विधायक श्रीमती पोर्ते के निवास पर नौ दिनों तक गूंजे भजन-कीर्तन विधायक शकुंतला सिंह पोर्ते के निवास पर नौ दिनों तक गूंजे भजन-कीर्तन, एक हजार मीटर लंबी चुनरी यात्रा निकली विधायक ने कार्यकर्ताओं और नगरवासियों के साथ बैठकर किया भजन कीर्तन, जनसमस्याएं सुनकर लोगों से किया संवाद नन्दु कुशवाहा वाड्रफनगर। शारदीय नवरात्रि के पावन अवसर पर प्रतापपुर विधानसभा क्षेत्र की विधायक श्रीमती शकुंतला सिंह पोर्ते के वाड्रफनगर स्थित निवास पर नौ दिनों तक मां दुर्गा की विधिवत स्थापना कर पूजा-अर्चना की गई। इस दौरान भजन-कीर्तन और धार्मिक आयोजनों से पूरा वातावरण भक्तिमय बना रहा। विधायक ने अपने कार्यकर्ताओं और नगरवासियों के साथ बैठकर भजन-कीर्तन किया। विधायक श्रीमती शकुंतला सिंह पोर्ते के मार्गदर्शन में नगर की महिलाओं ने लगभग एक हजार मीटर लंबी चुनरी यात्रा निकाली। श्रद्धा और उत्साह के साथ निकाली गई इस यात्रा में महिलाओं ने भाग लिया और मां महामाया मंदिर पहुंचकर माता रानी को चुनरी अर्पित की। इस धार्मिक आयोजन से नगर में भक्तिमय माहौल बना रहा। नवरात्रि के दौरान विधायक ने कन्या पूजन की परंपरा निभाते हुए कन्याओं को भोजन कराया और उनका आशीर्वाद लिया। वहीं, महिलाओं के साथ भी धार्मिक कार्यक्रमों में सहभागिता की। पूजा-अर्चना के साथ जनसमस्याओं पर भी रहा ध्यान नवरात्रि के नौ दिनों में विधायक अपने निवास पर लोगों से लगातार मुलाकात करती रहीं। इस दौरान नगरवासियों और क्षेत्र से पहुंचे लोगों ने अपनी समस्याएं उनके समक्ष रखीं, जिन्हें विधायक ने सुना। लोगों ने बताया कि इस बार उन्हें विधायक से सहजता से मुलाकात करने और अपनी बात रखने का अवसर मिला। विधायक का कार्यकर्ताओं और नगरवासियों के बीच बैठकर भजन गाना करना भी लोगों के बीच चर्चा का विषय रहा। उपस्थित लोगों ने कहा कि धार्मिक आयोजन में विधायक के साथ बैठकर भजन-कीर्तन करने का अनुभव अच्छा रहा। नवरात्रि के दौरान धार्मिक आस्था, सामूहिक सहभागिता और जनसंवाद का संगम देखने को मिला।
विधायक श्रीमती पोर्ते के निवास पर नौ दिनों तक गूंजे भजन-कीर्तन विधायक शकुंतला सिंह पोर्ते के निवास पर नौ दिनों तक गूंजे भजन-कीर्तन, एक हजार मीटर लंबी चुनरी यात्रा निकली विधायक ने कार्यकर्ताओं और नगरवासियों के साथ बैठकर किया भजन कीर्तन, जनसमस्याएं सुनकर लोगों से किया संवाद नन्दु कुशवाहा वाड्रफनगर। शारदीय नवरात्रि के पावन अवसर पर प्रतापपुर विधानसभा क्षेत्र की विधायक श्रीमती शकुंतला सिंह पोर्ते के वाड्रफनगर स्थित निवास पर नौ दिनों तक मां दुर्गा की विधिवत स्थापना कर पूजा-अर्चना की गई। इस दौरान भजन-कीर्तन और धार्मिक आयोजनों से पूरा वातावरण भक्तिमय बना रहा। विधायक ने अपने कार्यकर्ताओं और नगरवासियों के साथ बैठकर भजन-कीर्तन किया। विधायक श्रीमती शकुंतला सिंह पोर्ते के मार्गदर्शन में नगर की महिलाओं ने लगभग एक हजार मीटर