न्यूज़ स्क्रिप्ट पत्रकार इंट्रो: ग्रामीण विकास की योजनाएँ ज़मीन पर कितनी कारगर हैं, इसकी हकीकत सामने आ रही है ग्राम पंचायत मेंद्राकला विकासखंड लखनपुर से। जहाँ प्रधानमंत्री आवास योजना और में गंभीर समस्याएँ देखने को मिल रही हैं। रिपोर्टर वॉयस ओवर: यह तस्वीरें हैं ग्राम पंचायत मेंद्राकला की, जहाँ सरकारी योजनाओं के बावजूद ज़रूरतमंद परिवार आज भी मूलभूत सुविधाओं से वंचित हैं। महिला 1 (पीएम/ हितग्राही) का बयान: “हमें आवास योजना तो मिली, लेकिन घर अधूरा पड़ा है। छत टपकती है, दीवारों में दरार है। कई बार शिकायत की, लेकिन आज तक कोई सुनवाई नहीं हुई।” रिपोर्टर वॉयस ओवर: एक ओर अधूरा आवास, तो दूसरी ओर बीमारी से जूझती एक महिला, जिनके लिए यह स्थिति और भी मुश्किल हो गई है। महिला 2 (बीमार महिला) का बयान: “मैं बीमार रहती हूँ, इलाज कराना मुश्किल है। घर में बिजली नहीं रहती, रात में बहुत परेशानी होती है। सरकार से मदद की गुहार लगाई, पर कोई देखने नहीं आया।” रिपोर्टर वॉयस ओवर: गाँव में बिजली की समस्या भी गंभीर बनी हुई है। आए दिन बिजली गुल रहती है, जिससे महिलाओं, बच्चों और बीमार लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। ग्राउंड रिपोर्ट: स्थानीय लोगों का कहना है कि कई बार पंचायत और विभागीय अधिकारियों को अवगत कराया गया, लेकिन समस्याओं का समाधान आज तक नहीं हुआ। आउट्रो: सवाल यह है कि जब योजनाएँ कागज़ों में पूरी दिखाई जा रही हैं, तो ज़मीनी हकीकत इतनी अलग क्यों है? अब देखना होगा कि प्रशासन इन शिकायतों पर कब तक कार्रवाई करता है। रिपोर्ट – [आपका नाम] स्थान – ग्राम पंचायत मेंडाकला
न्यूज़ स्क्रिप्ट पत्रकार इंट्रो: ग्रामीण विकास की योजनाएँ ज़मीन पर कितनी कारगर हैं, इसकी हकीकत सामने आ रही है ग्राम पंचायत मेंद्राकला विकासखंड लखनपुर से। जहाँ प्रधानमंत्री आवास योजना और में गंभीर समस्याएँ देखने को मिल रही हैं। रिपोर्टर वॉयस ओवर: यह तस्वीरें हैं ग्राम पंचायत मेंद्राकला की, जहाँ सरकारी योजनाओं के बावजूद ज़रूरतमंद परिवार आज भी मूलभूत सुविधाओं से वंचित हैं। महिला 1 (पीएम/ हितग्राही)
का बयान: “हमें आवास योजना तो मिली, लेकिन घर अधूरा पड़ा है। छत टपकती है, दीवारों में दरार है। कई बार शिकायत की, लेकिन आज तक कोई सुनवाई नहीं हुई।” रिपोर्टर वॉयस ओवर: एक ओर अधूरा आवास, तो दूसरी ओर बीमारी से जूझती एक महिला, जिनके लिए यह स्थिति और भी मुश्किल हो गई है। महिला 2 (बीमार महिला) का बयान: “मैं बीमार रहती हूँ, इलाज
कराना मुश्किल है। घर में बिजली नहीं रहती, रात में बहुत परेशानी होती है। सरकार से मदद की गुहार लगाई, पर कोई देखने नहीं आया।” रिपोर्टर वॉयस ओवर: गाँव में बिजली की समस्या भी गंभीर बनी हुई है। आए दिन बिजली गुल रहती है, जिससे महिलाओं, बच्चों और बीमार लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। ग्राउंड रिपोर्ट: स्थानीय लोगों का कहना है
कि कई बार पंचायत और विभागीय अधिकारियों को अवगत कराया गया, लेकिन समस्याओं का समाधान आज तक नहीं हुआ। आउट्रो: सवाल यह है कि जब योजनाएँ कागज़ों में पूरी दिखाई जा रही हैं, तो ज़मीनी हकीकत इतनी अलग क्यों है? अब देखना होगा कि प्रशासन इन शिकायतों पर कब तक कार्रवाई करता है। रिपोर्ट – [आपका नाम] स्थान – ग्राम पंचायत मेंडाकला
- Himanshu rajAmbikapur, Surguja💣2 hrs ago
