जहानाबाद जिले के मखदूमपुर थाना के पास गुरुवार सुबह करंट लगने से एक नाश्ता विक्रेता की मौत हो गई। मृतक की पहचान सरैया मोहल्ला निवासी चंदन कुमार के रूप में हुई है, जो थाना के सामने ठेले पर नाश्ता बेचकर अपने परिवार का भरण-पोषण करता था। जानकारी के अनुसार, चंदन कुमार सुबह सड़क किनारे लगे एक लोहे के बिजली पोल के पास गया था। स्थानीय लोगों के अनुसार, पोल से बंधे लोहे के काउंटर में बिजली का करंट प्रवाहित हो रहा था, जिसकी चपेट में आने से वह गंभीर रूप से झुलसकर गिर पड़ा। आसपास के लोगों ने तत्काल उसे रेफरल अस्पताल, मखदूमपुर पहुंचाया, जहाँ चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल, जहानाबाद भेज दिया है। स्थानीय लोगों ने इस घटना के लिए बिजली विभाग की लापरवाही को जिम्मेदार ठहराते हुए जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है। इस दुखद घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है।
जहानाबाद जिले के मखदूमपुर थाना के पास गुरुवार सुबह करंट लगने से एक नाश्ता विक्रेता की मौत हो गई। मृतक की पहचान सरैया मोहल्ला निवासी चंदन कुमार के रूप में हुई है, जो थाना के सामने ठेले पर नाश्ता बेचकर अपने परिवार का भरण-पोषण करता था। जानकारी के अनुसार, चंदन कुमार सुबह सड़क किनारे लगे एक लोहे के बिजली पोल के पास गया था। स्थानीय लोगों के अनुसार, पोल से बंधे लोहे के काउंटर में बिजली का करंट प्रवाहित हो रहा था, जिसकी चपेट में आने से वह गंभीर रूप से झुलसकर गिर पड़ा। आसपास के लोगों ने तत्काल उसे रेफरल अस्पताल, मखदूमपुर पहुंचाया, जहाँ चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल, जहानाबाद भेज दिया है। स्थानीय लोगों ने इस घटना के लिए बिजली विभाग की लापरवाही को जिम्मेदार ठहराते हुए जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है। इस दुखद घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है।
- कर्नाटक के मंत्री प्रियांक खड़गे ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के प्रमुख मोहन भागवत को एक पत्र लिखकर राज्य में संगठन की गतिविधियों की कानूनी वैधता पर सवाल उठाया है। खड़गे ने अपने पत्र में उल्लेख किया कि राज्य में आरएसएस द्वारा यूनिफॉर्म पहनकर 500 से ज़्यादा मार्च आयोजित किए जाते हैं और 4000 से ज़्यादा 'शाखाएं' लगती हैं। उन्होंने सीधे तौर पर पूछा है कि जब आरएसएस एक पंजीकृत संगठन नहीं है, तो वह किस कानून के तहत इस तरह की गतिविधियां संचालित कर रहा है।1
- बिहार के कृषि मंत्री सह गया जिले के प्रभारी मंत्री, माननीय श्री विजय कुमार सिन्हा ने आज दिनांक 18 जून 2026 को कृषि विज्ञान केंद्र, मानपुर, गया के प्रशिक्षण भवन, सभागार में 'खेत बचाओ अभियान -सह- कृषि जन कल्याण चौपाल एवं संवाद' का दीप प्रज्ज्वलित कर उद्घाटन किया। इस अवसर पर वजीरगंज के विधायक माननीय श्री बीरेन्द्र सिंह और गया के जिला पदाधिकारी श्री शशांक शुभंकर भी मंच पर उपस्थित रहे। मंत्री सिन्हा ने सभागार में उपस्थित 400 से अधिक किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि किसानों को अपनी खेतों की मिट्टी की नियमित जांच करानी चाहिए और मृदा स्वास्थ्य कार्ड की अनुशंसा के अनुसार ही उर्वरकों का संतुलित उपयोग करना