logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

कोढ़ा प्रखंड क्षेत्र के मिर्जापुर (मखदमपुर) स्थित पवई संत कबीर आश्रम में सोमवार को सद्गुरु कबीर साहेब का प्राकट्य (जन्मोत्सव) महोत्सव अत्यंत श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ मनाया गया। दो दिवसीय इस महोत्सव का शुभारंभ आश्रम के महंत वेदानंद साहेब और सत्संग समिति के सदस्यों द्वारा ध्वजारोहण कर और "सद्गुरु कबीर साहेब की जय" के जयघोष के साथ किया गया। इसके बाद मखदमपुर और आसपास के क्षेत्रों में एक भव्य प्रभात फेरी निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने हिस्सा लिया। महोत्सव के दौरान पूरा आश्रम परिसर संतवाणी, भजन-कीर्तन, सत्संग, प्रवचन और गुरु महिमा के भक्तिमय वातावरण में डूबा रहा। इस अवसर पर विभिन्न जिलों और अन्य राज्यों से पधारे संत-महात्माओं ने संत कबीर के विचारों का प्रचार-प्रसार करते हुए मानवता, प्रेम, सत्य और समानता का संदेश दिया। कार्यक्रम में श्रद्धालुओं के लिए सामूहिक आरती, खिचड़ी महाभोज और महाप्रसाद का भी आयोजन किया गया। आश्रम पहुंचे संत अभय साहेब, नंद किशोर साहेब, मिथलेश साहेब, सुधीर साहेब, राम साहेब, ज्ञानचंद साहेब, जयमाल दासींन, शिवशंकर साहेब सहित अन्य महात्माओं ने कबीर साहेब पर आधारित भजन और प्रवचन के माध्यम से सभी संत प्रेमियों के बीच अपने-अपने विचार व्यक्त किए। इस दौरान जनप्रतिनिधियों का पुष्पमालाओं से भव्य स्वागत किया गया। इस कार्यक्रम की सफलता में आश्रम के महंत वेदानंद साहेब, प्रबंधन समिति के अध्यक्ष नित्यानंद दास, सचिव अरबिंद दास, सदस्य राजेन्द्र दास, दिनेश दास, मुखिया संघ अध्यक्ष मोहम्मद काजिम, सरपंच सुमन रजक, पंचायत समिति सदस्य प्रेम महलदार, समाजसेवी मोहम्मद इन्सून, पूर्व मुखिया जगदेव रविदास और एम.एस.सी. प्रतिनिधि अखिलेश मेहता सहित सत्संग समिति के सदस्यों और स्थानीय श्रद्धालुओं ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। प्रवचन के दौरान संतों ने बताया कि 15वीं शताब्दी के महान संत और समाज सुधारक कबीरदास ने जाति-पांति, ऊंच-नीच, अंधविश्वास और धार्मिक आडंबर का विरोध करते हुए सत्य, प्रेम, सदाचार और मानव सेवा को ही सच्ची भक्ति माना था। उनके विचार आज भी समाज को आत्मचिंतन, सामाजिक समरसता और मानवता के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देते हैं। सत्संग सुनने के लिए पंडाल में महिला, पुरुष, युवा और बच्चों सहित हजारों श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी थी। पूरा आश्रम परिसर देर शाम तक "सत साहेब" के जयघोष और कबीर वाणी से गूंजता रहा। इस महोत्सव का खास आकर्षण संत कबीर के प्रेरणादायी दोहे रहे, जैसे "बुरा जो देखन मैं चला, बुरा न मिलिया कोय। जो मन खोजा आपना, मुझसे बुरा न कोय॥", "पोथी पढ़ि-पढ़ि जग मुआ, पंडित भया न कोय। ढाई आखर प्रेम का, पढ़े सो पंडित होय॥" और "जाति न पूछो साधु की, पूछ लीजिए ज्ञान। मोल करो तलवार का, पड़ा रहन दो म्यान॥"।

