सोहना नागरिक अस्पताल परिसर में महिलाओं की सुरक्षा और कानून व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से एसीपी सोहना मुकेश कुमार ने अस्पताल की एसएमओ डॉ. नीरू यादव के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की। इस बैठक में शहर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर रविंद्र कुमार भी उपस्थित रहे, जहां अस्पताल में आने वाली महिलाओं, मरीजों और उनके परिजनों की सुरक्षा से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। एसीपी मुकेश कुमार ने स्पष्ट किया कि महिलाओं की सुरक्षा पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में से एक है। इसे सुनिश्चित करने के लिए पुलिस और अस्पताल प्रशासन के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया जाएगा। उन्होंने जानकारी दी कि नागरिक अस्पताल में सुरक्षा के लिए चौबीसों घंटे होमगार्ड जवानों और राइडर पुलिस की तैनाती की जाएगी, साथ ही अस्पताल के अंदर और बाहर संदिग्ध गतिविधियों पर विशेष नजर रखी जाएगी। उन्होंने आमजन से अपील की कि यदि अस्पताल परिसर में या उसके बाहर कोई असामाजिक तत्व घूमता, छेड़छाड़ या अभद्र व्यवहार करता, या किसी भी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि करता दिखाई दे, तो उसकी तत्काल सूचना पुलिस हेल्पलाइन या स्थानीय पुलिस को दी जाए, ताकि समय रहते उचित कार्रवाई की जा सके। एसएमओ डॉ. नीरू यादव ने अस्पताल में आने वाली महिलाओं और मरीजों की सुरक्षा के लिए पुलिस प्रशासन को पूरा सहयोग देने का आश्वासन दिया। उन्होंने अस्पताल स्टाफ और आमजन से भी किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस तक पहुंचाने का आह्वान किया। पुलिस अधिकारियों ने इस दौरान कहा कि आमजन की जागरूकता और सहयोग से ही अपराधों पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सकता है, और महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पुलिस लगातार क्षेत्र में निगरानी और गश्त बढ़ा रही है।
सोहना नागरिक अस्पताल परिसर में महिलाओं की सुरक्षा और कानून व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से एसीपी सोहना मुकेश कुमार ने अस्पताल की एसएमओ डॉ. नीरू यादव के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की। इस बैठक में शहर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर रविंद्र कुमार भी उपस्थित रहे, जहां अस्पताल में आने वाली महिलाओं, मरीजों और उनके परिजनों की सुरक्षा से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। एसीपी मुकेश कुमार ने स्पष्ट किया कि महिलाओं की सुरक्षा पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में से एक है। इसे सुनिश्चित करने के लिए पुलिस और अस्पताल प्रशासन के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया जाएगा। उन्होंने जानकारी दी कि नागरिक अस्पताल में सुरक्षा के लिए चौबीसों घंटे होमगार्ड जवानों और राइडर पुलिस की तैनाती की जाएगी, साथ ही अस्पताल के अंदर और बाहर संदिग्ध गतिविधियों पर विशेष नजर रखी जाएगी। उन्होंने आमजन से अपील की कि यदि अस्पताल परिसर में या उसके बाहर कोई असामाजिक तत्व घूमता, छेड़छाड़ या अभद्र व्यवहार करता, या किसी भी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि करता दिखाई दे, तो उसकी तत्काल सूचना पुलिस हेल्पलाइन या स्थानीय पुलिस को दी जाए, ताकि समय रहते उचित कार्रवाई की जा सके। एसएमओ डॉ. नीरू यादव ने अस्पताल में आने वाली महिलाओं और मरीजों की सुरक्षा के लिए पुलिस प्रशासन को पूरा सहयोग देने का आश्वासन दिया। उन्होंने अस्पताल स्टाफ और आमजन से भी किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस तक पहुंचाने का आह्वान किया। पुलिस अधिकारियों ने इस दौरान कहा कि आमजन की जागरूकता और सहयोग से ही अपराधों पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सकता है, और महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पुलिस लगातार क्षेत्र में निगरानी और गश्त बढ़ा रही है।