- न्यूज़ स्क्रिप्ट पत्रकार इंट्रो: ग्रामीण विकास की योजनाएँ ज़मीन पर कितनी कारगर हैं, इसकी हकीकत सामने आ रही है ग्राम पंचायत मेंद्राकला विकासखंड लखनपुर से। जहाँ प्रधानमंत्री आवास योजना और में गंभीर समस्याएँ देखने को मिल रही हैं। रिपोर्टर वॉयस ओवर: यह तस्वीरें हैं ग्राम पंचायत मेंद्राकला की, जहाँ सरकारी योजनाओं के बावजूद ज़रूरतमंद परिवार आज भी मूलभूत सुविधाओं से वंचित हैं। महिला 1 (पीएम/ हितग्राही) का बयान: “हमें आवास योजना तो मिली, लेकिन घर अधूरा पड़ा है। छत टपकती है, दीवारों में दरार है। कई बार शिकायत की, लेकिन आज तक कोई सुनवाई नहीं हुई।” रिपोर्टर वॉयस ओवर: एक ओर अधूरा आवास, तो दूसरी ओर बीमारी से जूझती एक महिला, जिनके लिए यह स्थिति और भी मुश्किल हो गई है। महिला 2 (बीमार महिला) का बयान: “मैं बीमार रहती हूँ, इलाज कराना मुश्किल है। घर में बिजली नहीं रहती, रात में बहुत परेशानी होती है। सरकार से मदद की गुहार लगाई, पर कोई देखने नहीं आया।” रिपोर्टर वॉयस ओवर: गाँव में बिजली की समस्या भी गंभीर बनी हुई है। आए दिन बिजली गुल रहती है, जिससे महिलाओं, बच्चों और बीमार लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। ग्राउंड रिपोर्ट: स्थानीय लोगों का कहना है कि कई बार पंचायत और विभागीय अधिकारियों को अवगत कराया गया, लेकिन समस्याओं का समाधान आज तक नहीं हुआ। आउट्रो: सवाल यह है कि जब योजनाएँ कागज़ों में पूरी दिखाई जा रही हैं, तो ज़मीनी हकीकत इतनी अलग क्यों है? अब देखना होगा कि प्रशासन इन शिकायतों पर कब तक कार्रवाई करता है। रिपोर्ट – [आपका नाम] स्थान – ग्राम पंचायत मेंडाकला4
- मरवाही क्षेत्र के चांदनी यादव द्वारा राजेश सिंह के साथ अंबिकापुर के कोर्ट परिसर में शादी किया गया जिससे दोनों दम्पति खुशी खुशी अपना जीवन ब्यातीत कर रहे है1
- Post by Dhanesh yadav1
- सूरजपुर जिला कांग्रेस कमेटी द्वारा सूरजपुर कलेक्टर कार्यालय का घेराव किया गया,,,, कांग्रेस ने मनरेगा बचाओ संग्राम, एस आई आर और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को नही बोलने देने को लेकर अग्रसेन चौक से रैली निकालकर कलेक्टर कार्यालय पहुंचे,,, जहां जमकर नारेबाजी करते हुए भाजपा सरकार खिलाफ हल्ला बोला व कलेक्ट्रेट का घेराव किया,,, इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता शामिल हुए,, इसको लेकर कांग्रेस कि जिला अध्यक्ष शशि सिंह ने कहा कि मनरेगा गरीबों और मजदूरों की जीवनरेखा है,,,,, उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार जानबूझकर इस योजना को कमजोर कर रही है,,,, जिसे कांग्रेस किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं करेगी वहीं जिस तरह से एस आई आर में अल्पसंख्यकों का नाम काटा जा रहा है,,, उन्होंने चेतावनी दी और कहा जल्द इन मुद्दों का शीघ्र समाधान नहीं किया गया तो कांग्रेस आंदोलन को और अधिक तेज करेगी,,,,1
- बैकुंठपुर (कोरिया )सूत्रों के अनुसार कोरिया जिले के भट्टी पारा में रोड के किनारे लगी दुकान पर ज़ब बुलडोजर के साथ जिला प्रशाशन के आदेश पर पुरे डल और बल के साथ पहुंची नगरपालिका के कर्मचारी व बैकुंठपुर तहसीलदार सहित ज़ब बुलडोजर घुसी की लोगो में अफरा तिफरी मची ठीक उसी समय सभी लोग आ कर अपना समान समेटना शुरू कर दिए नगरपालिका अधिकारी संजय दुबे ने बताया की जिला प्रशाशन ने भ्रमण की उक्त भ्रमण में पुलिस थाना से लेकर ओढ़गी नाका, और ओढ़गी नाका से झुमका वोट क्लब तक रोड पर हुए अतिक्रमण हटाने की आदेश पर कार्यवाही की गईं1
- 🔥 ब्रेकिंग न्यूज़ 🔥 देव होटल के पास चली गोली, इलाके में सनसनी अंबिकापुर। देव होटल के समीप गोली चलने की सूचना मिलते ही शहर में हड़कंप मच गया। सूचना पर जिले के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तत्काल मौके पर पहुंचे और घटना की जांच-विवेचना शुरू कर दी है। आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है और सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। प्रारंभिक जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर मामले में अग्रिम वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल इलाके में पुलिस बल तैनात है और स्थिति नियंत्रण में बताई जा रही है। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा। 👉 बनी रहे हमारे साथ, अपडेट जारी…1