4 hrs ago
user_Shambhu Kumar
Shambhu Kumar
कोढ़ा, कटिहार, बिहार•
4 hrs ago

कोढ़ा प्रखंड क्षेत्र के मिर्जापुर (मखदमपुर) स्थित पवई संत कबीर आश्रम में सोमवार को सद्गुरु कबीर साहेब का प्राकट्य (जन्मोत्सव) महोत्सव अत्यंत श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ मनाया गया। दो दिवसीय इस महोत्सव का शुभारंभ आश्रम के महंत वेदानंद साहेब और सत्संग समिति के सदस्यों द्वारा ध्वजारोहण कर और "सद्गुरु कबीर साहेब की जय" के जयघोष के साथ किया गया। इसके बाद मखदमपुर और आसपास के क्षेत्रों में एक भव्य प्रभात फेरी निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने हिस्सा लिया। महोत्सव के दौरान पूरा आश्रम परिसर संतवाणी, भजन-कीर्तन, सत्संग, प्रवचन और गुरु महिमा के भक्तिमय वातावरण में डूबा रहा। इस अवसर पर विभिन्न जिलों और अन्य राज्यों से पधारे संत-महात्माओं ने संत कबीर के विचारों का प्रचार-प्रसार करते हुए मानवता, प्रेम, सत्य और समानता का संदेश दिया। कार्यक्रम में श्रद्धालुओं के लिए सामूहिक आरती, खिचड़ी महाभोज और महाप्रसाद का भी आयोजन किया गया। आश्रम पहुंचे संत अभय साहेब, नंद किशोर साहेब, मिथलेश साहेब, सुधीर साहेब, राम साहेब, ज्ञानचंद साहेब, जयमाल दासींन, शिवशंकर साहेब सहित अन्य महात्माओं ने कबीर साहेब पर आधारित भजन और प्रवचन के माध्यम से सभी संत प्रेमियों के बीच अपने-अपने विचार व्यक्त किए। इस दौरान जनप्रतिनिधियों का पुष्पमालाओं से भव्य स्वागत किया गया। इस कार्यक्रम की सफलता में आश्रम के महंत वेदानंद साहेब, प्रबंधन समिति के अध्यक्ष नित्यानंद दास, सचिव अरबिंद दास, सदस्य राजेन्द्र दास, दिनेश दास, मुखिया संघ अध्यक्ष मोहम्मद काजिम, सरपंच सुमन रजक, पंचायत समिति सदस्य प्रेम महलदार, समाजसेवी मोहम्मद इन्सून, पूर्व मुखिया जगदेव रविदास और एम.एस.सी. प्रतिनिधि अखिलेश मेहता सहित सत्संग समिति के सदस्यों और स्थानीय श्रद्धालुओं ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। प्रवचन के दौरान संतों ने बताया कि 15वीं शताब्दी के महान संत और समाज सुधारक कबीरदास ने जाति-पांति, ऊंच-नीच, अंधविश्वास और धार्मिक आडंबर का विरोध करते हुए सत्य, प्रेम, सदाचार और मानव सेवा को ही सच्ची भक्ति माना था। उनके विचार आज भी समाज को आत्मचिंतन, सामाजिक समरसता और मानवता के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देते हैं। सत्संग सुनने के लिए पंडाल में महिला, पुरुष, युवा और बच्चों सहित हजारों श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी थी। पूरा आश्रम परिसर देर शाम तक "सत साहेब" के जयघोष और कबीर वाणी से गूंजता रहा। इस महोत्सव का खास आकर्षण संत कबीर के प्रेरणादायी दोहे रहे, जैसे "बुरा जो देखन मैं चला, बुरा न मिलिया कोय। जो मन खोजा आपना, मुझसे बुरा न कोय॥", "पोथी पढ़ि-पढ़ि जग मुआ, पंडित भया न कोय। ढाई आखर प्रेम का, पढ़े सो पंडित होय॥" और "जाति न पूछो साधु की, पूछ लीजिए ज्ञान। मोल करो तलवार का, पड़ा रहन दो म्यान॥"।

