उत्तर प्रदेश के रायबरेली जिले में हरचंदपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत ऐतिहासिक व प्राचीन टीले के लिए प्रसिद्ध ओई गांव में बारिश के कारण अचानक जमीन धंसने से एक रहस्यमयी सुरंग निकल आई है। यह मामला गांव की निवासी गुरुदेई (पत्नी स्व. रामदेव) के खेत का है। जमीन के ऊपरी हिस्से में करीब 1 मीटर का छेद दिखाई दे रहा है, जो अंदर जाकर कई मीटर गहरी और लगभग 10 मीटर चौड़ी विशाल गुफा का रूप ले चुकी है। प्राचीन टीले पर बनी इस अनूठी सुरंग की खबर फैलते ही मौके पर देखने वालों का भारी हुजूम उमड़ पड़ा। सुरंग के अंदर का जायजा लेने पर ग्रामीणों ने दावा किया है कि अंदर ईंटों से बनी प्राचीन दीवारें साफ तौर पर दिखाई दे रही हैं, जिससे इस जगह का ऐतिहासिक महत्व और गहरा गया है। सूचना मिलते ही एसडीएम महराजगंज और क्षेत्रीय लेखपाल ने दल-बल के साथ मौके पर पहुंचकर स्थिति का गहन निरीक्षण किया। प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और पुरातात्विक स्थिति स्पष्ट करने के लिए स्थान की वैज्ञानिक ढंग से खुदाई करवाकर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल सुरक्षा के दृष्टिगत और जमीन अंदर से खोखली होने के कारण आसपास घेराबंदी कर सतर्कता बरती जा रही है।
उत्तर प्रदेश के रायबरेली जिले में हरचंदपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत ऐतिहासिक व प्राचीन टीले के लिए प्रसिद्ध ओई गांव में बारिश के कारण अचानक जमीन धंसने से एक रहस्यमयी सुरंग निकल आई है। यह मामला गांव की निवासी गुरुदेई (पत्नी स्व. रामदेव) के खेत का है। जमीन के ऊपरी हिस्से में करीब 1 मीटर का छेद दिखाई दे रहा है, जो अंदर जाकर कई मीटर गहरी और लगभग 10 मीटर चौड़ी विशाल गुफा का रूप ले चुकी है। प्राचीन टीले पर बनी इस अनूठी सुरंग की खबर फैलते ही मौके पर देखने वालों का भारी हुजूम उमड़ पड़ा। सुरंग के अंदर का जायजा लेने पर ग्रामीणों ने दावा किया है कि अंदर ईंटों से बनी प्राचीन दीवारें साफ तौर पर दिखाई दे रही हैं, जिससे इस जगह का ऐतिहासिक महत्व और गहरा गया है। सूचना मिलते ही एसडीएम महराजगंज और क्षेत्रीय लेखपाल ने दल-बल के साथ मौके पर पहुंचकर स्थिति का गहन निरीक्षण किया। प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और पुरातात्विक स्थिति स्पष्ट करने के लिए स्थान की वैज्ञानिक ढंग से खुदाई करवाकर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल सुरक्षा के दृष्टिगत और जमीन अंदर से खोखली होने के कारण आसपास घेराबंदी कर सतर्कता बरती जा रही है।
- प्रहलाद जोशी के शिक्षा मंत्री बनने के बाद उनसे बात करने मीडिया पहुंची। इस दौरान उन्होंने मीडिया से क्या कहा, यह इस वीडियो के माध्यम से सुना जा सकता है।1
- आगामी श्रावण मास और कांवड़ यात्रा को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के उद्देश्य से कौशांबी के पिपरी थाने में पीस कमेटी की बैठक आयोजित की गई।1
- कौशाम्बी के चायल स्थित संदीपन घाट थाना क्षेत्र में एसपी सत्यनारायण प्रजापत के निर्देशन और सीओ चायल शिवांक सिंह के पर्यवेक्षण में पुलिस टीम ने मयफोर्स पैदल गश्त कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। थानाध्यक्ष आशुतोष सिंह की अगुवाई में चलाए गए सघन वाहन चेकिंग अभियान के दौरान दो दर्जन से अधिक वाहनों के चालान काटे गए। इस चेकिंग को देखकर कई वाहन चालक रास्ता बदलते नजर आए और चालकों के बीच हड़कंप की स्थिति बनी रही। गश्त के दौरान पुलिस ने लोगों को यातायात नियमों का पाठ पढ़ाया और अनिवार्य रूप से हेलमेट लगाने की सलाह दी। पैदल गश्त के दौरान थानाध्यक्ष आशुतोष सिंह ने लोगों को भरोसा दिलाते हुए कहा कि पुलिस सुरक्षा के लिए हर समय मौजूद है और किसी से डरने की जरूरत नहीं है। उन्होंने चेतावनी दी कि समाज में अफवाह और धार्मिक उन्माद फैलाने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा थानाध्यक्ष ने व्यापारियों और दुकानदारों से सुरक्षा के लिहाज से दुकानों में सीसीटीवी कैमरे लगवाने की अपील की, साथ ही सड़कों पर अतिक्रमण न करने की सख्त हिदायत दी कि ऐसा करने वालों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।1
