पनवाड़ क्षेत्र के बर्डग्यालिया गांव में भावान लक्ष्मीनाथ के नए मंदिर का प्राण-प्रतिष्ठा महोत्सव पिछले चार दिनों से धूमधाम से चल रहा है। इस धार्मिक अनुष्ठान के तहत मंगलवार को पंचकुंडीय लक्ष्मीनाथ भगवान की भव्य शोभायात्रा निकाली गई, जिसके बाद बुधवार को प्राण-प्रतिष्ठा व महायज्ञ की पूर्णाहुति होगी। मंगलवार की सुबह वैदिक मंत्रोच्चार के साथ भगवान लक्ष्मीनाथ का महाअभिषेक किया गया, जिसके उपरांत शोभायात्रा पुराने मंदिर परिसर से शुरू हुई। इस यात्रा में डीजे, गाजे-बाजे और लहराते भगवा ध्वजों के साथ एक उत्सवपूर्ण माहौल देखने को मिला। रथ में सूरजमल नागर अपनी धर्मपत्नी के साथ विराजमान रहे। शोभायात्रा के दौरान महिलाओं ने जगह-जगह पूजा-अर्चना की और भक्ति गीतों पर नृत्य किया। इस पूरे आयोजन में ड्रोन से पुष्पवर्षा भी की गई, वहीं गांव में विभिन्न स्थानों पर स्वागत द्वार लगाकर शोभायात्रा का अभिनंदन किया गया।
पनवाड़ क्षेत्र के बर्डग्यालिया गांव में भावान लक्ष्मीनाथ के नए मंदिर का प्राण-प्रतिष्ठा महोत्सव पिछले चार दिनों से धूमधाम से चल रहा है। इस धार्मिक अनुष्ठान के तहत मंगलवार को पंचकुंडीय लक्ष्मीनाथ भगवान की भव्य शोभायात्रा निकाली गई, जिसके बाद बुधवार को प्राण-प्रतिष्ठा व महायज्ञ की पूर्णाहुति होगी। मंगलवार की सुबह वैदिक मंत्रोच्चार के साथ भगवान लक्ष्मीनाथ का महाअभिषेक किया गया, जिसके उपरांत शोभायात्रा पुराने मंदिर परिसर से शुरू हुई। इस यात्रा में डीजे, गाजे-बाजे और लहराते भगवा ध्वजों के साथ एक उत्सवपूर्ण माहौल देखने को मिला। रथ में सूरजमल नागर अपनी धर्मपत्नी के साथ विराजमान रहे। शोभायात्रा के दौरान महिलाओं ने जगह-जगह पूजा-अर्चना की और भक्ति गीतों पर नृत्य किया। इस पूरे आयोजन में ड्रोन से पुष्पवर्षा भी की गई, वहीं गांव में विभिन्न स्थानों पर स्वागत द्वार लगाकर शोभायात्रा का अभिनंदन किया गया।
- शर्मा न्यूज एजेंसी के अनुसार, छीपाबड़ौद में डीएपी खाद का नया स्टॉक आ चुका है, जिससे इसकी आपूर्ति सुनिश्चित हो गई है। सभी किसानों को सलाह दी गई है कि वे निर्दिष्ट तिथि पर छीपाबड़ौद मार्केट जाकर विक्रेता से संपर्क करें ताकि उन्हें खाद मिल सके।1
- कोटा जिले के मोड़क क्षेत्र की पीपल्दा पंचायत ने स्वच्छ भारत अभियान के तहत बड़े पैमाने पर सफाई अभियान चलाया। इस दौरान, जेसीबी मशीन की सहायता से मिनियाखेड़ी, ईश्वरपुरा और पीपल्दा में विभिन्न स्थानों पर जमा गंदगी को साफ करवाया गया। पंचायत ने जगह-जगह पड़े कचरे के ढेरों को हटाया और एक बंद पड़े नाले का भी निकास करवाया। इसके अतिरिक्त, पुराने सरकारी स्कूल ग्राउंड को भी साफ किया गया, जिससे क्षेत्र में स्वच्छता सुनिश्चित हो सकी।4
- किशनगंज में शराब तस्करी का एक हैरान कर देने वाला और अनोखा तरीका सामने आया है, जहाँ तस्करों ने अपने शरीर को ही शराब छिपाने का अस्थायी गोदाम बना लिया था। इस मामले में कुल तीन तस्करों को टेप की मदद से शराब की बोतलों को अपने शरीर से चिपकाकर तस्करी करते हुए पकड़ा गया है।1
- कांग्रेस नेता प्रहलाद गुंजल ने सरकार और जिला प्रशासन पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया है कि वे गरीबों को उजाड़ रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि गरीब और कमजोर वर्ग के लोगों के आशियाने छीनने की कोशिश की जा रही है, जिसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। गुंजल ने सीधे तौर पर कहा कि सरकार और प्रशासन "हिटलरशाही" पर उतर आए हैं, जो गरीबों के मकानों पर बुलडोजर चला रहे हैं, और अब वे इस मुद्दे पर "आर-पार की लड़ाई" के लिए तैयार हैं।1
