*जिलाधिकारी ने किया आपदा कंट्रोल रूम का निरीक्षण* *सभी सूचनाओं को रजिस्टर में अंकित करने एवं संबंधित विभागों को समय से उपलब्ध कराने के दिए निर्देश* *कुशीनगर जिलाधिकारी ने किया आपदा कंट्रोल रूम का निरीक्षण* *सभी सूचनाओं को रजिस्टर में अंकित करने एवं संबंधित विभागों को समय से उपलब्ध कराने के दिए निर्देश* 27 अगस्त, सूचना विभाग, कुशीनगर। जनपद में बाढ़ एवं आपदा की स्थिति के दृष्टिगत जिलाधिकारी महेंद्र सिंह तंवर ने आज कलेक्ट्रेट स्थित आपदा कंट्रोल रूम का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने कंट्रोल रूम में प्राप्त हो रही सूचनाओं, उनके अभिलेखीकरण तथा संबंधित विभागों के साथ सूचनाओं के आदान-प्रदान की व्यवस्था का जायजा लिया। जिलाधिकारी ने निर्देशित किया कि कंट्रोल रूम में प्राप्त होने वाली प्रत्येक सूचना को निर्धारित रजिस्टर में तत्काल एवं स्पष्ट रूप से अंकित किया जाए। किसी भी सूचना को लंबित न रखा जाए तथा आवश्यकता के अनुसार संबंधित विभागीय अधिकारियों को समय से सूचना उपलब्ध कराते हुए त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि बैराजों से हो रहे डिस्चार्ज की सतत निगरानी की जाए तथा जलस्तर एवं डिस्चार्ज में होने वाले किसी भी परिवर्तन की सूचना तत्काल संबंधित अधिकारियों को उपलब्ध कराई जाए। बाढ़ की संभावित स्थिति को देखते हुए कंट्रोल रूम को पूरी तरह सक्रिय एवं सतर्क रखने के भी निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी ने कहा कि आपदा की स्थिति में सूचनाओं का त्वरित, सटीक एवं समयबद्ध आदान-प्रदान अत्यंत महत्वपूर्ण है। अतः कंट्रोल रूम में तैनात कार्मिक पूरी संवेदनशीलता एवं जिम्मेदारी के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करें। किसी भी आकस्मिक परिस्थिति में सूचना प्राप्त होते ही संबंधित विभाग से समन्वय स्थापित कर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने कंट्रोल रूम में तैनात कार्मिकों से प्राप्त सूचनाओं एवं उनके आधार पर की गई कार्रवाई के संबंध में जानकारी ली तथा आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। जनपदवासियों के लिए आपदा संबंधी सूचना/सहायता हेतु संपर्क: आपदा कंट्रोल रूम: 05564-240590 टोल फ्री नंबर: 1077 जिलाधिकारी ने जनपदवासियों से अपील की कि बाढ़ अथवा किसी भी आपदा से संबंधित सूचना प्राप्त होने पर तत्काल उपरोक्त नंबरों पर सूचना दें, ताकि समय से आवश्यक राहत एवं बचाव कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
*जिलाधिकारी ने किया आपदा कंट्रोल रूम का निरीक्षण* *सभी सूचनाओं को रजिस्टर में अंकित करने एवं संबंधित विभागों को समय से उपलब्ध कराने के दिए निर्देश* *कुशीनगर जिलाधिकारी ने किया आपदा कंट्रोल रूम का निरीक्षण* *सभी सूचनाओं को रजिस्टर में अंकित करने एवं संबंधित विभागों को समय से उपलब्ध कराने के दिए निर्देश* 27 अगस्त, सूचना विभाग, कुशीनगर। जनपद में बाढ़ एवं आपदा की स्थिति के दृष्टिगत जिलाधिकारी महेंद्र सिंह तंवर ने आज कलेक्ट्रेट स्थित आपदा कंट्रोल रूम का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने कंट्रोल रूम में प्राप्त हो रही सूचनाओं, उनके अभिलेखीकरण तथा संबंधित विभागों के साथ सूचनाओं के आदान-प्रदान की व्यवस्था का जायजा लिया। जिलाधिकारी ने निर्देशित किया कि कंट्रोल रूम में प्राप्त होने वाली प्रत्येक सूचना को निर्धारित रजिस्टर में तत्काल एवं स्पष्ट रूप से अंकित किया जाए। किसी भी सूचना को लंबित न रखा जाए तथा आवश्यकता के अनुसार संबंधित विभागीय अधिकारियों को समय से सूचना उपलब्ध कराते हुए त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि बैराजों से हो रहे डिस्चार्ज की सतत निगरानी की जाए तथा जलस्तर
