत्काल प्रभावी कदम उठाकर धार्मिक स्थलों और आबादी को कटान से बचाने की मांग कर रहे हैं।
कटान की जद में मंदिर-मस्जिद, बढ़ी ग्रामीणों की चिंता तेज बहाव के बीच धार्मिक स्थलों पर मंडरा रहा खतरा, प्रशासन ने संभाली कमान बाराबंकी। सरयू नदी के तेज बहाव के साथ हो रहे कटान ने हेतमापुर क्षेत्र में चिंता बढ़ा दी है। नदी की धारा लगातार किनारों को अपने आगोश में ले रही है और अब मंदिर-मस्जिद दोनों पर खतरा मंडराने लगा है। धार्मिक स्थलों के नदी की ओर बढ़ते कटान की जद में आने से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। हालात की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने प्रभावित क्षेत्र का
दौरा कर मौके की स्थिति का जायजा लिया। अधिकारियों ने बाढ़ खंड और संबंधित विभागों के अधिकारियों को कटान रोकने के लिए तत्काल प्रभाव से जरूरी कदम उठाने तथा संवेदनशील स्थानों पर लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए। सबसे बड़ी चिंता मंदिर और मस्जिद को लेकर है। नदी की तेज धारा जिस तरह से लगातार जमीन काट रही है, उससे दोनों धार्मिक स्थलों की सुरक्षा को लेकर ग्रामीणों की बेचैनी बढ़ती जा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि कटान इसी रफ्तार से जारी रहा तो धार्मिक स्थलों के साथ आसपास के आबादी वाले
हिस्सों पर भी संकट गहरा सकता है। “आज जो काम हो रहा, पहले क्यों नहीं किया गया?” कटान रोकने के लिए चल रहे कार्यों को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। निरीक्षण के दौरान रेनू वर्मा ने बाढ़ खंड के अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताते हुए कहा, “एक खर्च करते हैं, दस लिखे जा रहे हैं। जो कार्य आज हो रहा है, वह पहले क्यों नहीं किया गया?” उनके इस सवाल ने बाढ़ से बचाव के नाम पर पूर्व में हुए कार्यों और खर्च को लेकर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। राहत वितरण में भी
अव्यवस्था इधर सांसद तनुज पूनिया ने भी बाढ़ प्रभावित इलाके का दौरा कर ग्रामीणों से हालात की जानकारी ली। राहत सामग्री वितरण के दौरान भीड़ जुटने से अफरा-तफरी की स्थिति बनी। ग्रामीणों ने राहत सामग्री के वितरण में बेहतर व्यवस्था और वास्तविक जरूरतमंदों तक मदद पहुंचाने की मांग की। फिलहाल नदी का कटान प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ है। मंदिर और मस्जिद पर मंडराते खतरे ने हालात की गंभीरता और बढ़ा दी है। ग्रामीण अब प्रशासन से तत्काल प्रभावी कदम उठाकर धार्मिक स्थलों और आबादी को कटान से बचाने की मांग कर रहे हैं।
- सरयू नदी के कटान प्रभावित हेतमापुर पहुंचे डीएम व एसपी, राहत एवं बचाव कार्यों का लिया जायजा कटान रोकने के लिए 24×7 सतत प्रयास करने तथा प्रभावित परिवारों को तत्काल राहत व स्थायी पुनर्वास उपलब्ध कराने के निर्देश शशिकांत अवस्थी बाराबंकी, जिलाधिकारी ईशान प्रताप सिंह एवं पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय ने तहसील रामनगर अन्तर्गत सरयू नदी के कटान से प्रभावित ग्राम हेतमापुर पहुंचकर स्थिति का स्थलीय निरीक्षण किया। जिलाधिकारी ने मौके पर बाढ़ खण्ड द्वारा कटान को रोकने एवं प्रभावित क्षेत्र की सुरक्षा के लिए किए जा रहे सतत प्रयासों का अवलोकन करते हुए राहत एवं बचाव कार्यों