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जनसंवाद न्यूज की ग्राउंड रिपोर्ट के मुताबिक, कसियाडीह पारपाइन गाँव में बन रहे एक पुल के निर्माण कार्य को लेकर स्थानीय ग्रामीणों ने गंभीर सवाल खड़े किए हैं। रिपोर्ट में इस मामले पर इंजीनियर के बयान को जानने का भी उल्लेख है।
पंकज प्रसून
जनसंवाद न्यूज की ग्राउंड रिपोर्ट के मुताबिक, कसियाडीह पारपाइन गाँव में बन रहे एक पुल के निर्माण कार्य को लेकर स्थानीय ग्रामीणों ने गंभीर सवाल खड़े किए हैं। रिपोर्ट में इस मामले पर इंजीनियर के बयान को जानने का भी उल्लेख है।
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- लातेहार के करकट निवासी सुबोध प्रसाद ने गुरुवार को एक प्रेसवार्ता आयोजित कर अपने पिता रामबृक्ष प्रसाद पर लगाए गए सभी आरोपों को पूरी तरह निराधार और बेबुनियाद बताया है। सुबोध प्रसाद ने दावा किया कि उनके पास आरोपों से संबंधित सभी आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध हैं, जिनकी सत्यता की पुष्टि कोई भी व्यक्ति देखकर कर सकता है। उन्होंने यह भी आग्रह किया कि मामले को केवल तथ्यों के आधार पर देखा जाए और बिना किसी प्रमाण के लगाए गए आरोपों पर विश्वास न किया जाए।1
- अंशिका जयमाला स्टेज से संबंधित सेवाओं के लिए ग्राहक 7061936807 पर संपर्क कर सकते हैं। यह जानकारी अंशिका जयमाला स्टेज से संबंधित है।1
- पब्लिक ऐप पर खबर प्रकाशित होने के बाद चतरा जिले के हंटरगंज प्रखंड स्थित ढेबो गांव की 77 वर्षीय असहाय विधवा दूरेश देवी की बदहाल जिंदगी में उम्मीद की किरण जगी है। उनके जर्जर मिट्टी के मकान में जीवन गुजारने की खबर पर जिला प्रशासन हरकत में आया, जिसके बाद उन्हें जल्द ही अंबेडकर आवास योजना का लाभ मिलने की संभावना है। दरअसल, बुधवार को पब्लिक ऐप पर खबर चलने और गुरुवार को अखबार में "77 वर्षीय विधवा जर्जर मिट्टी के घर में रहने को विवश, आवास योजना से अब तक वंचित, हर पल हादसे का खतरा" शीर्षक से प्रमुखता से समाचार प्रकाशित होने के बाद चतरा के उपायुक्त रवि आनंद ने मामले का तत्काल संज्ञान लिया। उपायुक्त के निर्देश पर हंटरगंज के प्रखंड विकास पदाधिकारी निखिल गौरव कमान कच्छप ने शुक्रवार को ढेबो गांव पहुंचकर वृद्धा के जर्जर आवास का स्वयं निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि दूरेश देवी की स्थिति अत्यंत दयनीय है; उनका कच्चा मकान पूरी तरह जर्जर हो चुका है और बरसात में छत से पानी टपकता है। वह मात्र 5x5 फीट के एक छोटे कमरे में रहने, खाना बनाने और रात गुजारने को मजबूर हैं। पति की मृत्यु के बाद अकेली रह रही दूरेश देवी वर्षों से इस जर्जर मकान में भय के साये में जीवन बिता रही थीं, और कई आवेदन व सर्वे के बावजूद उन्हें सरकारी आवास योजना का लाभ नहीं मिल पाया था। बीडीओ ने तत्काल अंबेडकर आवास योजना के तहत दूरेश देवी का रिकॉर्ड खोलने के निर्देश दिए, ताकि उन्हें जल्द से जल्द पक्का आवास उपलब्ध कराया जा सके। इसके बाद उपायुक्त ने स्वयं वृद्धा को अपने कार्यालय बुलाकर उनकी समस्याओं को सुना और अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। जिला प्रशासन की इस त्वरित और संवेदनशील पहल से अब दूरेश देवी को अंबेडकर आवास योजना का लाभ मिलने की उम्मीद जगी है, और उनके चेहरे पर लंबे समय बाद राहत और उम्मीद की मुस्कान लौट आई है।1
