Shuru
Apke Nagar Ki App…
मध्य प्रदेश के ग्वालियर जिले के डबरा स्थित बरोल गाँव में आंगनवाड़ी केंद्र पूरी तरह से खंडहर और दलदल में बदल चुका है, जिसके कारण वहाँ पढ़ने आने वाले बच्चों की जान हर पल जोखिम में रहती है। यह जर्जर आंगनवाड़ी किसी भी वक्त एक बड़े हादसे का सबब बन सकती है, जहाँ गाँव के मासूम बच्चे प्रतिदिन शिक्षा ग्रहण करने के लिए पहुँचते हैं। आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका ने इस गंभीर स्थिति को लेकर प्रशासन को कई बार सूचित किया है। इसके बावजूद, अब तक इस मामले में कोई ठोस कार्रवाई या संज्ञान नहीं लिया गया है। बरसात का मौसम नजदीक आने से यह खतरा और भी बढ़ गया है, जिससे कभी भी कोई अप्रिय घटना घटित होने की आशंका बनी हुई है।
Rajesh kumar soni
मध्य प्रदेश के ग्वालियर जिले के डबरा स्थित बरोल गाँव में आंगनवाड़ी केंद्र पूरी तरह से खंडहर और दलदल में बदल चुका है, जिसके कारण वहाँ पढ़ने आने वाले बच्चों की जान हर पल जोखिम में रहती है। यह जर्जर आंगनवाड़ी किसी भी वक्त एक बड़े हादसे का सबब बन सकती है, जहाँ गाँव के मासूम बच्चे प्रतिदिन शिक्षा ग्रहण करने के लिए पहुँचते हैं। आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका ने इस गंभीर स्थिति को लेकर प्रशासन को कई बार सूचित किया है। इसके बावजूद, अब तक इस मामले में कोई ठोस कार्रवाई या संज्ञान नहीं लिया गया है। बरसात का मौसम नजदीक आने से यह खतरा और भी बढ़ गया है, जिससे कभी भी कोई अप्रिय घटना घटित होने की आशंका बनी हुई है।
More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
- पिछोर थाना प्रभारी शिवम राजावत की अगुवाई में पुलिस ने ग्राम धई में एक बड़े जुए के फड़ पर दबिश दी। पीतांबरा गार्डन के पीछे खेत में लाखों रुपए के दांव लगा रहे जुआरी, पुलिस को देखकर खुले मैदान का फायदा उठाकर भाग निकले। पुलिस ने मौके से 8 मोटरसाइकिलें जब्त कीं, जिन्हें ट्रैक्टर-ट्रॉली में लादकर थाने पहुंचाया गया। पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि धई गांव में बड़े स्तर पर जुआ चल रहा है, जहां रोजाना लाखों रुपए के दांव लगते थे। खुले खेत में तिरपाल बिछाकर यह फड़ जमाया गया था और आसपास के गांवों से जुआरी अपनी बाइकों से यहां पहुंचते थे। पुलिस की दबिश की भनक लगते ही मौके पर अफरा-तफरी मच गई और जुआरी अपनी बाइकें छोड़कर खेतों के रास्ते भाग गए। थाना प्रभारी शिवम राजावत ने बताया कि वाहन मालिकों की पहचान की जा रही है और सभी आरोपियों के खिलाफ जुआ एक्ट के तहत कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि क्षेत्र में जुआ और सट्टा किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।1
- ग्वालियर जिले के डबरा में ए-ग्रेड कृषि उपज मंडी से जुड़े धान व्यापार में कथित तौर पर करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। डबरा के एक स्थानीय व्यापारी ने हरियाणा के चार व्यापारियों पर धान खरीदने के बाद ₹1 करोड़ 53 लाख का भुगतान न करने का गंभीर आरोप लगाया है। पीड़ित की शिकायत के आधार पर, डबरा सिटी थाना पुलिस ने चार आरोपियों और उनकी संबंधित फर्मों के खिलाफ कथित धोखाधड़ी का प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार, डबरा सिटी थाना क्षेत्र के सुभाषगंज निवासी व्यापारी प्रमोद शर्मा ने अपनी शिकायत में बताया कि वर्ष 2023 से उनका हरियाणा के कुछ व्यापारियों के साथ व्यावसायिक लेन-देन चल रहा था। शुरुआती चरण में आरोपियों ने समय पर भुगतान करके उनका विश्वास जीता, जिसके बाद बड़े पैमाने पर धान की खरीद का सिलसिला शुरू हुआ। शिकायत में आरोप है कि आरोपियों ने लगातार धान की खेप मंगाई, लेकिन बाद में भुगतान करना बंद कर दिया। यह भी आरोप है कि खरीदे गए धान का उपयोग कर लिया गया या उसे खुले बाजार में बेच दिया गया, जबकि पीड़ित व्यापारी को उसकी बकाया राशि का भुगतान नहीं किया