- तमिलनाडु विधानसभा में हुई चर्चा के दौरान, DMDK के एक नेता ने सभी सदस्यों के लिए प्लास्टिक की बोतलों की जगह कांच की बोतलों में पानी उपलब्ध कराने की मांग की। इस पर पूर्व मुख्यमंत्री पन्नीरसेल्वम ने हास्यपूर्वक टिप्पणी की कि अगर किसी को गुस्सा आएगा, तो वे एक-दूसरे पर कांच की बोतल फेंक देंगे। पन्नीरसेल्वम के इतना कहते ही विधानसभा में मौजूद सभी लोग हंसने लगे।1
- हरियाणा गवर्नमेंट पीडब्ल्यूडी मैकेनिक वर्कर्स यूनियन, रजि. नंबर 41 से संबंधित सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा की दिल्ली कार्यकारिणी की एक महत्वपूर्ण बैठक 22 जून 2026 को सिंचाई विभाग कार्यालय में संपन्न हुई। सुचिंद्र वालिया की अध्यक्षता और नरेंद्र क्लर्क के संचालन में हुई इस बैठक में प्रांतीय मुख्य संगठनकर्ता योगेश शर्मा और प्रांतीय उपमहासचिव राजेश धनखड़ ने कर्मचारियों को संबोधित किया। बैठक का मुख्य उद्देश्य आगामी कार्यक्रमों को लागू करने और मंत्रियों द्वारा दिए गए आश्वासनों पर कार्रवाई न होने के विरोध में आंदोलन की रणनीति तैयार करना था। नेताओं ने बताया कि 24 नवंबर 2025 को सिंचाई मंत्री श्रीमती श्रुति चौधरी के साथ मांग पत्र पर विस्तृत चर्चा की गई थी। इन मांगों में सर्व कर्मचारी संघ के आगामी कार्यक्रमों को पूरी तरह से लागू करना, कॉमन कैडर कर्मचारियों को पदोन्नति का लाभ देना, जनस्वास्थ्य विभाग के कार्य और रखरखाव पंचायतों को न देना, कच्चे कर्मचारियों को पक्का करना, पुरानी पेंशन बहाल करना, एचआरए की विसंगतियों को दूर करना, सुपरिटेंडेंट को रजिस्ट्रार के पद पर पदोन्नति देना, मेडिकल भत्ता बढ़ाना, शिक्षा भत्ता बढ़ाना और वेतन विसंगतियों को दूर करना शामिल था। हालांकि, मंत्री के आदेशों के बावजूद, उच्च अधिकारियों ने आज तक किसी भी कार्य को गंभीरता से नहीं लिया है, जिसके कारण सिंचाई विभाग के कर्मचारियों में भारी नाराजगी है। इसी के मद्देनजर, कर्मचारियों ने दोनों मंत्रियों द्वारा दिए गए आश्वासनों पर सकारात्मक कार्रवाई न होने के विरोध में आंदोलन की रूपरेखा तैयार करने का सर्वसम्मत निर्णय लिया। सभी नेताओं ने राज्य की तमाम ब्रांचों को अपनी-अपनी आम सभाएं आयोजित कर सभी प्रकार के कर्मचारियों की भागीदारी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया, ताकि राज्य कमेटी के साथी उन सभाओं में शामिल हो सकें। इसके बाद, राज्य में कार्यरत सभी ब्रांचें अपने अधिकार क्षेत्र के कार्यकारी अभियंताओं के माध्यम से तीनों विभागों के प्रमुख अभियंताओं को एक मांग पत्र सौंपेंगी, जिसमें ब्रांच स्तर के मुद्दों के साथ राज्य कार्यकारिणी द्वारा उपलब्ध कराई गई मांगें भी शामिल होंगी। आंदोलन के अगले चरण में, 04 जुलाई 2026 को भिवानी में सिंचाई एवं जल संसाधन मंत्री के कैंप कार्यालय का घेराव किया जाएगा। इसके उपरांत, 18 जुलाई 2026 को हिसार में लोक निर्माण विभाग (भवन एवं सड़क विभाग) तथा जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के मंत्रियों के आवासों का भी घेराव करने का निर्णय राज्य कमेटी द्वारा लिया गया