- औरंगाबाद में पूर्व सांसद और वरिष्ठ अधिवक्ता रमेश प्रसाद सिंह की 107वीं जयंती रमेश प्रसाद सिंह मेमोरियल ट्रस्ट द्वारा मनाई गई। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता ट्रस्ट के अध्यक्ष कन्हैयालाल जैन ने की, जबकि संयुक्त सचिव अरुण कुमार सिंह ने इसका संचालन किया। सर्वप्रथम, औरंगाबाद के रमेश चौक स्थित रमेश प्रसाद सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उनके व्यक्तित्व और कृतित्व पर विस्तृत चर्चा की गई। इस अवसर पर रेड क्रॉस के चेयरमैन ने रमेश बाबू को बहुमुखी प्रतिभा का धनी बताया और उनकी प्रतिमा स्थल के सौंदर्यीकरण का सुझाव दिया। नगर परिषद चेयरमैन उदय प्रसाद गुप्ता ने पूर्व सांसद रमेश बाबू की जीवनी के प्रचार-प्रसार की आवश्यकता पर बल दिया। जिला विधिज्ञ संघ औरंगाबाद के पूर्व अध्यक्ष रसिक बिहारी सिंह ने इस बात पर जोर दिया कि वरिष्ठ अधिवक्ता रमेश प्रसाद सिंह गरीब मुवक्किलों के बीच बहुत लोकप्रिय थे और युवा अधिवक्ताओं को उनसे प्रेरणा लेनी चाहिए। प्रधानाध्यापक उदय कुमार सिंह ने औरंगाबाद में शिक्षा के क्षेत्र में रमेश प्रसाद सिंह के अतुलनीय योगदान को रेखांकित किया, यह बताते हुए कि वे अनेक स्कूलों के सदस्य भी थे। ट्रस्ट के अध्यक्ष कन्हैयालाल जैन ने बताया कि इस वर्ष ट्रस्ट के सचिव प्रमोद कुमार सिंह का निधन हो गया, जिस पर सभी मर्माहत हैं। उन्होंने सर्वसम्मति से साकेत कुमार को प्रमोद कुमार सिंह के रिक्त स्थान पर ट्रस्ट का नया सचिव नियुक्त किए जाने की घोषणा की। इसके अतिरिक्त, जैन ने यह भी बताया कि ट्रस्ट औरंगाबाद में गौमाता को चारा खिलाने के लिए ग्यारह हज़ार रुपये देने की घोषणा करता है। नवनियुक्त सचिव साकेत कुमार ने अपनी संस्था द्वारा पूर्व की भाँति समाजसेवा जारी रखने का संकल्प दोहराया। अधिवक्ता सतीश कुमार स्नेही ने जानकारी दी कि जयंती के उपलक्ष्य में रमेश चौक को भव्य रूप से सजाया गया था और बहुआरा बारूण का नाम रोशन करने वाले वरिष्ठ अधिवक्ता रमेश प्रसाद सिंह का नाम लेकर युवा अधिवक्ता स्वयं को गौरवान्वित महसूस करते हैं। महावीर जैन ने कहा कि औरंगाबाद के हृदयस्थल रमेश चौक जिलेवासियों के लिए प्रेरणा स्रोत बना रहेगा। इस अवसर पर विशाल जैन, अमित कुमार चम्पक, शिवनारायण सिंह, गुप्तेश्वर सिंह, मदन प्रसाद, जय किशोर सिंह, प्रो अशोक कुमार सिंह, कुंदन कुमार माथुर, प्रो विनोद कुमार सिंह, कृष्ण कुमार पिंटू, रामजी प्रसाद, प्रो रविन्द्र सिन्हा, मिथलेश कुमार, विपिन सिन्हा, विजय प्रसाद, ज्ञानेश्वर सिंह, जितेन्द्र कुमार, विजय प्रसाद सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।1
- गया जिले के डोभी प्रखंड में बिहार राज्य का सबसे बड़ा मेगा इंटीग्रेटेड मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर (IMC) और अमृतसर-कोलकाता इंडस्ट्रियल कॉरिडोर (AKIC) विकसित किया जा रहा है। ₹1,339 करोड़ से अधिक की लागत से तैयार हो रहे इस विशाल औद्योगिक क्षेत्र में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की कई कंपनियां अपनी फैक्ट्रियां स्थापित कर रही हैं। यह वृहद औद्योगिक हब डोभी के