अपनी बेटी के घर से भाग जाने के बाद एक पिता को भयानक बदकिस्मती और अपमान का सामना करना पड़ा। उन्हें जानकारी मिली थी कि उनकी बेटी मुजफ्फरनगर अदालत में शादी करने आ सकती है, जिसके बाद वह उम्मीद के सहारे अपनी बेटी की तलाश में वहां पहुंचे। हालांकि, बेटी की एक झलक तक नसीब होने की बजाय, उन्हें वहां मौजूद भीड़ ने जेबकतरा समझ लिया। बिना सच जाने ही भीड़ ने उन्हें घेर लिया, उनके साथ मारपीट की और भरी भीड़ में उन्हें बेइज़्ज़त किया। यह घटना एक पिता के लिए औलाद से बिछड़ने के दर्द को और गहरा कर देती है, खासकर जब उसे झूठे इल्ज़ाम और अपमान भी सहना पड़े। यह पोस्ट इस बात पर जोर देती है कि कुछ ज़ख्म शरीर पर नहीं, बल्कि सीधे दिल और आत्मा पर लगते हैं, जिनका दर्द उम्रभर साथ रहता है। यह भावुक रूप से यह भी व्यक्त करता है कि किसी भी बाप को ऐसी औलाद नहीं मिलनी चाहिए, जो उसे इस तरह का दर्द और अपमान सहने पर मजबूर करे।
अपनी बेटी के घर से भाग जाने के बाद एक पिता को भयानक बदकिस्मती और अपमान का सामना करना पड़ा। उन्हें जानकारी मिली थी कि उनकी बेटी मुजफ्फरनगर अदालत में शादी करने आ सकती है, जिसके बाद वह उम्मीद के सहारे अपनी बेटी की तलाश में वहां पहुंचे। हालांकि, बेटी की एक झलक तक नसीब होने की बजाय, उन्हें वहां मौजूद भीड़ ने जेबकतरा समझ लिया। बिना सच जाने ही भीड़ ने उन्हें घेर लिया, उनके साथ मारपीट की और भरी भीड़ में उन्हें बेइज़्ज़त किया। यह घटना एक पिता के लिए औलाद से बिछड़ने के दर्द को और गहरा कर देती है, खासकर जब उसे झूठे इल्ज़ाम और अपमान भी सहना पड़े। यह पोस्ट इस बात पर जोर देती है कि कुछ ज़ख्म शरीर पर नहीं, बल्कि सीधे दिल और आत्मा पर लगते हैं, जिनका दर्द उम्रभर साथ रहता है। यह भावुक रूप से यह भी व्यक्त करता है कि किसी भी बाप को ऐसी औलाद नहीं मिलनी चाहिए, जो उसे इस तरह का दर्द और अपमान सहने पर मजबूर करे।
- एक संदेश के माध्यम से कुछ पुरानी यादों को फिर से ताज़ा करने की बात कही गई है। इसका उद्देश्य यह बताया गया है कि संबंधित व्यक्तियों के पुराने ज़ख़्म एक बार फिर हरे हो जाएं, ताकि वे किसी विशेष 'सच्चाई' को भूल न सकें।1
- आज वीर खालसा सेवा समिति ने रोडवेज पर राहगीरों के लिए ओआरएस के पैकेट वितरित किए और एक छबील भी लगाई। समिति के अध्यक्ष अवतार सिंह ने बताया कि उनकी समिति पिछले लगभग 20 वर्षों से सामाजिक कार्यों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेती रही है, और यह सेवा कार्य आगे भी जारी रहेंगे। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि समिति के सभी सदस्य निस्वार्थ सेवा भावना से कार्य कर रहे हैं। इस मौके पर निर्मल सिंह, नारायण सिंह, गुलशन अरोड़ा, सेवा सिंह, सुरजीत सिंह, मनिंदर सिंह, मनदीप सिंह, मनजीत सिंह, कमलजीत सिंह और सनी कपूर सहित कई सदस्य मौजूद रहे।2
- रामपुर की स्वार तहसील में शनिवार को 'संपूर्ण समाधान दिवस' का आयोजन किया गया, जहाँ जिलाधिकारी अजय कुमार द्विवेदी और पुलिस अधीक्षक सोमेंद्र मीणा ने बड़ी संख्या में पहुँचे फरियादियों की समस्याओं को गंभीरता से सुना। इस अवसर पर, लोगों ने मुख्य रूप से जमीन विवाद, बिजली, पानी, पुलिस से संबंधित शिकायतों और अन्य प्रशासनिक मामलों को लेकर अपनी बात रखी। जिलाधिकारी अजय कुमार द्विवेदी ने सभी शिकायतों को ध्यानपूर्वक सुना और संबंधित विभागीय अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि सभी मामलों का समय सीमा के भीतर निस्तारण किया जाए। उन्होंने जोर दिया कि किसी भी शिकायत को लंबित न रखा जाए और लोगों को समय पर न्याय मिलना सुनिश्चित हो। इसी तरह, पुलिस अधीक्षक सोमेंद्र मीणा ने भी पुलिस से जुड़ी शिकायतों पर गौर किया और मौके पर ही कई मामलों की जाँच के साथ-साथ आवश्यक कार्रवाई के आदेश दिए। इस समाधान दिवस के दौरान, कुछ शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया, जिससे फरियादियों को तुरंत राहत मिली। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि जनता की समस्याओं का समाधान प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इस सफल आयोजन से लोगों में यह उम्मीद जगी है कि उनकी समस्याओं का शीघ्र समाधान होगा।1
- रेलवे ट्रैक के पास खड़े होकर वीडियो बनवा रहे एक युवक के साथ बड़ा हादसा होते-होते टल गया। यह युवक स्टाइल में हाथ फैलाकर रील बना रहा था, तभी वह तेज रफ्तार ट्रेन की चपेट में आ गया। टक्कर लगने के बाद युवक जमीन पर गिर पड़ा, लेकिन राहत की बात यह रही कि उसकी जान बच गई। इस घटना का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और यह लोगों को रेलवे ट्रैक के आसपास ऐसे जानलेवा स्टंट न करने की गंभीर चेतावनी दे रहा है।1
- जनगणना कार्य में शानदार प्रदर्शन करने वाले 65 प्रगणकों को जिलाधिकारी डॉ. नितिन गौड़ ने सम्मानित किया। यह सम्मान कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित एक समारोह के दौरान प्रशस्ति-पत्र और फूलमालाएं देकर उनके उत्साहवर्धन के लिए दिया गया। प्रगणकों को मकान सूचीकरण और गणना कार्य को समयबद्ध व त्रुटिरहित ढंग से पूरा करने के लिए सराहा गया। जिलाधिकारी डॉ. नितिन गौड़ ने भीषण गर्मी में भी घर-घर पहुंचकर सटीक आंकड़े जुटाने वाले इन कर्मचारियों की विशेष सराहना की। उन्होंने जनगणना को राष्ट्र निर्माण और विभिन्न योजनाओं की आधारशिला बताते हुए इसके महत्व पर जोर दिया। बताया गया कि ये 65 प्रगणक कुल 13 चार्ज क्षेत्रों से चयनित किए गए थे। जनगणना 2027 का पहला चरण 20 जून तक चलेगा, और इस सम्मान समारोह में अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे।3
- अमरोहा के कलाकार सुमित सागर ने अपने नए ट्रेंडिंग गाने "सिद्धू इज़ अलाइव" की घोषणा की है, जो 6 जून 2026 को यूट्यूब पर रिलीज़ होने वाला है। यह अमरोहा का एक नया एसपी सॉन्ग है, जिसके लिए सभी से समर्थन का आग्रह किया गया है ताकि इसे एक नया ट्रेंड बनाया जा सके।1
- अपनी बेटी के घर से भाग जाने के बाद एक पिता को भयानक बदकिस्मती और अपमान का सामना करना पड़ा। उन्हें जानकारी मिली थी कि उनकी बेटी मुजफ्फरनगर अदालत में शादी करने आ सकती है, जिसके बाद वह उम्मीद के सहारे अपनी बेटी की तलाश में वहां पहुंचे। हालांकि, बेटी की एक झलक तक नसीब होने की बजाय, उन्हें वहां मौजूद भीड़ ने जेबकतरा समझ लिया। बिना सच जाने ही भीड़ ने उन्हें घेर लिया, उनके साथ मारपीट की और भरी भीड़ में उन्हें बेइज़्ज़त किया। यह घटना एक पिता के लिए औलाद से बिछड़ने के दर्द को और गहरा कर देती है, खासकर जब उसे झूठे इल्ज़ाम और अपमान भी सहना पड़े। यह पोस्ट इस बात पर जोर देती है कि कुछ ज़ख्म शरीर पर नहीं, बल्कि सीधे दिल और आत्मा पर लगते हैं, जिनका दर्द उम्रभर साथ रहता है। यह भावुक रूप से यह भी व्यक्त करता है कि किसी भी बाप को ऐसी औलाद नहीं मिलनी चाहिए, जो उसे इस तरह का दर्द और अपमान सहने पर मजबूर करे।1
