जनपद लखीमपुर खीरी में अवैध कच्ची शराब के काले कारोबार के खिलाफ पुलिस प्रशासन ने अपनी मुहिम तेज कर दी है। इसी क्रम में, मझगई पुलिस को बड़ी सफलता मिली है, जहां उन्होंने एक शराब तस्कर को भारी मात्रा में अवैध शराब के साथ रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक खीरी के निर्देश पर पूरे जनपद में अवैध कच्ची शराब के उत्पादन और बिक्री के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान का हिस्सा है, जिसका पर्यवेक्षण अपर पुलिस अधीक्षक (पश्चिमी) और मार्गदर्शन क्षेत्राधिकारी पलिया ने किया, जबकि थाना प्रभारी अनिल सिंह पंकज ने कुशल नेतृत्व प्रदान किया। मझगई पुलिस टीम ने मुखबिरों के जाल की मदद से चेकिंग के दौरान ग्राम बम्हनपुर से अभियुक्त को घेराबंदी कर पकड़ा। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से एक प्लास्टिक की बोरी में छिपाकर रखी गई लगभग 65 पाउच (कुल करीब 50 लीटर) अवैध कच्ची शराब बरामद हुई, जिसे पुलिस ने तुरंत जब्त कर लिया और आरोपी को हिरासत में ले लिया। गिरफ्तार किए गए अभियुक्त की पहचान नीरज जायसवाल पुत्र जयप्रकाश जायसवाल, निवासी ग्राम बम्हनपुर, थाना मझगई, जनपद खीरी के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपी नीरज जायसवाल के खिलाफ थाना मझगई में मु०अ०सं० 159/2026 धारा 60 EX ACT के तहत मुकदमा पंजीकृत कर लिया है। आगे की विधिक कार्यवाही पूरी करने के बाद उसे जेल भेज दिया गया है। इस सराहनीय कार्रवाई को अंजाम देने वाली पुलिस टीम में उ०नि० श्री अविनाश कुमार, हे०का० छोटेलाल और कां० धर्मराज शामिल थे।
जनपद लखीमपुर खीरी में अवैध कच्ची शराब के काले कारोबार के खिलाफ पुलिस प्रशासन ने अपनी मुहिम तेज कर दी है। इसी क्रम में, मझगई पुलिस को बड़ी सफलता मिली है, जहां उन्होंने एक शराब तस्कर को भारी मात्रा में अवैध शराब के साथ रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक खीरी के निर्देश पर पूरे जनपद में अवैध कच्ची शराब के उत्पादन और बिक्री के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान का हिस्सा है, जिसका पर्यवेक्षण अपर पुलिस अधीक्षक (पश्चिमी) और मार्गदर्शन क्षेत्राधिकारी पलिया ने किया, जबकि थाना प्रभारी अनिल सिंह पंकज ने कुशल नेतृत्व प्रदान किया। मझगई पुलिस टीम ने मुखबिरों के जाल की मदद से चेकिंग के दौरान ग्राम बम्हनपुर से अभियुक्त को घेराबंदी कर पकड़ा। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से एक प्लास्टिक की बोरी में छिपाकर रखी गई लगभग 65 पाउच (कुल करीब 50 लीटर) अवैध कच्ची शराब बरामद हुई, जिसे पुलिस ने तुरंत जब्त कर लिया और आरोपी को हिरासत में ले लिया। गिरफ्तार किए गए अभियुक्त की पहचान नीरज जायसवाल पुत्र जयप्रकाश जायसवाल, निवासी ग्राम बम्हनपुर, थाना मझगई, जनपद खीरी के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपी नीरज जायसवाल के खिलाफ थाना मझगई में मु०अ०सं० 159/2026 धारा 60 EX ACT के तहत मुकदमा पंजीकृत कर लिया है। आगे की विधिक कार्यवाही पूरी करने के बाद उसे जेल भेज दिया गया है। इस सराहनीय कार्रवाई को अंजाम देने वाली पुलिस टीम में उ०नि० श्री अविनाश कुमार, हे०का० छोटेलाल और कां० धर्मराज शामिल थे।
