बिल्थरारोड के उभांव थाना क्षेत्र स्थित नगर पंचायत के वार्ड नंबर 6 में रह रही एक महिला ने अपने जीजा सोनू फरसाटारी पर गंभीर आरोप लगाए हैं। महिला ने पुलिस अधीक्षक से मिलकर एक शिकायती पत्र देते हुए न्याय की गुहार लगाई है, जिसमें उसने बताया कि सोनू फरसाटारी उसे लगभग 12 साल की उम्र से यौन शोषण का शिकार बना रहा है और उसके साथ मारपीट भी करता है। महिला का कहना है कि वह सोनू फरसाटारी की साली है और उसकी शादी पहले कहीं और हुई थी। सोनू ने उसे ब्लैकमेल किया और शादी का झांसा देकर एक सप्ताह के भीतर उसका तलाक करवा दिया। महिला ने आरोप लगाया कि एक बार सोनू ने कोल्ड ड्रिंक में नशा मिलाकर उसके साथ दुष्कर्म किया। तब से वे बिल्थरारोड नगर पंचायत के वार्ड नंबर 6 में एक मकान में पति-पत्नी की तरह रहने लगे। सोनू ने महिला से कहा कि यह मकान उसका है, जबकि महिला का दावा है कि यह मकान सोनू का नहीं है। महिला ने बताया कि सोनू ने आज तक उससे शादी नहीं की और उसका कोई बच्चा नहीं है। उसके अनुसार, सोनू उसे आए दिन मारता-पीटता है और एक बार तो उसका पैर भी तोड़ दिया था, जिसे उसकी बहन ने बचाया। महिला का आरोप है कि सोनू ने उसे कभी पत्नी का दर्जा तक नहीं दिया और उसका 8 बार गर्भपात कराया। उसकी बड़ी बहन के बच्चे बड़े हो चुके हैं और वे दूसरे मकान में रहते हैं। महिला ने शिकायत की है कि उभांव थाने में शिकायत के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की जाती। उसने यह भी बताया कि सोनू उसे जान से मारने की धमकी देता है। इन धमकियों के चलते वह सीओ रसड़ा से भी मिली थी और अब पुलिस अधीक्षक से मिलकर न्याय की मांग की है। गौरतलब है कि सोनू फरसाटारी पर सप्ताह भर पहले ही धोखाधड़ी, धमकी और मारपीट जैसी विभिन्न धाराओं के तहत प्रशासन द्वारा मिनी गुंडा एक्ट की कार्रवाई की जा चुकी है।
बिल्थरारोड के उभांव थाना क्षेत्र स्थित नगर पंचायत के वार्ड नंबर 6 में रह रही एक महिला ने अपने जीजा सोनू फरसाटारी पर गंभीर आरोप लगाए हैं। महिला ने पुलिस अधीक्षक से मिलकर एक शिकायती पत्र देते हुए न्याय की गुहार लगाई है, जिसमें उसने बताया कि सोनू फरसाटारी उसे लगभग 12 साल की उम्र से यौन शोषण का शिकार बना रहा है और उसके साथ मारपीट भी करता है। महिला का कहना है कि वह सोनू फरसाटारी की साली है और उसकी शादी पहले कहीं और हुई थी। सोनू ने उसे ब्लैकमेल किया और शादी का झांसा देकर एक सप्ताह के भीतर उसका तलाक करवा दिया। महिला ने आरोप लगाया कि एक बार सोनू ने कोल्ड ड्रिंक में नशा मिलाकर उसके साथ दुष्कर्म किया। तब से वे बिल्थरारोड नगर पंचायत के वार्ड नंबर 6 में एक मकान में पति-पत्नी की तरह रहने लगे। सोनू ने महिला से कहा कि यह मकान उसका है, जबकि महिला का दावा है कि यह मकान सोनू का