की प्रगति की जानकारी प्राप्त की। इस दौरान अधिशासी अभियंता, बाढ़ खण्ड ने जिलाधिकारी को सरयू नदी के कटान को नियंत्रित करने के लिए अब तक किए गए सुरक्षात्मक कार्यों एवं विभाग द्वारा निरंतर किए जा रहे प्रयासों के संबंध में विस्तार से अवगत कराया। जिलाधिकारी ने कहा कि कटान को न्यूनतम स्तर तक सीमित करना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है, इसलिए सभी आवश्यक संसाधनों का प्रभावी उपयोग करते हुए 24×7 सतर्कता एवं सतत प्रयास जारी रखे जाएं। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि कटान की स्थिति पर निरंतर नजर रखते हुए आवश्यकता के अनुसार तत्काल प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। जिलाधिकारी ने उपजिलाधिकारी रामनगर को निर्देशित किया कि कटान के कारण जिन ग्रामवासियों के मकान क्षतिग्रस्त हो गए हैं, उन्हें तत्काल आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जाए। साथ ही प्रभावित परिवारों के स्थायी पुनर्वास की व्यवस्था के लिए भूमि का चिन्हांकन करते हुए पात्र परिवारों को आवासीय पट्टे उपलब्ध कराए जाएं तथा उन्हें सरकारी आवास योजना का लाभ दिलाते हुए आवास स्वीकृत कराने की कार्रवाई प्राथमिकता के आधार पर सुनिश्चित की जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि प्रभावित परिवारों को राहत सामग्री एवं भोजन की व्यवस्था निर्बाध रूप से उपलब्ध कराई जाए तथा किसी भी प्रभावित परिवार को आवश्यक सहायता से वंचित न रहने दिया जाए। प्रशासन द्वारा राहत, बचाव एवं पुनर्वास कार्यों की नियमित निगरानी करते हुए प्रभावित परिवारों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जाए। इस अवसर पर मुख्य अभियंता, बाढ़ श्री प्रभाकर प्रसाद, अधीक्षण अभियंता डी.के. वर्मा, उपजिलाधिकारी रामनगर आकांक्षा गुप्ता, अधिशासी अभियंता बाढ़ खण्ड शशिकान्त सिंह, तहसीलदार सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।1
- गोंडा कजरी तीज कांवड़ मेले को लेकर प्रसासन मुस्तैद दिखाई पड़ा 3000 पुलिसकर्मी संभालेंगे सुरक्षा व्यवस्था *गोंडा कजरी तीज कांवड़ मेले को लेकर प्रसासन मुस्तैद दिखाई पड़ा 3000 पुलिसकर्मी संभालेंगे सुरक्षा व्यवस्था 1. गोंडा कांवड़ मेले की तैयारी पूरी, 3000 पुलिसकर्मी संभालेंगे सुरक्षा 2. कांवड़ मेले को लेकर गोंडा में हाई अलर्ट, चप्पे-चप्पे पर रहेगी पुलिस 3. गोंडा में कांवड़ मेले का मेगा प्लान तैयार, रूट डायवर्जन लागू 4. कांवड़ियों की सुरक्षा में 3000 जवान तैनात, सरयू घाट पर अफसरों का निरीक्षण 5. कजरी तीज कांवड़ मेले को लेकर प्रशासन अलर्ट, DM-SP ने लिया तैयारियों का जायजा 6. सरयू घाट पर उमड़ेगा कांवड़ियों का सैलाब, सुरक्षा के लिए 3000 पुलिसकर्मी तैनात2
- थाना माती पुलिस टीम द्वारा 01 वांछित अभियुक्त को किया गया गिरफ्तार बाराबंकी जनपद के माटी पुलिस टीम द्वारा आज शनिवार लगभग 5:00 बजे जानकारी देते हुए बताया कि बीएनएस में वांछित अभियुक्त अम्बुज उपाध्याय पुत्र जयचन्द उपाध्याय निवासी दौलतपुर थाना मो0पुर खाला जनपद बाराबंकी को गिरफ्तार किया गया।1
