देखिए इस खबर को – एक रात में सबसे ताकतवर नेता की मौत…. ईरान ने न्यूक्लियर प्रोग्राम चलाया, जिसे इज़राइल और अमेरिका अपनी सुरक्षा के लिए खतरा मानते हैं। 2024 और 2025 में दोनों तरफ से मिसाइल अटैक हुए थे। जून 2025 में इज़राइल ने ईरान के न्यूक्लियर साइट्स पर बड़ा हमला किया, अमेरिका भी शामिल हुआ। लेकिन 2026 में बात और बढ़ गई। फरवरी 2026 में अमेरिकी प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को अल्टीमेटम दिया – न्यूक्लियर प्रोग्राम कम करो, वरना हमला होगा। ईरान ने मना कर दिया। नेगोशिएशंस फेल हो गए। और फिर 28 फरवरी 2026 को सुबह करीब 9:45 बजे ईरानी टाइम (IRST) पर हमला शुरू हुआ। अमेरिका और इज़राइल ने जॉइंट ऑपरेशन चलाया, जिसे इज़राइल ने "ऑपरेशन जेनेसिस" नाम दिया। अमेरिकी वॉरशिप्स से टॉमहॉक मिसाइलें, F-18 फाइटर जेट्स, HIMARS लॉन्चर्स और इज़राइली फाइटर जेट्स ने ईरान के 500 से ज्यादा मिलिट्री टारगेट्स पर हमला किया। टारगेट थे – एयर डिफेंस सिस्टम, मिसाइल लॉन्चर्स, न्यूक्लियर साइट्स और सबसे बड़ा – तेहरान का पास्तूर डिस्ट्रिक्ट, जहां सुप्रीम लीडर आयतुल्लाह अली खामेनेई का ऑफिस और रेजिडेंस था।
देखिए इस खबर को – एक रात में सबसे ताकतवर नेता की मौत…. ईरान ने न्यूक्लियर प्रोग्राम चलाया, जिसे इज़राइल और अमेरिका अपनी सुरक्षा के लिए खतरा मानते हैं। 2024 और 2025 में दोनों तरफ से मिसाइल अटैक हुए थे। जून 2025 में इज़राइल ने ईरान के न्यूक्लियर साइट्स पर बड़ा हमला किया, अमेरिका भी शामिल हुआ। लेकिन 2026 में बात और बढ़ गई। फरवरी 2026 में अमेरिकी प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को अल्टीमेटम दिया – न्यूक्लियर प्रोग्राम कम करो, वरना हमला होगा। ईरान ने मना कर दिया। नेगोशिएशंस फेल हो गए। और फिर 28 फरवरी 2026 को सुबह करीब 9:45 बजे ईरानी टाइम (IRST) पर हमला शुरू हुआ। अमेरिका और इज़राइल ने जॉइंट ऑपरेशन चलाया, जिसे इज़राइल ने "ऑपरेशन जेनेसिस" नाम दिया। अमेरिकी वॉरशिप्स से टॉमहॉक मिसाइलें, F-18 फाइटर जेट्स, HIMARS लॉन्चर्स और इज़राइली फाइटर जेट्स ने ईरान के 500 से ज्यादा मिलिट्री टारगेट्स पर हमला किया। टारगेट थे – एयर डिफेंस सिस्टम, मिसाइल लॉन्चर्स, न्यूक्लियर साइट्स और सबसे बड़ा – तेहरान का पास्तूर डिस्ट्रिक्ट, जहां सुप्रीम लीडर आयतुल्लाह अली खामेनेई का ऑफिस और रेजिडेंस था।
- Post by Crime Darpan News1
