देवघर के अमजो गांव में बना अत्याधुनिक विज्ञान केंद्र, छात्रों को मिलेगी प्रायोगिक शिक्षा देवघर, झारखंड: झारखंड में स्कूली बच्चों के शिक्षा स्तर को बेहतर बनाने और उनमें वैज्ञानिक सोच विकसित करने के उद्देश्य से शिक्षा विभाग लगातार प्रयास कर रहा है। इसी कड़ी में देवघर जिले के देवीपुर प्रखंड स्थित अमजो गांव में अत्याधुनिक विज्ञान केंद्र का निर्माण कराया गया है, जो अब पूरी तरह बनकर तैयार हो चुका है। करीब डेढ़ करोड़ रुपये की लागत से बने इस विज्ञान केंद्र का उद्देश्य छात्रों को विज्ञान विषयों की व्यवहारिक जानकारी उपलब्ध कराना है। इस विज्ञान केंद्र में भौतिक विज्ञान, रसायन विज्ञान और जीव विज्ञान से जुड़े कई आधुनिक उपकरण लगाए गए हैं। इन उपकरणों की सहायता से छात्र विज्ञान के विभिन्न प्रयोगों को व्यावहारिक रूप से समझ सकेंगे। इसके अलावा, झारखंड को खनन प्रदेश के रूप में देखते हुए यहां माइनिंग इंजीनियरिंग से संबंधित उपकरण भी उपलब्ध कराए गए हैं। वहीं मिसाइल निर्माण और न्यूक्लियर साइंस जैसे विषयों से जुड़ी प्रायोगिक जानकारियां भी छात्रों को दी जाएंगी। विज्ञान केंद्र के केयरटेकर विकास कुमार ने बताया कि भवन पूरी तरह तैयार है और यहां छठी से 12वीं कक्षा तक के छात्रों के लिए आवश्यक सभी सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। उन्होंने कहा कि जिले के अधिकांश स्कूलों में विज्ञान की पढ़ाई केवल किताबों तक सीमित रह जाती है, जिससे छात्रों को प्रैक्टिकल नॉलेज नहीं मिल पाती। ऐसे में इस विज्ञान केंद्र के शुरू होने से छात्र फिजिक्स, केमिस्ट्री और बायोलॉजी के प्रयोगों को न केवल समझ पाएंगे बल्कि स्वयं कर भी सकेंगे। वहीं विज्ञान केंद्र के निर्माण से स्थानीय लोगों में भी उत्साह देखा जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि इस तरह की शैक्षणिक संस्थाओं के खुलने से क्षेत्र के बच्चों को बेहतर अवसर मिलेंगे और स्थानीय लोगों के जीवन स्तर में भी सुधार आएगा। उल्लेखनीय है कि देवीपुर प्रखंड को पिछड़े क्षेत्रों में गिना जाता है, ऐसे में यहां विज्ञान केंद्र की स्थापना को विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। जिला शिक्षा अधीक्षक मधुकर कुमार ने बताया कि विज्ञान केंद्र शुरू होने से बच्चों के शिक्षा स्तर में सुधार होगा और उनमें वैज्ञानिक दृष्टिकोण विकसित होगा। उन्होंने कहा कि अगले दो से तीन महीनों में केंद्र को पूरी तरह संचालित कर दिया जाएगा, जिसके बाद जिले के छात्र यहां आकर प्रायोगिक शिक्षा प्राप्त कर सकेंगे। गौरतलब है कि बच्चों के बीच वैज्ञानिक सोच को बढ़ावा देने के लिए इस विज्ञान केंद्र की स्थापना एक सराहनीय पहल मानी जा रही है। अब सभी की नजर इस बात पर टिकी है कि यह केंद्र कब तक पूरी तरह शुरू हो पाता है, ताकि जिले के छात्र इसका लाभ उठा सकें। बाइट: विकास कुमार, केयरटेकर बाइट: ग्रामीण बाइट: पूनम, छात्रा बाइट: मधुकर कुमार, जिला शिक्षा अधीक्षक