- रानीपुर थाना क्षेत्र के रंजीतपुर पावर हाउस पर अघोषित बिजली कटौती और लो-वोल्टेज से नाराज सैकड़ों उपभोक्ताओं ने जन संघर्ष मंच के बैनर तले सड़क जाम कर प्रदर्शन किया।प्रदर्शनकारियों का कहना था - बिल समय पर चाहिए तो बिजली भी समय पर दो। भीषण गर्मी में जर्जर लाइनों और बार-बार ट्रिपिंग से लोग परेशान हैं। प्रदर्शन के कारण करीब एक घंटे तक रास्ता जाम रहा और एक किलोमीटर तक वाहनों की कतार लग गई। सूचना पर रानीपुर थानाध्यक्ष हरेंद्र नाथ राय पुलिस बल के साथ और विद्युत विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे। लिखित आश्वासन के बाद लोग शांत हुए। प्रदर्शन का नेतृत्व आसिफ सिद्दीकी, देवेंद्र प्रताप सिंह और फरियाद अली ने किया। उपभोक्ताओं ने चेतावनी दी कि समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन तेज होगा।1
- भड़की महिला पत्रकार बोली जवाब तो देते जाइए मुख्यमंत्री जी1
- Post by राम जी दीक्षित पत्रकार1
- सरयू नदी के कटान प्रभावित हेतमापुर पहुंचे डीएम व एसपी, राहत एवं बचाव कार्यों का लिया जायजा कटान रोकने के लिए 24×7 सतत प्रयास करने तथा प्रभावित परिवारों को तत्काल राहत व स्थायी पुनर्वास उपलब्ध कराने के निर्देश शशिकांत अवस्थी बाराबंकी, जिलाधिकारी ईशान प्रताप सिंह एवं पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय ने तहसील रामनगर अन्तर्गत सरयू नदी के कटान से प्रभावित ग्राम हेतमापुर पहुंचकर स्थिति का स्थलीय निरीक्षण किया। जिलाधिकारी ने मौके पर बाढ़ खण्ड द्वारा कटान को रोकने एवं प्रभावित क्षेत्र की सुरक्षा के लिए किए जा रहे सतत प्रयासों का अवलोकन करते हुए राहत एवं बचाव कार्यों की प्रगति की जानकारी प्राप्त की। इस दौरान अधिशासी अभियंता, बाढ़ खण्ड ने जिलाधिकारी को सरयू नदी के कटान को नियंत्रित करने के लिए अब तक किए गए सुरक्षात्मक कार्यों एवं विभाग द्वारा निरंतर किए जा रहे प्रयासों के संबंध में विस्तार से अवगत कराया। जिलाधिकारी ने कहा कि कटान को न्यूनतम स्तर तक सीमित करना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है, इसलिए सभी आवश्यक संसाधनों का प्रभावी उपयोग करते हुए 24×7 सतर्कता एवं सतत प्रयास जारी रखे जाएं। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि कटान की स्थिति पर निरंतर नजर रखते हुए आवश्यकता के अनुसार तत्काल प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। जिलाधिकारी ने उपजिलाधिकारी रामनगर को निर्देशित किया कि कटान के कारण जिन ग्रामवासियों के मकान क्षतिग्रस्त हो गए हैं, उन्हें तत्काल आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जाए। साथ ही प्रभावित परिवारों के स्थायी पुनर्वास की व्यवस्था के लिए भूमि का चिन्हांकन करते हुए पात्र परिवारों को आवासीय पट्टे उपलब्ध कराए जाएं तथा उन्हें सरकारी आवास योजना का लाभ दिलाते हुए आवास स्वीकृत कराने की कार्रवाई प्राथमिकता के आधार पर सुनिश्चित की जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि प्रभावित परिवारों को राहत सामग्री एवं भोजन की व्यवस्था निर्बाध रूप से उपलब्ध कराई जाए तथा किसी भी प्रभावित परिवार को आवश्यक सहायता से वंचित न रहने दिया जाए। प्रशासन द्वारा राहत, बचाव एवं पुनर्वास कार्यों की नियमित निगरानी करते हुए प्रभावित परिवारों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जाए। इस अवसर पर मुख्य अभियंता, बाढ़ श्री प्रभाकर प्रसाद, अधीक्षण अभियंता डी.के. वर्मा, उपजिलाधिकारी रामनगर आकांक्षा गुप्ता, अधिशासी अभियंता बाढ़ खण्ड शशिकान्त सिंह, तहसीलदार सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।1