- सोशल मीडिया पर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे का तेज़ी से वायरल हो रहा वीडियो पूरी तरह से फर्जी और AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) से तैयार किया गया डीपफेक निकला है। PIB (प्रेस इनफॉर्मेशंस ब्यूरो) के फैक्ट चेक यूनिट ने इस मामले का खुलासा करते हुए स्पष्ट किया है कि शिक्षा मंत्री ने ऐसा कोई बयान या इस्तीफा नहीं दिया है। PIB फैक्ट चेक के अनुसार, सोशल मीडिया पर यह अफवाह फैलाई जा रही थी कि धर्मेंद्र प्रधान ने 'व्यक्तिगत कारणों' का हवाला देते हुए अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। जांच में पाया गया कि असामाजिक तत्वों और प्रोपेगेंडा अकाउंट्स द्वारा उनके मूल वीडियो को डिजिटली मैनिपुलेट करके यह झूठी खबर फैलाई गई थी। इस पूरे घटनाक्रम के बाद सरकार ने लोगों से अपील की है कि किसी भी वायरल खबर या वीडियो पर आंख मूंदकर भरोसा न करें और केवल आधिकारिक स्रोतों से ही इसकी पुष्टि करें।1
- उत्तर प्रदेश के रायबरेली जिले में हरचंदपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत ऐतिहासिक व प्राचीन टीले के लिए प्रसिद्ध ओई गांव में बारिश के कारण अचानक जमीन धंसने से एक रहस्यमयी सुरंग निकल आई है। यह मामला गांव की निवासी गुरुदेई (पत्नी स्व. रामदेव) के खेत का है। जमीन के ऊपरी हिस्से में करीब 1 मीटर का छेद दिखाई दे रहा है, जो अंदर जाकर कई मीटर गहरी और लगभग 10 मीटर चौड़ी विशाल गुफा का रूप ले चुकी है। प्राचीन टीले पर बनी इस अनूठी सुरंग की खबर फैलते ही मौके पर देखने वालों का भारी हुजूम उमड़ पड़ा। सुरंग के अंदर का जायजा लेने पर ग्रामीणों ने दावा किया है कि अंदर ईंटों से बनी प्राचीन दीवारें साफ तौर पर दिखाई दे रही हैं, जिससे इस जगह का ऐतिहासिक महत्व और गहरा गया है। सूचना मिलते ही एसडीएम महराजगंज और क्षेत्रीय लेखपाल ने दल-बल के साथ मौके पर पहुंचकर स्थिति का गहन निरीक्षण किया। प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और पुरातात्विक स्थिति स्पष्ट करने के लिए स्थान की वैज्ञानिक ढंग से खुदाई करवाकर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल सुरक्षा के दृष्टिगत और जमीन अंदर से खोखली होने के कारण आसपास घेराबंदी कर सतर्कता बरती जा रही है।1
- मसाड़ी गांव में वर्षों पुराने जमीनी विवाद ने एक बार फिर तूल पकड़ लिया है। पीड़ित पक्ष का आरोप है कि 1999 के बैनामे की जमीन पर आज तक विपक्षी ने कोई दखल नहीं दिया था, लेकिन रविवार को घर पहुंचकर कथित रूप से कब्जा करने का प्रयास किया गया। जब पीड़ित पक्ष ने इसका विरोध किया, तो एक महिला के साथ मारपीट की गई, जिसमें वह घायल हो गई। बताया जा रहा है कि दोनों पक्षों के बीच करीब 5 महीने से विवाद चला आ रहा है। इस वारदात का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिससे पूरे इलाके में चर्चा का माहौल बना हुआ है। सूचना मिलने पर सराय ममरेज पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि दोनों पक्षों की शिकायत और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।1