एक भव्य श्री देव रघुनाथ बड़ा मंदिर जहां होती है हर मनोकामना पूर्ण लोकेशन:- बीना रिपोर्टर:- राकेश सेन बीना:- मां मोतीचूर नदी के किनारे प्राचीन श्री देव रघुनाथ जी बड़ा मंदिर भगवान राम को समर्पित एक भव्य और ऐतिहासिक मंदिर है। यह मंदिर बहुत प्राचीन और ऊर्जा से परिपूर्ण माना जाता है। यहाँ भगवान श्री राम, माता सीता और लक्ष्मण जी, राधा कृष्ण, कृष्ण बलराम, के दिव्य दरबार के दर्शन होते हैं। यह स्थान क्षेत्र के श्रद्धालुओं के लिए आस्था का प्रमुख केंद्र है और यहां मनोरम दर्शन प्राप्त होते हैं। यहां राम भक्त हनुमान जी की दिव्य दर्शन से ही मन में एक अद्भुत शांति प्राप्त होती है। यहां की शिवलिंग मंदिर पर मंत्रों की गुंज अद्भुत सुनाई पड़ती है। यहां पर शिव स्तुति एवं अभिषेक करने से मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं। नौ देवियों के दर्शन यहां पर नवरात्रि में भक्तों का तांता लगा रहता है क्योंकि एक ही स्थान पर नौ देवियों की दर्शन करने का लाभ मिलता है। इसके अलावा मां मोतीचूर नदी जो कि बीना का आस्था का केंद्र है यहां पर पितरों का तर्पण एवं गंगा दशहरा पर मनोरम दृश्य देखने को मिलते हैं। आने वाले समय में नगर पालिका अध्यक्ष लता सकवार, मुख्य नगर पालिका अधिकारी राहुल कौरव के प्रयासों से वर्तमान मे मां मोतीचूर नदी जीर्णोधार किया जा रहा है जिससे यह पर्यटकों के लिए आर्कषण का केंद्र होगा। अगर बीना जाए तो देव रघुनाथ बड़ा मंदिर के दर्शन के लिए अवश्य पहुंचे। जहां होती है हर मनोकामना पूर्ण।
एक भव्य श्री देव रघुनाथ बड़ा मंदिर जहां होती है हर मनोकामना पूर्ण लोकेशन:- बीना रिपोर्टर:- राकेश सेन बीना:- मां मोतीचूर नदी के किनारे प्राचीन श्री देव रघुनाथ जी बड़ा मंदिर भगवान राम को समर्पित एक भव्य और ऐतिहासिक मंदिर है। यह मंदिर बहुत प्राचीन और ऊर्जा से परिपूर्ण माना जाता है। यहाँ भगवान श्री राम, माता सीता और लक्ष्मण जी, राधा कृष्ण, कृष्ण बलराम, के दिव्य दरबार के दर्शन होते हैं। यह स्थान क्षेत्र के श्रद्धालुओं के लिए आस्था का प्रमुख केंद्र है और यहां मनोरम दर्शन प्राप्त होते हैं। यहां राम भक्त हनुमान जी की दिव्य दर्शन से ही मन में एक अद्भुत शांति प्राप्त होती है। यहां की शिवलिंग मंदिर पर मंत्रों की गुंज अद्भुत सुनाई पड़ती है। यहां पर शिव स्तुति एवं अभिषेक करने से मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं। नौ देवियों के दर्शन यहां पर नवरात्रि में भक्तों का तांता लगा रहता है क्योंकि एक ही स्थान पर नौ देवियों की दर्शन करने का लाभ मिलता है। इसके अलावा मां मोतीचूर नदी जो कि बीना का आस्था का केंद्र है यहां पर पितरों का तर्पण एवं गंगा दशहरा पर मनोरम दृश्य देखने को मिलते हैं। आने वाले समय में नगर पालिका अध्यक्ष लता सकवार, मुख्य नगर पालिका अधिकारी राहुल कौरव के प्रयासों से वर्तमान मे मां मोतीचूर नदी जीर्णोधार किया जा रहा है जिससे यह पर्यटकों के लिए आर्कषण का केंद्र होगा। अगर बीना जाए तो देव रघुनाथ बड़ा मंदिर के दर्शन के लिए अवश्य पहुंचे। जहां होती है हर मनोकामना पूर्ण।
- बिजय चोहनबीना, सागर, मध्य प्रदेश👏3 hrs ago
- लोकेशन बीना रिपोर्टर विजय चोहान रघुनाथ बड़ा मंदिर1
- लोकेशन:- बीना रिपोर्टर:- राकेश सेन बीना:-राधे राधे प्रभात फेरी बीना मंडल द्वारा देवी दर्शन यात्रा में शिवाजी वार्ड स्थित महेश्वरी देवी एवं पाठक वार्ड स्थित संतोषी माता के दर्शन करने के लिए चैत्र नवरात्रि पर देवी मंदिरों पर ब्रह्म मुहूर्त में दर्शन करने के लिए जाते हुए।1
- बीना में आज वीरांगना रानी अवंतीबाई लोधी के बलिदान दिवस पर लोधी समाज द्वारा श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया। यह कार्यक्रम शहर के न्यू बस स्टैंड पर संपन्न हुआ, जहां समाज के लोगों ने बड़ी संख्या में पहुंचकर वीरांगना को श्रद्धा सुमन अर्पित किए।1