है। कमेटी ने चेतावनी दी है कि यदि मंत्री इस पर संज्ञान लेकर कोई ठोस सकारात्मक कार्रवाई नहीं करते हैं, तो मौके पर ही राज्य कमेटी अपनी बैठक करके आगे के आंदोलन के स्वरूप का फैसला नेतृत्व के द्वारा लेगी। इस बैठक में जिला प्रधान महेंद्र सिंह चुटानी, यशवीर शर्मा, जिला प्रधान मुकेश देशवाल, ब्रांच कमेटी सचिव सचिन पाराशर, अश्विनी कुमार, सुरेश कैनाल गार्ड, कुलदीप क्लर्क, नरेश मलिक, जिला सचिव प्रदीप मलिक, विजय सिंह, प्रवीण कुमार, कल्लू सिंह, विकास राणा, अंकित शर्मा, जितेंद्र बेलदार, मेहताब अकाउंट क्लर्क, दीपक क्लर्क, लक्ष्मण सिंह, पंकज शर्मा, संजीव सिंह, बलिंदर कुमार, सलीम, रविंद्र, विक्की, अनिल रोहट, रमेश छिकारा, सज्जन राजपूत, मनीष, विष्णु राजे, धर्मवीर, विजय कृष्ण, अभिषेक सहित कई अन्य साथी उपस्थित रहे।1
- पलवल की अलावलपुर रोड पर पुल पार खुली सड़क पर गैस चोरी का सिलसिला बेखौफ जारी है। ऐसी खबरें आए दिन सामने आती रहती हैं, जहाँ स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है कि कैसे गैस बदली जा रही है। इस चोरी के कारण, उपभोक्ताओं को गैस सिलेंडर के पूरे पैसे देने के बावजूद भी पर्याप्त मात्रा में गैस नहीं मिल पाती। यह सीधे तौर पर उपभोक्ता के उस अधिकार का उल्लंघन है, जिसके तहत उन्हें पूरे भुगतान पर पूरी गैस मिलनी चाहिए। यह स्थिति ऐसे समय में और गंभीर हो जाती है जब पलवल में पहले से ही लंबे समय से गैस की किल्लत चली आ रही थी, और अब ऊपर से यह बेखौफ गैस चोरी इस समस्या को और बढ़ा रही है।2
- रोहतक के इस्माइला में हुए हत्याकांड के संबंध में, परिजन हत्यारों की तुरंत गिरफ्तारी की मांग पर अड़े हुए हैं। उनकी यह स्पष्ट मांग है कि अपराधियों को जल्द से जल्द पकड़ा जाए।1
- आज जंतर-मंतर पर प्रदर्शन का तीसरा दिन है। इस दौरान, शिक्षा के विषय के साथ-साथ भरत तिवारी भी चर्चा का मुख्य विषय रहे।1
- राजधानी दिल्ली में ट्रैफिक जाम की समस्या से निपटने और बेहतर कनेक्टिविटी प्रदान करने के उद्देश्य से दिल्ली सरकार ने ₹12,000 करोड़ की एलिवेटेड रिंग रोड कॉरिडोर परियोजना को अपनी स्वीकृति दे दी है। इस महत्वाकांक्षी पहल का मुख्य लक्ष्य शहर को कंजेशन-फ्री और सिग्नल-फ्री यातायात व्यवस्था उपलब्ध कराना है। इस परियोजना के तहत यमुना नदी पर दो नए पुलों का निर्माण किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, मेटकाफ हाउस से डीएनडी फ्लाईवे तक एक सिग्नल-फ्री कॉरिडोर भी विकसित किया जाएगा, जो यातायात को सुगम बनाएगा। पहले चरण में लगभग 25 किलोमीटर लंबे कॉरिडोर का निर्माण कार्य संपन्न होगा। रैंप और इंटरचेंज सहित इस पूरे नेटवर्क की कुल लंबाई लगभग 80 किलोमीटर होगी, जिससे दिल्ली के विभिन्न क्षेत्रों के बीच आवाजाही और अधिक सुविधाजनक हो सकेगी। वर्तमान में रिंग रोड पर प्रतिदिन पांच लाख से अधिक वाहनों का भारी दबाव रहता है। ऐसे में, यह नई एलिवेटेड रिंग रोड परियोजना ट्रैफिक जाम को कम करने, यात्रा के समय को घटाने और राजधानी की समग्र कनेक्टिविटी को एक नई गति देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।1
- गुरुग्राम में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष अर्चना गुप्ता का भव्य स्वागत किया गया।1
- लखनऊ के अलीगंज इलाके में एक भीषण आग लगने से वहाँ अफरा-तफरी मच गई। इस दौरान, लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए रेस्क्यू टीम ने एक दीवार तोड़कर बचाव कार्य किया।1
- मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में हरियाणा कैबिनेट की बैठक शुरू हो गई है।1