रीवा जिले के गुढ़ नगर परिषद अंतर्गत वार्ड क्रमांक 6 और वार्ड क्रमांक 8 को जोड़ने वाली मुख्य गली मानसून की शुरुआती बारिश में ही बदहाल हो गई है। सड़क पर घुटनों तक गंदा पानी और कीचड़ जमा होने से यह मार्ग तालाब में तब्दील हो गया है, जिससे स्थानीय निवासियों का जीना दूभर हो गया है। इस रास्ते से प्रतिदिन गुजरने वाले स्कूली बच्चों को गंदे पानी और फिसलन भरे मार्ग से निकलने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है, जिसके कारण कई बच्चे गिरकर चोटिल हो रहे हैं और उनकी किताबें व ड्रेस खराब हो रही हैं। स्थिति इतनी गंभीर है कि बुजुर्गों, महिलाओं और मरीजों का इस रास्ते से निकलना पूरी तरह से बंद हो गया है। स्थानीय वार्डवासियों में इसे लेकर भारी आक्रोश है। नागरिकों का कहना है कि अभी तो केवल मानसून की शुरुआत है, और यदि समय रहते समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो पूरी बरसात में स्थिति और भी भयावह हो जाएगी। जलभराव के चलते मच्छरों का प्रकोप बढ़ने से डेंगू और मलेरिया जैसी गंभीर बीमारियों के फैलने का खतरा मंडरा रहा है। वार्डवासियों का आरोप है कि इस गंभीर समस्या से बार-बार स्थानीय प्रशासन और जनप्रतिनिधियों को अवगत कराने के बावजूद अब तक केवल खोखले आश्वासन ही मिले हैं और धरातल पर कोई काम नहीं हुआ है। अब वार्ड क्रमांक 6 और 8 के निवासियों ने रीवा जिला कलेक्टर और गुढ़ के मुख्य नगरपालिका अधिकारी से तत्काल जल निकासी की व्यवस्था करने की मांग की है।
रीवा जिले के गुढ़ नगर परिषद अंतर्गत वार्ड क्रमांक 6 और वार्ड क्रमांक 8 को जोड़ने वाली मुख्य गली मानसून की शुरुआती बारिश में ही बदहाल हो गई है। सड़क पर घुटनों तक गंदा पानी और कीचड़ जमा होने से यह मार्ग तालाब में तब्दील हो गया है, जिससे स्थानीय निवासियों का जीना दूभर हो गया है। इस रास्ते से प्रतिदिन गुजरने वाले स्कूली बच्चों को गंदे पानी और फिसलन भरे मार्ग से निकलने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है, जिसके कारण कई बच्चे गिरकर चोटिल हो रहे हैं और उनकी किताबें व ड्रेस खराब हो रही हैं। स्थिति इतनी गंभीर है कि बुजुर्गों, महिलाओं और मरीजों का इस रास्ते से निकलना पूरी तरह से बंद हो गया है। स्थानीय वार्डवासियों में इसे लेकर भारी आक्रोश है। नागरिकों का कहना है कि अभी तो केवल मानसून की शुरुआत है, और यदि समय रहते समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो पूरी बरसात में स्थिति और भी भयावह हो जाएगी। जलभराव के चलते मच्छरों का प्रकोप बढ़ने से डेंगू और मलेरिया जैसी गंभीर बीमारियों के फैलने का खतरा मंडरा रहा है। वार्डवासियों का आरोप है कि इस गंभीर समस्या से बार-बार स्थानीय प्रशासन और जनप्रतिनिधियों को अवगत कराने के बावजूद अब तक केवल खोखले आश्वासन ही मिले हैं और धरातल पर कोई काम नहीं हुआ है। अब वार्ड क्रमांक 6 और 8 के निवासियों ने रीवा जिला कलेक्टर और गुढ़ के मुख्य नगरपालिका अधिकारी से तत्काल जल निकासी की व्यवस्था करने की मांग की है।
- रीवा जिले के गुढ़ नगर परिषद अंतर्गत वार्ड क्रमांक 6 और वार्ड क्रमांक 8 को जोड़ने वाली मुख्य गली मानसून की शुरुआती बारिश में ही बदहाल हो गई है। सड़क पर घुटनों तक गंदा पानी और कीचड़ जमा होने से यह मार्ग तालाब में तब्दील हो गया है, जिससे स्थानीय निवासियों का जीना दूभर हो गया है। इस रास्ते से प्रतिदिन गुजरने वाले स्कूली बच्चों को गंदे पानी और फिसलन भरे मार्ग से निकलने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है, जिसके कारण कई बच्चे गिरकर चोटिल हो रहे हैं और उनकी किताबें व ड्रेस खराब हो रही हैं। स्थिति इतनी गंभीर है कि बुजुर्गों, महिलाओं और मरीजों का इस रास्ते से निकलना पूरी तरह से बंद हो गया है। स्थानीय वार्डवासियों में इसे लेकर भारी आक्रोश है। नागरिकों का कहना है कि अभी तो केवल मानसून की शुरुआत है, और यदि समय रहते समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो पूरी बरसात में स्थिति और भी भयावह हो जाएगी। जलभराव के चलते मच्छरों का प्रकोप बढ़ने से डेंगू और मलेरिया जैसी गंभीर बीमारियों के फैलने का खतरा मंडरा रहा है। वार्डवासियों का आरोप है कि इस गंभीर समस्या से बार-बार स्थानीय प्रशासन और जनप्रतिनिधियों को अवगत कराने के बावजूद अब तक केवल खोखले आश्वासन ही मिले हैं और धरातल पर कोई काम नहीं हुआ है। अब वार्ड क्रमांक 6 और 8 के निवासियों ने रीवा जिला कलेक्टर और गुढ़ के मुख्य नगरपालिका अधिकारी से तत्काल जल निकासी की व्यवस्था करने की मांग की है।1
