लखनऊ सहित प्रदेश के कई जिलों में पिछले कुछ दिनों से मौसम का मिजाज बदल गया है। तेज आंधी, बादल और हल्की बारिश के कारण तापमान में गिरावट दर्ज की गई है, जिससे लोगों को भीषण गर्मी और लू से बड़ी राहत मिली है। मौसम विभाग के अनुसार, हाल ही में हुई बारिश और पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से राजधानी में तापमान कई डिग्री कम हो गया है, और आने वाले दिनों में भी मौसम के अपेक्षाकृत सुहावना बने रहने की संभावना है। मौसम में आए इस बदलाव का सकारात्मक असर कृषि और बागवानी पर भी दिख रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि आम, लीची और अन्य फलदार फसलों को भीषण गर्मी से राहत मिली है, जिससे उनके फलों की गुणवत्ता और बढ़वार में सुधार की उम्मीद है। कृषि मौसम सलाह में भी इस बदलते मौसम को फलों की फसल के लिए लाभकारी बताया गया है। हालांकि, मौसम विभाग ने लोगों को तेज हवाओं और गरज-चमक के दौरान सतर्क रहने की सलाह दी है। यह चेतावनी इसलिए जारी की गई है क्योंकि हाल के दिनों में प्रदेश के कई जिलों में आंधी-तूफान के कारण नुकसान की कई घटनाएं सामने आई हैं।
लखनऊ सहित प्रदेश के कई जिलों में पिछले कुछ दिनों से मौसम का मिजाज बदल गया है। तेज आंधी, बादल और हल्की बारिश के कारण तापमान में गिरावट दर्ज की गई है, जिससे लोगों को भीषण गर्मी और लू से बड़ी राहत मिली है। मौसम विभाग के अनुसार, हाल ही में हुई बारिश और पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से राजधानी में तापमान कई डिग्री कम हो गया है, और आने वाले दिनों में भी मौसम के अपेक्षाकृत सुहावना बने रहने की संभावना है। मौसम में आए इस बदलाव का सकारात्मक असर कृषि और बागवानी पर भी दिख रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि आम, लीची और अन्य फलदार फसलों को भीषण गर्मी से राहत मिली है, जिससे उनके फलों की गुणवत्ता और बढ़वार में सुधार की उम्मीद है। कृषि मौसम सलाह में भी इस बदलते मौसम को फलों की फसल के लिए लाभकारी बताया गया है। हालांकि, मौसम विभाग ने लोगों को तेज हवाओं और गरज-चमक के दौरान सतर्क रहने की सलाह दी है। यह चेतावनी इसलिए जारी की गई है क्योंकि हाल के दिनों में प्रदेश के कई जिलों में आंधी-तूफान के कारण नुकसान की कई घटनाएं सामने आई हैं।
- लखनऊ के बख्शी का तालाब स्थित राम सागर मिश्र अस्पताल में शनिवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब सफाई कर्मियों ने सीएमएस डॉ. वी.के. शर्मा पर अभद्र व्यवहार का गंभीर आरोप लगाते हुए अपना कामकाज पूरी तरह ठप कर धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया। कर्मचारियों के अनुसार, यह घटना फार्मासिस्ट के विदाई समारोह के बाद हुई, जब उन पर टेंट की कुर्सियां उठाने का दबाव डाला गया। जब कर्मचारियों ने इस बात का विरोध किया, तो सुपरवाइजर समेत कुल 21 कर्मचारियों को अपमानित किया गया और उन्हें अस्पताल से बाहर निकाल दिया गया। इस घटना से आक्रोशित सफाई कर्मी इमरजेंसी वार्ड के बाहर धरने पर बैठ गए हैं, जिसके कारण अस्पताल में सभी सफाई कार्य रुक गए हैं। उनकी मुख्य मांग सम्मानजनक व्यवहार और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई है। सफाई व्यवस्था बाधित होने से अस्पताल परिसर में अव्यवस्था का माहौल बनने लगा है, जिससे मरीजों और उनके तीमारदारों को भी भारी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। इस पूरे मामले ने अस्पताल प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।1
- राजधानी लखनऊ के इंदिरा नगर स्थित बी ब्लॉक चौराहे पर खुलेआम गांजे की बिक्री की जा रही है, जहां कथित तौर पर राशिद सिद्दीकी नामक युवक स्मैक और गांजा बिकवा रहा है। यह ताजा मामला थाना गाजीपुर क्षेत्र के बी ब्लॉक चौराहे पर साईं मंदिर के सामने बस स्टॉप का बताया जा रहा है। सूत्रों के अनुसार, कई बार वीडियो वायरल होने के बावजूद भी गाजीपुर पुलिस इस मामले में कोई कार्यवाही नहीं करती है। जब ट्विटर हैंडल के माध्यम से इसकी शिकायत की जाती है, तो गाजीपुर पुलिस पुराने वीडियो का हवाला देकर मामले को रफा-दफा कर देती है। बताया जा रहा है कि मात्र सौ रुपये में गांजे की पुड़िया बेचकर युवा पीढ़ी को नशे की आगोश में धकेला जा रहा है। इससे स्पष्ट होता है कि लखनऊ का इंदिरा नगर क्षेत्र नशे की गिरफ्त में बुरी तरह फंसता जा रहा है।1