चाहिए, जिससे मिट्टी की उर्वरा शक्ति बनी रहे तथा खेती की लागत घटे। उन्होंने एल नीनो के कारण कम वर्षा के पूर्वानुमान को देखते हुए धान की सीधी बुआई को प्राथमिकता देने और इस विधि का अधिक प्रशिक्षण कराने पर जोर दिया। मंत्री ने यह भी सुझाव दिया कि जिन किसानों ने पूर्व में सीधी बुआई से खेती की है, उनके खेतों में अन्य किसानों का परिभ्रमण कराकर उन्हें इसके लाभ की जानकारी दी जाए। उन्होंने कहा कि कैंसर और अन्य असाध्य बीमारियाँ प्रकृति के साथ छेड़छाड़ के कारण आम हो गई हैं, इनसे बचाव के लिए किसानों को अपने कम से कम एक चौथाई खेतों में प्राकृतिक खेती अपनानी चाहिए। मंत्री ने जीवामृत, बीजामृत, नीमास्त्र, आच्छादन जैसी विधियों का उपयोग कर खेत तथा पर्यावरण को बचाने और प्रकृति के साथ संतुलन बनाए रखने की अपील की। उन्होंने प्राकृतिक खेती करने वाले किसानों को सम्मानित करने का आश्वासन भी दिया। इसके अतिरिक्त, उन्होंने किसानों से एग्री स्टैक योजना के तहत अपना फार्मर आईडी बनवाने और यदि उनकी जमीन का परिमार्जन नहीं हुआ है, तो प्रत्येक दूसरे एवं चौथे को लगने वाले सहयोग-सह-जन कल्याण शिविर में आवेदन कर अपनी जमीन का परिमार्जन कराने का आग्रह किया। इस दौरान, वजीरगंज के विधायक श्री बीरेन्द्र सिंह ने स्वयं को मूलतः किसान बताते हुए अपने 25 प्रतिशत खेतों में प्राकृतिक तरीके से खेती करने का संकल्प लिया। किसानों द्वारा सब्जियों का उचित मूल्य नहीं मिलने की समस्या पर, जिला पदाधिकारी श्री शशांक शुभंकर ने घोषणा की कि गया जिले के 14 प्रखंडों में जल्द ही सब्जी प्रसंस्करण इकाइयाँ बनकर तैयार होंगी, जिनमें कोल्ड स्टोरेज की भी व्यवस्था होगी, जिससे किसानों को उनके उत्पादों का उचित मूल्य मिल सकेगा। कार्यक्रम में कृषि मंत्री के विशेष कार्य पदाधिकारी श्री प्रशांत कुमार, जिला कृषि पदाधिकारी सह परियोजना निदेशक, आत्मा श्री संजीव कुमार, वरीय वैज्ञानिक सह प्रधान कृषि विज्ञान केंद्र, मानपुर ई॰ मनोज कुमार राय सहित कई अन्य अधिकारी और वैज्ञानिक भी उपस्थित थे।1
- मोदी सरकार ने अमेरिका के राष्ट्रपति के साथ बातचीत की है, जिसमें प्राणियों को सुविधाएँ प्रदान करने पर मुख्य रूप से चर्चा हुई। यह बातचीत काफी सकारात्मक रही और इसमें अच्छे से काम करने को लेकर भी बात हुई।1
- गया शहर के एक अस्पताल से जुड़ा एक बड़ा राज सामने आया है। इस घटना से संबंधित पूरा वीडियो भी उपलब्ध है, जिसमें अस्पताल की कार्यप्रणाली को लेकर कुछ महत्वपूर्ण खुलासे किए गए हैं।1
- गया के गोदावरी स्थित श्री बटुक हनुमत प्राण प्रतिष्ठा सह श्री भैरव महायज्ञ में संध्याकालीन सांस्कृतिक कार्यक्रम और प्रवचन में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है। इस धार्मिक आयोजन में बड़ी संख्या में लोग शामिल होकर कार्यक्रम का आनंद ले रहे हैं।1
- लोकतंत्र का चौथा स्तंभ निशाने पर? पत्रकार के घर पुलिस पहुंचने से मचा हड़कंप भ्रष्टाचार उजागर करने वाले पत्रकार के घर अचानक पुलिस, उठे कई सवाल खबर के बाद दबिश! पत्रकार का दावा—मुझे फंसाने की हुई कोशिश1
