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District.reporter.babulaljogaw
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- Post by District.reporter.babulaljogaw1
- पुरानी यादें एमडिऐम अस्पताल में जोधपुर में यह हालत रहे हैं फिर से बारिश की मोसम आगया है अगली बार ऐमडिऐम अस्पताल में पानी भर गया था प्रसासन ने किया तैयारी किया है1
- जोधपुर में हिट एंड रन का मामला आया सामने l नागोरी गेट क्षेत्र में 15 नंबर सिटी बस ने बाइक चालक को मारी टक्कर l टक्कर मार बस चालक बस लेकर मौके से हुआ फरार l राह चलते लोगों ने स्कूली बच्ची व पिता को पहुंचाया अस्पताल l घटनाक्रम का सीसीटीवी वीडियो आया सामने l आज सुबह की बताई जा रही है घटना l महामंदिर थाना क्षेत्र का है मामला l1
- Post by Jodhpur news4
- खुडाला फालना शहर और आसपास के ग्राम पंचायत फालनागांव, खिमेल, धणी,बेडल आदी क्षेत्रों में बुधवार सुबह हुई तेज बारिश जिससे बिजली भी क्षेत्र में कट गई जिस कारण से घरेलू कार्य करने में ग्रामीणों को परेशानियों का सामना करना पड़ा क्योंकि इधर बारिश इधर बिजली कट जाने के कारण सुबह के कार्यों में परेशानियां हुई है। वहीं उसके बाद बारिश बंद होने के बाद आसमान में काले बादल छागपे जिससे क्षेत्र में अंधेरा छा गया एवं ठंडी तेज हवाएं चलने लगी जिससे आमजन को ठण्ड का असर भी महसूस हुई है। बता दे की मंगलवार को दिन भर संपूर्ण क्षेत्र में आसमान में काले बादल छाहै रहे वही दिन भर तेज आवाज चलती रही जिससे छात्रा भर में धूल के रह कर गब्बर भी नजर आए सुबह से ही आसमान में घने बादल छा गए और ठंडी तेज हवाएं चलने लगीं, जिससे वातावरण सुहावना हो गया। सुबह 9 बजे से बादलों की आवाजाही और गरज के साथ तेज हवाएं चलने लगीं। इसके चलते लोगों ने घरों में रहना उचित समझा। बाजारों और सड़कों पर भी सामान्य दिनों की तुलना में चहल-पहल कम रही। ठंडी हवाओं ने गर्मी से राहत प्रदान की, जिससे लोगों को सुकून मिला। हालांकि, मौसम के इस बदलाव से आमजन को गर्मी से राहत मिली है, लेकिन किसानों के लिए यह चिंता का विषय बन गया है। यदि तेज बारिश होती है, तो फसलों को भारी नुकसान होने की आशंका है।1
- रायपुर (ब्यावर) पत्रकार श्याम सैनी राजस्थान पंचायती राज एवं माध्यमिक शिक्षक संघ की हुंकार: रिक्त पदों और जर्जर भवनों की सुध नहीं, छुट्टियों में कटौती कर शिक्षा व्यवस्था से खिलवाड़ मंजूर नहीं" " राजस्थान पंचायती राज व माध्यमिक शिक्षक संघ के प्रदेशाध्यक्ष शेरसिंह चौहान एवं प्रदेश महामंत्री गोपाल मीना के आह्वान पर जिलाध्यक्ष दुर्गाराम चौधरी के नेतृत्व में राजस्थान सरकार का शिक्षा विभाग द्वारा प्रदेश की भौगोलिक विषम परिस्थितियों को नजरअंदाज कर छात्रों के ग्रीष्मावकाश व संस्था प्रधान अधिकृत अवकाश में की गई कटौती के विरोध एवं विभिन्न तात्कालिक शिक्षक समस्याओं के निस्तारण की मांग को लेकर जिला कलेक्टर ब्यावर कमल राम मीणा को मुख्यमंत्री राजस्थान सरकार के नाम