देवघर के अमजो गांव में बना अत्याधुनिक विज्ञान केंद्र, छात्रों को मिलेगी प्रायोगिक शिक्षा देवघर, झारखंड: झारखंड में स्कूली बच्चों के शिक्षा स्तर को बेहतर बनाने और उनमें वैज्ञानिक सोच विकसित करने के उद्देश्य से शिक्षा विभाग लगातार प्रयास कर रहा है। इसी कड़ी में देवघर जिले के देवीपुर प्रखंड स्थित अमजो गांव में अत्याधुनिक विज्ञान केंद्र का निर्माण कराया गया है, जो अब पूरी तरह बनकर तैयार हो चुका है। करीब डेढ़ करोड़ रुपये की लागत से बने इस विज्ञान केंद्र का उद्देश्य छात्रों को विज्ञान विषयों की व्यवहारिक जानकारी उपलब्ध कराना है। इस विज्ञान केंद्र में भौतिक विज्ञान, रसायन विज्ञान और जीव विज्ञान से जुड़े कई आधुनिक उपकरण लगाए गए हैं। इन उपकरणों की सहायता से छात्र विज्ञान के विभिन्न प्रयोगों को व्यावहारिक रूप से समझ सकेंगे। इसके अलावा, झारखंड को खनन प्रदेश के रूप में देखते हुए यहां माइनिंग इंजीनियरिंग से संबंधित उपकरण भी उपलब्ध कराए गए हैं।
वहीं मिसाइल निर्माण और न्यूक्लियर साइंस जैसे विषयों से जुड़ी प्रायोगिक जानकारियां भी छात्रों को दी जाएंगी। विज्ञान केंद्र के केयरटेकर विकास कुमार ने बताया कि भवन पूरी तरह तैयार है और यहां छठी से 12वीं कक्षा तक के छात्रों के लिए आवश्यक सभी सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। उन्होंने कहा कि जिले के अधिकांश स्कूलों में विज्ञान की पढ़ाई केवल किताबों तक सीमित रह जाती है, जिससे छात्रों को प्रैक्टिकल नॉलेज नहीं मिल पाती। ऐसे में इस विज्ञान केंद्र के शुरू होने से छात्र फिजिक्स, केमिस्ट्री और बायोलॉजी के प्रयोगों को न केवल समझ पाएंगे बल्कि स्वयं कर भी सकेंगे। वहीं विज्ञान केंद्र के निर्माण से स्थानीय लोगों में भी उत्साह देखा जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि इस तरह की शैक्षणिक संस्थाओं के खुलने से क्षेत्र के बच्चों को बेहतर अवसर मिलेंगे और स्थानीय लोगों के जीवन स्तर में भी सुधार आएगा। उल्लेखनीय है कि
देवीपुर प्रखंड को पिछड़े क्षेत्रों में गिना जाता है, ऐसे में यहां विज्ञान केंद्र की स्थापना को विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। जिला शिक्षा अधीक्षक मधुकर कुमार ने बताया कि विज्ञान केंद्र शुरू होने से बच्चों के शिक्षा स्तर में सुधार होगा और उनमें वैज्ञानिक दृष्टिकोण विकसित होगा। उन्होंने कहा कि अगले दो से तीन महीनों में केंद्र को पूरी तरह संचालित कर दिया जाएगा, जिसके बाद जिले के छात्र यहां आकर प्रायोगिक शिक्षा प्राप्त कर सकेंगे। गौरतलब है कि बच्चों के बीच वैज्ञानिक सोच को बढ़ावा देने के लिए इस विज्ञान केंद्र की स्थापना एक सराहनीय पहल मानी जा रही है। अब सभी की नजर इस बात पर टिकी है कि यह केंद्र कब तक पूरी तरह शुरू हो पाता है, ताकि जिले के छात्र इसका लाभ उठा सकें। बाइट: विकास कुमार, केयरटेकर बाइट: ग्रामीण बाइट: पूनम, छात्रा बाइट: मधुकर कुमार, जिला शिक्षा अधीक्षक
- देवघर के अमजो गांव में बना अत्याधुनिक विज्ञान केंद्र, छात्रों को मिलेगी प्रायोगिक शिक्षा देवघर, झारखंड: झारखंड में स्कूली बच्चों के शिक्षा स्तर को बेहतर बनाने और उनमें वैज्ञानिक सोच विकसित करने के उद्देश्य से शिक्षा विभाग लगातार प्रयास कर रहा है। इसी कड़ी में देवघर जिले के देवीपुर प्रखंड स्थित अमजो गांव में अत्याधुनिक विज्ञान केंद्र का निर्माण कराया गया है, जो अब पूरी तरह बनकर तैयार हो चुका है। करीब डेढ़ करोड़ रुपये की लागत से बने इस विज्ञान केंद्र का उद्देश्य छात्रों को