एवं डिस्चार्ज में होने वाले किसी भी परिवर्तन की सूचना तत्काल संबंधित अधिकारियों को उपलब्ध कराई जाए। बाढ़ की संभावित स्थिति को देखते हुए कंट्रोल रूम को पूरी तरह सक्रिय एवं सतर्क रखने के भी निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी ने कहा कि आपदा की स्थिति में सूचनाओं का त्वरित, सटीक एवं समयबद्ध आदान-प्रदान अत्यंत महत्वपूर्ण है। अतः कंट्रोल रूम में तैनात कार्मिक पूरी संवेदनशीलता एवं जिम्मेदारी के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करें। किसी भी आकस्मिक परिस्थिति में सूचना प्राप्त होते ही संबंधित विभाग से समन्वय स्थापित कर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने कंट्रोल रूम में तैनात कार्मिकों से प्राप्त सूचनाओं एवं उनके आधार पर की गई कार्रवाई के संबंध में जानकारी ली तथा आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। जनपदवासियों के लिए आपदा संबंधी सूचना/सहायता हेतु संपर्क: आपदा कंट्रोल रूम: 05564-240590 टोल फ्री नंबर: 1077 जिलाधिकारी ने जनपदवासियों से अपील की कि बाढ़ अथवा किसी भी आपदा से संबंधित सूचना प्राप्त होने पर तत्काल उपरोक्त नंबरों पर सूचना दें, ताकि समय से आवश्यक राहत एवं बचाव कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
- बाढ़ को लेकर बिहार मुख्यमंत्री ने किया सीमावर्ती क्षेत्रों का निरीक्षण, डीएम ने बताई स्थिति सामान्य* बाढ़ को लेकर बिहार मुख्यमंत्री ने किया सीमावर्ती क्षेत्रों का निरीक्षण, डीएम ने बताई स्थिति सामान्य* नेपाल में ग्लेशियर झील फटने के बाद मची तबाही का असर अब गंडक नदी पर पड़ने की आशंका से कुशीनगर में प्रशासन अलर्ट है। हालांकि राहत की खबर है कि गंडक नदी का जलस्तर अब तेजी से घट रहा है। डीएम ने लोगों से पैनिक नहीं करने और अफवाहों से दूर रहने की अपील की है। वीओ: नेपाल के रसुवा जिले में तिब्बत सीमा के पास ग्लेशियर झील फटने और भूस्खलन के बाद भोटेकोशी और त्रिशूली नदियों में बाढ़ की स्थिति बनी। इसके बाद गंडक नदी में पानी बढ़ने की आशंका को देखते हुए कुशीनगर के खड्डा क्षेत्र में प्रशासन ने मोर्चा संभाल लिया। कल डीएम महेंद्र सिंह तंवर और एसपी केशव कुमार समेत प्रशासनिक अधिकारियों ने शिवपुर सहित संवेदनशील इलाकों का निरीक्षण किया। ग्रामीणों को माइक से जागरूक किया गया और SDRF समेत राहत-बचाव टीमों को अलर्ट रखा गया। हालांकि अब हालात राहत की ओर हैं। कल देर रात गंडक नदी का डिस्चार्ज करीब 1 लाख 80 हजार क्यूसेक तक पहुंचा था, जो आज सुबह घटकर करीब 1 लाख 10 हजार क्यूसेक रह गया। फिलहाल स्थिति सामान्य बताई जा रही है। डीएम ने कहा कि कुशीनगर में फिलहाल स्थिति सामान्य है और किसी को पैनिक होने की जरूरत नहीं है। उन्होंने अफवाहों से दूर रहने की अपील की। डीएम के मुताबिक पिछली बार करीब 5 लाख 60 हजार क्यूसेक पानी आने पर बाढ़ की स्थिति बनी थी, जबकि करीब 4 लाख क्यूसेक तक पानी आने की स्थिति से निपटने के लिए प्रशासन पूरी तरह तैयार है। बीओ 2: उधर, बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने भी कुशीनगर से सटे सीमावर्ती बिहार क्षेत्र और बैराज पुल इलाके का निरीक्षण किया। उन्होंने भी कहा कि खतरा अब धीरे-धीरे सामान्य स्थिति की ओर बढ़ रहा है। बाइट: डीएम महेंद्र सिंह तंवर पीटीसी1
- कुशीनगर में बाढ़ का खतरा! डीएम ने जारी किया आदेश, लोगों से सुरक्षित स्थान पर जाने की अपील कुशीनगर में नारायणी नदी के बढ़ते जलस्तर और बाढ़ की आशंका को देखते हुए जिला प्रशासन अलर्ट मोड पर है। जिलाधिकारी महेंद्र सिंह तंवर ने संवेदनशील इलाकों के लोगों से सतर्क रहने और जरूरत पड़ने पर तत्काल सुरक्षित स्थान पर जाने की अपील की है। प्रशासन की टीमें लगातार स्थिति पर नजर1
- कुशीनगर जनपद में जश्ने ईद-मिलादुन्नबी का पर्व बड़े ही हर्षोल्लास और धार्मिक उत्साह के साथ मनाया गया। आपको बता दें कि कुशीनगर जिले के विभिन्न क्षेत्रों में शानदार जुलूस निकाले गए, जिनमें मुस्लिम धर्मगुरुओं, समाजसेवियों, बुजुर्गों, युवाओं, महिलाओं और बच्चों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। जुलूस के दौरान हर तरफ अमन, भाईचारे और आपसी सौहार्द का संदेश देखने को मिला।1