सात सूत्रीय ज्ञापन सौंपा गया। प्रदेश संघर्ष समिति संयोजक जवरीलाल प्रजापत ने बताया कि शिक्षा विभाग द्वारा जारी शिविरा पंचांग में एक जुलाई के स्थान पर इस सत्र में 21 जून से स्कूल खोलने तथा छात्रों व शिक्षकों के ग्रीष्मावकाश एवं संस्था प्रधान अधिकृत अवकाश में की गई कटौती के विरोध में राज्यव्यापी आंदोलन का ऐलान किया गया है। राजस्थान शिक्षा विभाग द्वारा प्रदेश की विषम भौगोलिक परिस्थितियों की अनदेखी करते हुए एक अप्रैल से नया शैक्षणिक सत्र प्रारंभ कर छुट्टियों में कटौती की है । यदि सरकार गंभीरता से सरकारी विद्यालयों में वरिष्ठ अध्यापक, व्याख्याता एवं प्राचार्यों के रिक्त पदों को भरने तथा शिक्षकों की पदोन्नति और जर्जर स्कूल भवनों के सुधार पर ध्यान दिया जाता तो विद्यालय में नामांकन वृद्धि के साथ- साथ विद्यार्थियों को बेहतर शिक्षा का वातावरण मिल सकता था। वर्तमान में स्थिति यह है कि 4 वर्ष पूर्व क्रमोन्नत उच्च माध्यमिक एवं महात्मा गांधी विद्यालयों में आज भी व्याख्याताओं एवं शिक्षकों के पद रिक्त पड़े हैं। पदोन्नत प्रधानाचार्य एक वर्ष से पदस्थापन की प्रतीक्षा में है । आज तक ट्रांसफर पॉलिसी लागू नहीं की गई है। 8 वर्षों से तृतीय श्रेणी शिक्षकों के स्थानांतरण नहीं किए गए हैं । विद्यालयों में रिक्त पद भरने के बजाय शिक्षा विभाग शिक्षकों को गैर-शैक्षणिक कार्यों में लगाकर शिक्षा व्यवस्था को प्रभावित कर रहा है। ऐसे में छुट्टियों में कटौती एवं सत्र परिवर्तन की नीति पूरी तरह अव्यावहारिक है। जिससे शिक्षक वर्ग में भारी आक्रोश व्याप्त है। संघ के बदाराम अणकिया ने कहा कि राजस्थान जैसे विषम जलवायु वाले प्रदेश में 21 जून से विद्यालय खोलना छात्रों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ है। जून माह की भीषण गर्मी में 45 से 50 डिग्री सेल्सियस तापमान और तेज "लू" के थपेड़ों के बीच विद्यार्थियों को विद्यालय बुलाना अत्यंत आत्मघाती कारक साबित हो सकता है। हमीचंद मिश्रा ने मांग रखी कि यदि सरकार 21 जून से विद्यालय संचालन पर अड़ी रहती है तो सरकार को नन्हे-मुन्ने छात्रों को भीषण गर्मी और "लू "से बचाने के व्यापक प्रबंध करने चाहिए। विद्यालयों में गर्मी से बचाव के संसाधन उपलब्ध करवाने चाहिए । साथ ही शिक्षकों को प्रत्येक कैलेंडर वर्ष में घटाएं गए अवकाश के परिणाम स्वरूप न्यूनतम 30 पीएल अवकाश प्रदान किए जाएं। संघ के अर्जुन कुमावत ने बताया कि ग्रीष्मावकाश में कटौती एवं संस्था प्रधान अधिकृत अवकाश के आदेश को वापस लेने सहित विभिन्न ज्वलंत मांगों को लेकर 8 अप्रैल को शिक्षको ने जिला मुख्यालय पर भारी संख्या में उपस्थित होकर सरकार के अव्यवहारिक आदेशों का भारी विरोध प्रदर्शन कर राज्य सरकार को ज्ञापन सौंपा गया है। जगाराम मीणा ने बताया कि प्रमुख मांगों में पारदर्शी तबादला नीति लागू करना, तबादलों पर लगी रोक हटाना, तृतीय श्रेणी शिक्षकों सहित सभी संवर्ग के स्थानांतरण प्रारंभ करना, 6 वर्षों से लंबित