लंबी चुनरी यात्रा निकाली। श्रद्धा और उत्साह के साथ निकाली गई इस यात्रा में महिलाओं ने भाग लिया और मां महामाया मंदिर पहुंचकर माता रानी को चुनरी अर्पित की। इस धार्मिक आयोजन से नगर में भक्तिमय माहौल बना रहा। नवरात्रि के दौरान विधायक ने कन्या पूजन की परंपरा निभाते हुए कन्याओं को भोजन कराया और उनका आशीर्वाद लिया। वहीं, महिलाओं के साथ भी धार्मिक कार्यक्रमों में सहभागिता की। पूजा-अर्चना के साथ जनसमस्याओं पर भी रहा ध्यान नवरात्रि के नौ दिनों में विधायक अपने निवास पर लोगों से लगातार मुलाकात करती रहीं। इस दौरान नगरवासियों और क्षेत्र से पहुंचे लोगों ने अपनी समस्याएं उनके समक्ष रखीं, जिन्हें विधायक ने सुना। लोगों ने बताया कि इस बार उन्हें विधायक से सहजता से मुलाकात करने और अपनी बात रखने का अवसर मिला। विधायक का कार्यकर्ताओं और नगरवासियों के बीच बैठकर भजन गाना करना भी लोगों के बीच चर्चा का विषय रहा। उपस्थित लोगों ने कहा कि धार्मिक आयोजन में विधायक के साथ बैठकर भजन-कीर्तन करने का अनुभव अच्छा रहा। नवरात्रि के दौरान धार्मिक आस्था, सामूहिक सहभागिता और जनसंवाद का संगम देखने को मिला।
- बलरामपुर .. कोलुआ गांव में बेला अनिल कुशवाहा ने ग्रामीणों के साथ मनाया कर्मा त्योहार, आपसी प्रेम और भाईचारे का दिया संदेश .. बलरामपुर जिले में जिला पंचायत सदस्य बेला अनिल कुशवाहा लगातार गांव-गांव पहुंचकर क्षेत्र के लोगों से मेल-मिलाप कर रहे हैं। इसी कड़ी में उन्होंने कोलुआ गांव में ग्रामीणों के साथ मिलकर कर्मा त्योहार मनाया। इस दौरान उन्होंने ग्रामीणों के साथ समय बिताया और आपसी प्रेम, भाईचारे तथा सामाजिक एकता को मजबूत बनाए रखने का संदेश दिया। गांव के लोगों के बीच पहुंचकर उनकी खुशियों में शामिल होना और उनके साथ आत्मीयता से मिलना उनके जनसंपर्क का हिस्सा बना हुआ है। जिला पंचायत सदस्य बेला अनिल कुशवाहा की इस सक्रियता की क्षेत्र में चर्चा हो रहा है। कोलुआ में ग्रामीणों के साथ मनाया कर्मा त्योहार ... कर्मा त्योहार आदिवासी एवं ग्रामीण अंचलों की संस्कृति और परंपराओं से जुड़ा एक महत्वपूर्ण पर्व है। यह त्योहार प्रकृति, आस्था, भाईचारे और सामूहिक सहभागिता का प्रतीक माना जाता है। कोलुआ गांव में ग्रामीणों के साथ कर्मा त्योहार मनाकर जिला पंचायत सदस्य बेला अनिल कुशवाहा ने स्थानीय लोगों के साथ खुशियां साझा कीं। त्योहार के अवसर पर ग्रामीणों के बीच पहुंचना और उनके साथ समय बिताना सामाजिक जुड़ाव और आपसी संबंधों को मजबूत बनाने की दिशा में एक अच्छी पहल है। लगातार गांव-गांव पहुंचकर लोगों से कर रही हैं मुलाकात .... जिला पंचायत सदस्य बेला अनिल कुशवाहा अपने जिला पंचायत क्षेत्र के गांवों में लगातार पहुंचकर लोगों से मुलाकात कर रहे हैं। उनका प्रयास है कि क्षेत्रवासियों के साथ सीधा संवाद बना रहे और उनकी समस्याओं, जरूरतों तथा परिस्थितियों