- विश्व पर्यावरण दिवस के उपलक्ष्य में, गजरौला के हसनपुर रोड स्थित उत्तम मेडिकल स्टोर एवं नारायण नर्सिंग होम पर 'प्रकृति बचाओ महा अभियान' के तहत एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। श्री दक्ष उत्तम प्रकृति संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. उत्तम प्रजापति के तत्वावधान में आयोजित इस बैठक का मुख्य उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण के प्रति जन जागरूकता बढ़ाना और व्यापक स्तर पर पौधारोपण के माध्यम से प्रकृति का संरक्षण सुनिश्चित करना था। बैठक में उपस्थित वक्ताओं ने मौजूदा पर्यावरणीय चुनौतियों पर चिंता व्यक्त की, जिसमें जल, जंगल और जमीन का अत्यधिक गर्मी व प्रदूषण की मार झेलना शामिल है। उन्होंने बताया कि बढ़ते तापमान, घटते जलस्तर और पर्यावरण असंतुलन से मानव जीवन पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। ऐसे गंभीर समय में, वक्ताओं ने जोर देकर कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल एक सामाजिक जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित और खुशहाल भविष्य के लिए एक आवश्यक संकल्प है। संस्थान के पदाधिकारियों ने निर्णय लिया कि इस अभियान के तहत धार्मिक स्थलों, विद्यालय एवं कॉलेज प्रांगणों, सड़कों के किनारे, तालाबों के आसपास और अन्य खाली स्थानों पर बड़े पैमाने पर पौधारोपण किया जाएगा। साथ ही, यह भी सुनिश्चित किया जाएगा कि लगाए गए पौधों की नियमित रूप से देखभाल और संरक्षण हो, ताकि यह प्रयास मात्र औपचारिकता न रहकर एक वास्तविक जनआंदोलन का रूप ले सके। वक्ताओं ने इस अवसर पर 'जब पृथ्वी हरी-भरी होगी, तभी मानव जीवन स्वस्थ, सुरक्षित और खुशहाल होगा' का संदेश दिया और सभी लोगों से अपने जीवन में कम से कम एक पौधा लगाकर उसकी निरंतर देखभाल करने का हार्दिक आह्वान किया।1
- संभल जनपद में प्रशासन द्वारा अवैध कब्जों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत, थाना नखासा क्षेत्र के गांव कसेरवा में सरकारी कब्रिस्तान की भूमि पर बने एक कथित अवैध निर्माण को ध्वस्त कर दिया गया। प्रशासन का दावा है कि लगभग 1200 वर्गमीटर कब्रिस्तान की जमीन पर अवैध रूप से कब्जा किया गया था। यह कार्रवाई दिन में 10 बजे से भारी पुलिस बल की तैनाती के साथ शुरू हुई, जिसमें 60 से अधिक पुलिस और पीएसी के जवानों के साथ पांच थानों की फोर्स मौके पर मौजूद रही। ध्वस्तीकरण की कार्रवाई के लिए दो बुलडोजर, एक क्रेन मशीन और आधा दर्जन डंपर लगाए गए थे। प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था के बीच पूरे क्षेत्र को अपने नियंत्रण में लिया, जबकि बुलडोजर एक्शन दोपहर 1 बजे से शुरू होकर शाम तक चलता रहा। इस दौरान ध्वस्त किए जाने से पहले एक ग्रामीण द्वारा आखिरी अजान भी दी गई। अभियान के दौरान अधिकारियों की निगरानी में बुलडोजर लगातार चलते रहे, और अवैध कब्जे को हटाया गया; गांव के मकानों की छतों पर पुलिस कमांडो भी तैनात किए गए थे। कार्रवाई का जायजा लेने के लिए जिलाधिकारी अंकित खंडेलवाल और पुलिस अधीक्षक कृष्ण कुमार बिश्नोई भी मौके पर पहुंचे। प्रशासन के अनुसार, निरीक्षण के दौरान कुछ झंडे और पंपलेट मिले हैं, जिनकी जांच की जा रही है। अधिकारियों ने बताया कि जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।6