उत्तर प्रदेश शासन के वृक्षारोपण महाअभियान-2026 के तहत बदायूं के शेखूपुर स्थित शिखर इंस्टीट्यूट ऑफ फार्मेसी में पर्यावरण संरक्षण और हरित भविष्य के संकल्प के साथ वृहद वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अभियान के अंतर्गत संस्थान परिसर में तय लक्ष्य के अनुसार 200 छायादार, फलदार और औषधीय पौधे लगाए गए। इस वृहद कार्यक्रम का शुभारंभ संस्थान के अध्यक्ष डॉ. आर. के. वर्मा और डिप्टी रजिस्ट्रार आचार्य राजन मेंदिरत्ता ने संयुक्त रूप से पौधारोपण करके किया। इस अवसर पर डॉ. आर. के. वर्मा ने कहा कि वृक्ष पृथ्वी का जीवन हैं और आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य व स्वच्छ वायु के लिए हर व्यक्ति को पौधारोपण के साथ उसके संरक्षण का संकल्प लेना चाहिए। वहीं, डिप्टी रजिस्ट्रार आचार्य राजन मेंदिरत्ता ने इसे महज एक सरकारी अभियान न मानकर प्रकृति के प्रति नैतिक जिम्मेदारी बताया। उन्होंने कहा कि यदि हर नागरिक प्रतिवर्ष एक पौधा लगाकर उसकी देखभाल करे, तो पर्यावरण संरक्षण का लक्ष्य स्वतः ही पूरा हो जाएगा। इस कार्यक्रम में असिस्टेंट प्रोफेसर शिखा वर्मा, सना फ़ातिमा, समरीन परवीन, चरणजीत, अक्षांशु पटेल, नर्सिंग ट्यूटर राधा गौर, दयाराम, गौरव यादव, सुबोध पाठक, पंकज मिश्रा, दिनेश कुमार, अमन यादव और संस्थान के माली संगम व पंकज उपस्थित रहे। अंत में, सभी उपस्थित लोगों ने रोपे गए पौधों की नियमित देखभाल और संरक्षण का संकल्प लिया तथा समाज को स्वच्छ व हरित बनाने का आह्वान किया।
उत्तर प्रदेश शासन के वृक्षारोपण महाअभियान-2026 के तहत बदायूं के शेखूपुर स्थित शिखर इंस्टीट्यूट ऑफ फार्मेसी में पर्यावरण संरक्षण और हरित भविष्य के संकल्प के साथ वृहद वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अभियान के अंतर्गत संस्थान परिसर में तय लक्ष्य के अनुसार 200 छायादार, फलदार और औषधीय पौधे लगाए गए। इस वृहद कार्यक्रम का शुभारंभ संस्थान के अध्यक्ष डॉ. आर. के. वर्मा और डिप्टी रजिस्ट्रार आचार्य राजन मेंदिरत्ता ने संयुक्त रूप से पौधारोपण करके किया। इस अवसर पर डॉ. आर. के. वर्मा ने कहा कि वृक्ष पृथ्वी का जीवन हैं और आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य व स्वच्छ वायु के लिए हर व्यक्ति को पौधारोपण के साथ उसके संरक्षण का
संकल्प लेना चाहिए। वहीं, डिप्टी रजिस्ट्रार आचार्य राजन मेंदिरत्ता ने इसे महज एक सरकारी अभियान न मानकर प्रकृति के प्रति नैतिक जिम्मेदारी बताया। उन्होंने कहा कि यदि हर नागरिक प्रतिवर्ष एक पौधा लगाकर उसकी देखभाल करे, तो पर्यावरण संरक्षण का लक्ष्य स्वतः ही पूरा हो जाएगा। इस कार्यक्रम में असिस्टेंट प्रोफेसर शिखा वर्मा, सना फ़ातिमा, समरीन परवीन, चरणजीत, अक्षांशु पटेल, नर्सिंग ट्यूटर राधा गौर, दयाराम, गौरव यादव, सुबोध पाठक, पंकज मिश्रा, दिनेश कुमार, अमन यादव और संस्थान के माली संगम व पंकज उपस्थित रहे। अंत में, सभी उपस्थित लोगों ने रोपे गए पौधों की नियमित देखभाल और संरक्षण का संकल्प लिया तथा समाज को स्वच्छ व हरित बनाने का आह्वान किया।
- बदायूं जिले के बिनावर थाना क्षेत्र के एक गांव में रहने वाली पिंकी मौर्या ने अपने पति प्रमोद कुमार पर गंभीर आरोप लगाते हुए न्याय की गुहार लगाई है। पीड़िता की शादी 20 जून 2005 को प्रमोद कुमार से हिंदू रीति-रिवाज से हुई थी और उनके दो बेटे हैं। पिंकी का आरोप है कि उसके पति के पिछले कुछ सालों से एक अन्य महिला से संबंध हैं, जिसके चलते 2 जुलाई 2026 की दोपहर करीब 3 बजे पति ने बिना तलाक दिए उसे और उसके बच्चों को घर से निकाल दिया। जब वह अपने भाई और बेटों के साथ वापस घर लौटी, तो पति और उस आरोपी महिला ने मिलकर उनके साथ मारपीट की और उन्हें जान से मारने की धमकी दी। पीड़िता द्वारा मौके पर 112 नंबर पर कॉल करने के बावजूद पुलिस बिना कोई कार्रवाई किए