- सरगुजा/ लखनपुर मे शिक्षकों की मनमानी समय से पूर्व स्कूल की छुट्टी , बच्चों ने लगाया आरोप सरगुजा जिले का आकांक्षी विकासखंड लखनपुर में शिक्षा व्यवस्था पूरी तरीके से चरमरा गई है किसी न किसी मामले को लेकर शिक्षा विभाग हमेशा सुर्खियों में रहता है। समय से पूर्व शिक्षकों के द्वारा स्कूलो के छुट्टी करने का मामला सामने आया है जहां बच्चों ने आरोप लगाया है कि प्रतिदिन दोपहर3 बजे से 3:30बजे तक स्कूल की छुट्टी शिक्षकों के द्वारा कर दी जाती है। दरअसल पुरा मामल विकासखंड के सुदूर वनांचल ग्राम लवजी के शासकीय प्राथमिक शाला और शासकीय माध्यमिक शाला का है। 6 फरवरी दिन शुक्रवार की दोपहर लगभग 3:30 बजे शिक्षकों के द्वारा स्कूलों की समय से पूर्व छुट्टी कर दी गई। वही ग्रामीणों और बच्चों ने का आरोप लगाया है प्राथमिक शाला में शिक्षक शिक्षिका पदस्थ है।प्रतिदिन इसी तरह शिक्षकों के द्वारा समय से पूर्व स्कूलों की छुट्टी कर दी जाती है। इससे पूर्व भी विकासखंड के कई स्कूलों ऐसे मामले सामने आ चुके हैं जहां कार्रवाई के नाम पर नोटिस जारी कर खाना पूर्ति कर दिया जाता है अब देखने वाली बात होगी की शिक्षा विभाग के अधिकारी इस मामले को गंभीरता से लेकर कार्रवाई करते हैं या फिर नोटिस जारी कर कार्रवाई के नाम पर खानापूर्ति कर दिया जाएगा। इस संबंध में खंड शिक्षा अधिकारी देव प्रसाद गुप्ता से कार्यालय में मुलाकात करने पहुंचे तो पता चला कि वह मीटिंग में अंबिकापुर चले गए हैं जिस कारण उनका पक्ष नहीं लिया जा सका।1
- न्यूज़ स्क्रिप्ट | ग्राम पंचायत माझापारा, विकासखंड अंबिकापुर पत्रकार इंट्रो: सरकारी योजनाओं के दावे ज़मीनी हकीकत से कोसों दूर नज़र आ रहे हैं। ताज़ा मामला सामने आया है ग्राम पंचायत माझापारा, विकासखंड अंबिकापुर से, जहाँ बुनियादी सुविधाओं की हालत बेहद चिंताजनक बनी हुई है। वीओ (ग्राउंड विजुअल्स): गांव की सड़कों पर बहता नालियों का गंदा पानी, जगह-जगह जमा कचरा और बदबू… ये तस्वीरें किसी बड़े शहर की नहीं, बल्कि ग्राम पंचायत मझापरा की हैं। पूरी पंचायत में नालियों की नियमित सफाई नहीं होने के कारण गंदा पानी सड़कों पर बह रहा है, जिससे ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों की परेशानी (विजुअल + टेक्स्ट): ग्रामीणों का कहना है कि बरसात हो या गर्मी—सड़कें हमेशा गंदगी से भरी रहती हैं। बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं का निकलना मुश्किल हो गया है, वहीं बीमारी फैलने का खतरा भी लगातार बना हुआ है। वीओ – पीएम आवास मुद्दा: सबसे गंभीर बात यह है कि कई पात्र परिवारों को आज तक प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत पक्का मकान नहीं मिला है। ग्रामीणों का आरोप है कि उन्होंने कई बार सरपंच और सचिव से शिकायत की, आवेदन दिए, लेकिन हर बार सिर्फ आश्वासन मिला—जमीनी स्तर पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। बाइट (ग्रामीण – वैकल्पिक): “हम लोग सालों से शिकायत कर रहे हैं, लेकिन न नाली साफ होती है, न आवास मिलता है। अधिकारी सुनते ही नहीं हैं।” एंकर आउट्रो: सवाल ये है कि जब पंचायत स्तर पर समस्याएँ लगातार सामने आ रही हैं, तो जिम्मेदार अधिकारी और जनप्रतिनिधि मौन क्यों हैं? क्या ग्राम पंचायत मझापरा के ग्रामीणों को बुनियादी सुविधाओं के लिए यूँ ही संघर्ष करना पड़ेगा, या प्रशासन अब कोई ठोस कदम उठाएगा? रिपोर्ट: हिमांशु राज स्थान: ग्राम पंचायत मझापरा, विकासखंड अंबिकापुर अगर चाहें तो मैं इसमें ग्रामीण महिला/बुजुर्ग का अलग बाइट, और तीखा सवाल3