- लखनऊ में हुए अग्निकांड के बाद कोटा नगर निगम पूरी तरह से सक्रिय हो गया है। नगर निगम की टीम ने आज केशवपुरा क्षेत्र में स्थित दो कोचिंग सेंटर और एक लाइब्रेरी को सीज करने की कार्रवाई की है। यह कार्रवाई उन संस्थानों के खिलाफ की गई है जिन्होंने नोटिस दिए जाने के बावजूद सुरक्षा मापदंडों का पालन नहीं किया था। जिला प्रशासन की ओर से भी लगातार सर्वे की कार्रवाई जारी है, जिसके तहत सुरक्षा मानकों की जाँच की जा रही है।1
- सिविल लाइन स्थित पानी की टंकी पर एक परिवार के लगभग 7-8 सदस्य चढ़ गए, जो नगर परिषद बारां की कार्रवाई के खिलाफ न्याय की मांग कर रहे हैं। परिवार का कहना है कि वे दो-तीन पीढ़ियों से इसी जगह रहते आ रहे हैं, लेकिन प्रशासन उन्हें बिना किसी पूर्व नोटिस के हटा रहा है। प्रशासन ने उनसे समझाइश का प्रयास किया, मगर वे अपनी मांग पर अड़े रहे। फिलहाल, मौके पर सुरक्षा जाब्ता बढ़ा दिया गया है।1
- राजस्थान के छीपाबड़ौद में एक रैली के दौरान भारी भीड़ उमड़ी। प्राप्त जानकारी के अनुसार, इसी क्रम में 26 तारीख को ताज़िये निकाले जाएंगे।1
- मंगलवार दोपहर को कोटा जिले के मोड़क क्षेत्र में मिनियाखेड़ी, नयागांव, भटवाड़ा, झामरा और पीपल्दा ईश्वरपुरा सहित कई इलाकों में तेज रफ्तार आंधी-तूफान का कहर देखने को मिला। इस भीषण आंधी के कारण पूरे क्षेत्र में भारी तबाही मची, जिससे जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया, हालांकि गनीमत रही कि किसी प्रकार की कोई जनहानि नहीं हुई। मिनियाखेड़ी में आंधी के कारण बिजली के दो ट्रांसफार्मर अपने पोल सहित जमीन पर गिर गए। इसके अलावा, देव महाराज की राठी और गांव में करीब 50 से अधिक पेड़-पौधे उखड़ गए या टूटकर गिर गए। तेज आंधी और बारिश के प्रभाव से करीब 5 से 6 ग्रामीण परिवारों के घरों की लोहे की चादरें भी उड़ गईं, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान हुआ। इसी तरह, भटवाड़ा और झामरा गांवों में भी तेज रफ्तार आंधी-तूफान के कारण बिजली के ट्रांसफार्मर, 11 केवी और सिंगल फेज लाइनों के पोल टूटकर खेतों में गिर गए। कई पोल पेड़-पौधों की चपेट में आने से क्षतिग्रस्त हुए। इस व्यापक क्षति के परिणामस्वरूप ग्रामीण इलाकों की बिजली पूरी तरह गुल हो गई है। बिजली व्यवस्था को जल्द से जल्द सुचारू करने के लिए बिजली विभाग के कर्मचारी लगातार काम में जुटे हुए हैं और क्षतिग्रस्त हुए पोलों को हटाने का कार्य जारी है। ग्रामीणों ने बताया कि उन्होंने अपने जीवन में इस प्रकार का तूफान पहले कभी नहीं देखा था। चारों ओर गिरे हुए पेड़-पौधे, बिजली के खंभे और तार, तथा घरों से उड़ी चादरों के निशान ही बर्बादी की कहानी कह रहे थे, जिससे लोगों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है।4
- कोटा संभागीय आयुक्त कार्यालय के सभागार में संभागीय आयुक्त अनिल कुमार की अध्यक्षता में खरीफ फसल 26-27 सीज़न के लिए किसानों को उर्वरक और बीज से संबंधित समस्याओं से निजात दिलाने हेतु एक समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक में सख्त निर्देश दिए गए कि खाद-बीज की कालाबाजारी पर तुरंत कार्रवाई की जाए और किसानों को उनकी मांग के अनुसार खाद-बीज उपलब्ध कराए जाएं। अतिरिक्त कृषि निदेशक अशोक शर्मा ने संभाग में उर्वरकों और बीज की वितरण व्यवस्था के बारे में जानकारी प्रस्तुत की।1