वापस लौट गई। इस घटना के 10 दिन बीत जाने के बाद भी पीड़िता को बिनावर कोतवाली से कोई न्याय नहीं मिला है। पीड़िता का आरोप है कि बिनावर कोतवाली में फरियादियों की सुनवाई नहीं होती और वरिष्ठ अधिकारियों को गुमराह करने के लिए आईजीआरएस (IGRS) पोर्टल पर भी झूठी रिपोर्ट लगा दी जाती है। बेघर होकर बच्चों के साथ दर-दर भटकने को मजबूर पीड़िता ने अब बदायूं के एसएसपी (SSP) को प्रार्थना पत्र देकर आरोपी पति और महिला पर घरेलू हिंसा व मारपीट की धाराओं में केस दर्ज करने की मांग की है। साथ ही, उसने बच्चों के साथ घर में सुरक्षित रहने की व्यवस्था कराने की अपील करते हुए कहा है, "मेरे दो छोटे-छोटे बच्चे हैं। अगर पुलिस मदद नहीं करेगी तो हम कहां जाएंगे।"1
- बदायूं में रिश्तों की आड़ में रची गई साजिश और खामोशी के पीछे छिपे खून के राज का एक ऐसा सनसनीखेज मामला सामने आया है जिसने हर किसी को सन्न कर दिया है। प्यार, मोहब्बत और भरोसे के बाद बेवफाई का ऐसा खूनी अंजाम देखने को मिला है, जिसने सबको चौंका दिया है। आखिर इस वारदात को किसने, क्यों और कैसे अंजाम दिया, इस सनसनीखेज हत्याकांड का पूरा सच 'Aaj Ki Khabar' के स्पेशल क्राइम शो '#गुनाह' में दिखाया जाएगा। बदायूं की इस खौफनाक 'क्राइम स्टोरी' का पूरा सच जल्द ही सामने आने वाला है।1
- बदायूं के गायत्री शक्तिपीठ एवं आध्यात्मिक चेतना केंद्र पर विश्व जनसंख्या दिवस के उपलक्ष्य में प्रखर बाल संस्कारशाला के तत्वावधान में विराट गायत्री महायज्ञ का आयोजन किया गया। इस महायज्ञ में बाल संस्कारशाला के बच्चों ने लोकमंगल, वैश्विक शांति, मानवीय सद्भाव तथा संतुलित जनसंख्या व्यवस्था की कामना से गायत्री मंत्र एवं महामृत्युंजय मंत्र की विशेष आहुतियां यज्ञ भगवान को समर्पित कीं। इस अनुष्ठान से संपूर्ण वातावरण वैदिक ऋचाओं, मंत्रोच्चार एवं यज्ञीय सुगंध से आध्यात्मिक चेतना से अनुप्राणित हो उठा। परिव्राजक सुमित कुकरेती ने विधि-विधानपूर्वक इस यज्ञ को संपन्न कराया। उन्होंने कहा कि यज्ञ भारतीय संस्कृति का शाश्वत प्राणतत्त्व है, जो मानव के अंतःकरण का परिष्कार, पर्यावरण का परिमार्जन तथा सामाजिक समरसता का सशक्त माध्यम है। वहीं, वरिष्ठ ट्रस्टी सुखपाल शर्मा ने संबोधित करते हुए कहा कि जनसंख्या तभी राष्ट्रीय संपदा सिद्ध होती है, जब वह शिक्षित, सुसंस्कृत, स्वावलंबी, अनुशासित एवं राष्ट्रनिष्ठ नागरिकों में रूपांतरित हो। गायत्री परिवार के संजीव कुमार शर्मा ने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि अनियंत्रित जनसंख्या वृद्धि प्राकृतिक संसाधनों, पर्यावरणीय संतुलन, स्वास्थ्य, शिक्षा एवं रोजगार पर बहुआयामी दबाव उत्पन्न करती है। उन्होंने जोर देकर कहा कि नारी सशक्तिकरण, संस्कार-संपन्न परिवार व्यवस्था और आध्यात्मिक दृष्टिकोण के समन्वित प्रयासों से ही इस पर नियंत्रण संभव है। इस अवसर पर रिया, रौनक, नीतू, पायल, ऐनी, अनुष्का, राधिका, शिखा, दीपाली और शैलेश आदि मुख्य रूप से मौजूद रहे और गायत्री महायज्ञ के माध्यम से जनसंख्या संतुलन एवं सांस्कृतिक पुनर्जागरण का आह्वान किया गया।1
- बदायूं के बिल्सी नगर में खुदाई के दौरान एक बड़ा हादसा हो गया, जहां एक दीवार अचानक भरभराकर गिर गई। इस हादसे में वहां काम कर रहे 5 मजदूर मलबे के नीचे दब गए। घटना के बाद राहत कार्य करते हुए मलबे में दबे सभी मजदूरों को बाहर निकाल लिया गया है, जिनमें से एक मजदूर की हालत काफी गंभीर बनी हुई है। हादसे की जानकारी मिलते ही पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंच गई है और मामले की जांच शुरू कर दी है।1
- बदायूं में 9:00 बजे एक बेटे ने अपने पिता की कुल्हाड़ी से काटकर हत्या कर दी। ब्यूरो रिपोर्ट के अनुसार, बदायूं में घटित इस सनसनीखेज वारदात में बेटे ने अपने ही पिता पर कुल्हाड़ी से वार कर उन्हें मौत के घाट उतार दिया।1