- लोकल न्यूज़ बीना में मौसम ने बदली करवट: तेज बारिश और ओलावृष्टि से फसल को नुकसान की आशंका, किसानों की बढ़ी चिंता बीना। क्षेत्र में अचानक मौसम ने करवट ले ली है। शुक्रवार सुबह से आसमान में घने बादल छाए रहे और कई इलाकों में तेज बारिश के साथ ओलावृष्टि दर्ज की गई। बदलते मौसम के इस मिजाज से किसानों की चिंता बढ़ गई है। जानकारी के अनुसार बारिश और ओलों के कारण खेतों में खड़ी फसलों को नुकसान पहुंचने की आशंका जताई जा रही है। खासकर गेहूं और चना जैसी रबी फसलों पर इसका असर पड़ सकता है। किसानों का कहना है कि अगर मौसम इसी तरह खराब रहा तो तैयार फसल को भारी नुकसान झेलना पड़ सकता है। स्थानीय किसानों ने प्रशासन से सर्वे कराकर नुकसान का आकलन करने और राहत देने की मांग की है। वहीं मौसम के अचानक बदले मिजाज से आमजन का जनजीवन भी प्रभावित होता नजर आया। फिलहाल किसान आसमान की ओर टकटकी लगाए मौसम के साफ होने का इंतजार कर रहे हैं, ताकि उनकी मेहनत पर पानी न फिर जाए।1
- सर्व धर्म के लोगों ने मुस्लिम भाइयों को गले लगा कर ईद की मुबारकबाद दी अशोकनगर। मुस्लिम समाज के लोगों ने माहे रमजान के 30 रोजे रखने के बाद बड़े ही खुलूशो अकीदत के साथ मनाया ईद उल फितर का त्यौहार। नगर मुंगावली में तीन स्थानों पर ईद उल फितर की नमाज अदा की गई जिसमें सबसे पहले सुबह 8:30 बजे डिप्टी साहब वाली मस्जिद मरकज में इसके बाद जमींदारेन मदरसे में 9:00 बजे,ओर ईदगाह पर 9:30 बजे ईद उल फितर की नमाज अदा की गई। ईद की नमाज से पूर्व अंजुमन इस्लाम कमेटी के सभी सदस्य एवं मुस्लिम समाज के सभी लोग इमाम साहब के साथ जुलूस की शक्ल में ईदगाह पहुंचे जहां पर ईद की नमाज अदा की गई ईद की नमाज के बाद दुआ में सभी लोगों ने देश और दुनिया में अमन चैन और सुकून के लिए दुआ मांगी। दुआ के बाद सभी लोगों ने एक दूसरे को गले लगा कर ईद की मुबारकबाद दी। इसके बाद जुलूस ईदगाह से जमा मस्जिद के लिए रवाना हुआ जो की चंदेरी रोड बस स्टैंड चौराहा नया बाजार पोस्ट ऑफिस चौराहा पुराना बाजार होते हुए जमा मस्जिद पहुंचा इस बीच में जुलूस का कई जगह पर इस्तकबाल किया गया जिसमें कांग्रेस कमेटी और नगर परिषद के द्वारा स्टॉल लगाकर सभी मुस्लिम भाइयों को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी और इस्तकबाल किया गया। जुलूस के जामा मस्जिद पहुंचने के बाद वहां पर कुरआन खानी की गई और लोगों को तबररूख तकसीम किया गया। सभी जगह नमाज एवं जुलूस के दौरान सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस प्रशासन और नगर का राजस्व अमला मौजूद रहा।4
- Post by अखंड भारत न्यूज जिला संवाददाता1
- पाली में सुबह से छाए बादल, कोहरे की चादर, मौसम हुआ ठंडा पाली। पाली व तहसील क्षेत्र में मौसम ने अचानक करवट ले ली है। कल दोपहर बाद क्षेत्र में बेमौसम बारिश हुई, जिसके साथ तेज हवाएं चलीं और बड़ी मात्रा में ओलावृष्टि भी दर्ज की गई। कई स्थानों पर बड़े आकार के ओले गिरने से जनजीवन प्रभावित हुआ और फसलों को भी नुकसान की आशंका जताई जा रही है। बारिश और ओलावृष्टि के बाद तापमान में गिरावट दर्ज की गई, जिससे मौसम में ठंडक बढ़ गई है। आज सुबह से ही आसमान में घने बादल छाए हुए हैं और क्षेत्र कोहरे की चादर में लिपटा हुआ है। कोहरे के कारण सूर्य के दर्शन नहीं हो पाए, जिससे दिन की शुरुआत भी ठिठुरन भरी रही। सुबह के समय दृश्यता कम होने से राहगीरों और वाहन चालकों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा। ठंडी हवाओं और नमी के चलते लोगों ने गर्म कपड़ों का सहारा लेना शुरू कर दिया है। स्थानीय लोगों के अनुसार, अचानक बदले इस मौसम ने जनजीवन की रफ्तार धीमी कर दी है। वहीं किसानों के लिए यह स्थिति चिंता का विषय बनी हुई है, क्योंकि ओलावृष्टि से फसलों को नुकसान पहुंचने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार, अगले कुछ समय तक बादल छाए रहने और हल्की ठंड बनी रहने की संभावना है। प्रशासन ने लोगों से सावधानी बरतने और आवश्यक होने पर ही घर से बाहर निकलने की अपील की है।1
- लोकेशन बीना रिपोर्टर विजय चोहान बीना :-भगवान झूलेलाल सिंधी समाज के आराध्य देव और संरक्षक हैं, जिन्हें जल देवता वरुण क1