- अयोध्या के रामनगर धौरहरा में भाजपा कार्यकर्ता शिवम सिंह की दिनदहाड़े पीट-पीटकर की गई हत्या के मामले में लखनऊ की विभूतिखंड पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने इस हत्याकांड के तीन आरोपियों शांतनु रावत उर्फ अंकित रावत, हरि तिवारी और विवेक सिंह को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार किए गए आरोपियों ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया है। इस मामले में एक अन्य आरोपी अभी भी फरार है, जिस पर पुलिस ने इनाम घोषित किया है। एडीसीपी ईस्ट डॉ. अमोल मुरकूट ने इन गिरफ्तारियों की पुष्टि करते हुए पुलिस कार्रवाई की विस्तृत जानकारी दी है। हालांकि, इन गिरफ्तारियों के बाद अब पूरे अयोध्या और आसपास के क्षेत्रों में कानून के समान पैमाने को लेकर एक नया सवाल चर्चा का विषय बन गया है। इस मुद्दे पर सपा नेता अनूप सिंह ने टिप्पणी करते हुए कहा है कि उत्तर प्रदेश में कई चर्चित मामलों में अपराधियों के खिलाफ एनकाउंटर, बुलडोजर और कठोर कार्रवाई देखने को मिली है।1
- लखनऊ में कांग्रेस पार्टी ने पेपर लीक के मुद्दे पर जोरदार विरोध प्रदर्शन करते हुए एक मशाल जुलूस निकाला। इस प्रदर्शन में NSUI, यूथ विंग, महिला मोर्चा और सेवा दल सहित कांग्रेस पार्टी के सभी विंगों ने भागीदारी की। प्रदर्शनकारियों ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान और भाजपा के खिलाफ जमकर नारेबाजी और हंगामा किया। प्रदर्शनकारी कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने इस बात पर ज़ोर दिया कि बार-बार पेपर लीक होने और परीक्षाओं के रद्द होने से छात्र मानसिक रूप से बेहद परेशान हो चुके हैं। हाथ में मशाल लेकर विधानसभा घेरने की कोशिश कर रहे इन प्रदर्शनकारियों को पुलिस ने रोक दिया।2
- राजधानी लखनऊ में सुलतानपुर हाईवे पर लगे एक रोड मैप (साइनबोर्ड) का अंकलन टूटकर उड़ते हुए शहीद पथ के किनारे जा गिरा, जिससे एक बड़ा हादसा होते-होते बच गया। बोर्ड के इस तरह गिरने से गंभीर दुर्घटना की आशंका थी, लेकिन राहगीरों और वाहन चालकों को तुरंत सूचित किया गया। इसके बाद स्थानीय लोगों और कुछ राहगीरों की मदद से इस गिरे हुए बोर्ड को एक सुरक्षित जगह पर रखवा दिया गया। स्थानीय सूत्रों ने बताया कि यह घटना नगर निगम द्वारा बोर्ड की नियमित देखरेख और सुरक्षित रूप से उसे स्थापित करने में बरती गई चूक का नतीजा है। इस वाकये ने सार्वजनिक और प्रशासनिक स्तर पर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि अगर ऐसी लापरवाही के कारण कोई बड़ा हादसा होता और किसी की जान चली जाती, तो उसकी जिम्मेदारी किसकी मानी जाएगी। इस संबंध में नगर निगम से टिप्पणी मांगी जा रही है।1
- हिमाचल प्रदेश के कुल्लू मनाली में एक पैराग्लाइडिंग पायलट की सूझबूझ और साहस के कारण एक बड़ा हादसा टल गया। यह घटना तब हुई जब डोभी से उड़ान भरने के बाद अचानक मौसम में बदलाव आया और हवाओं का रुख काफी तेज हो गया। तेज हवाओं और बिगड़ते मौसम के बावजूद, पायलट ने अपनी सूझबूझ का परिचय देते हुए एक पर्यटक को सुरक्षित रूप से सड़क पर उतार दिया। पायलट की इस त्वरित और साहसी कार्रवाई से एक संभावित गंभीर दुर्घटना टल गई और पर्यटक सही सलामत रहा।1
- उत्तर प्रदेश के झांसी जिले के मऊरानीपुर क्षेत्र में स्थित एक मॉडल शॉप के भीतर कुछ लोगों द्वारा कर्मचारियों के साथ मारपीट किए जाने का मामला सामने आया है। इस घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसके बाद पूरे क्षेत्र में इस मामले को लेकर चर्चा का माहौल बना हुआ है। वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि कुछ व्यक्ति मॉडल शॉप के अंदर घुसकर कर्मचारियों के साथ अभद्रता और मारपीट कर रहे हैं, जिससे दुकान में अफरा-तफरी मच गई और मौजूद लोग सहम गए। इस मारपीट की घटना के बाद संबंधित पक्षों द्वारा पुलिस को सूचना दी गई। वीडियो के वायरल होने के बाद पुलिस ने भी मामले की जांच शुरू कर दी है और घटना से जुड़े तथ्यों को खंगाला जा रहा है। स्थानीय लोगों ने ऐसी घटनाओं को सार्वजनिक स्थानों पर कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े करने वाला बताया है। पुलिस ने कहा है कि वायरल वीडियो और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल, पुलिस इस मामले की जांच में जुटी हुई है और घटना में शामिल लोगों की पहचान करने का प्रयास कर रही है।1