- नेपाल में गुरुवार को शांतिपूर्ण ढंग से चुनाव संपन्न जोगबनी/अररिया पड़ोसी देश नेपाल के कोशी क्षेत्र में गुरुवार को चुनाव शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ। हालांकि समाचार लिखें जाने तक पुरे नेपाल मे मतदान होने के समय किसी अप्रिय घटना की सुचना प्राप्त नहीं हुई हैं। कोशी प्रदेश मे मतदान के दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे और प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आया। कोशी प्रदेश के डीआईजी बिनोद घिमरे ने जानकारी देते हुए बताया कि अब तक पूरे प्रदेश में मतदान शांतिपूर्ण तरीके से चल रहा है। सुरक्षा बलों की तैनाती के साथ सभी मतदान केंद्रों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है ताकि किसी भी तरह की अप्रिय घटना न हो। प्रशासन ने मतदाताओं से शांतिपूर्ण और निष्पक्ष तरीके से मतदान करने की अपील की थी, जिसका व्यापक असर भी देखने को मिला। चुनाव को लेकर भारत नेपाल सीमावर्ती शहर जोगबनी क्षेत्रों में एसएसबी एवं स्थानीय प्रशासन ने भी सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई थी और भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह सतर्क रहीं। सीमा सील होने की जानकारी के आभाव मे कुछ लोग जोगबनी सीमा पर नेपाल जाने एवं आने बाले फस जाने की जानकारी मिली हैं, जो स्टेशन रोड पर गुरुवार को सीमा सील की खुलने का इंतजार मे बैठे हुय नजर आ रहे हैं।1
- ईरान ने न्यूक्लियर प्रोग्राम चलाया, जिसे इज़राइल और अमेरिका अपनी सुरक्षा के लिए खतरा मानते हैं। 2024 और 2025 में दोनों तरफ से मिसाइल अटैक हुए थे। जून 2025 में इज़राइल ने ईरान के न्यूक्लियर साइट्स पर बड़ा हमला किया, अमेरिका भी शामिल हुआ। लेकिन 2026 में बात और बढ़ गई। फरवरी 2026 में अमेरिकी प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को अल्टीमेटम दिया – न्यूक्लियर प्रोग्राम कम करो, वरना हमला होगा। ईरान ने मना कर दिया। नेगोशिएशंस फेल हो गए। और फिर 28 फरवरी 2026 को सुबह करीब 9:45 बजे ईरानी टाइम (IRST) पर हमला शुरू हुआ। अमेरिका और इज़राइल ने जॉइंट ऑपरेशन चलाया, जिसे इज़राइल ने "ऑपरेशन जेनेसिस" नाम दिया। अमेरिकी वॉरशिप्स से टॉमहॉक मिसाइलें, F-18 फाइटर जेट्स, HIMARS लॉन्चर्स और इज़राइली फाइटर जेट्स ने ईरान के 500 से ज्यादा मिलिट्री टारगेट्स पर हमला किया। टारगेट थे – एयर डिफेंस सिस्टम, मिसाइल लॉन्चर्स, न्यूक्लियर साइट्स और सबसे बड़ा – तेहरान का पास्तूर डिस्ट्रिक्ट, जहां सुप्रीम लीडर आयतुल्लाह अली खामेनेई का ऑफिस और रेजिडेंस था।1
- छातापुर में डीएम का औचक निरीक्षण, कई पदाधिकारी व कर्मी अनुपस्थित मिलने पर कार्रवाई के निर्देश1
- Post by Aftab Comedy1
- Post by Araria News1
- 8521371
- छातापुर तेज रफ्तार ने छीनी जिंदगी,युवक की मौत, 10 माह की बेटी हुई बेसहारा, ललितग्राम थाना क्षेत्र में हुए सड़क हादसे में निर्मली निवासी युवक मिथिलेश मल्लिक की मौत से पूरे इलाके में शोक की लहर है। गुरुवार को शव घर पहुंचने के बाद गमगीन माहौल में उनका अंतिम संस्कार किया गया। मिथिलेश अपने पीछे 10 माह की मासूम बेटी और पत्नी को छोड़ गए हैं। घटना के बाद परिवार व मोहल्ले में मातम पसरा हुआ है।1