Shuru
Apke Nagar Ki App…
प्रयागराज के बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) का मोबाइल फोन कुछ दिन पहले हैक हो गया था। इस घटना के मद्देनजर, साइबर पुलिस द्वारा जनहित में एक महत्वपूर्ण सूचना जारी की गई है, जिसमें बताया गया है कि इसी तरह किसी अन्य व्यक्ति का फोन भी हैक हो सकता है। लोगों से अपील की गई है कि फोन हैकिंग से बचाव संबंधी इस जानकारी को अपने परिवार, दोस्तों और सभी परिचितों के साथ अवश्य साझा करें।
News
प्रयागराज के बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) का मोबाइल फोन कुछ दिन पहले हैक हो गया था। इस घटना के मद्देनजर, साइबर पुलिस द्वारा जनहित में एक महत्वपूर्ण सूचना जारी की गई है, जिसमें बताया गया है कि इसी तरह किसी अन्य व्यक्ति का फोन भी हैक हो सकता है। लोगों से अपील की गई है कि फोन हैकिंग से बचाव संबंधी इस जानकारी को अपने परिवार, दोस्तों और सभी परिचितों के साथ अवश्य साझा करें।
More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
- कौशांबी जिले के मजरा समसपुर, थाना चरवा सिंह यादव, ग्राम कृष्णा डोली भजय के निवासी अंकित यादव ने पुलिस को एक प्रार्थना पत्र देकर शिकायत की है। दिनांक 9 जून 2026 को दोपहर करीब 11:30 बजे, अंकित यादव अपने तीन अन्य साथियों के साथ गाँव के दीवान सिंह पुल के पास अपने बाग में लूडो खेल रहे थे। इसी दौरान उन्होंने देखा कि उनके गाँव का अभिषेक यादव उर्फ आशू यादव एक अज्ञात लड़की को अपनी स्कूटी पर बिठाकर अपने नलकूप पर ले गया। लगभग दो घंटे बाद, अभिषेक यादव उसी लड़की को स्कूटी पर बिठाकर वापस वहीं छोड़ आया जहाँ से वह उसे ले गया था। इसके कुछ समय बाद, दोपहर करीब 2:30 बजे, अभिषेक यादव और अजय यादव पुत्र शिव लाल, 10-12 अज्ञात लोगों के साथ एक स्विफ्ट डिजायर जैसी चार पहिया और कुछ दो पहिया वाहनों पर सवार होकर हॉकी, लाठियों और डंडों से लैस होकर अंकित यादव के पास आए। उन्होंने अंकित को माँ-बहन की गालियाँ देते हुए मारना-पीटना शुरू कर दिया। इस दौरान, अभिषेक यादव ने अंकित का मोबाइल फोन भी छीन लिया और उसे जान से मारने की धमकी दी। जान बचाने के लिए अंकित अपने घर की छत पर भागा, लेकिन विपक्षीगण उसे घर तक मारते-पीटते रहे, जिससे उसे चोटें आईं। उसके मित्र और साहिल ने बीच-बचाव किया, तब जाकर अंकित बाल-बाल बचा। अंकित यादव ने प्रार्थना पत्र में अपनी जान का खतरा बताया है। वह उक्त विपक्षियों की धमकियों से डरा हुआ है और उसे आशंका है कि वे किसी भी समय उसे जान से मार सकते हैं। उसने पुलिस से अनुरोध किया है कि उसकी रिपोर्ट लिखकर उक्त विपक्षियों के विरुद्ध दंडात्मक कानूनी कार्यवाही की जाए।1
- प्रयागराज के बहादुरपुर क्षेत्र के ग्राम सभा गुलालपुर स्थित बूढ़ेश्वर महादेव मंदिर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में 'सेवा, सुशासन और जनकल्याण' के 12 वर्ष सफलतापूर्वक पूर्ण होने के उपलक्ष्य में एक विशेष पूजा-अर्चना का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में फूलपुर विधायक दीपक पटेल और गंगापार प्रयागराज की जिला अध्यक्ष निर्मला पासवान ने भगवान शिव की पूजा की, जिसमें उन्होंने देश और प्रदेश की सुख-समृद्धि की कामना की। इस अवसर पर ग्राम प्रधान डॉ. उदय भान कुशवाहा, ब्लॉक प्रमुख अरूणेन्द्र यादव, चेयरमैन अमरनाथ यादव, पार्षद अरुण मिश्र के साथ-साथ भारतीय जनता पार्टी के कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे। उपस्थित वक्ताओं ने केंद्र सरकार के पिछले 12 वर्षों की उपलब्धियों का विस्तार से उल्लेख किया। उन्होंने विकास कार्यों, डिजिटल सेवाओं के विस्तार, आधारभूत संरचना के सुदृढ़ीकरण और विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की सराहना की।1