पदोन्नतियां करना, विद्यालयों में रिक्त पदों को शीघ्र भरना, जर्जर स्कूल भवनों के निर्माण व मरम्मत हेतु शीघ्र पर्याप्त बजट आवंटित करना तथा वर्ष 2011 से पूर्व नियुक्त शिक्षकों को टेट अनिवार्यता से मुक्त करने हेतु केंद्र सरकार से कानून बनवाने जैसी महत्वपूर्ण मांगें शामिल हैं। यदि सरकार शीघ्र ही मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लेती है तो आंदोलन को और अधिक व्यापक रूप दिया जाएगा। जिसके तहत 17 मई को संगठन के बैनर तले शिक्षक प्रदेश उपाध्यक्ष हुकमी चंद मिश्रा राजधानी जयपुर मे धरना प्रदर्शन करने की रणनीति पर विचार कर रहे हैं । ज्ञापन देने में अर्जुन कुमावत, बाबूलाल प्रजापत,पहलाद कुमार मीणा जवाजा, आईदान राम मिंडा,महेंद्र सिंह,कुंठा काठात, प्रकाश बढ़ियासर, लिखमाराम सीरवी, जगराम मीणा, जगदीश दगदी, महेंद्र डाबी, जग्गाराम राठौर,महेंद्र कुमार बैरवा, महेंद्र कुमार टेलर, प्रहलाद सिंह सांखला,विजय शंकर मिश्रा, लालचंद कोरानी, सलाउद्दीन, कुलदीप सिंह धालीवाल, भगवान दास सोलंकी,रघुवीर पारीक, रामचंद्र छाबा, खियांराम कुमावत, हरलाल रोज, धनराज मीणा, ओम प्रकाश प्रजापत, अशोक सिंह देवल, प्रकाश माली आदि संगठन के पदाधिकारी व शिक्षक मौजूद रहे।1
- *हादसों को न्यौता दे रहे वाटर हार्वेस्टिंग का खुला गड्ढा* पोसालिया निकटवर्ती पालड़ी एम में उपखण्ड शिवगंज क्षेत्र पालड़ी एम ग्राम पंचायत के पीछे आंगनबाड़ी बिजली घर के बीचो-बीच बना वाटर हार्वेस्टिंग का गड्ढा आमजन के लिए भी खतरा बनता जा रहा है सरकार की योजना के अंतर्गत बनाए गए वार्टर हार्वेस्टिंग के गद्दे खुले पड़े हैं सरकार द्वारा लाखों रुपए खर्च के बावजूद गड्ढों का कोई का उपयोग नहीं हो रहा है जर्जर होने के कारण सरिए चढ़ चुके हैं पास गुजरने वाले गोवंश गिर कर चोटिल हो रहे हैं सवेरे अचानक गड्ढे के पास से गुजर रही गाय अचानक गड्ढे में गिर गईग्रामीणों को इसकी भनक लगी तभी गोवंश को बचाने के लिए ग्रामीण इकट्ठा होने लगे वहीं ग्रामीणों में हड़कंप मच गया सूचना पर ॐ श्री गजानंद सेवा समिति अध्यक्ष मंगल कुमार मीणा सहित कार्यकर्ता मौके पर पहुंचे ग्राम पंचायत को भी इसकी जानकारी दी गई कार्यकर्ताओं ने 1 घंटे की कड़ी मस्कट के बाद गोवंश को पंचायत द्वारा उपलब्ध करवाई गई जेसीबी के माध्यम से सुरक्षित निकाला गया मीणा ने आरोप लगाया कि 30 मीटर के दायरे में आंगनबाड़ी और बिजली घर भी है इसके चलते अधिकतर ग्रामीण का आवागमन रहता है किसी भी वक्त हादसा हो सकता है आज गोवंश गिरा है कल कोई आंगनबाड़ी के पास खेलता हुआ बच्चा भी गिर सकता है इसको जल्द से जल्द बंद करवाना चाहिए ताकि आमजन के साथ मवेशियों के लिए भी जान का खतरा न बने इस दौरान हिरा राम,रमेश कुमार माली, दिनेश कुमार मीणा, सवाराम गाड़ोलिया,देवा राम देवासी आदि मौजूद रहे। पोसालिया कस्बे से रिपोर्ट चम्पा लाल माली ने बताया कि हर पल खबर के हर पल के कैमरा में केद कर रहे हैं।2
- Post by District.reporter.babulaljogaw1