- कुशीनगर जनपद में जश्ने ईद-मिलादुन्नबी का पर्व बड़े ही हर्षोल्लास और धार्मिक उत्साह के साथ मनाया गया। आपको बता दे कि जिले के विभिन्न क्षेत्रों में शानदार जुलूस निकाले गए, जिनमें मुस्लिम धर्मगुरुओं, समाजसेवियों, बुजुर्गों, युवाओं, महिलाओं और बच्चों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। जुलूस के दौरान हर तरफ अमन, भाईचारे और आपसी सौहार्द का संदेश देखने को मिला।1
- फ्री बस सेवा में बसों की कमी से यात्री परेशान त्योहार के रक्षाबंधन पर 27 से 29 अगस्त तक महिलाओं की मुफ्त बस यात्रा, भाइयों को राखी बांधने निकली बहनों की राह, बसों की कमी से परेशानी1
- धूमधाम से मनाया गया जश्ने ईद-मिलादुन्नबी, जगह-जगह निकले शानदार और शांतिपूर्ण जुलूस हंगामा टाइम्स न्यूज़, कुशीनगर कुशीनगर जनपद में जश्ने ईद-मिलादुन्नबी का पर्व बड़े ही हर्षोल्लास, धार्मिक उत्साह और आपसी भाईचारे के साथ मनाया गया। जिले के विभिन्न क्षेत्रों में शानदार एवं शांतिपूर्ण जुलूस निकाले गए, जिसमें मुस्लिम धर्मगुरुओं, समाजसेवियों, बुजुर्गों, युवाओं, महिलाओं और बच्चों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। जुलूस के दौरान पूरे जिले में अमन, भाईचारे और आपसी सौहार्द का संदेश देखने को मिला। जश्ने ईद-मिलादुन्नबी के अवसर पर जिले के विभिन्न क्षेत्रों में सुबह से ही धार्मिक उत्साह का माहौल रहा। जगह-जगह निकले जुलूसों में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। हाथों में धार्मिक झंडे और दिलों में पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब के प्रति अकीदत लिए लोग पूरे जोश और उत्साह के साथ जुलूस में शामिल नजर आए। इस दौरान मुस्लिम धर्मगुरुओं ने पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब की शिक्षाओं और इस्लाम के शांति, प्रेम एवं भाईचारे के संदेश को अपनाने का आह्वान किया। जुलूस के माध्यम से समाज में शांति, आपसी प्रेम, एकता और सौहार्द का संदेश दिया गया। खास बात यह रही कि जुलूस में बुजुर्गों के साथ युवाओं, महिलाओं और बच्चों की भी बड़ी भागीदारी रही। जुलूस के मार्गों पर जगह-जगह सामाजिक संगठनों और स्थानीय लोगों द्वारा श्रद्धालुओं के लिए ठंडे पानी, मीठे चावल सहित खाने-पीने की अन्य व्यवस्थाएं की गई थीं। लोगों ने जुलूस में शामिल लोगों का स्वागत करते हुए सेवा और सहयोग की भावना का परिचय दिया। इससे जुलूस में शामिल लोगों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ा। वहीं, जुलूसों को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह सतर्क रहा। जिले के विभिन्न क्षेत्रों में पुलिस अधिकारी और जवान चप्पे-चप्पे पर तैनात रहे। जुलूस के मार्गों की लगातार निगरानी की गई तथा सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आया। प्रशासन और पुलिस की सक्रियता तथा आयोजकों और स्थानीय लोगों के सहयोग से जिले में जश्ने ईद-मिलादुन्नबी का पर्व शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। इस अवसर पर निकाले गए जुलूसों ने एक बार फिर कुशीनगर की गंगा-जमुनी तहजीब, अमन, भाईचारे और आपसी एकता का संदेश दिया।4
- कुंवर सिंह निषाद के अपमान पर भड़का निषाद समाज, पडरौना में पुतला दहन कर जताया विरोध1
- पडरौना में निषाद समाज का प्रदर्शन, राजू दास के बयान पर जताया विरोध... ब्रेकिंग कुशीनगर - पडरौना में निषाद समाज का प्रदर्शन, राजू दास के बयान पर जताया विरोध... - अयोध्या हनुमानगढ़ी के महंत राजू दास के बयान को लेकर निषाद समाज में आक्रोश... - नेशनल चैनल की डिबेट में कांग्रेस प्रवक्ता कुंवर सिंह निषाद के खिलाफ कथित आपत्तिजनक टिप्पणी का विरोध... - पडरौना के सुभाष चौक पर विकासशील इंसान पार्टी के नेतृत्व में पुतला दहन... - प्रदर्शन कर समाज के लोगों ने जताया भारी रोष... - जिला अध्यक्ष शौखी निषाद की अध्यक्षता में हुआ प्रदर्शन... - जितेंद्र उर्फ मुन्ना साहनी बोले कुंवर सिंह निषाद का अपमान पूरे निषाद समाज का अपमान... - समाज के किसी व्यक्ति का अपमान बर्दाश्त नहीं किया जाएगा...4