को करीब से समझा जा सके। गांवों में लोगों से मिलना-जुलना और सामाजिक कार्यक्रमों में शामिल होकर उनकी खुशियों में सहभागी बनना उनकी गतिविधियों का हिस्सा बना हुआ है। ग्रामीणों के बीच उनकी लगातार उपस्थिति और आत्मीय व्यवहार क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। सुख-दुख में क्षेत्रवासियों के साथ खड़े रहने का संदेश ... जिला पंचायत सदस्य बेला अनिल कुशवाहा का कहना है कि वे क्षेत्र के लोगों के साथ लगातार जुड़ी हुई हैं और उनके सुख-दुख में साथ खड़े रहने का प्रयास करती हैं। उनके अनुसार, जनप्रतिनिधि होने का अर्थ केवल अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करना नहीं, बल्कि लोगों के बीच रहकर उनके साथ पारिवारिक संबंध बनाए रखना भी है। लोगों की खुशियों में शामिल होना और दुख की घड़ी में उनके साथ खड़े रहना ही आपसी रिश्तों की असली पहचान है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के लोगों के साथ उनका जुड़ाव आगे भी बना रहेगा और वे लगातार उनके बीच पहुंचकर उनकी खुशियों में शामिल होने तथा जरूरत के समय उनका साथ देने का प्रयास करती रहेंगी। सामाजिक सहभागिता से मजबूत हो रहा लोगों से जुड़ाव .... ग्रामीण अंचलों में त्योहार और सामाजिक आयोजन लोगों को एक-दूसरे के करीब लाने का काम करते हैं। ऐसे अवसरों पर साथ बैठना, खुशियां बांटना और एक-दूसरे का हालचाल जानना आपसी रिश्तों को मजबूत बनाता है। कोलुआ गांव में कर्मा त्योहार के दौरान ग्रामीणों के साथ शामिल होकर बेला अनिल कुशवाहा ने भी लोगों के साथ अपना जुड़ाव प्रदर्शित किया। उनका प्रयास है कि जनप्रतिनिधि और जनता के बीच केवल कामकाज का ही नहीं, बल्कि विश्वास, अपनापन और परिवार जैसा रिश्ता भी बना रहे। क्षेत्र के लोगों के बीच लगातार पहुंचकर सामाजिक आयोजनों में सहभागिता निभाना इसी जुड़ाव को दर्शाता है। , कोलुआ में ग्रामीणों के साथ कर्मा त्योहार मनाने की यह पहल आपसी प्रेम, भाईचारे और सामाजिक एकता का संदेश दे रहे है।2
- चन्दौरीपारा में धूमधाम से निकली श्रीराम की भव्य शोभायात्रा, जय श्रीराम के जयकारों के बीच हुआ रावण दहन... चन्दौरीपारा में धूमधाम से निकली श्रीराम की भव्य शोभायात्रा, जय श्रीराम के जयकारों के बीच हुआ रावण दहन... युवा सेवा समिति के आयोजन में उमड़ा जनसैलाब, राम-सीता-लक्ष्मण और मां दुर्गा की झांकी रही आकर्षण का केंद्र, महाआरती व दीपदान के साथ मनाया गया विजयादशमी पर्व... वाड्रफनगर/बलरामपुर बलरामपुर जिले के वाड्रफनगर अंतर्गत चन्दौरीपारा में विजयादशमी के पावन अवसर पर युवा सेवा समिति चन्दौरीपारा द्वारा भव्य धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस दौरान भगवान श्रीराम की भव्य शोभायात्रा निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में महिलाएं, बच्चे और पुरुष शामिल हुए। शोभायात्रा में भगवान श्रीराम, माता