विज्ञान विषयों की व्यवहारिक जानकारी उपलब्ध कराना है। इस विज्ञान केंद्र में भौतिक विज्ञान, रसायन विज्ञान और जीव विज्ञान से जुड़े कई आधुनिक उपकरण लगाए गए हैं। इन उपकरणों की सहायता से छात्र विज्ञान के विभिन्न प्रयोगों को व्यावहारिक रूप से समझ सकेंगे। इसके अलावा, झारखंड को खनन प्रदेश के रूप में देखते हुए यहां माइनिंग इंजीनियरिंग से संबंधित उपकरण भी उपलब्ध कराए गए हैं। वहीं मिसाइल निर्माण और न्यूक्लियर साइंस जैसे विषयों से जुड़ी प्रायोगिक जानकारियां भी छात्रों को दी जाएंगी। विज्ञान केंद्र के केयरटेकर विकास कुमार ने बताया कि भवन पूरी तरह तैयार है और यहां छठी से 12वीं कक्षा तक के छात्रों के लिए आवश्यक सभी सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। उन्होंने कहा कि जिले के अधिकांश स्कूलों में विज्ञान की पढ़ाई केवल किताबों तक सीमित रह जाती है, जिससे छात्रों को प्रैक्टिकल नॉलेज नहीं मिल पाती। ऐसे में इस विज्ञान केंद्र के शुरू होने से छात्र फिजिक्स, केमिस्ट्री और बायोलॉजी के प्रयोगों को न केवल समझ पाएंगे बल्कि स्वयं कर भी सकेंगे। वहीं विज्ञान केंद्र के निर्माण से स्थानीय लोगों में भी उत्साह देखा जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि इस तरह की शैक्षणिक संस्थाओं के खुलने से क्षेत्र के बच्चों को बेहतर अवसर मिलेंगे और स्थानीय लोगों के जीवन स्तर में भी सुधार आएगा। उल्लेखनीय है कि देवीपुर प्रखंड को पिछड़े क्षेत्रों में गिना जाता है, ऐसे में यहां विज्ञान केंद्र की स्थापना को विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। जिला शिक्षा अधीक्षक मधुकर कुमार ने बताया कि विज्ञान केंद्र शुरू होने से बच्चों के शिक्षा स्तर में सुधार होगा और उनमें वैज्ञानिक दृष्टिकोण विकसित होगा। उन्होंने कहा कि अगले दो से तीन महीनों में केंद्र को पूरी तरह संचालित कर दिया जाएगा, जिसके बाद जिले के छात्र यहां आकर प्रायोगिक शिक्षा प्राप्त कर सकेंगे। गौरतलब है कि बच्चों के बीच वैज्ञानिक सोच को बढ़ावा देने के लिए इस विज्ञान केंद्र की स्थापना एक सराहनीय पहल मानी जा रही है। अब सभी की नजर इस बात पर टिकी है कि यह केंद्र कब तक पूरी तरह शुरू हो पाता है, ताकि जिले के छात्र इसका लाभ उठा सकें। बाइट: विकास कुमार, केयरटेकर बाइट: ग्रामीण बाइट: पूनम, छात्रा बाइट: मधुकर कुमार, जिला शिक्षा अधीक्षक3
- 🔴 #BREAKING |#कोलकाता| इसलिए कहते है दूसरों के दम पर नहीं उछालना चाहिए | रिजु दत्ता ने IPS अजय पाल शर्मा से मांगा माफी |#TMC #ipsofficer #SuvenduAdhikari #CM1
- तेजस्वी यादव ने बिहार में एक सार्वजनिक स्थान पर वीडियो कॉन्फ्रेंस की, जिससे राजनीतिक हलकों में हलचल मच गई है। उनके इस कदम को अपने समाज और जनता से सीधे जुड़ने का एक नया तरीका माना जा रहा है।1