- पलिया कलां खीरी स्थित गुड्डी सेवा अस्पताल में शुक्रवार को इलाज के दौरान एक पाँच दिन के नवजात शिशु की मौत के बाद अस्पताल परिसर छावनी में तब्दील हो गया। आक्रोशित परिजनों ने अस्पताल के संचालक और वरिष्ठ बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. ए.के. अवस्थी पर इलाज में घोर लापरवाही बरतने और एक आठ साल के बच्चे के साथ मारपीट करने का गंभीर आरोप लगाते हुए कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया है। इस तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए मौके पर पुलिस बल तैनात किया गया। मृतक नवजात की माँ खुशबू और पिता मनोज ने रोते-बिलखते हुए बताया कि उनके बच्चे को समय पर सही उपचार नहीं मिला, जिसके कारण उसकी असमय मौत हो गई। परिजनों ने अस्पताल प्रशासन और डॉक्टर पर संवेदनहीनता की सारी हदें पार करने का आरोप लगाया, जिसके बाद पीड़ित परिवार और उनके समर्थकों का गुस्सा फूट पड़ा और उन्होंने अस्पताल परिसर में जमकर हंगामा किया। दूसरी ओर, आरोपी चिकित्सक डॉ. ए.के. अवस्थी ने सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए उन्हें पूरी तरह निराधार बताया। उन्होंने कहा कि वे किसी भी निष्पक्ष जांच के लिए तैयार हैं और दोषी पाए जाने पर हर कार्रवाई भुगतने को राजी हैं। घटना के बाद अस्पताल प्रबंधन की एक और बड़ी लापरवाही सामने आई, जहाँ नवजात की मौत के कई घंटों बाद तक उसके शव को एनआईसीयू (NICU) वार्ड से बाहर नहीं निकाला गया। इससे वार्ड में भर्ती तीन अन्य नवजात शिशुओं के परिजनों में हड़कंप मच गया, जिन्होंने अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ तीखा विरोध दर्ज कराते हुए दूसरे बच्चों में गंभीर संक्रमण फैलने का खतरा बताया। घटना की सूचना मिलते ही पलिया कोतवाली पुलिस मौके पर पहुँची, स्थिति को नियंत्रित किया और नवजात के शव का पंचनामा भरकर उसे पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेज दिया है। पुलिस अब पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है। फिलहाल क्षेत्र में इस घटना को लेकर भारी तनाव और चर्चाओं का माहौल बना हुआ है।4
- लखीमपुर खीरी के निघासन क्षेत्र स्थित दुबहा गाँव में दशकों पुरानी प्रमुख सिंचाई नहर की हालत बदहाल है, जहाँ समुचित देखभाल के अभाव में यह नहर झाड़ियों, खरपतवार और जमा गंदगी से अटी पड़ी है। स्थानीय लोगों के अनुसार, पहले जिस नहर में पानी का सुचारु प्रवाह रहता था, वह अब जंगली घास, वनस्पतियों, प्लास्टिक और घरेलू कचरे से इस कदर भर गई है कि इसका बहाव नलियों जैसा दिख रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि संबंधित विभाग समय-समय पर नहर की सफाई के दावे तो करता रहा है, लेकिन जमीनी हकीकत इन दावों के विपरीत है, क्योंकि नियमित सफाई न होने के कारण नहर की क्षमता घट गई है। इस स्थिति से बारिश के समय जलभराव और जलस्रोतों के दूषित होने जैसी चिंताएँ बढ़ गई हैं। किसानों ने विशेष चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि सिंचाई के लिए नहरों का सुचारु संचालन बेहद आवश्यक है, और यदि इसकी अभी सफाई नहीं की गई तो आने वाले सीजन में खेतों तक पानी पहुंचाने में बाधा आ सकती है, जिससे रबी और खरीफ दोनों फसलें प्रभावित हो सकती हैं। स्थानीय ग्रामीणों ने प्रशासन से तुरंत नहर की सफाई कराने, उचित निकासी सुनिश्चित करने और एक नियमित निगरानी व्यवस्था लागू करने की मांग की है। उनका कहना है कि नहरों की उपेक्षा से न केवल जल प्रबंधन पर नकारात्मक असर पड़ेगा, बल्कि आसपास के पर्यावरण और ग्रामीण स्वच्छता भी प्रभावित होगी। गाँव के बुजुर्गों ने पिछली बार सफाई के वादों पर भरोसा जताने का जिक्र करते हुए कहा कि तब भी कोई ठोस कदम नहीं उठाए गए