More news from बिहार and nearby areas
  • कोढ़ा प्रखंड क्षेत्र के मिर्जापुर (मखदमपुर) स्थित पवई संत कबीर आश्रम में सोमवार को सद्गुरु कबीर साहेब का प्राकट्य (जन्मोत्सव) महोत्सव अत्यंत श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ मनाया गया। दो दिवसीय इस महोत्सव का शुभारंभ आश्रम के महंत वेदानंद साहेब और सत्संग समिति के सदस्यों द्वारा ध्वजारोहण कर और "सद्गुरु कबीर साहेब की जय" के जयघोष के साथ किया गया। इसके बाद मखदमपुर और आसपास के क्षेत्रों में एक भव्य प्रभात फेरी निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने हिस्सा लिया। महोत्सव के दौरान पूरा आश्रम परिसर संतवाणी, भजन-कीर्तन, सत्संग, प्रवचन और गुरु महिमा के भक्तिमय वातावरण में डूबा रहा। इस अवसर पर विभिन्न जिलों और अन्य राज्यों से पधारे संत-महात्माओं ने संत कबीर के विचारों का प्रचार-प्रसार करते हुए मानवता, प्रेम, सत्य और समानता का संदेश दिया। कार्यक्रम में श्रद्धालुओं के लिए सामूहिक आरती, खिचड़ी महाभोज और महाप्रसाद का भी आयोजन किया गया। आश्रम पहुंचे संत अभय साहेब, नंद किशोर साहेब, मिथलेश साहेब, सुधीर साहेब, राम साहेब, ज्ञानचंद साहेब, जयमाल दासींन, शिवशंकर साहेब सहित अन्य महात्माओं ने कबीर साहेब पर आधारित भजन और प्रवचन के माध्यम से सभी संत प्रेमियों के बीच अपने-अपने विचार व्यक्त किए। इस दौरान जनप्रतिनिधियों का पुष्पमालाओं से भव्य स्वागत किया गया। इस कार्यक्रम की सफलता में आश्रम के महंत वेदानंद साहेब, प्रबंधन समिति के अध्यक्ष नित्यानंद दास, सचिव अरबिंद दास, सदस्य राजेन्द्र दास, दिनेश दास, मुखिया संघ अध्यक्ष मोहम्मद काजिम, सरपंच सुमन रजक, पंचायत समिति सदस्य प्रेम महलदार, समाजसेवी मोहम्मद इन्सून, पूर्व मुखिया जगदेव रविदास और एम.एस.सी. प्रतिनिधि अखिलेश मेहता सहित सत्संग समिति के सदस्यों और स्थानीय श्रद्धालुओं ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। प्रवचन के दौरान संतों ने बताया कि 15वीं शताब्दी के महान संत और समाज सुधारक कबीरदास ने जाति-पांति, ऊंच-नीच, अंधविश्वास और धार्मिक आडंबर का विरोध करते हुए सत्य, प्रेम, सदाचार और मानव सेवा को ही सच्ची भक्ति माना था। उनके विचार आज भी समाज को आत्मचिंतन, सामाजिक समरसता और मानवता के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देते हैं। सत्संग सुनने के लिए पंडाल में महिला, पुरुष, युवा और बच्चों सहित हजारों श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी थी। पूरा आश्रम परिसर देर शाम तक "सत साहेब" के जयघोष और कबीर वाणी से गूंजता रहा। इस महोत्सव का खास आकर्षण संत कबीर के प्रेरणादायी दोहे रहे, जैसे "बुरा जो देखन मैं चला, बुरा न मिलिया कोय। जो मन खोजा आपना, मुझसे बुरा न कोय॥", "पोथी पढ़ि-पढ़ि जग मुआ, पंडित भया न कोय। ढाई आखर प्रेम का, पढ़े सो पंडित होय॥" और "जाति न पूछो साधु की, पूछ लीजिए ज्ञान। मोल करो तलवार का, पड़ा रहन दो म्यान॥"।
    1
    कोढ़ा प्रखंड क्षेत्र के मिर्जापुर (मखदमपुर) स्थित पवई संत कबीर आश्रम में सोमवार को सद्गुरु कबीर साहेब का प्राकट्य (जन्मोत्सव) महोत्सव अत्यंत श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ मनाया गया। दो दिवसीय इस महोत्सव का शुभारंभ आश्रम के महंत वेदानंद साहेब और सत्संग समिति के सदस्यों द्वारा ध्वजारोहण कर और "सद्गुरु कबीर साहेब की जय" के जयघोष के साथ किया गया। इसके बाद मखदमपुर और आसपास के क्षेत्रों में एक भव्य प्रभात फेरी निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने हिस्सा लिया।

महोत्सव के दौरान पूरा आश्रम परिसर संतवाणी, भजन-कीर्तन, सत्संग, प्रवचन और गुरु महिमा के भक्तिमय वातावरण में डूबा रहा। इस अवसर पर विभिन्न जिलों और अन्य राज्यों से पधारे संत-महात्माओं ने संत कबीर के विचारों का प्रचार-प्रसार करते हुए मानवता, प्रेम, सत्य और समानता का संदेश दिया। कार्यक्रम में श्रद्धालुओं के लिए सामूहिक आरती, खिचड़ी महाभोज और महाप्रसाद का भी आयोजन किया गया। आश्रम पहुंचे संत अभय साहेब, नंद किशोर साहेब, मिथलेश साहेब, सुधीर साहेब, राम साहेब, ज्ञानचंद साहेब, जयमाल दासींन, शिवशंकर साहेब सहित अन्य महात्माओं ने कबीर साहेब पर आधारित भजन और प्रवचन के माध्यम से सभी संत प्रेमियों के बीच अपने-अपने विचार व्यक्त किए। इस दौरान जनप्रतिनिधियों का पुष्पमालाओं से भव्य स्वागत किया गया।