- *सरयू नदी के कटान प्रभावित हेतमापुर पहुंचे डीएम व एसपी, राहत एवं बचाव कार्यों का लिया जायजा* *कटान रोकने के लिए 24×7 सतत प्रयास करने तथा प्रभावित परिवारों को तत्काल राहत व स्थायी पुनर्वास उपलब्ध कराने के निर्देश* बाराबंकी, 12 सितम्बर। जिलाधिकारी श्री ईशान प्रताप सिंह एवं पुलिस अधीक्षक श्री अर्पित विजयवर्गीय ने तहसील रामनगर अन्तर्गत सरयू नदी के कटान से प्रभावित ग्राम हेतमापुर पहुंचकर स्थिति का स्थलीय निरीक्षण किया। जिलाधिकारी ने मौके पर बाढ़ खण्ड द्वारा कटान को रोकने एवं प्रभावित क्षेत्र की सुरक्षा के लिए किए जा रहे सतत प्रयासों का अवलोकन करते हुए राहत एवं बचाव कार्यों की प्रगति की जानकारी प्राप्त की। इस दौरान अधिशासी अभियंता, बाढ़ खण्ड ने जिलाधिकारी को सरयू नदी के कटान को नियंत्रित करने के लिए अब तक किए गए सुरक्षात्मक कार्यों एवं विभाग द्वारा निरंतर किए जा रहे प्रयासों के संबंध में विस्तार से अवगत कराया। जिलाधिकारी ने कहा कि कटान को न्यूनतम स्तर तक सीमित करना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है, इसलिए सभी आवश्यक संसाधनों का प्रभावी उपयोग करते हुए 24×7 सतर्कता एवं सतत प्रयास जारी रखे जाएं। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि कटान की स्थिति पर निरंतर नजर रखते हुए आवश्यकता के अनुसार तत्काल प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। जिलाधिकारी ने उपजिलाधिकारी रामनगर को निर्देशित किया कि कटान के कारण जिन ग्रामवासियों के मकान क्षतिग्रस्त हो गए हैं, उन्हें तत्काल आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जाए। साथ ही प्रभावित परिवारों के स्थायी पुनर्वास की व्यवस्था के लिए भूमि का चिन्हांकन करते हुए पात्र परिवारों को आवासीय पट्टे उपलब्ध कराए जाएं तथा उन्हें सरकारी आवास योजना का लाभ दिलाते हुए आवास स्वीकृत कराने की कार्रवाई प्राथमिकता के आधार पर सुनिश्चित की जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि प्रभावित परिवारों को राहत सामग्री एवं भोजन की व्यवस्था निर्बाध रूप से उपलब्ध कराई जाए तथा किसी भी प्रभावित परिवार को आवश्यक सहायता से वंचित न रहने दिया जाए। प्रशासन द्वारा राहत, बचाव एवं पुनर्वास कार्यों की नियमित निगरानी करते हुए प्रभावित परिवारों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जाए। इस अवसर पर मुख्य अभियंता, बाढ़ श्री प्रभाकर प्रसाद, अधीक्षण अभियंता श्री डी.के. वर्मा, उपजिलाधिकारी रामनगर सुश्री आकांक्षा गुप्ता, अधिशासी अभियंता बाढ़ खण्ड श्री शशिकान्त सिंह, तहसीलदार सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।1
- कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय की हिरासत के बाद धरने पर बैठे कांग्रेस प्रदेश सचिव त्रिलोकी नाथ तिवारी, प्रदेश अध्यक्ष के साथ पीड़ित परिवार से मिलने की मांग पर आड़े.... कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय की हिरासत के बाद धरने पर बैठे कांग्रेस प्रदेश सचिव त्रिलोकी नाथ तिवारी, प्रदेश अध्यक्ष के साथ पीड़ित परिवार से मिलने की मांग पर आड़े....1