थे। निगरानी में तैनात कुछ स्थानीय स्वयंसेवकों ने भी सुझाव दिया है कि सफाई केवल अनौपचारिक निरीक्षणों तक सीमित न रहे, बल्कि बाकायदा मशीनों और जनशक्ति का उपयोग किया जाए। उन्होंने नहर के किनारे कूड़ा जलाने और फेंकने पर रोक लगाने के साथ-साथ स्थानीय स्तर पर हेल्पडेस्क बनाकर शिकायतों का नियमित निस्तारण करने की भी सिफारिश की है। फिलहाल, इस मुद्दे पर अधिकारी स्तर से कोई समेकित टिप्पणी नहीं मिली है, हालांकि प्रशासन ने पहले नहरों की सफाई को योजनानुसार जारी रखने की बात कही थी। ग्रामीण अब प्रशासन की वास्तविक कार्रवाई का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं ताकि सिंचाई व्यवस्था और स्थानीय पर्यावरण दोनों को सुरक्षित किया जा सके।1
- लखीमपुर खीरी के इंडो-नेपाल बॉर्डर पर स्थित तिकुनिया कस्बे में महाराजा अग्रसेन इंटर कॉलेज ग्राउंड पर पहली बार एक भव्य नाइट क्रिकेट टूर्नामेंट का आयोजन किया गया है। ऑल इंडिया प्रेस जर्नलिस्ट एसोसिएशन (APPJA) के बैनर तले आयोजित इस प्रतियोगिता में कुल 16 टीमें हिस्सा ले रही हैं, जिससे पूरे क्षेत्र के खेल प्रेमियों में जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। टूर्नामेंट का शानदार शुभारंभ 20 जून 2026 की शाम 7 बजे पूर्व केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्र टेनी ने फीता काटकर किया। इस उद्घाटन समारोह में उन्होंने स्वयं पिच पर बल्ला थामकर कुछ शानदार शॉट खेले और खिलाड़ियों का भरपूर उत्साहवर्धन किया। इस अवसर पर APPJA के जिला सचिव अतीक शेख, तिकुनिया इकाई अध्यक्ष राजीव खत्री, संरक्षक रूपनारायण मिश्रा, कोषाध्यक्ष अतुल तिवारी, महामंत्री आनंद अग्रवाल, वरिष्ठ उपाध्यक्ष योगेश श्रीवास्तव, मीडिया प्रभारी सुरेंद्र सिंगल ‘चट्टान’, उपाध्यक्ष विशाल विश्वकर्मा और महासचिव मुन्नालाल विश्वकर्मा समेत कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। प्रतियोगिता के विजेताओं के लिए आकर्षक पुरस्कार रखे गए हैं, जिसमें विजेता टीम को ₹31,000 नकद के साथ ट्रॉफी, उपविजेता टीम को ₹15,000 नकद के साथ ट्रॉफी और मैन ऑफ द सीरीज चुने जाने वाले खिलाड़ी को ₹2,100 का नकद पुरस्कार दिया जाएगा। तिकुनिया इकाई अध्यक्ष राजीव खत्री के नेतृत्व में आयोजित इस टूर्नामेंट को सफल बनाने में तिकुनिया व्यापार मंडल ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है, जिसके अध्यक्ष हैप्पी कुंछल सहित सभी पदाधिकारी सक्रिय सहयोग दे रहे हैं। महाराजा अग्रसेन इंटर कॉलेज के प्रबंधक आशीष अग्रवाल और कॉलेज प्रशासन भी इस आयोजन में पूरा सहयोग कर रहा है। आयोजकों ने दूर-दराज से आने वाली सभी टीमों के लिए भोजन और ठहरने की उचित व्यवस्था भी की है। अब क्षेत्रवासियों की निगाहें इस रोमांचक प्रतियोगिता पर टिकी हैं, यह जानने के लिए कि 16 टीमों के बीच होने वाले इन मुकाबलों में कौन सी टीम चैंपियन बनेगी और किस खिलाड़ी को अपनी नई पहचान मिलेगी।1
- आरोग्य भारती लखीमपुर द्वारा अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर लखीमपुर खीरी के पवित्र देवकली तीर्थ स्थित श्रीमती चंद्रकला आश्रम में एक भव्य सामूहिक योगाभ्यास का सफल आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम प्राकृतिक छटा के बीच संपन्न हुआ। इस आयोजन का शुभारंभ मुख्य अतिथि राष्ट्रीय चित्रकार व ज्योतिष गुरु अरविंद ओझा, विशिष्ट अतिथि आचार्य प्रमोद दीक्षित, विश्व हिंदू परिषद के कार्यकारी अध्यक्ष मनोज पांडे और योग गुरु