इस कार्यक्रम की सफलता में आश्रम के महंत वेदानंद साहेब, प्रबंधन समिति के अध्यक्ष नित्यानंद दास, सचिव अरबिंद दास, सदस्य राजेन्द्र दास, दिनेश दास, मुखिया संघ अध्यक्ष मोहम्मद काजिम, सरपंच सुमन रजक, पंचायत समिति सदस्य प्रेम महलदार, समाजसेवी मोहम्मद इन्सून, पूर्व मुखिया जगदेव रविदास और एम.एस.सी. प्रतिनिधि अखिलेश मेहता सहित सत्संग समिति के सदस्यों और स्थानीय श्रद्धालुओं ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। प्रवचन के दौरान संतों ने बताया कि 15वीं शताब्दी के महान संत और समाज सुधारक कबीरदास ने जाति-पांति, ऊंच-नीच, अंधविश्वास और धार्मिक आडंबर का विरोध करते हुए सत्य, प्रेम, सदाचार और मानव सेवा को ही सच्ची भक्ति माना था। उनके विचार आज भी समाज को आत्मचिंतन, सामाजिक समरसता और मानवता के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देते हैं।

सत्संग सुनने के लिए पंडाल में महिला, पुरुष, युवा और बच्चों सहित हजारों श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी थी। पूरा आश्रम परिसर देर शाम तक "सत साहेब" के जयघोष और कबीर वाणी से गूंजता रहा। इस महोत्सव का खास आकर्षण संत कबीर के प्रेरणादायी दोहे रहे, जैसे "बुरा जो देखन मैं चला, बुरा न मिलिया कोय। जो मन खोजा आपना, मुझसे बुरा न कोय॥", "पोथी पढ़ि-पढ़ि जग मुआ, पंडित भया न कोय। ढाई आखर प्रेम का, पढ़े सो पंडित होय॥" और "जाति न पूछो साधु की, पूछ लीजिए ज्ञान। मोल करो तलवार का, पड़ा रहन दो म्यान॥"।
    user_Shambhu Kumar
    Shambhu Kumar
    कोढ़ा, कटिहार, बिहार•
    4 hrs ago
  • कटिहार नगर निगम प्रशासन ने शहर को साफ-सुथरा रखने के उद्देश्य से एक बड़ी कार्रवाई की है। इस अभियान के तहत, शहर की दुकानों के सामने कचरा और प्लास्टिक फेंकने वाले दुकानदारों पर जुर्माना लगाया गया है। नगर आयुक्त संतोष कुमार ने बताया कि नगर निगम प्रशासन एक विशेष अभियान चला रहा है। इस अभियान में उन दुकानदारों पर कार्रवाई की जा रही है जो दुकानों के सामने कचरा फेंकते हैं और प्रतिबंधित प्लास्टिक के थैलों का इस्तेमाल करते हैं। इसके साथ ही, लोगों को प्लास्टिक का उपयोग न करने की सलाह भी दी गई है। नगर निगम शहर में सड़कों के किनारे से अतिक्रमण हटाने के लिए भी एक अभियान चला रहा है। उन्होंने दुकानदारों से अपील की है कि वे अपनी दुकानों के बाहर कचरा फेंकने के बजाय, दुकानों के अंदर डस्टबिन रखें और कचरे को निर्धारित स्थानों पर ही डालें, सड़कों पर न फेंकें।
    2
    कटिहार नगर निगम प्रशासन ने शहर को साफ-सुथरा रखने के उद्देश्य से एक बड़ी कार्रवाई की है। इस अभियान के तहत, शहर की दुकानों के सामने कचरा और प्लास्टिक फेंकने वाले दुकानदारों पर जुर्माना लगाया गया है।

नगर आयुक्त संतोष कुमार ने बताया कि नगर निगम प्रशासन एक विशेष अभियान चला रहा है। इस अभियान में उन दुकानदारों पर कार्रवाई की जा रही है जो दुकानों के सामने कचरा फेंकते हैं और प्रतिबंधित प्लास्टिक के थैलों का इस्तेमाल करते हैं। इसके साथ ही, लोगों को प्लास्टिक का उपयोग न करने की सलाह भी दी गई है। नगर निगम शहर में सड़कों के किनारे से अतिक्रमण हटाने के लिए भी एक अभियान चला रहा है।