- मंत्री श्रेयशी सिंह के पहली बार बांका आगमन पर कार्यकर्ताओं एवं स्थानीय लोगों द्वारा भव्य स्वागत एवं अभिनंदन किया गया। बिहार सरकार की उद्योग एवं खेल मंत्री सुश्री श्रेयशी सिंह के पहली बार बांका आगमन पर कार्यकर्ताओं एवं स्थानीय लोगों द्वारा भव्य स्वागत एवं अभिनंदन किया गया। इस अवसर पर मंत्री सुश्री श्रेयशी सिंह ने ढाका मोड़ चौक स्थित पटना सचिवालय के समक्ष 11 अगस्त को ब्रिटिश शासन की गोली का शिकार हुए अमर शहीद शतीश चंद्र झा की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धापूर्वक नमन किया। अमर शहीद शतीश चंद्र झा, ग्राम खरहरा निवासी थे तथा पटना सचिवालय के समक्ष स्थापित शहीद प्रतिमाओं में उनका स्थान तीसरा है। इसके उपरांत उन्होंने भेड़ामोड़ चौक स्थित सामाजिक समरसता के पुरोधा एवं भारत रत्न बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। इसके बाद मंत्री सुश्री श्रेयशी सिंह पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाअभियान–2026 के अंतर्गत बांका जिला में आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुईं। इस अवसर पर अधिवक्ता जयशंकर चौधरी, नंदेश्वरी चौहान, दिगंबर यादव, मदन सिंह, निक्की सिंह सहित कई कार्यकर्ता एवं गणमान्य लोग उपस्थित रहे। उपस्थित नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने मंत्री के आगमन पर हर्ष व्यक्त करते हुए कहा कि शहीदों का बलिदान एवं महापुरुषों के आदर्श सदैव समाज को राष्ट्रसेवा और सामाजिक समरसता के मार्ग पर प्रेरित करते रहेंगे।1
- काको-भतीजा की जोड़ी सोशल मीडिया पर बटोर रही सुर्खियां, समाज सुधार के संदेश से बना रहे अलग पहचान। #JamtaraTalent #Kakobhatija #SocialMediaStars #JharkhandPride #SmallTownBigDreams काको-भतीजा की जोड़ी सोशल मीडिया पर बटोर रही सुर्खियां, समाज सुधार के संदेश से बना रहे अलग पहचान। #JamtaraTalent #Kakobhatija #SocialMediaStars #JharkhandPride #SmallTownBigDreams1
- 🚨 “बिहार में परिवारवाद की सरकार चल रही है…” मंत्रीमंडल विस्तार पर RJD का बड़ा हमला! 😱🔥 बिहार :बांका में प्रेस वार्ता करते हुए राष्ट्रीय जनता दल के जिला अध्यक्ष अर्जुन प्रसाद ठाकुर ने बिहार सरकार के मंत्रिमंडल विस्तार पर बड़ा बयान दिया है। 🎙️ उन्होंने आरोप लगाया कि बिना MLA और बिना MLC बने लोगों को मंत्री बना दिया गया। साथ ही कहा कि जिनके पिता पहले मंत्री और मुख्यमंत्री रह चुके हैं, उन्हीं परिवारों को फिर सत्ता में जगह दी जा रही है। ⚡ मुख्यमंत्री Nitish Kumar के बेटे निशांत कुमार पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा — 👉 “जिसका स्वास्थ्य खुद खराब है, उसे स्वास्थ्य मंत्री बना दिया गया… बिहार की जनता का क्या होगा?” 🔥 प्रेस वार्ता के बाद यह बयान अब जिले में चर्चा का विषय बना हुआ है। 📌 आपकी क्या राय है इस बयान पर? कमेंट में जरूर बताएं। 👇 📍 बांका ✍️ संवाददाता बिकाश शर्मा 📲 Banka Today News Digital1
- बांका के चांदन प्रखंड स्थित पांडेयटोला में आयोजित महायज्ञ के दौरान राम विवाह प्रसंग में श्रद्धालुओं का भारी जनसैलाब उमड़ पड़ा। शिव धनुष भंग और वरमाला प्रसंग पर पूरा पंडाल 'जय श्रीराम' के जयघोष से गूंज उठा, फूलों की वर्षा हुई। यह आयोजन समाज में भाईचारा और सनातन परंपराओं से नई पीढ़ी को जोड़ने का सशक्त माध्यम बन रहा है।1
- सोनारायठाड़ी थाना क्षेत्र के हेठगढ़गड़ियां टोला खरवार में जमीन विवाद को लेकर दर्जनों लोगों ने एक दुकान उजाड़ दी। हालांकि, इस दौरान कोई बड़ी अनहोनी नहीं हुई और लोग सुरक्षित बच गए। मारपीट व लूटपाट के आरोप में पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।1