मध्य प्रदेश में कांग्रेस ने सरकार के खिलाफ सीधा मोर्चा खोल दिया है, जिसमें जिला कांग्रेस कमेटी नर्मदापुरम के अध्यक्ष शिवाकांत पाण्डेय (गुड्डन) ने एक प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से प्रदेशव्यापी जनआंदोलन का ऐलान किया है। इस आंदोलन का मुख्य आधार युवाओं के भविष्य, किसानों की बदहाली, उज्जैन भूमि प्रकरण और कथित भ्रष्टाचार जैसे गंभीर मुद्दे हैं, जिन पर कांग्रेस सरकार से जवाबदेही की मांग कर रही है। कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि प्रदेश का युवा परीक्षा संबंधी विवादों के कारण अपने भविष्य को लेकर असमंजस में है और न्याय की मांग के बावजूद उन्हें केवल इंतजार मिला है। पार्टी ने सवाल उठाया कि आखिर युवाओं के भविष्य की जिम्मेदारी कौन लेगा। किसानों की स्थिति को लेकर भी कांग्रेस ने सरकार को कठघरे में खड़ा किया है, जिसमें खरीफ सीजन में डीएपी और यूरिया की कमी, खाद की कालाबाजारी, टोकन व्यवस्था और समर्थन मूल्य पर सीमित खरीदी जैसे मुद्दे शामिल हैं। इन सभी मुद्दों पर कांग्रेस ने आक्रामक रुख अपनाते हुए कहा है कि वह 'बब्बर शेर बनकर मैदान में उतरी है' और मुख्यमंत्री जी से सीधे इन सवालों का जवाब मांगा है।
मध्य प्रदेश में कांग्रेस ने सरकार के खिलाफ सीधा मोर्चा खोल दिया है, जिसमें जिला कांग्रेस कमेटी नर्मदापुरम के अध्यक्ष शिवाकांत पाण्डेय (गुड्डन) ने एक प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से प्रदेशव्यापी जनआंदोलन का ऐलान किया है। इस आंदोलन का मुख्य आधार युवाओं के भविष्य, किसानों की बदहाली, उज्जैन भूमि प्रकरण और कथित भ्रष्टाचार जैसे गंभीर मुद्दे हैं, जिन पर कांग्रेस सरकार से जवाबदेही की मांग कर रही है। कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि प्रदेश का युवा परीक्षा संबंधी विवादों के कारण अपने भविष्य को लेकर असमंजस में है और न्याय की मांग के बावजूद उन्हें केवल इंतजार मिला है। पार्टी ने सवाल उठाया कि आखिर युवाओं के भविष्य की जिम्मेदारी कौन लेगा। किसानों की स्थिति को लेकर भी कांग्रेस ने सरकार को कठघरे में खड़ा किया है, जिसमें खरीफ सीजन में डीएपी और यूरिया की कमी, खाद की कालाबाजारी, टोकन व्यवस्था और समर्थन मूल्य पर सीमित खरीदी जैसे मुद्दे शामिल हैं। इन सभी मुद्दों पर कांग्रेस ने आक्रामक रुख अपनाते हुए कहा है कि वह 'बब्बर शेर बनकर मैदान में उतरी है' और मुख्यमंत्री जी से सीधे इन सवालों का जवाब मांगा है।
- राजधानी भोपाल में साइबर अपराधों की रोकथाम और लोगों को जागरूक करने के लिए पुलिस प्रशासन द्वारा लगातार अभियान चलाए जा रहे हैं। इसी कड़ी में, परवलिया थाना क्षेत्र स्थित शाशीब कॉलेज में एक साइबर सुरक्षा एवं जागरूकता अभियान आयोजित किया गया, जहाँ कॉलेज के विद्यार्थियों को ऑनलाइन ठगी और विभिन्न साइबर अपराधों से बचाव के तरीकों के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई। कार्यक्रम के दौरान एस.डी.ओ.पी. मंजू चौहान ने छात्रों को सोशल मीडिया के सुरक्षित उपयोग, अनजान लिंक और कॉल से सतर्क रहने, ओ.टी.पी. तथा बैंकिंग जानकारी किसी के साथ साझा न करने की सलाह दी। उन्होंने साइबर फ्रॉड होने की स्थिति में तत्काल हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराने की भी जानकारी प्रदान की। इस अवसर पर एस.डी.ओ.पी. मंजू चौहान ने बताया कि वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशानुसार, जिले भर में साइबर सुरक्षा एवं जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य लोगों को डिजिटल दुनिया में सुरक्षित रहने के लिए जागरूक करना और उन्हें साइबर अपराधियों द्वारा अपनाए जा रहे नए तरीकों से अवगत कराना है, ताकि आमजन किसी भी प्रकार की ऑनलाइन ठगी का शिकार न हों।1