सीता, लक्ष्मण एवं मां दुर्गा की आकर्षक झांकियां श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र रहीं। भक्ति गीतों की धुन पर थिरकते श्रद्धालुओं और जय श्रीराम के जयकारों से पूरा क्षेत्र भक्तिमय हो उठा। शोभायात्रा के पश्चात शानदार आतिशबाजी के बीच रावण दहन का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। चन्दौरीपारा से निकली भव्य शोभायात्रा विजयादशमी के अवसर पर युवा सेवा समिति चन्दौरीपारा द्वारा भगवान श्रीराम की शोभायात्रा निकाली गई। शोभायात्रा चन्दौरीपारा से प्रारंभ होकर राजीव गांधी चौक और शिव मंदिर होते हुए पुनः चन्दौरीपारा पहुंची। शोभायात्रा में भगवान श्रीराम, माता सीता, लक्ष्मण और मां दुर्गा की मनमोहक झांकियां शामिल रहीं। श्रद्धालु भक्ति गीतों पर झूमते-नाचते हुए आगे बढ़े। जगह-जगह धार्मिक उत्साह का माहौल देखने को मिला। भगवान श्रीराम के जयकारों से पूरा क्षेत्र गूंज उठा और लोगों ने श्रद्धा एवं उल्लास के साथ शोभायात्रा में भागीदारी निभाई। मां दुर्गा के पंडाल में महाआरती और दीपदान शोभायात्रा के दौरान मां दुर्गा के पंडाल में विशेष महाआरती का आयोजन किया गया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने माता रानी की आराधना की और दीपदान कर सुख-समृद्धि की कामना की। भक्तिमय वातावरण में संपन्न महाआरती ने कार्यक्रम की धार्मिक छटा को और भी बढ़ा दिया। महिलाओं, बच्चों और पुरुषों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए माता रानी का आशीर्वाद प्राप्त किया। आतिशबाजी के बीच हुआ रावण दहन महाआरती और अन्य धार्मिक कार्यक्रमों के पश्चात रावण दहन का आयोजन किया गया। इस अवसर पर सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे। रावण दहन से पहले और उसके दौरान शानदार आतिशबाजी का नजारा देखने को मिला। आसमान रंग-बिरंगी रोशनी से जगमगा उठा और चारों ओर जय श्रीराम के जयकारे गूंजने लगे। लोगों ने उत्साह के साथ रावण दहन देखा और बुराई पर अच्छाई की जीत के प्रतीक विजयादशमी पर्व की खुशियां साझा कीं। पहली बार लगातार हो रहे भव्य धार्मिक आयोजन चन्दौरीपारा में युवा सेवा समिति द्वारा इस वर्ष दुर्गा पूजा के अवसर पर लगातार विभिन्न धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। इसकी शुरुआत भव्य जगराता से हुई, जिसके बाद नवरंग डांडिया का आयोजन किया गया। अब विजयादशमी के अवसर पर भगवान श्रीराम की शोभायात्रा और रावण दहन कार्यक्रम ने आयोजन को और भी खास बना दिया। समिति द्वारा पहली बार इस तरह लगातार भव्य कार्यक्रमों का आयोजन किए जाने से क्षेत्र में विशेष उत्साह देखने को मिल रहा है। धार्मिक आयोजनों के माध्यम से श्रद्धालुओं को एक साथ जोड़ने और क्षेत्र में धार्मिक एवं सांस्कृतिक परंपराओं को बढ़ावा देने का प्रयास किया जा रहा है। आज निकलेगी मां दुर्गा की भव्य झांकी, होगा विसर्जन युवा