नहीं है। महिला ने बताया कि सोनू ने आज तक उससे शादी नहीं की और उसका कोई बच्चा नहीं है। उसके अनुसार, सोनू उसे आए दिन मारता-पीटता है और एक बार तो उसका पैर भी तोड़ दिया था, जिसे उसकी बहन ने बचाया। महिला का आरोप है कि सोनू ने उसे कभी पत्नी का दर्जा तक नहीं दिया और उसका 8 बार गर्भपात कराया। उसकी बड़ी बहन के बच्चे बड़े हो चुके हैं और वे दूसरे मकान में रहते हैं। महिला ने शिकायत की है कि उभांव थाने में शिकायत के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की जाती। उसने यह भी बताया कि सोनू उसे जान से मारने की धमकी देता है। इन धमकियों के चलते वह सीओ रसड़ा से भी मिली थी और अब पुलिस अधीक्षक से मिलकर न्याय की मांग की है। गौरतलब है कि सोनू फरसाटारी पर सप्ताह भर पहले ही धोखाधड़ी, धमकी और मारपीट जैसी विभिन्न धाराओं के तहत प्रशासन द्वारा मिनी गुंडा एक्ट की कार्रवाई की जा चुकी है।
- देवरिया जिले में मौसम का मिजाज एकाएक बदल गया है, जिससे स्थानीय लोगों को भीषण गर्मी से तत्काल राहत मिली है। इस बदलाव से उन्हें सुकून महसूस हुआ है।1
- असांव थाना क्षेत्र के शिवपुर बाजार में चोरी की पानी मोटर बेचने का प्रयास कर रहे एक युवक को पुलिस ने गिरफ्तार कर सिवान मंडल कारा भेज दिया है। थानाध्यक्ष संतोष कुमार ने सोमवार की सुबह 11 बजे बताया कि पुलिस को सूचना मिली थी कि शिवपुर बाजार में एक युवक चोरी की पानी मोटर बेच रहा है। सूचना के सत्यापन के बाद असांव थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए छापेमारी की और उसे पकड़ लिया। गिरफ्तार आरोपी की पहचान दरौली थाना के कुकुरभूक्का गांव निवासी अभय कुमार राम के रूप में हुई है। पुलिस ने गिरफ्तार आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कर ली है।1
- देवरिया के कपरवार में रामलीला मैदान को लेकर स्थानीय लोगों में गहरा आक्रोश है। इस मामले में, भाजपा के वरिष्ठ कार्यकर्ता विश्राम मणि ने गंभीर चेतावनी दी है कि यदि 30 तारीख तक रामलीला मैदान को अतिक्रमण मुक्त नहीं कराया गया, तो वह अगले दिन, यानी पहली तारीख को, वहीं आत्मदाह कर लेंगे। इसी के साथ, राष्ट्रीय जन संग्रह पार्टी के जिलाध्यक्ष राजेश मिश्रा उर्फ संतोष बाबा ने भी घोषणा की है कि अगर इस महीने की 30 तारीख तक रामलीला मैदान से अतिक्रमण नहीं हटाया गया, तो वह भी उनके साथ आत्मदाह करेंगे।1
- भारत में समोसा सिर्फ एक स्नैक नहीं, बल्कि लोगों की रोज़मर्रा की ज़िंदगी का अहम हिस्सा बन चुका है, जो सुबह की चाय से लेकर शाम की हल्की भूख तक हर मौके पर पसंद किया जाता है। हालांकि, हाल ही में सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेज़ी से वायरल हो रहा है, जिसने समोसा खाने वाले लोगों को सोचने पर मजबूर कर दिया है। इस वीडियो को देखने के बाद कई लोग हैरान हैं, तो कईयों ने बाहर के खाने की सुरक्षा को लेकर गहरी चिंता ज़ाहिर की है। वायरल वीडियो में एक शख्स बड़ी मात्रा में रखे समोसों पर ब्रश की मदद से रंग लगाता नज़र आ रहा है। वीडियो में साफ़ दिखाई देता है कि उसके पास समोसों का ढेर है और वह उन पर किसी तरह का रंग लगा रहा है। दावा किया जा रहा है कि समोसों को ज़्यादा आकर्षक और चमकदार दिखाने के लिए उन पर आर्टिफिशियल या केमिकल रंग का इस्तेमाल किया जा रहा है। हालांकि, इस बात की अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है कि वीडियो में इस्तेमाल किया गया पदार्थ वास्तव में केमिकल रंग ही है या नहीं, लेकिन इस वीडियो के सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर खाने की