- रायसेन जिले में 'स्कूल रेडीनेस मेला-2' का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया, जिसमें जिले के सभी 61 सेक्टरों और 1800 से अधिक आंगनवाड़ी केंद्रों पर यह कार्यक्रम सम्पन्न हुआ। कलेक्टर अरुण कुमार विश्वकर्मा ने स्वयं वार्ड क्रमांक 13 की एक आंगनवाड़ी में पहुंचकर संवाद किया। इस खबर को दूरदर्शन मध्य प्रदेश पर रायसेन जिला संवाददाता विनीत माहेश्वरी द्वारा दिखाया गया।1
- किसानों के हक की लड़ाई को लेकर जहां अन्य सभी लोग निष्क्रिय बने हुए हैं और सिर्फ देखते रहते हैं, वहीं कांग्रेस जनता पार्टी ने किसानों के साथ एकजुटता व्यक्त की है। पार्टी ने स्पष्ट किया है कि वह किसानों के अधिकारों की इस महत्वपूर्ण लड़ाई में उनके साथ खड़ी है।1
- रायसेन जिले के सभी आंगनवाड़ी केंद्रों में स्कूल रेडीनेस मेला-2 का सफल आयोजन किया गया, जिसमें एक माह की मेहनत के पीछे माताओं की भूमिका निर्णायक रही। कलेक्टर अरुण कुमार विश्वकर्मा रायसेन नगर के वार्ड क्रमांक-13 में स्थित आंगनवाड़ी केंद्र-04 में इस मेले में शामिल हुए और बच्चों के साथ आत्मीय संवाद किया। कलेक्टर विश्वकर्मा ने बच्चों की विभिन्न शिक्षण एवं रचनात्मक गतिविधियों का अवलोकन कर उनका उत्साहवर्धन किया और आंगनवाड़ी केंद्र की व्यवस्थाओं का भी निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि प्रारंभिक बाल्यावस्था बच्चों के बौद्धिक, मानसिक एवं सामाजिक विकास की सबसे महत्वपूर्ण अवस्था होती है। उनके अनुसार, स्कूल रेडीनेस मेला बच्चों को विद्यालयीन वातावरण से परिचित कराने और उन्हें खेल-खेल में सीखने के लिए प्रेरित करने का एक प्रभावी माध्यम है, जिससे रचनात्मक गतिविधि आधारित शिक्षण से बच्चों में सीखने की रुचि बढ़ती है और उनका सर्वांगीण विकास सुनिश्चित होता है। इस दौरान उन्होंने बच्चों से उनका नाम, पसंदीदा विषय और आंगनवाड़ी में होने वाली गतिविधियों के बारे में चर्चा की, जिस पर बच्चों ने भी पूरे उत्साह से जानकारी दी। बच्चों के उत्साह से प्रभावित होकर कलेक्टर विश्वकर्मा ने उनकी सराहना की और महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों तथा आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को निर्देश दिए कि प्रत्येक बच्चे के शारीरिक, मानसिक और बौद्धिक विकास पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने इसे गुणवत्तापूर्ण प्रारंभिक शिक्षा, पोषण और सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराने की सामूहिक जिम्मेदारी बताया। साथ ही, उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि वे बच्चों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करें और घर पर भी उनके सीखने में सहयोग करें। मेले में बच्चों के लिए खेल आधारित शिक्षण तथा अन्य मनोरंजक गतिविधियों का आयोजन किया गया। इस अभियान के तहत, जिले में 5-6 वर्ष आयु के हजारों बच्चों का पाँच विकास क्षेत्रों – भाषा, संख्या ज्ञान, संज्ञानात्मक क्षमता, शारीरिक विकास तथा सामाजिक-भावनात्मक कौशल – में पुनः आकलन किया गया। 26 मई को आयोजित पहले मेले की तुलना में उनकी प्रगति को व्यक्तिगत रिपोर्ट कार्ड में दर्ज कर अभिभावकों को सौंपा गया, जिसके बाद जिले भर में एक माह तक चले माता सहभागिता कार्यक्रम के बाद बच्चों में उल्लेखनीय विकास देखा गया है।3
- सिया और उसके प्रेमी चेतन पर एक परिवार से उनका बेटा छीनने का आरोप लगाया गया है। पोस्ट में इन दोनों को 'शैतान' कहकर संबोधित किया गया है, जिन पर एक परिवार को उसके बेटे से वंचित करने का गंभीर आरोप है।1