- शिक्षा मंत्री जी ने आज बक्सर से एक बार फिर स्पष्ट किया है कि शिक्षकों के स्थानांतरण को लेकर महत्वपूर्ण प्रक्रिया तय समय-सीमा में पूरी की जाएगी। उनके अनुसार, 24 जून को स्थानांतरण नियमावली जारी कर दी जाएगी और 30 जून तक स्थानांतरण की पूरी प्रक्रिया समाप्त कर ली जाएगी। इसके बाद, 1 जुलाई से सभी शिक्षक अपने नए विद्यालयों में योगदान देना शुरू करेंगे।1
- बिहार सरकार के कृषि मंत्री सह गया ज़िला प्रभारी मंत्री, श्री विजय कुमार सिंह ने 18 जून, 2026 को गया ज़िले के बेलागंज और मानपुर प्रखंड कार्यालय परिसरों में आयोजित "प्रखंड सहयोग सह जन कल्याण शिविर" में भाग लिया। यह शिविर "सबका सम्मान जीवन आसान" संकल्प के तहत जन समस्याओं के त्वरित और प्रभावी समाधान के लिए लगाया गया था। सात निश्चय योजना-3 के इस घटक को ज़मीनी स्तर पर उतारने के लिए बिहार के सभी ज़िलों में हर महीने के पहले और तीसरे मंगलवार को पंचायतवार ऐसे शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। कार्यक्रम में जिलाधिकारी ने पुष्पगुच्छ देकर मंत्री का स्वागत किया। मंत्री ने अपने संबोधन में बताया कि राज्य सरकार ने 11 मई को सहयोग पोर्टल और हेल्पलाइन नंबर 1100 जारी किया था, जिसके ज़रिए लोग सीधे अपनी शिकायतें दर्ज करा सकते हैं। इन शिविरों का मुख्य उद्देश्य पारदर्शिता के साथ प्राथमिकता के आधार पर प्राप्त शिकायतों का निर्धारित समय-सीमा के भीतर समाधान करना है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि शिविर में प्राप्त होने वाले आवेदनों का यथासंभव मौके पर ही निष्पादन किया जाए और यदि ऐसा संभव न हो तो आवेदन प्राप्त होने की तारीख से 30 दिनों के भीतर हर हाल में उनका निष्पादन सुनिश्चित किया जाए। मंत्री ने ज़ोर दिया कि राज्य सरकार जनता के हित में योजनाएँ बनाती है और ज़िला प्रशासन का दायित्व है कि वह जनता की समस्याओं का समाधान करे। उन्होंने कहा कि ये शिविर पंचायत स्तर पर लगाए जा रहे हैं ताकि लोगों के सपने साकार हों और उनका भरोसा राज्य सरकार व ज़िला प्रशासन के प्रति और मज़बूत हो। गया के ज़िला पदाधिकारी श्री शशांक शुभंकर ने बताया कि प्रखंड सहयोग सह जन कल्याण शिविर और सहयोग पोर्टल पर ऑफलाइन व ऑनलाइन माध्यम से विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 14873 आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनमें से 12 हज़ार से अधिक आवेदनों का निष्पादन कर आज आवेदकों को निष्पादन पत्र भी दिए गए। उन्होंने आश्वासन दिया कि सभी प्राप्त आवेदनों का 30 दिनों के भीतर समाधान करके शिविर की अगली तिथि पर आवेदक को निष्पादन रिपोर्ट उपलब्ध कराई जाएगी। इस अवसर पर कई आवेदकों को बासगीत पर्चा, राशन कार्ड, जन्म प्रमाण पत्र, मुख्यमंत्री वृद्धजन पेंशन योजना, मनरेगा जॉब कार्ड और स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के लाभुकों को प्रोत्साहन राशि के सांकेतिक दस्तावेज़ प्रदान किए गए। शिविर में वज़ीरगंज और बेलागंज के माननीय विधायक, जिलाधिकारी, उप विकास आयुक्त, एडीएम आपदा, बीडीओ, सीओ सहित अन्य पदाधिकारी और जनप्रतिनिधि भी उपस्थित थे।1
- नालंदा जिले के नगरनौसा में एक डिग्री कॉलेज की स्थापना की मांग को लेकर विद्यार्थियों द्वारा दिया जा रहा धरना हिंसक हो गया। प्रशासन के साथ छात्रों की तीखी नोकझोंक जल्द ही एक हिंसक झड़प में बदल गई, जिसमें कई विद्यार्थी घायल हो गए। इस दौरान कुछ पुलिसकर्मी भी चोटिल हुए हैं।1