भ्रष्टाचार से सुलगती पुलिया: नहर खोदकर भरी जा रहीं साइडें, वैकल्पिक मार्ग बना जानलेवा वैकल्पिक मार्ग पर उड़ती धूल से छात्र-राहगीर बेहाल; जेई ने जांच के दिए संकेत पूरनपुर, पीलीभीत। जून 2024 की भीषण बारिश और बाढ़ में तबाह हुए पूरनपुर–कलीनगर मार्ग पर खारजा नहर के पास बह गई सड़क और पुलिया की यादें अभी ताजा ही हैं। करीब दो साल बाद भीमपुर पुलिया के समीप सड़क और पुलिया निर्माण कार्य शुरू तो हुआ है, लेकिन शुरुआती चरण में ही काम की गुणवत्ता पर सवाल खड़े होने लगे हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि पुलिया निर्माण में पड़ोस में स्थित खारजा नहर से रेत निकालकर साइडों में डाली जा रही है। इससे निर्माण की मजबूती पर संदेह पैदा हो गया है। ठेकेदार अल्ताफ ने भी नहर की रेत डालने की बात स्वीकार की है। वहीं संबंधित जेई ने पूरे मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई का भरोसा दिलाया है। प्रारंभिक स्तर पर ही भारी भ्रष्टाचार की आशंका जताई जा रही है। बाढ़ में भीमपुर पुलिया के पास लगभग 300 मीटर लंबा मार्ग पूरी तरह बह गया था। महीनों तक आवागमन ठप रहा। स्थायी समाधान न होने के कारण ग्रामीणों ने खुद कच्चा रास्ता बनाकर किसी तरह आवाजाही जारी रखी। विभाग की ओर से केवल मिट्टी डालकर अस्थायी सड़क बना दी गई, जो कुछ ही समय में गड्ढों में तब्दील हो गई। ------------- वैकल्पिक मार्ग बना जानलेवा निर्माण कार्य शुरू होने के बाद आवागमन के लिए एक वैकल्पिक मार्ग तैयार किया गया है, लेकिन यह रास्ता भी लोगों के लिए मुसीबत बन गया है। सड़क समतल न होने से आए दिन वाहन फंस रहे हैं। धूल उड़ने से दोपहिया चालकों, स्कूली बच्चों, बुजुर्गों और मरीजों को भारी परेशानी उठानी पड़ रही है। राहगीरों का कहना है कि अस्थायी मार्ग केवल औपचारिकता निभाने के लिए बनाया गया है। निर्माण स्थल पर सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम भी नहीं हैं, जिससे दुर्घटना की आशंका बनी हुई है। ------------ अन्य मार्गों की भी हालत खराब माधोटांडा–पीलीभीत मार्ग पर लक्ष्मीपुर और जमुनिया सहित तीन स्थानों पर सड़क कटने के बाद मरम्मत के नाम पर मिट्टी और रोड़ा डालकर काम अधूरा छोड़ दिया गया। क्षेत्रवासियों का कहना है कि यदि समय रहते पुख्ता निर्माण कराया जाता तो बार-बार मार्ग कटने की समस्या से बचा जा सकता था। ---------- गुणवत्ता और समयबद्धता पर उठे सवाल भीमपुर पुलिया के पास निर्माण कार्य शुरू होना क्षेत्र के लिए राहत की बात है, लेकिन काम की गुणवत्ता, नहर की रेत के उपयोग और वैकल्पिक मार्ग की अव्यवस्था ने नई चिंताएं खड़ी कर दी हैं। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि निर्माण कार्य मानकों के अनुरूप और समयबद्ध तरीके से पूरा कराया जाए, साथ ही सामग्री की गुणवत्ता की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में बाढ़ के दौरान दोबारा ऐसी स्थिति उत्पन्न न हो। ____________ (वर्जन बांक्स) जिस पुलिया की बात की जा रही है, वह नहर से जुड़ी हुई है। नहर से किसी प्रकार की रेत नहीं निकाली गई है। विभाग की ओर से नियमानुसार कार्य कराया जा रहा है।मिट्टी उड़ने की शिकायत आयी थी ठेकेदार से पानी छिड़काव कराने के लिए बोला गया है। (मनोज कुमार, जेई लोक निर्माण विभाग)