खरांटी पंचायत सहित कुल 13 गांवों में लगभग 1,670 एकड़ भूमि पर फैला हुआ है। इस परियोजना से क्षेत्र में लगभग 1 लाख लोगों को रोजगार मिलने की उम्मीद है। इसके अतिरिक्त, श्याम स्टील जैसी प्रमुख निजी कंपनी ने भी गया-डोभी औद्योगिक गलियारे में लगभग ₹5,000 करोड़ के भारी निवेश की योजना बनाई है। इस कॉरिडोर में मुख्य रूप से खाद्य प्रसंस्करण, तकनीकी उपकरण निर्माण, पैकेजिंग, वेयरहाउसिंग और लॉजिस्टिक्स से जुड़ी कंपनियां स्थापित होंगी। साथ ही, रक्षा और एयरोस्पेस से संबंधित इकाइयां भी यहां लगाई जाएंगी। इस हब की कनेक्टिविटी बेहद मजबूत है क्योंकि यह जीटी रोड (NH-19), NH-22 और गया इंटरनेशनल एयरपोर्ट के बेहद नजदीक स्थित है। वर्तमान में, ज़मीन के समतलीकरण और विकास कार्य ज़ोरों पर चल रहे हैं और गया जिला के डोभी प्रखंड में एक कंपनी का ऑफिस भी बनाया गया है, जिससे युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे।1
- नालसा नई दिल्ली, झालसा रांची और जिला विधिक सेवा प्राधिकार (DLSA) गढ़वा के सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष मनोज प्रसाद एवं सचिव निभा रंजना लकड़ा के निर्देशानुसार 90 दिवसीय आउटरीच जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। इस कार्यक्रम के अंतर्गत, रंका प्रखंड के विश्रामपुर पंचायत में पीएलवी राजेश कुमार चौधरी लगातार ग्रामीण क्षेत्रों के परिवारों की हर संभव मदद कर उन्हें सहारा देने का प्रयास कर रहे हैं। इसी कड़ी में, ग्राम गासेदाग, खडयाहि, बहाहारा निवासी सकेंद्र कुमार भुइयां (उम्र 22 साल) जो कई सालों से फाइलेरिया से जूझ रहे हैं, उन्हें सहायता प्रदान की गई। सकेंद्र कुमार भुइयां का इलाज कराया गया है और जल्द ही दिव्यांग प्रमाण पत्र बनाने की प्रक्रिया शुरू कर उनका प्रमाण पत्र बनवाया जाएगा। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के डॉक्टर नीतीश कुमार और डॉक्टर कृष्ण कुमार ने बताया कि फाइलेरिया मच्छरों के काटने से फैलने वाला एक गंभीर और स्थायी रोग है। इस बीमारी में शरीर के अंग, खासकर पैर, अत्यधिक सूजकर हाथी के पैर जैसे मोटे और बेडौल हो जाते हैं। यह बीमारी संक्रमित मादा क्यूलेक्स मच्छरों के काटने से फैलती है। रंका सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम के पंकज कुमार विश्वकर्मा और तरुण विश्वास ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि सकेंद्र कुमार का पहले लेप्रोशी का इलाज चल रहा था। किन्हीं कारणों से समय पर दवा न लेने और सही देखभाल न होने से उनकी स्थिति गंभीर बनी हुई है। चिकित्सक पंकज कुमार विश्वकर्मा की निगरानी में उन्हें दवा खिलाई गई और आवश्यकतानुसार इंजेक्शन, किट तथा दवा भी उपलब्ध कराई गई। अधिकारियों ने बताया कि बहुत जल्द उन्हें उचित और बेहतर उपचार प्रदान किया जाएगा।1
- कांग्रेस पार्टी के पूर्व मंत्री जोगेंद्र साहू, के राजू और राधा कृष्णा केदारी में 6 तारीख को एक बैठक के लिए आ रहे हैं। इस दौरान, वे मैन्स सुशी मान्स (Sushi mance) और सीबीसी एमपीएल (CBC MPL) कोयला खदानों का निरीक्षण भी करेंगे। यह पूरा दौरा सभी विस्थापितों और भूरे लोगों की 2013 की लंबित मांगों को लेकर किया जा रहा है।1
- Post by Yuva team jharkhand1