गया। जब पीड़ित द्वारा कई बार भुगतान की मांग किए जाने के बावजूद राशि नहीं मिली, तब उन्होंने डबरा सिटी थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामले की प्रारंभिक जांच की, जिसमें प्रथम दृष्टया धोखाधड़ी के तथ्य सामने आने के बाद चार आरोपियों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज की गई है। पुलिस ने परवेश खुरानियां (बंसल) और आशू गंभीर, जो करुणानिधान एग्रोटेक प्रा. लि., ग्राम मस्तपुर, जिला अंबाला (हरियाणा) से संबंधित हैं, तथा केशव मित्तल और दिनेश, जो इंडोवेस्ट राइस मिल, करनाल (हरियाणा) से संबद्ध हैं, के खिलाफ संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि जांच के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।2
- ग्वालियर में केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने एक बड़ा दावा किया है, जहाँ उन्होंने कहा कि दतिया उपचुनाव में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) एक बड़ी जीत दर्ज करेगी।1
- ग्वालियर ज़ोन के आईजी श्री अरविंद सक्सेना को उनके जन्मदिन के अवसर पर हार्दिक शुभकामनाएँ दी गई हैं। इस अवसर पर ईश्वर से उनके उत्तम स्वास्थ्य, दीर्घायु और निरंतर सफलता के लिए प्रार्थना की गई है। शुभकामनाएँ देने वालों ने कामना की है कि वे इसी निष्ठा, निष्पक्षता और समर्पण के साथ जनसेवा और कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने में अपना महत्वपूर्ण योगदान देते रहें। उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए भी मंगलकामनाएँ व्यक्त की गई हैं।1
- भांडेर क्षेत्र में रविवार को सुबह 10 बजे से दोपहर 02 बजे तक चार घंटे के लिए विद्युत आपूर्ति बंद रहेगी। बिजली वितरण कंपनी द्वारा 132/33 केवी उपकेंद्र, सरसई रोड, भांडेर पर आवश्यक रखरखाव और उपकरणों के परिवर्तन के कार्य के कारण यह शटडाउन किया जाएगा। कंपनी के सहायक अभियंता किशन कुमार अहिरवार ने शनिवार दोपहर 03 बजे जानकारी देते हुए बताया कि यह कार्य उपकेंद्र के उपकरणों की सुरक्षा, रखरखाव और भविष्य में उपभोक्ताओं को निर्बाध व गुणवत्तापूर्ण विद्युत आपूर्ति उपलब्ध कराने के उद्देश्य से किया जा रहा है। इस दौरान भांडेर नगर, भांडेर क्षेत्र के आसपास के सभी गांवों और पंडोखर क्षेत्र के समस्त ग्रामों में बिजली आपूर्ति प्रभावित रहेगी। बिजली कंपनी ने क्षेत्र के उपभोक्ताओं से सहयोग की अपील करते हुए उन्हें अपने आवश्यक कार्य पहले से ही निपटाने की सलाह दी है। साथ ही, यह भी बताया गया है कि यदि निर्धारित अवधि में किसी अति महत्वपूर्ण व्यक्ति (वीआईपी) का दौरा प्रस्तावित होता है, तो शटडाउन की अनुमति स्वतः निरस्त कर दी जाएगी और विद्युत आपूर्ति सामान्य रूप से जारी रखी जाएगी।1
- एक मामूली विवाद के बाद एक गर्भवती महिला के साथ बर्बरतापूर्ण व्यवहार किया गया. इस बर्बरता के परिणामस्वरूप, महिला के गर्भ में पल रहे चार माह के बच्चे की दुखद मौत हो गई.1
- रतनगढ़ माता मंदिर में शारदीय नवरात्रि और दीपावली मेले के आयोजन को लेकर तैयारियां तेजी से चल रही हैं। इन तैयारियों के संबंध में कलेक्टर ने सख्त निर्देश जारी किए हैं।1
- मध्य प्रदेश के ग्वालियर जिले के डबरा स्थित बरोल गाँव में आंगनवाड़ी केंद्र पूरी तरह से खंडहर और दलदल में बदल चुका है, जिसके कारण वहाँ पढ़ने आने वाले बच्चों की जान हर पल जोखिम में रहती है। यह जर्जर आंगनवाड़ी किसी भी वक्त एक बड़े हादसे का सबब बन सकती है, जहाँ गाँव के मासूम बच्चे प्रतिदिन शिक्षा ग्रहण करने के लिए पहुँचते हैं। आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका ने इस गंभीर स्थिति को लेकर प्रशासन को कई बार सूचित किया है। इसके बावजूद, अब तक इस मामले में कोई ठोस कार्रवाई या संज्ञान नहीं लिया गया है। बरसात का मौसम नजदीक आने से यह खतरा और भी बढ़ गया है, जिससे कभी भी कोई अप्रिय घटना घटित होने की आशंका बनी हुई है।4