- प्रयागराज के बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) का मोबाइल फोन कुछ दिन पहले हैक हो गया था। इस घटना के मद्देनजर, साइबर पुलिस द्वारा जनहित में एक महत्वपूर्ण सूचना जारी की गई है, जिसमें बताया गया है कि इसी तरह किसी अन्य व्यक्ति का फोन भी हैक हो सकता है। लोगों से अपील की गई है कि फोन हैकिंग से बचाव संबंधी इस जानकारी को अपने परिवार, दोस्तों और सभी परिचितों के साथ अवश्य साझा करें।1
- उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर जिले में एक नई पुलिस चौकी के शिलान्यास समारोह में उस वक्त गंभीर सवाल उठ खड़े हुए जब एक कुख्यात गैंगस्टर अपराधी जिला मजिस्ट्रेट (DM) के बिल्कुल बगल में बैठा नजर आया। इस कार्यक्रम में उच्च न्यायालय की न्यायाधीश मंजू रानी चौहान, एक MLC, जिला मजिस्ट्रेट (DM) और पुलिस अधीक्षक (SP) जैसे वरिष्ठ अधिकारी और गणमान्य व्यक्ति शामिल थे। रिपोर्ट के अनुसार, डीएम के बगल में बैठे व्यक्ति की पहचान अवधराज सिंह पप्पू के रूप में हुई है, जो एक गैंगस्टर अपराधी है। उस पर हत्या और जानलेवा हमले सहित कुल 28 गंभीर मुकदमे दर्ज हैं। इसके अतिरिक्त, वह पूर्व ब्लॉक प्रमुख भी रह चुका है। इस घटना ने लोगों के बीच यह तीखी प्रतिक्रिया पैदा की है कि मानो पुलिस चौकी के उद्घाटन में 'कस्टमर' (अपराधी) ही साथ बैठा हो, जो कानून व्यवस्था की स्थिति पर सवाल खड़े करता है।1
- उत्तर मध्य रेलवे के प्रयागराज मंडल ने यूपी पुलिस कांस्टेबल भर्ती परीक्षा-2026 में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए मंगलवार को 5 एग्जाम स्पेशल ट्रेनों का संचालन किया। इनमें से 4 ट्रेनें कानपुर सेंट्रल से शाम 7 बजे तक चलाई गईं, जबकि एक स्पेशल ट्रेन प्रयागराज जंक्शन से बांदा के लिए संचालित हुई। यह व्यवस्था मंडल रेल प्रबंधक रजनीश अग्रवाल के निर्देशन में की गई। परीक्षा के मद्देनजर, प्रयागराज जंक्शन, कानपुर सेंट्रल सहित सभी प्रमुख स्टेशनों पर विशेष इंतजाम किए गए। प्लेटफॉर्म, टिकट काउंटर और प्रवेश-निकास द्वारों पर अतिरिक्त व्यवस्थाएं कर भीड़ को नियंत्रित किया गया। इसके अतिरिक्त, मंडल स्तर पर स्थापित वार रूम से सीसीटीवी के माध्यम से स्टेशनों की लगातार निगरानी भी की गई, जिससे पूरी व्यवस्था सुचारु बनी रहे।1
- प्रयागराज पुलिस का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें एक दरोगा को पुलिस चौकी के अंदर एक व्यक्ति के साथ कथित तौर पर अभद्र व्यवहार करते हुए दिखाया गया है। इस वीडियो के सामने आने के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है और लोगों के बीच पुलिस के व्यवहार को लेकर व्यापक चर्चा छिड़ गई है। वायरल वीडियो को लेकर दावा किया जा रहा है कि यह मुट्ठीगंज थाना क्षेत्र की गऊघाट पुलिस चौकी का है, और इसमें दिखने वाले दरोगा को चौकी प्रभारी ऋषभ अग्निहोत्री बताया जा रहा है। हालांकि, इस वीडियो की आधिकारिक पुष्टि अभी तक नहीं हुई है। वायरल वीडियो में एक व्यक्ति को पुलिस चौकी में