अकेश जी द्वारा भगवान धन्वंतरि के समक्ष दीप प्रज्वलित कर किया गया। मुख्य अतिथि अरविंद ओझा ने इस अवसर पर जीवन में योग के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। सामूहिक योगाभ्यास सत्र में अंगचालन और प्राणायाम के साथ-साथ विशेष रूप से सूर्य नमस्कार का अभ्यास कराया गया। इस कार्यक्रम में प्रांतीय उपाध्यक्ष आरोग्य भारती डॉ. अश्वनी गुप्ता, विभाग संयोजक डॉ. दिलबाग सिंह रंधावा, डॉ. अमित विश्वकर्मा, सुरेश कुमार, आश्रम परिवार के छात्र, आचार्य और गांव के ग्रामीण सहित लगभग 200 लोग सम्मिलित हुए।2
- सोमवार को दिल्ली मेट्रो की पिंक लाइन पर सराय काले खां स्टेशन के पास एक अनोखी घटना हुई, जब मेट्रो कोच में अचानक एक बंदर घुस आया। मेट्रो के दरवाजे खुलते ही ‘कपिराज’ ने कोच में प्रवेश किया, जिससे यात्री पहले तो डर गए। हालांकि, बंदर ने किसी को नुकसान नहीं पहुंचाया और देखते ही देखते कोच में उधम-मस्ती करने लगा। वीडियो में साफ दिख रहा है कि बंदर कभी यात्रियों के कंधे पर चढ़ रहा था, तो कभी उनकी गोदी में बैठ रहा था। सबसे दिलचस्प नजारा तो तब था, जब 'कपिराज' मेट्रो की खिड़की पर बैठकर बाहर के दृश्यों का आनंद लेने लगा, मानो वह भी दिल्ली घूमने निकला हो। शुरुआत में डर के मारे यात्रियों ने मोबाइल निकाले, लेकिन बंदर की इन शरारतों को देखकर सभी हंस पड़े। कई लोगों ने इस घटना का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर साझा किया, जो अब तेज़ी से वायरल हो रहा है। लोग इस अनोखे यात्री को 'दिल्ली मेट्रो का नया यात्री' कहकर संबोधित कर रहे हैं।1
- मोहम्मदी खीरी के मोहल्ला सरैया से बड़े ही हकीदत और सम्मान के साथ एक आलम और ताजिया जुलूस निकाला गया।1
- शहीद भारत भूषण तिवारी का एक वीडियो सामने आया है, जिसमें उन्होंने अपनी शहादत से ठीक पहले के अपने “आखिरी लब्ज़” बयां किए हैं। इस वीडियो में उन्होंने सीधे तौर पर बिहार के मुख्यमंत्री और बिहार सरकार के प्रशासन के कुछ अधिकारियों, जिन्हें वे “गदहवा सब साला SDM वा” कहते हैं, पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनके अनुसार, ये अधिकारी SDM के इशारे पर उनका “एनकाउंटर” कराना चाहते हैं। तिवारी ने यह भी बताया है कि उन्हें ऐसी जानकारी मिली है कि अब बाहर से एक टीम पूरी तैयारी के साथ उनका एनकाउंटर करने के लिए आ रही है। तिवारी ने इन आरोपों के साथ एक ज़बरदस्त चुनौती भी दी है, यह पूछते हुए कि “अब कई भेड़ीएं मिलकर एक शेर का शिकार करेगा रे?” उन्होंने ललकारा है कि अब उनके साथ “शिकार शिकार हिं खेला जाएगा”। उन्होंने इसे “समाज और देश के इस युद्ध” का हिस्सा बताया है, जिसमें वे खुद को “सिर्फ अकेला” और दूसरे पक्ष को “तुमसभी भेड़ीए” कहकर संबोधित करते हैं, और कहते हैं कि इसमें “आनंद हिं आनंद आएगा”। उन्होंने सभी लोगों से यह भी कहा है कि उन्हें यह देखना चाहिए कि ऐसे युद्ध करने में व्यक्ति को अपना “बहुत कुछ कैसे खो देना पड़ता है”। तिवारी के अनुसार, यह तो “सिर्फ शुरुवात है” और समाज व देश के लिए अभी “बहुत कुछ त्याग देना पड़ेगा”, क्योंकि किसी भी देश में कोई क्रांति ऐसे ही नहीं आती। उन्होंने उम्मीद जताई है कि उन्हें अब इसका “फल धीरे धीरे मिलना शुरू हो गया है” और “कुछ बदलाव जरूर आने वाला है”।1
- मिली जानकारी के अनुसार, कुछ समय पहले ही भरत तिवारी जी से मुलाकात हुई थी। अब यह दुखद समाचार मिला है कि उन्होंने देश के लिए अपना सर्वोच्च बलिदान देते हुए शहादत प्राप्त की है।1