भ्रष्टाचार से सुलगती पुलिया: नहर खोदकर भरी जा रहीं साइडें, वैकल्पिक मार्ग बना जानलेवा वैकल्पिक मार्ग पर उड़ती धूल से छात्र-राहगीर बेहाल; जेई ने जांच के दिए संकेत पूरनपुर, पीलीभीत। जून 2024 की भीषण बारिश और बाढ़ में तबाह हुए पूरनपुर–कलीनगर मार्ग पर खारजा नहर के पास बह गई सड़क और पुलिया की यादें अभी ताजा ही हैं। करीब दो साल बाद भीमपुर पुलिया के समीप सड़क और पुलिया निर्माण कार्य शुरू तो हुआ है, लेकिन शुरुआती चरण में ही काम की गुणवत्ता पर सवाल खड़े होने लगे हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि पुलिया निर्माण में पड़ोस में स्थित खारजा नहर से रेत निकालकर साइडों में डाली जा रही है। इससे निर्माण की मजबूती पर संदेह पैदा हो गया है। ठेकेदार अल्ताफ ने भी नहर की रेत डालने की बात स्वीकार की है। वहीं संबंधित जेई ने पूरे मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई का भरोसा दिलाया है। प्रारंभिक स्तर पर ही भारी भ्रष्टाचार की आशंका जताई जा रही है। बाढ़ में भीमपुर पुलिया के पास लगभग 300 मीटर लंबा मार्ग पूरी तरह बह गया था। महीनों तक आवागमन ठप रहा। स्थायी समाधान न होने के कारण ग्रामीणों ने खुद कच्चा रास्ता बनाकर किसी तरह आवाजाही जारी रखी। विभाग की ओर से केवल मिट्टी डालकर अस्थायी सड़क बना दी गई, जो कुछ ही समय में गड्ढों में तब्दील हो गई। ------------- वैकल्पिक मार्ग बना जानलेवा निर्माण कार्य शुरू होने के बाद आवागमन के लिए एक वैकल्पिक मार्ग तैयार किया गया है, लेकिन यह रास्ता भी लोगों के लिए मुसीबत बन गया है। सड़क समतल न होने से आए दिन वाहन फंस रहे हैं। धूल उड़ने से दोपहिया चालकों, स्कूली बच्चों, बुजुर्गों और मरीजों को भारी परेशानी उठानी पड़ रही है। राहगीरों का कहना है कि अस्थायी मार्ग केवल औपचारिकता निभाने के लिए बनाया गया है। निर्माण स्थल पर सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम भी नहीं हैं, जिससे दुर्घटना की आशंका बनी हुई है। ------------ अन्य मार्गों की भी हालत खराब माधोटांडा–पीलीभीत मार्ग पर लक्ष्मीपुर और जमुनिया सहित तीन स्थानों पर सड़क कटने के बाद मरम्मत के नाम पर मिट्टी और रोड़ा डालकर काम अधूरा छोड़ दिया गया। क्षेत्रवासियों का कहना है कि यदि समय रहते पुख्ता निर्माण कराया जाता तो बार-बार मार्ग कटने की समस्या से बचा जा सकता था। ---------- गुणवत्ता और समयबद्धता पर उठे सवाल भीमपुर पुलिया के पास निर्माण कार्य शुरू होना क्षेत्र के लिए राहत की बात है, लेकिन काम की गुणवत्ता, नहर की रेत के उपयोग और वैकल्पिक मार्ग की अव्यवस्था ने नई चिंताएं खड़ी कर दी हैं। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि निर्माण कार्य मानकों के अनुरूप और समयबद्ध तरीके से पूरा कराया जाए, साथ ही सामग्री की गुणवत्ता की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में बाढ़ के दौरान दोबारा ऐसी स्थिति उत्पन्न न हो। ____________ (वर्जन बांक्स) जिस पुलिया की बात की जा रही है, वह नहर से जुड़ी हुई है। नहर से किसी प्रकार की रेत नहीं निकाली गई है। विभाग की ओर से नियमानुसार कार्य कराया जा रहा है।मिट्टी उड़ने की शिकायत आयी थी ठेकेदार से पानी छिड़काव कराने के लिए बोला गया है। (मनोज कुमार, जेई लोक निर्माण विभाग)
- हजारा। जनपद के ट्रांस शारदा क्षेत्र में खनन माफियाओं और अधिकारियों की जुगलबंदी ने एक घर का चिराग बुझा दिया है। राष्ट्रीय पत्रकार संघ के जिलाध्यक्ष गुरुसेठपाल सिंह ने मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर खनन निरीक्षक सुभाष सिंह की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं और उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित करने की मांग की है। आरोप है कि खान निरीक्षक को बार बार सूचना देने और वीडियो साक्ष्य भेजने के बावजूद उन्होंने कोई कार्रवाई नहीं की, जिसका नतीजा मंगलवार रात एक युवक की मौत के रूप में सामने आया। मामले में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। जिस अनुज्ञा पत्र के आधार पर खनन किया जा रहा है, उसमें जमीन का रकबा भूलेख रिकॉर्ड से बिल्कुल अलग है। आरोप है कि रिकॉर्ड के अनुसार जिस जमीन का रकबा महज 0.4130 हेक्टेयर है, उसे खनन विभाग के कागजों में 6130 हेक्टेयर दिखाकर बड़ा फर्जीवाड़ा किया गया है। इतना ही नहीं, खनन के प्रयोजन वाला कॉलम भी खाली छोड़ा गया है। सवाल यह है कि बिना जांच किए साहब ने