सेवा समिति चन्दौरीपारा द्वारा नवरात्रि एवं विजयादशमी के कार्यक्रमों के बाद आज मां दुर्गा की भव्य झांकी के साथ विसर्जन कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इसे लेकर श्रद्धालुओं में उत्साह बना हुआ है। लगातार हो रहे आयोजनों से चन्दौरीपारा का वातावरण भक्तिमय बना हुआ है। विजयादशमी के इस आयोजन ने एक बार फिर धर्म, आस्था और सामाजिक एकता का संदेश दिया। भगवान श्रीराम की भव्य शोभायात्रा, मां दुर्गा की महाआरती, दीपदान, आकर्षक झांकियों और रावण दहन के माध्यम से श्रद्धालुओं ने बुराई पर अच्छाई की विजय का पर्व हर्षोल्लास के साथ मनाया। युवा सेवा समिति ने सभी श्रद्धालुओं को विजयादशमी की शुभकामनाएं देते हुए धार्मिक आयोजनों में इसी तरह सहभागिता बनाए रखने की अपील की।4
- लभरी गाढ़ा बैरियर सोनभद्र में विशाल पंडाल बनाया गया जिसमें नवरात्रि के उपलक्ष्य पर पूजन , बंदन अर्चन विधिविधान से किया गया , काफी संख्या में लोगों ने आकर के माता जी के दर्शन किए और इस कार्यक्रम में विविध आयोजन भी कराए गए जिसमें भजन संध्या भंडारे और जो अतिथि लोग आए थे उनके अंग वस्त्र से सम्मान किया गया लिए देखते हैं वीडियो के माध्यम से और आप भी चैनल को सब्सक्राइब करें और जुड़े जय माता दी1
- भक्ति गीतों पर झूमते रहे श्रद्धालु, शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ मां दुर्गा की प्रतिमा का विसर्जन चिनियां से हेमंत कुमार की रिपोर्ट गढ़वा। चिनियां प्रखंड मुख्यालय सहित विभिन्न पंचायतों में मां दुर्गा की प्रतिमा का विसर्जन मंगलवार शाम 7:00 तक शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ। इस दौरान पूरा क्षेत्र मां दुर्गा के जयकारों और भक्ति गीतों से भक्तिमय बना रहा। विसर्जन को लेकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखने को मिला। वहीं, सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए चिनियां पुलिस प्रशासन की ओर से विभिन्न जलाशयों पर पुलिस बल की तैनाती की गई थी। प्रखंड मुख्यालय स्थित बस स्टैंड हनुमान मंदिर से स्टूडेंट क्लब के तत्वावधान में मां दुर्गा की प्रतिमा विसर्जन यात्रा निकाली गई। वहीं, चिनियां बाजार परिसर से भी विसर्जन जुलूस निकाला गया। दोनों जुलूसों में युवाओं ने डीजे की धुन पर बज रहे भक्ति गीतों पर जमकर नृत्य किया और मां दुर्गा के जयकारे लगाए। दोनों प्रतिमाओं का मिलान करने के बाद साप्ताहिक बाजार स्थित जलाशय में विधिवत विसर्जन किया गया। इससे पूर्व मां दुर्गा की भव्य आरती की गई, जिसमें सैकड़ों श्रद्धालु शामिल हुए। चिनियां प्रखंड के डोल, चपकली, राजबांस, छतैलिया, विलैती, खैर, मसरा, खूरी, रणपुरा, बेता़, पाल्हे, बरवाडीह, सिगसीगा कला, तहले, चफला और सपना सहित विभिन्न गांवों में दुर्गा पूजा का त्योहार शांतिपूर्ण माहौल में मनाया गया। नौ दिनों तक पूरे क्षेत्र में भक्ति और श्रद्धा का माहौल बना रहा। प्रतिमा विसर्जन के साथ ही शारदीय नवरात्र का समापन हुआ। इस दौरान श्रद्धालुओं ने मां दुर्गा से क्षेत्र में सुख, शांति और समृद्धि की कामना की।1
