पाली शहर में ROB 95-C के नीचे प्रस्तावित रेल सुरक्षा दीवार का निर्माण स्थानीय श्रमिक वर्ग के लिए एक बड़ी समस्या बन सकता है। इस आशंका के मद्देनजर, जिला कांग्रेस कमेटी शहरी स्थानीय निकाय प्रकोष्ठ के पदाधिकारियों और स्थानीय निवासियों ने जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर इस समस्या के तत्काल समाधान की मांग की है। ज्ञापन में बताया गया है कि पाली रेलवे स्टेशन के दूसरी ओर शहर की आधी से अधिक आबादी, जिसमें अधिकांश श्रमिक और मजदूर वर्ग के लोग शामिल हैं, निवास करती है। ये लोग स्वतंत्रता से पूर्व से ही यहां स्थित महाराजा श्री बांगड़ उम्मेद मिल्स में काम करते आ रहे हैं और पुरानी रेल फाटक के रास्ते आवाजाही करते हैं, जिससे उनके समय और श्रम दोनों की बचत होती है। रेलवे सूत्रों के अनुसार, अब रेल लाइन के दोनों ओर सुरक्षा दीवार का निर्माण प्रस्तावित है। जन प्रतिनिधियों का कहना है कि यदि यह दीवार बनाई जाती है, तो लगभग 4 से 5 हजार मजदूर वर्ग के लोगों का यह रास्ता बंद हो जाएगा, और उन्हें अपने काम पर जाने के लिए काफी लंबी दूरी तय करनी पड़ेगी। क्षेत्र के लोगों की जन भावनाओं को देखते हुए, कांग्रेस नेताओं और निवासियों ने कलेक्टर से यह मांग की है कि वे रेलवे के उच्च अधिकारियों को निर्देशित करें कि सुरक्षा दीवार में पैदल आवाजाही के लिए कम से कम 2 फीट का रास्ता छोड़ा जाए। ज्ञापन में स्पष्ट किया गया है कि इस रास्ते का उपयोग केवल पैदल राहगीरों के लिए होगा, जिससे किसी दुर्घटना की संभावना नहीं रहेगी और वाहनों की आवाजाही भी नहीं होगी। इस दौरान भंवर राव, राधा राव, भरत राव, भरत सामरिया सहित क्षेत्र के अनेक जागरूक नागरिक उपस्थित थे।
पाली शहर में ROB 95-C के नीचे प्रस्तावित रेल सुरक्षा दीवार का निर्माण स्थानीय श्रमिक वर्ग के लिए एक बड़ी समस्या बन सकता है। इस आशंका के मद्देनजर, जिला कांग्रेस कमेटी शहरी स्थानीय निकाय प्रकोष्ठ के पदाधिकारियों और स्थानीय निवासियों ने जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर इस समस्या के तत्काल समाधान की मांग की है। ज्ञापन में बताया गया है कि पाली रेलवे स्टेशन के दूसरी ओर शहर की आधी
से अधिक आबादी, जिसमें अधिकांश श्रमिक और मजदूर वर्ग के लोग शामिल हैं, निवास करती है। ये लोग स्वतंत्रता से पूर्व से ही यहां स्थित महाराजा श्री बांगड़ उम्मेद मिल्स में काम करते आ रहे हैं और पुरानी रेल फाटक के रास्ते आवाजाही करते हैं, जिससे उनके समय और श्रम दोनों की बचत होती है। रेलवे सूत्रों के अनुसार, अब रेल लाइन के दोनों ओर सुरक्षा दीवार का निर्माण प्रस्तावित है।
जन प्रतिनिधियों का कहना है कि यदि यह दीवार बनाई जाती है, तो लगभग 4 से 5 हजार मजदूर वर्ग के लोगों का यह रास्ता बंद हो जाएगा, और उन्हें अपने काम पर जाने के लिए काफी लंबी दूरी तय करनी पड़ेगी। क्षेत्र के लोगों की जन भावनाओं को देखते हुए, कांग्रेस नेताओं और निवासियों ने कलेक्टर से यह मांग की है कि वे रेलवे के उच्च अधिकारियों को निर्देशित
करें कि सुरक्षा दीवार में पैदल आवाजाही के लिए कम से कम 2 फीट का रास्ता छोड़ा जाए। ज्ञापन में स्पष्ट किया गया है कि इस रास्ते का उपयोग केवल पैदल राहगीरों के लिए होगा, जिससे किसी दुर्घटना की संभावना नहीं रहेगी और वाहनों की आवाजाही भी नहीं होगी। इस दौरान भंवर राव, राधा राव, भरत राव, भरत सामरिया सहित क्षेत्र के अनेक जागरूक नागरिक उपस्थित थे।
- रानी के बिजोवा में आयोजित ग्रामीण सेवा शिविर के दौरान वर्षों से लंबित एक गंभीर समस्या का समाधान होने पर ग्रामीणों ने गहरी राहत महसूस की है। शिविर में मौजूद ग्रामीणों ने विकास अधिकारी नारायणसिंह राजपुरोहित के समक्ष तीन साल से बंद पड़े नाले को लेकर शिकायत दर्ज कराई थी, जिससे जल निकासी अवरुद्ध हो गई थी। शिकायत मिलते ही, बीडीओ नारायणसिंह राजपुरोहित बिना देरी किए मौके पर पहुंचे और समस्या का जायजा लिया। उन्होंने ग्राम पंचायत कार्मिकों और सफाईकर्मियों के सहयोग से नाले में जमा हुई मिट्टी और गाद को हटवाकर उसे खुलवाने का काम शुरू कराया। इस कार्य में करीब दो घंटे का समय लगा, और इस दौरान बीडीओ ने स्वयं फावड़ा उठाकर श्रमदान भी किया, जिससे काम में तेजी आई। नाले के खुलने से बारिश और घरों से निकलने वाले नालियों के पानी की निकासी अब सुचारु हो गई है, जिससे मोहल्ले के निवासियों को बड़ी राहत मिली है। इस शिविर में एसडीएम शिवा जोशी, तहसीलदार मोहनलाल मेघवाल सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी भी उपस्थित रहे।2