ऐसी संदिग्ध परमिशन पर मुहर कैसे लगा दी? पत्रकार ने साक्ष्यों के साथ बताया कि उन्होंने दोपहर में ही खान निरीक्षक को बिना नंबर की ट्रैक्टर ट्रॉलियों की तेज रफ्तार और अवैध पटान की जानकारी दी थी। ड्राइवरों के पास कोई वैध कागजात नहीं थे। लेकिन साहब परमिशन है कहकर पल्ला झाड़ते रहे। इसी लापरवाही का नतीजा यह हुआ कि रात करीब 8:00 बजे रामनगर तिराहे के पास एक तेज रफ्तार ट्रैक्टर ट्रॉली ने भूपेंद्र निवासी ग्राम बहादुर नगर को रौंद दिया, जिससे उसकी दुखद मृत्यु हो गई। गुरुसेठपाल सिंह ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि इस पूरे फर्जीवाड़े की जांच के लिए विशेष टीम गठित की जाए। खान निरीक्षक सुभाष सिंह को तुरंत सस्पेंड कर उन पर दंडात्मक कार्रवाई की जाए। उन्होंने आरोप लगाया कि यदि समय रहते खनन निरीक्षक ने संज्ञान लिया होता, तो आज एक बेगुनाह की जान न जाती। अब देखना यह है कि बाबा का बुलडोजर इन बेखौफ खनन माफियाओं और लापरवाह अफसरों पर कब चलता है?1
- पीलीभीत। उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक अहम घटनाक्रम के तहत पूर्व मंत्री अनीस अहमद उर्फ फूल बाबू ने समाजवादी विचारधारा में आस्था जताते हुए समाजवादी पार्टी (सपा) का दामन थाम लिया। उनके सपा में शामिल होने की घोषणा के बाद पीलीभीत में समर्थकों और कार्यकर्ताओं ने जोरदार स्वागत किया। शहर के प्रमुख मार्गों पर बैनर-पोस्टर लगाए गए और ढोल-नगाड़ों के साथ जुलूस निकाला गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में सपा पदाधिकारी, स्थानीय नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे। स्वागत समारोह के दौरान फूल बाबू को फूल-मालाओं से लाद दिया गया। समर्थकों ने नारेबाजी करते हुए उन्हें क्षेत्र की मजबूत आवाज बताया। अपने संबोधन में अनीस अहमद ने कहा कि वे प्रदेश में विकास, सामाजिक न्याय और सर्वसमाज की भागीदारी के लिए सपा के साथ काम करेंगे। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी की नीतियां आम जनता, किसानों और युवाओं के हित में हैं और वे पार्टी नेतृत्व के मार्गदर्शन में संगठन को मजबूत करने का प्रयास करेंगे। स्थानीय सपा नेताओं ने कहा कि फूल बाबू के शामिल होने से पार्टी को पीलीभीत सहित आसपास के क्षेत्रों में मजबूती मिलेगी। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस कदम से जिले की सियासी सरगर्मियां तेज हो गई हैं और आने वाले चुनावों में इसका असर देखने को मिल सकता है। कार्यक्रम के अंत में समर्थकों ने एकजुटता का संदेश देते हुए आगामी चुनावों में सपा को मजबूत बनाने का संकल्प1
- पीलीभीत। जनपद के पीलीभीत क्षेत्र में उस समय हड़कंप मच गया जब खेत में एक बाघ ने बेसहारा गोवंशीय पशु को अपना शिकार बना लिया। घटना चन्द्रनगर मुख्य मार्ग के पास की बताई जा रही है, जो हजारा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आता है।प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार सुबह कुछ राहगीरों ने खेत में बाघ को मृत पशु के पास बैठे देखा। देखते ही देखते खबर आग की तरह फैल गई और मौके पर ग्रामीणों की भीड़ जुटने लगी। बाघ काफी देर तक शव के पास ही डेरा जमाए बैठा रहा, जिससे लोगों में दहशत और बढ़ गई। कई राहगीरों ने दूर से ही वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया, जो अब चर्चा का विषय बना हुआ है। ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में बाघ की चहलकदमी पिछले कुछ दिनों से देखी जा रही थी, लेकिन वन विभाग की ओर से पर्याप्त सतर्कता नहीं बरती गई। घटना की सूचना मिलने पर वन विभाग के रेंजर और टीम मौके पर पहुंचे, जहां आक्रोशित ग्रामीणों ने उनका घेराव कर लिया। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि समय रहते निगरानी नहीं की गई, जिससे ऐसी घटना हुई। इस दौरान अधिकारियों और ग्रामीणों के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई। वन विभाग की टीम ने ग्रामीणों को समझाकर शांत किया और आश्वासन दिया कि क्षेत्र में लगातार गश्त बढ़ाई जाएगी। साथ ही लोगों से अपील की गई कि वे खेतों में अकेले न जाएं और समूह में ही आवागमन करें। घटना के बाद पूरे इलाके में भय का माहौल है। किसान अपने खेतों की ओर जाने से कतरा रहे हैं। प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और किसी भी वन्यजीव की सूचना तुरंत विभाग को देने की अपील की है।1