- महुली रामलीला में रावण वध के साथ विजयादशमी मेले में उमड़ा श्रद्धालुओं का जनसैलाब महुली रामलीला में रावण वध के साथ विजयादशमी मेले में उमड़ा श्रद्धालुओं का जनसैलाब2
- विजयदशमी पर दुद्धी में 51 फीट ऊंचे रावण का दहन, राम-रावण युद्ध और रावण के ‘नीति ज्ञान’ का प्रसंग रहा आकर्षण का केंद्र दुद्धी (सोनभद्र)। अधर्म पर धर्म और असत्य पर सत्य की विजय के प्रतीक पर्व विजयादशमी पर कस्बे के ऐतिहासिक रामलीला मैदान में भव्य आयोजन हुआ। राम-रावण युद्ध के मंचन के बाद 51 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया गया। मंचन के दौरान रावण द्वारा लक्ष्मण को दिए गए नीति ज्ञान के प्रसंग ने दर्शकों का विशेष ध्यान खींचा। दोपहर बाद कस्बे व आसपास के गांवों के प्रमुख मंदिरों व पूजा स्थलों से मां दुर्गा एवं अन्य देवी देवताओं की प्रतिमाएं तथा झांकियां गाजे बाजे और डीजे के साथ शोभायात्रा के रूप में रामलीला मैदान पहुंचीं। मेले में हजारों की संख्या में लोग पहुंचे और पूरा कस्बा ‘जय श्री राम’ व मां भगवती के जयकारों से गूंज उठा। इस दौरान रामलीला मैदान पर भगवान श्रीराम और लंकापति रावण के बीच रोमांचक युद्ध का मंचन किया गया। युद्ध के अंत में रावण द्वारा लक्ष्मण को दिए गए नीति ज्ञान का प्रसंग प्रस्तुत किया गया, जिसमें रावण ने अच्छे कार्य में विलंब न करने, बुरे कार्य को टालते रहने और शत्रु को कभी कमजोर न समझने जैसे जीवन के महत्वपूर्ण पाठ दिए। इसके अलावा अपने रहस्य किसी को न बताने की सीख भी प्रसंग में शामिल रही। मान्यता है कि रावण अत्यंत ज्ञानी और नीतिज्ञ था,इसीलिए युद्ध के अंतिम समय में भगवान श्रीराम ने लक्ष्मण को रावण से ज्ञान लेने के लिए भेजा था। रामलीला में इस प्रसंग को दर्शकों ने खूब सराहा। संध्या ढलते ही रामलीला मैदान में 51 फीट ऊंचा विशाल रावण पुतला खड़ा किया गया। भगवान श्रीराम द्वारा बाण छोड़ते ही पुतला धू-धू कर जल उठा और आतिशबाजी के साथ मैदान हर हर महादेव और जय श्री राम के जयकारों से गूंज उठा। आयोजन के मुख्य अतिथि पूर्व विधायक हरिराम चेरो और विशिष्ट अतिथि नगर पंचायत अध्यक्ष कमलेश मोहन सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे। हरिराम चेरो ने रामलीला के भव्य आयोजन की सराहना की और उन्होंने अपने संबोधन में अगले वर्ष लेजर लाइट तकनीक से रावण दहन कराया जाने का आश्वासन दिया।वहीं कमलेश मोहन ने नगर के विकास का खाका खीजा और स्वच्छता, सौंदर्यीकरण और बुनियादी विकास को प्राथमिकता बताया। रामलीला कमेटी के अध्यक्ष कन्हैयालाल अग्रहरी और महामंत्री सुरेन्द्र गुप्ता अपनी टीम के साथ व्यवस्थाओं में लगे रहे। प्रभारी निरीक्षक विश्वनाथ प्रताप सिंह व उप निरीक्षक संजय सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने मेला क्षेत्र में निगरानी और गश्त बनाए रखी। इसके बाद मां दुर्गा की सभी प्रतिमाओं का जुलूस नगर भ्रमण करता हुआ प्राचीन शिवाजी तालाब पहुंचा, जहां विधि विधान से माता रानी व अन्य प्रतिमाओं को नम आंखों से जल में विसर्जन किया गया।4