कुर्सी पर बैठा दिखाया गया है, जिस दौरान दरोगा उससे तीखे अंदाज में बात करते हुए और कुर्सी से उठने के लिए कहते हुए नजर आ रहे हैं। आरोप है कि पीड़ित व्यक्ति को चौकी बुलाकर धमकाया गया और उसके साथ अभद्र व्यवहार किया गया। इस वीडियो के सामने आने के बाद लोगों ने पुलिस के रवैये पर सवाल उठाना शुरू कर दिया है, और कई सोशल मीडिया यूजर्स ने मामले की जांच कर कार्रवाई की मांग की है। स्थानीय स्तर पर चर्चा है कि संबंधित दरोगा पहले भी कोतवाली थाना क्षेत्र में तैनाती के दौरान अपने व्यवहार को लेकर विवादों में रहे थे, और शिकायतों के बाद उन्हें वहां से हटाया गया था, हालांकि इन दावों की भी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब प्रयागराज पुलिस कमिश्नर द्वारा समय-समय पर पुलिसकर्मियों को आमजन के साथ सम्मानजनक और संवेदनशील व्यवहार करने तथा पुलिस और जनता के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने के निर्देश दिए जाते रहे हैं। ऐसे में, वायरल वीडियो ने विभागीय कार्यशैली पर कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।1
- कौशांबी जनपद के समसपुर गाँव निवासी अंकित यादव ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है कि 9 जून 2026 को उन्हें जानलेवा हमले का शिकार होना पड़ा। अंकित यादव अपने चार साथियों के साथ अपने बाग में लूडो खेल रहे थे, जब उन पर हमला किया गया। घटना से पहले, उसी दिन सुबह लगभग 11:30 बजे, अंकित यादव ने अपने गाँव के अभिषेक यादव उर्फ आशू यादव को एक अज्ञात लड़की को अपनी स्कूटी पर बैठाकर अपने नलकूप पर ले जाते देखा था। करीब दो घंटे बाद, अभिषेक यादव उसी लड़की को वापस छोड़कर चला गया। दोपहर करीब 2:30 बजे, शिव लाल के पुत्र अजय यादव, जो गाँव के ही निवासी हैं, लगभग 10-12 अज्ञात लोगों के साथ एक स्विफ्ट डिजायर कार और दो पहिया वाहनों पर सवार होकर अंकित यादव के पास पहुँचे। इन सभी हमलावरों के पास हॉकी स्टिक और लाठी-डंडे थे। उन्होंने अंकित यादव की माँ-बहन को गालियाँ देते हुए उसे बेरहमी से पीटना शुरू कर दिया। इस दौरान, अभिषेक यादव ने अंकित यादव का मोबाइल फोन भी छीन लिया और उसे जान से मारने की धमकी दी। हमलावर अंकित यादव को उसके घर तक पीटते रहे। वह गंभीर रूप से घायल अवस्था में अपने घर की छत पर भागा, और अपने दोस्तों के बीच-बचाव करने के बाद ही उसकी जान बच पाई। उसके शरीर पर कई चोटें आई हैं। अंकित यादव ने अपनी शिकायत में कहा है कि वह हमलावरों की धमकियों से बहुत डरा हुआ है और उसे आशंका है कि वे किसी भी समय उसकी जान ले सकते हैं। उसने पुलिस से इस मामले में रिपोर्ट दर्ज कर उक्त विपक्षीगणों के खिलाफ कड़ी दंडात्मक कानूनी कार्रवाई करने का निवेदन किया है।1
- उत्तर प्रदेश के कानपुर में 31 मई को कोचिंग संचालक विजय प्रकाश गुप्ता की हत्या के मामले का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। इस हत्याकांड को विजय गुप्ता के 18 साल पुराने दोस्त मोहित द्विवेदी ने अंजाम दिया था। मोहित द्विवेदी ने अपनी पहचान छिपाने के लिए बुर्का, लेडीज चप्पल, पर्स और ग्लव्स का इस्तेमाल किया था। पुलिस के अनुसार, हत्या के पीछे कोई पुरानी रंजिश नहीं थी, बल्कि इसका मुख्य मकसद विजय गुप्ता का सोने का ब्रेसलेट और सोने की चेन लूटना था। अपनी पहचान बदलने के तरीकों के लिए मोहित ने यूट्यूब पर कई बार खोजबीन भी की थी।1