- पीलीभीत उस समय हड़कंप मच गया जब खेत में एक बाघ ने बेसहारा गोवंशीय पशु का शिकार कर लिया। घटना चन्द्रनगर मुख्य मार्ग के पास की बताई जा रही है, जो हजारा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आता है। वुधवार ग्रामीणों के अनुसार राहगीरों ने खेत में मृत पशु के पास बाघ को बैठे देखा। बाघ काफी देर तक शव के पास ही डटा रहा, जिससे लोगों में भय और बढ़ गया। देखते ही देखते ग्रामीणों की भीड़ जुट गई और कई लोगों ने दूर से वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची, जहां ग्रामीणों ने लापरवाही का आरोप लगाते हुए नाराजगी जताई। अधिकारियों और ग्रामीणों के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई।1
- कबीरपुर कसगंजा पिता और भाइयों पर चाकू मारने का आरोप, पुलिस ने पहुचाया अस्पताल घुंघचिहाई थाना क्षेत्र के गांव कबीरपुर कसगंजा निवासी करन पुत्र मुकेश बुधवार दोपहर करीब एक बजे गांव के पास रास्ते पर घायल अवस्था में पड़ा मिला। ग्रामीणों द्वारा घटना की सूचना मिलते ही डायल 112 पुलिस मौके पर पहुंची और घायल युवक को तत्काल उपचार के लिए पूरनपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया। अस्पताल पहुंचने पर करन ने अपने पिता और दो भाइयों पर चाकू मारकर घायल करने का आरोप लगाया। युवक के आरोपों के बाद क्षेत्र में कुछ देर के लिए अफरा-तफरी की स्थिति बन गई। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल जांच शुरू की और मौके से आवश्यक जानकारी जुटाई। इस संबंध में थाना प्रभारी जयशंकर सिंह ने बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि घायल युवक शराब पीने और अन्य नशा करने का आदी है। नशे की आदतों के चलते उसकी पत्नी काफी समय से मायके में रह रही है, जिससे युवक मानसिक रूप से अवसाद में है। थाना प्रभारी के अनुसार करन ने अपने गले पर ब्लेड से स्वयं कट लगाया है। उन्होंने यह भी बताया कि इससे पहले भी वह कई बार पारिवारिक विवादों में उलझ चुका है और पूर्व में भी इसी प्रकार खुद को ब्लेड से घायल कर चुका है। पुलिस का कहना है कि युवक की आदतों और पुराने रिकॉर्ड को देखते हुए यह आत्मघाती प्रयास प्रतीत होता है, न कि परिजनों द्वारा हमला। फिलहाल युवक का इलाज चल रहा है।1
- यूपी बोर्ड परीक्षा के दृष्टिगत दिनांक 17 फरवरी 2026 को ड्रामंड राजकीय इंटर कॉलेज तथा सनातन धर्म बांके बिहारी राम इंटर कॉलेज का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान कंट्रोल रूम, स्ट्रांग रूम सहित अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं का जायजा लिया गया। अधिकारियों ने परीक्षा से जुड़ी तैयारियों की समीक्षा की और व्यवस्थाओं को लेकर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। प्रशासन का कहना है कि परीक्षा को निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए सभी व्यवस्थाएँ सुनिश्चित की जा रही हैं। #uttarpradesh #news #latestnews #pilibhit #dmpilibhit #pilibhit1
- ग्राम दियुरा थाना गजरौला इधर यह उत्तर साइड में रोड पर नाली खोद रहे इधर भी रोड बंद कर रहे हैं उधर पूरा साइड में अभी रोड बंद हो रहा है बताओ यह बीच वाले कहां जाएंगे दो घर हैं कैसे निकालेंगे हम और लोग खड़े होकर बंद करवा रहे हैं बोले इधर से बड़ा बड़ा बंद कर दो रोड1
- Post by यूपी समाचार1