- Post by Jitendr Prshad1
- दुद्धी के रामनगर में महानवमी पर सजा भव्य माता रानी का दरबार,दुर्गा जागरण में प्रख्यात कलाकारों के भजनों पर झूमे भक्त दुद्धी (सोनभद्र)।स्थानीय नगर पंचायत के रामनगर वार्ड नंबर 8 स्थित शिव मंदिर मां दुर्गा पंडाल परिसर में महानवमी के पावन पर्व पर सोमवार की रात भव्य दुर्गा जागरण का आयोजन किया गया। मां दुर्गा पूजा समिति रामनगर के तत्वावधान में आयोजित इस धार्मिक अनुष्ठान में भारी संख्या में क्षेत्र के श्रद्धालु पहुंचे और माता के दरबार में हाजिरी लगाई। जागरण में मुख्य अतिथि के रूप में पूर्व विधायक हरिराम चेरो ने शिरकत की। उन्होंने दीप प्रज्ज्वलित कर दुर्गा जागरण का विधिवत शुभारंभ किया और मां भगवती के दरबार में माथा टेककर क्षेत्र की सुख समृद्धि और शांति के लिए आशीर्वाद मांगा। इससे पूर्व समिति के सदस्यों ने मुख्य अतिथि का मोमेंटो ,अंगवस्त्रम और माल्यार्पण कर स्वागत किया। जागरण की शुरुआत गणेश वंदना और मां भगवती के आह्वान के साथ हुई।जागरण में प्रदेश व अन्य राज्यों के हिस्सों से पहुंचे प्रसिद्ध कलाकारों ने अपनी एक से बढ़कर एक प्रस्तुतियां देकर उपस्थित श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया।जिसमें दिवाकर सिंह (छ.स) और आरती सिंह (वाराणसी) ने अपने लोकप्रिय देवी गीतों से समां बांध दिया। मनीष ओझा (पटना) और अर्चना श्रीवास्तव (वाराणसी) ने एक से बढ़कर एक भेंटें प्रस्तुत कर पूरे पंडाल को भक्तिमय बना दिया।वहीं गायकों के एक से बढ़कर एक प्रस्तुति पर श्रद्धालु पूरी रात झूमते रहे। यह पूरा भव्य जागरण और पूजन कार्यक्रम स्थानीय आचार्य पंडित श्री देवेंद्र मिश्रा के वैदिक सानिध्य और मार्गदर्शन में संपन्न हुआ। पंडित जी के मंत्रोच्चार के बीच विजय सोनी तथा मनोज तिवारी अपनी-अपनी धर्मपत्नी संग मुख्य यजमान के रूप में उपस्थित रहे और विधि विधान से पूजन व आरती संपन्न कराई। मौके पर दुद्धी कोतवाली प्रभारी निरीक्षक विश्वनाथ प्रताप सिंह एवं वरिष्ठ उपनिरीक्षक संजय सिंह पुलिस टीम के साथ मुस्तैद रहे। वहीं, आयोजन को सफल बनाने में मां दुर्गा पूजा समिति रामनगर के आनंद कांस्यकार, आमेश सिंह (सभासद), जितेंद्र चंद्रवंशी पीपी, सुमित जायसवाल, आदित्य श्रीवास्तव, उत्कर्ष सिंह, विक्रांत चंद्रवंशी, हर्ष श्रीवास्तव, कार्तिक चंद्रवंशी, राहुल सोनी, अमृत अग्रहरि, आनंद जायसवाल, शिवम जायसवाल, सुधीर चंद्रवंशी एवं सुनील जायसवाल सहित अन्य सदस्यों का विशेष योगदान रहा।संचालन सुनील जायसवाल ने किया ।4