- सिंगरौली के एक छोटे से कलाकार ने अपनी कला का प्रदर्शन करते हुए ढोलक की थाप से सभी को हैरान कर दिया है। अपनी इस प्रस्तुति के दौरान कलाकार ने अपनी प्रतिभा से लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया।1
- रीवा जिले की गुढ़ नगर परिषद के वार्ड क्रमांक 6 और 8 को जोड़ने वाली मुख्य गली पहली ही मानसून बारिश के बाद तालाब में तब्दील हो गई है। सड़क पर घुटनों तक गंदा पानी और कीचड़ जमा होने से यह मार्ग आवागमन के लिए बेहद खतरनाक हो गया है। इस रास्ते से प्रतिदिन गुजरने वाले स्कूली बच्चे कीचड़ में गिरकर चोटिल हो रहे हैं, जिससे उनकी किताबें और ड्रेस भी खराब हो रही है। इस बदहाल स्थिति के कारण बुजुर्गों, महिलाओं और मरीजों का घर से बाहर निकलना पूरी तरह से दूभर हो चुका है। स्थानीय वार्डवासी बेहद आक्रोशित हैं और उनका कहना है कि अभी तो मानसून की शुरुआत मात्र है, जबकि पूरी बरसात का सीजन अभी बाकी है। जलभराव के चलते क्षेत्र में मच्छरों का प्रकोप बढ़ गया है, जिससे डेंगू और मलेरिया जैसी गंभीर बीमारियों का खतरा मंडराने लगा है। नागरिकों का आरोप है कि इस समस्या से कई बार स्थानीय प्रशासन और जनप्रतिनिधियों को अवगत कराया गया, लेकिन अब तक उन्हें केवल खोखले आश्वासन ही मिले हैं। वार्डवासियों ने जिला कलेक्टर रीवा और मुख्य नगरपालिका अधिकारी गुढ़ से तत्काल जल निकासी की व्यवस्था करने की पुरजोर मांग की है ताकि इस नारकीय स्थिति से जल्द से जल्द राहत मिल सके।1
- मध्य प्रदेश के सतना और रीवा जिले में एक युवक का शव मिलने से सनसनी फैल गई है। यह शव घटना के 74 दिन बाद बरामद हुआ है, जिसने इलाके में हड़कंप मचा दिया है। फिलहाल इस मामले में पुलिस जांच और हत्या से जुड़े पहलुओं पर चर्चा तेज है। सोशल मीडिया पर #हत्याकांड, #प्रेम_प्रसंग और #पुलिस_जांच जैसे हैशटैग्स के जरिए इस मामले में न्याय की मांग और त्वरित कार्रवाई को लेकर प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। रामपुर बघेलान और गोविंदगढ़ क्षेत्रों से जुड़े इस मामले में विस्तृत जानकारी का इंतजार है।1
- सतना में अवैध सट्टा कारोबार के संचालन को लेकर गंभीर आरोप सामने आए हैं। भैंसाखाना इलाके में स्थित शराब ठेके के पास सट्टा पर्ची काटने का सिलसिला खुलेआम चलने की बात कही जा रही है। इलाके में अपराध का ग्राफ बढ़ने से स्थानीय निवासियों में भारी नाराजगी है, विशेष रूप से वार्ड 11 में चोरी की बढ़ती घटनाओं को लेकर लोग आक्रोशित हैं। हालांकि, इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। अब स्थानीय लोगों की निगाहें पूरी तरह से पुलिस की जांच और आगामी कार्रवाई पर टिकी हैं।1
- सतना जिले की मझगवां जनपद पंचायत में पदस्थ निलंबित उपयंत्री सतीश समेले ने मीडिया के सामने आकर सिस्टम में व्याप्त भ्रष्टाचार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। सतीश समेले ने दावा किया है कि निर्माण कार्यों के लिए 10 से 15 प्रतिशत तक का कमीशन पहले से तय किया जाता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह कमीशन जनपद स्तर से लेकर ऊपर तक के अधिकारियों तक पहुंचाया जाता है।1
- रीवा जिले के बैकुंठपुर थाना पुलिस ने नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत दो तस्करों को गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 1.02 ग्राम ब्राउन शुगर, 17 नग नशीली कफ सिरप और बिना नंबर की एक एफजेड-एस मोटरसाइकिल जब्त की है, जिसकी कुल अनुमानित कीमत लगभग 85 हजार रुपये है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक डॉ. गुरकरन सिंह, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक संदीप मिश्रा और एसडीओपी प्रतिभा शर्मा के निर्देशन में थाना प्रभारी श्रृंगेश सिंह राजपूत के नेतृत्व में की गई। 8 जुलाई 2026 को मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने ग्राम महत के पास घेराबंदी की और दोनों संदिग्धों को दबोच लिया। पकड़े गए आरोपियों की पहचान विवेक विश्वकर्मा उर्फ लल्लू (26 वर्ष) निवासी बैकुंठपुर और सुमित विश्वकर्मा (19 वर्ष) निवासी ग्राम नेहड़ा के रूप में हुई है। पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश कर दिया है। इस पूरी कार्रवाई में थाना प्रभारी के साथ प्रधान आरक्षक अश्वनी शुक्ला, सउनि मनोज बागरी, अनुराग तिवारी और आरक्षक आशुतोष मिश्रा, अजय पटेल, राहुल पाण्डेय एवं शशांक यादव की अहम भूमिका रही।1