- पाली जिले के चांचोडी गांव में प्रजापति समाज द्वारा मंगलवार से दो दिवसीय धार्मिक कार्यक्रम का आयोजन शुरू हुआ। इस कार्यक्रम के तहत भैरूजी और खेतलाजी की मूर्ति स्थापना से पहले, मंगलवार सुबह शुभ वेला में कलशयात्रा निकाली गई। दोपहर बाद, विधि-विधान से मंत्रोच्चारण के साथ सामूहिक हवन भी संपन्न हुआ। इस संपूर्ण हवन कार्यक्रम का संचालन बाबुलाल व्यास के सानिध्य में किया गया। इस धार्मिक अवसर पर ओटाराम, समाराम, शेषाराम, कानाराम, पकाराम, दलाराम, मोहनलाल सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।3
- राजस्थान के राजसमंद जिले की कुंभलगढ़ और गढ़बोर तहसील के अंतर्गत आने वाले गरटाली बांसा क्षेत्र की सड़कें पूरी तरह से जर्जर हो चुकी हैं। गैजर गाथालाई सहित इस पूरे इलाके में सड़कें टूटी-फूटी और खराब हालत में हैं, जिसकी वजह से आए दिन दुर्घटनाएं होती रहती हैं।4
- आज चोटिला गांव के एक खेत में काम के दौरान पाँच फीट लंबा एक अजगर दिखाई देने से हड़कंप मच गया। ग्रामीणों ने तुरंत इस बात की सूचना सर्पमित्र दिनेश यादव को दी। सूचना मिलते ही दिनेश यादव ने अपनी टीम, जिसमें करण यादव भी शामिल थे, और वन विभाग के साथ मौके पर पहुँचकर अजगर को सुरक्षित रूप से रेस्क्यू किया। इस सराहनीय कार्य के लिए ग्रामीणों ने सर्पमित्र दिनेश यादव और उनकी टीम का आभार व्यक्त किया है।1
- तमिलनाडु के मुख्यमंत्री जोसेफ विजय ने आज सचिवालय में कीर्ति चक्र से सम्मानित लांस नायक ए. मीनाक्षी सुंदरम का सम्मान किया। आतंकवाद विरोधी अभियानों में असाधारण साहस प्रदर्शित करने के लिए राज्य सरकार की ओर से उन्हें ₹48 लाख का चेक भी प्रदान किया गया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने लांस नायक मीनाक्षी सुंदरम के साहस, कर्तव्यनिष्ठा और राष्ट्रसेवा के प्रति समर्पण की सराहना करते हुए उन्हें राज्य का गौरव बताया।1
- Post by District.reporter.babulaljogaw1
- रायपुर में वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप की जयंती कल, 17 जून को बड़े धूमधाम से मनाई जाएगी। इस उपलक्ष्य में रायपुर स्थित महाराणा प्रताप चौक पर एक भव्य समारोह का आयोजन किया गया है। यह कार्यक्रम संत श्री प्रेम गिरी जी महाराज (बिराठिया मठ) के सानिध्य में संपन्न होगा, जिसकी अध्यक्षता कुंवर मानवजीत सिंह रायपुर करेंगे। श्री राजपूत सभा रायपुर के अध्यक्ष भीम सिंह उदावत ने जानकारी दी कि यह कार्यक्रम प्रातः 8:30 बजे शुरू होगा। सर्वप्रथम महाराणा प्रताप की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धासुमन अर्पित किए जाएंगे, जिसके उपरांत नर्सिंग द्वारा में स्नेह मिलन कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। सभा के उपाध्यक्ष देवराज सिंह उदावत के अनुसार, रायपुर और आसपास के अनेक गांवों से समाज बंधु इस आयोजन में शामिल होकर वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप को श्रद्धांजलि देंगे। आयोजन को लेकर समाजजनों में विशेष उत्साह देखा जा रहा है, और इसकी तैयारियों में कुलदीप सिंह, महिपाल सिंह, गोपाल सिंह सहित सैकड़ों कार्यकर्ता सक्रिय रूप से जुटे हुए हैं। श्री राजपूत सभा रायपुर ने समस्त समाज बंधुओं एवं क्षेत्रवासियों से अधिकाधिक संख्या में उपस्थित होकर इस कार्यक्रम को सफल बनाने का आग्रह किया है।1
- एक वायरल वीडियो में आदिवासी लोगों को अपनी जान जोखिम में डालकर यात्रा करते हुए दिखाया गया है, जिस पर गंभीर चिंता व्यक्त की गई है। वीडियो के अनुसार, यदि ऐसी गाड़ी पलट जाए तो 50 से अधिक लोगों की मौत हो सकती है। इस स्थिति के लिए सरकार की नाकामियों को जिम्मेदार ठहराया गया है, और सवाल उठाया गया है कि ऐसी जानलेवा यात्राओं के लिए आखिर कौन दोषी है – सरकार या जनता?1