- सिवनी मालवा नगर में पुलिस ने 'SAFE CLICK 2.0' अभियान के तहत साइबर अपराधों की रोकथाम और आमजन को डिजिटल सुरक्षा के प्रति जागरूक करने के लिए एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया। एसडीओपी महेंद्र सिंह चौहान के नेतृत्व में जयस्तंभ चौक पर हुए इस अभियान में लोगों को साइबर ठगी से बचाव के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी दी गई। इस दौरान एसडीओपी महेंद्र सिंह चौहान ने आगाह किया कि डिजिटल युग में छोटी-सी लापरवाही भी बड़ी आर्थिक हानि का कारण बन सकती है। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे अपना ओटीपी, यूपीआई पिन, एटीएम पिन या बैंक पासवर्ड किसी भी व्यक्ति के साथ साझा न करें। एसडीओपी ने हर ऑनलाइन अकाउंट के लिए अलग और मजबूत पासवर्ड रखने की सलाह दी, जिसमें अक्षरों के साथ अंक और स्पेशल कैरेक्टर का उपयोग किया जाए। साथ ही, सोशल मीडिया और ई-मेल खातों पर टू-स्टेप वेरिफिकेशन सक्रिय रखने पर भी जोर दिया गया। उन्होंने लोगों को लॉटरी, इनाम या नौकरी का लालच देकर भेजे जाने वाले संदिग्ध लिंक, एसएमएस, व्हाट्सएप संदेश या ई-मेल पर क्लिक न करने की हिदायत दी। इसके अतिरिक्त, रेलवे स्टेशन, कैफे या अन्य सार्वजनिक स्थानों पर उपलब्ध मुफ्त वाई-फाई का उपयोग बैंकिंग लेन-देन या ऑनलाइन खरीदारी के लिए नहीं करने को कहा। एसडीओपी ने यह भी बताया कि यदि कोई व्यक्ति बैंक अधिकारी, पुलिस या बिजली विभाग का कर्मचारी बनकर फोन पर डराने या गोपनीय जानकारी मांगने का प्रयास करे, तो तुरंत कॉल काट दें और संबंधित विभाग के आधिकारिक नंबर पर संपर्क कर जानकारी की पुष्टि करें। किसी भी वेबसाइट पर ऑनलाइन भुगतान करने से पहले यूआरएल में "https://" और ताले का चिन्ह अवश्य जांचने की सलाह भी दी गई। उन्होंने नागरिकों से अपने बैंक स्टेटमेंट और मोबाइल पर आने वाले लेन-देन संबंधी संदेशों को नियमित रूप से जांचने की अपील की, ताकि किसी भी अनधिकृत ट्रांजेक्शन का समय रहते पता चल सके। पुलिस ने यह भी सूचित किया कि यदि कोई व्यक्ति साइबर ठगी का शिकार हो जाए तो बिना देरी किए राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर कॉल करें और नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल पर ऑनलाइन शिकायत दर्ज कराएं। अभियान के दौरान, पुलिस अधिकारियों ने आमजन से साइबर सुरक्षा के नियमों का पालन करने और दूसरों को भी इसके प्रति जागरूक करने का आग्रह किया।1
- वार्ड नंबर 41, बाग फरहत अफजा कब्रिस्तान में वार्ड पार्षद डॉक्टर रिहान सिद्दीकी द्वारा व्यापक साफ-सफाई अभियान चलाया गया। इस दौरान कब्रिस्तान परिसर में टैंकरों से पानी डलवाया गया, जिससे धूल-मिट्टी साफ हो सके, और सेठ की धुलाई का कार्य भी संपन्न कराया गया।1
- डिप्लोमा इंजीनियर संघ द्वारा अपनी मांगों के संबंध में भोपाल कमीश्नर को एक ज्ञापन सौंपा गया है। इस ज्ञापन में संघ ने अपनी विभिन्न मांगों को कमीश्नर के समक्ष प्रस्तुत किया।4
- भोपाल के मंडी क्षेत्र में हल्की बारिश होते ही भीषण जलभराव की स्थिति बन गई, जिससे व्यापारियों और आम लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। स्थानीय लोगों का आरोप है कि इस जलभराव में सीवर का पानी भी मिल गया है, जिसके कारण पूरे इलाके में बदबू और गंदगी फैल रही है। निवासियों का कहना है कि वार्ड 19 में नालों की समय पर सफाई न होने के कारण हर साल उन्हें ऐसी ही स्थिति का सामना करना पड़ता है। उन्होंने प्रशासन से इस समस्या का जल्द से जल्द स्थायी समाधान निकालने की मांग की है।1