उन्होंने दुकानदारों से अपील की है कि वे अपनी दुकानों के बाहर कचरा फेंकने के बजाय, दुकानों के अंदर डस्टबिन रखें और कचरे को निर्धारित स्थानों पर ही डालें, सड़कों पर न फेंकें।
    user_Asadur Rahman
    Asadur Rahman
    कटिहार, कटिहार, बिहार•
    18 hrs ago
  • पूर्णिया जिले के बनमनखी विधानसभा क्षेत्र के बी कोठी प्रखंड की मुल्किया पंचायत के वार्ड नंबर 10, 11 और 12 में स्थित मुरबल्ला और सहसोल गांवों के ग्रामीण कई वर्षों से भारी जलजमाव की समस्या से जूझ रहे हैं। बारिश के समय ग्रामीणों को अपने घरों से निकलने में भारी कठिनाई का सामना करना पड़ता है। क्षेत्र की समस्त जनता, जनार्दन युवाओं और ग्रामीण वासियों का कहना है कि इतने सालों के बाद भी इस पानी की समस्या का कोई समाधान नहीं हो पाया है। समस्त ग्रामीण वासियों ने बताया कि कई जनप्रतिनिधियों के दरवाजे खटखटाने के बावजूद भी उनकी इस गंभीर समस्या का निवारण नहीं हुआ है। इस स्थिति से प्रखंड के विभिन्न पंचायतों में हुए विकास की हकीकत का अंदाजा लगाया जा सकता है। क्षेत्र की जनता और युवाओं ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि पंचायत चुनाव 2026 से पहले यदि उनकी समस्याओं का समाधान नहीं होता है, तो वे चैन से नहीं बैठेंगे और इस मुद्दे को लेकर अपनी लड़ाई जारी रखेंगे।
    3
    पूर्णिया जिले के बनमनखी विधानसभा क्षेत्र के बी कोठी प्रखंड की मुल्किया पंचायत के वार्ड नंबर 10, 11 और 12 में स्थित मुरबल्ला और सहसोल गांवों के ग्रामीण कई वर्षों से भारी जलजमाव की समस्या से जूझ रहे हैं। बारिश के समय ग्रामीणों को अपने घरों से निकलने में भारी कठिनाई का सामना करना पड़ता है। क्षेत्र की समस्त जनता, जनार्दन युवाओं और ग्रामीण वासियों का कहना है कि इतने सालों के बाद भी इस पानी की समस्या का कोई समाधान नहीं हो पाया है।

समस्त ग्रामीण वासियों ने बताया कि कई जनप्रतिनिधियों के दरवाजे खटखटाने के बावजूद भी उनकी इस गंभीर समस्या का निवारण नहीं हुआ है। इस स्थिति से प्रखंड के विभिन्न पंचायतों में हुए विकास की हकीकत का अंदाजा लगाया जा सकता है। क्षेत्र की जनता और युवाओं ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि पंचायत चुनाव 2026 से पहले यदि उनकी समस्याओं का समाधान नहीं होता है, तो वे चैन से नहीं बैठेंगे और इस मुद्दे को लेकर अपनी लड़ाई जारी रखेंगे।
    user_जाप सोशल मीडिया प्रभारी त्रिभुवन कुमार बी कोठी पूणि॔याँ Kumar
    जाप सोशल मीडिया प्रभारी त्रिभुवन कुमार बी कोठी पूणि॔याँ Kumar
    Voice of people बरहरा, पूर्णिया, बिहार•
    2 hrs ago
  • प्रदेश के सरकारी अस्पताल में गरीब लोगों को निःशुल्क उपचार प्रदान किया जा रहा है। यह इलाज 'लत्तम-जुत्तम' विधि से किया जा रहा है, जिससे इसकी गुणवत्ता पर एक तीखी टिप्पणी की गई है।
    1
    प्रदेश के सरकारी अस्पताल में गरीब लोगों को निःशुल्क उपचार प्रदान किया जा रहा है। यह इलाज 'लत्तम-जुत्तम' विधि से किया जा रहा है, जिससे इसकी गुणवत्ता पर एक तीखी टिप्पणी की गई है।
    user_Mukesh Kumar
    Mukesh Kumar
    हसनगंज, कटिहार, बिहार•
    2 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.