गुणवत्ता को लेकर एक बड़ी बहस छिड़ गई है। यह वीडियो सोशल मीडिया के तमाम प्लेटफॉर्म्स पर धड़ल्ले से शेयर किया जा रहा है, जिस पर लोग अपनी चिंताएं व्यक्त कर रहे हैं। कई यूज़र्स का कहना है कि आजकल बाहर का खाना पूरी तरह सुरक्षित नहीं रह गया है और पैसा कमाने के लिए लोग ग्राहकों की सेहत से कोई मतलब नहीं रखते। लोगों ने यह भी कहा कि अगर वीडियो में किया जा रहा दावा सच है, तो यह लोगों की सेहत के लिए बेहद खतरनाक हो सकता है। कई यूज़र्स ने प्रशासन और खाद्य विभाग से इस मामले की गंभीरता से जांच करने की मांग की है ताकि सच्चाई सामने आ सके।1
- देवरिया नगर के सुभाष चौक पर युवा गांधीवादियों ने 'न्याय सत्याग्रह' शुरू किया है, जिसमें गल्फ ऑफ ओमान में अमेरिकी मिसाइल हमले में जान गंवाने वाले स्थानीय निवासी स्वर्गीय शिवानंद चौरसिया के परिवार के लिए न्याय की मांग की जा रही है। इस श्रद्धांजलि सभा और सत्याग्रह में बड़ी संख्या में गांधीवादी कार्यकर्ता, युवा और नागरिक शामिल हुए, जिन्होंने स्वर्गीय शिवानंद चौरसिया को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। सभा को संबोधित करते हुए रजत सिंह ने शिवानंद चौरसिया की मृत्यु को केवल एक परिवार की व्यक्तिगत क्षति नहीं, बल्कि पूरे देश की क्षति बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि विदेश में कार्य कर अपने परिवार का भरण-पोषण करने वाले एक भारतीय नौजवान की इस दुखद मृत्यु के बाद भी सरकार और प्रशासन द्वारा परिवार को अपेक्षित सहायता एवं सम्मान सुनिश्चित नहीं किया गया है। उपस्थित सभी गांधीवादियों ने एक स्वर में घोषणा की कि जब तक परिवार की चार प्रमुख मांगें पूरी नहीं हो जातीं, तब तक यह 'न्याय सत्याग्रह' जारी रहेगा। इन मांगों में शिवानंद को शहीद का दर्जा देना, परिवार के लिए सरकारी नौकरी, एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता और बच्चों की शिक्षा की उचित व्यवस्था सुनिश्चित करना शामिल है। वक्ताओं ने सरकार से संवेदनशीलता दिखाते हुए तत्काल इन मांगों पर निर्णय लेने का आग्रह किया, ताकि पीड़ित परिवार को सम्मानजनक सहायता और न्याय मिल सके। इस सत्याग्रह में रजत सिंह, सूफी सलीम, अशोक कुशवाहा, सतीश, शम्स, प्रियेश, नीरज, उत्तेज नारायण, मिर्ज़ा खुर्शीद अहमद (शहर अध्यक्ष) और अशोक मालवीय जैसे प्रमुख व्यक्ति शामिल थे।2
- देवरिया जनपद में अपराध और अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत बनकटा पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई की है। इस दौरान, एक महिंद्रा बोलेरो पिकअप वाहन से 11 गोवंशीय पशुओं को बरामद किया गया। पुलिस ने मौके से दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि एक अन्य आरोपी की तलाश अभी जारी है। यह कार्रवाई शनिवार को पुलिस अधीक्षक अभिजीत आर. शंकर के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक (दक्षिणी) सुनील कुमार सिंह के मार्गदर्शन और क्षेत्राधिकारी भाटपाररानी मनोज कुमार के पर्यवेक्षण में की गई। थाना क्षेत्र के पंचरुखिया-मठिया मार्ग स्थित ग्राम सोठाचक के पास चेकिंग के दौरान महिंद्रा बोलेरो पिकअप (नंबर- UP61T8320) को रोककर तलाशी ली गई, जिसमें 11 गोवंशीय पशु लदे पाए गए। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान आजमगढ़ जनपद के खरगीपुर गोडहरा थाना बरदह निवासी वाहिद पुत्र फिरोज अहमद और फत्तेपुर थाना रौनापार निवासी अवधेश कुमार पुत्र स्वर्गीय घुरहू के रूप में हुई है। पूछताछ में आजमगढ़ जनपद के हसनाडीह थाना अहिरौला निवासी आसिफ अंसारी का नाम भी सामने आया है, जिसकी तलाश की जा रही है। इस संबंध में थाना बनकटा पर मुकदमा संख्या 155/2025 के तहत उत्तर प्रदेश गो-हत्या निवारण अधिनियम, पशु क्रूरता निवारण अधिनियम और भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार दोनों आरोपियों के खिलाफ विभिन्न जनपदों में गो-तस्करी, गैंगस्टर और आर्म्स एक्ट सहित कई आपराधिक मुकदमे पहले से ही दर्ज हैं। इस कार्रवाई को अंजाम देने वाली टीम में थानाध्यक्ष दिनेश कुमार मौर्य, उपनिरीक्षक धर्मेंद्र कुमार और थाना बनकटा के अन्य पुलिसकर्मी शामिल रहे।2
- 18 मार्च, 2018 को अमेरिका में एक चौंकाने वाली घटना सामने आई, जहाँ एक शख्स की मौत उसकी प्रेमिका के अत्यधिक वजन के कारण हो गई। यह असामान्य मामला मीडिया में "वेट कम्प्रेशन हॉमिसाइड" के नाम से जाना गया, जिसने पूरे देश को हैरान कर दिया था। 44 वर्षीय कीनो बटलर, जिनका वजन लगभग 54 किलोग्राम (120 पाउंड) था, अपनी 300 पाउंड (136 किलोग्राम) वजनी प्रेमिका विंडी थॉमस के साथ रहते थे। दोनों के बीच अक्सर छोटी-छोटी बातों पर झगड़े होते रहते थे। घटना वाले दिन भी उनके बीच झगड़ा शुरू हुआ और हाथापाई तक पहुंच गया, जिसके दौरान प्रेमिका अपने प्रेमी पर कूद गई। प्रेमिका के कूदने के बाद कीनो बटलर को सांस लेने में समस्या होने लगी और अंततः उनकी मौत हो गई। इस घटना ने एक पुरानी कहावत को चरितार्थ किया, जिसमें कहा जाता है कि प्यार में लोग जान देने की बात करते हैं, लेकिन कभी-कभी यही प्यार जान ले भी लेता है।1
- देवरिया जनपद के बैतालपुर ब्लॉक क्षेत्र के मिश्रौलिया ग्राम सभा से एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहाँ बेटे की असमय मौत के बाद एक मां का रो-रोकर बुरा हाल है। अपने जिगर के टुकड़े को खोने का असहनीय दर्द वह सहन नहीं कर पा रही हैं और हर पल उसकी याद में आंसू बहा रही हैं। परिजनों के अनुसार, बेटे के निधन के बाद से मां पूरी तरह टूट चुकी हैं; वह अक्सर बेटे की तस्वीर देखकर फफक पड़ती हैं और बार-बार उसे याद कर भावुक हो जाती हैं। परिवार के लोग उन्हें संभालने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन मां के दिल में उठ रहा दर्द कम होने का नाम नहीं ले रहा है। ग्रामीणों ने बताया कि मां और बेटे के बीच बेहद गहरा लगाव था, और बेटे की मौत ने मां की जिंदगी में ऐसा खालीपन छोड़ दिया है जिसे भर पाना शायद कभी संभव नहीं होगा। जो भी उनकी हालत देख रहा है, उसकी आंखें नम हो जा रही हैं। इस हृदयविदारक घटना से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है और लोग पीड़ित परिवार के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त कर रहे हैं, क्योंकि मिश्रौलिया गांव की यह मां बेटे की याद में घुट-घुट कर जीवन जीने को मजबूर है।1