कान्हा टाइगर रिजर्व में रेस्क्यू किए गए तेंदुए की उपचार के दौरान मौत कान्हा टाइगर रिजर्व के बफर जोन से एक दुखद खबर सामने आई है। मंडला जिले के सिझोरा बफर परिक्षेत्र के ग्राम खटोला से रेस्क्यू किए गए तेंदुए की उपचार के दौरान मौत हो गई। वन विभाग ने राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण (NTCA) की निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार सभी आवश्यक कार्रवाई पूरी कर ली है। 24 जुलाई 2026 को कान्हा टाइगर रिजर्व के बफर जोन वनमंडल अंतर्गत सिझोरा बफर परिक्षेत्र के ग्राम खटोला में एक ग्रामीण के घर में तेंदुआ घुस गया था। सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर तेंदुए का सफलतापूर्वक रेस्क्यू किया। इसके बाद उसे उपचार और चिकित्सकीय निगरानी में रखा गया। हालांकि उपचार के दौरान 25 जुलाई 2026 को तेंदुए की मृत्यु हो गई। वन विभाग के अनुसार, मृत्यु के बाद राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण (NTCA) की मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) का पूरी तरह पालन किया गया। सक्षम अधिकारियों की मौजूदगी में तेंदुए का विधिवत पोस्टमार्टम कराया गया। पोस्टमार्टम के उपरांत निर्धारित प्रावधानों के अनुसार तेंदुए के शव का भस्मीकरण (दाह संस्कार) भी कर दिया गया। वन विभाग ने स्पष्ट किया है कि पूरी प्रक्रिया नियमानुसार और पारदर्शी तरीके से संपन्न की गई। फिलहाल वन विभाग की ओर से तेंदुए की मौत के संबंध में निर्धारित प्रक्रिया के तहत सभी आवश्यक कार्रवाई पूरी कर ली गई है। इस घटना ने वन्यजीव संरक्षण और मानव-वन्यजीव संघर्ष की चुनौतियों को एक बार फिर सामने ला दिया है।
कान्हा टाइगर रिजर्व में रेस्क्यू किए गए तेंदुए की उपचार के दौरान मौत कान्हा टाइगर रिजर्व के बफर जोन से एक दुखद खबर सामने आई है। मंडला जिले के सिझोरा बफर परिक्षेत्र के ग्राम खटोला से रेस्क्यू किए गए तेंदुए की उपचार के दौरान मौत हो गई। वन विभाग ने राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण (NTCA) की निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार सभी आवश्यक कार्रवाई पूरी कर ली है। 24 जुलाई 2026 को कान्हा टाइगर रिजर्व के बफर जोन वनमंडल अंतर्गत सिझोरा बफर परिक्षेत्र के ग्राम खटोला में एक ग्रामीण के घर में तेंदुआ घुस गया था। सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर तेंदुए का सफलतापूर्वक रेस्क्यू किया। इसके बाद उसे उपचार और चिकित्सकीय निगरानी में रखा गया। हालांकि उपचार के दौरान 25 जुलाई 2026 को तेंदुए की मृत्यु हो गई। वन विभाग के अनुसार, मृत्यु के बाद राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण (NTCA) की मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) का पूरी तरह पालन किया गया। सक्षम अधिकारियों की मौजूदगी में तेंदुए का विधिवत पोस्टमार्टम कराया गया। पोस्टमार्टम के उपरांत निर्धारित प्रावधानों के अनुसार तेंदुए के शव का भस्मीकरण (दाह संस्कार) भी कर दिया गया। वन विभाग ने स्पष्ट किया है कि पूरी प्रक्रिया नियमानुसार और पारदर्शी तरीके से संपन्न की गई। फिलहाल वन विभाग की ओर से तेंदुए की मौत के संबंध में निर्धारित प्रक्रिया के तहत सभी आवश्यक कार्रवाई पूरी कर ली गई है। इस घटना ने वन्यजीव संरक्षण और मानव-वन्यजीव संघर्ष की चुनौतियों को एक बार फिर सामने ला दिया है।
- मंडला जिले के बीजाडांडी और नारायणगंज में ब्लॉक स्तरीय बैंकर्स समिति की बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में स्वरोजगार और ऋण योजनाओं पर गहन मंथन किया गया। बैठक का मुख्य उद्देश्य स्थानीय स्तर पर उपलब्ध संसाधनों का उपयोग करके स्वरोजगार को बढ़ावा देना और ऋण योजनाओं के माध्यम से लोगों को आर्थिक सहायता प्रदान करना था। बैठक में विभिन्न बैंकों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया और उन्होंने अपने-अपने क्षेत्रों में चल रही स्वरोजगार और ऋण योजनाओं के बारे में जानकारी साझा की। इसके अलावा, उन्होंने यह भी चर्चा की कि कैसे इन योजनाओं को और अधिक प्रभावी बनाया जा सकता है। बैठक में यह निर्णय लिया गया कि बैंकर्स समिति नियमित रूप से ऐसी बैठकें आयोजित करेगी ताकि स्थानीय स्तर पर स्वरोजगार और ऋण योजनाओं को और अधिक प्रोत्साहित किया जा सके।1
- मोहगांव ब्लॉक शिक्षा व्यवस्था बदहाल यह भी चिंतन व चिंता का विषय हैँ नोनीहाल बच्चों को बैठने को स्कूल नहीं रंगमंच में लग रहा है स्कूल1
- प्रदर्शन खत्म होने के बाद हॉस्टल मैं जाकर छात्रों को गिरफ्तार कर रही है पुलिस1
- दो सोनोग्राफी सेंटरों पर छापा, लिंग परीक्षण और अवैध गर्भपात के नेटवर्क की जांच शुरू जबलपुर। शहर में सोमवार शाम पुलिस और स्वास्थ्य विभाग ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए दो सोनोग्राफी सेंटरों पर छापा मारा और उन्हें सील कर दिया। प्रारंभिक जांच में अवैध लिंग परीक्षण, रिकॉर्ड में अनियमितता और अन्य गैरकानूनी गतिविधियों के संकेत मिलने पर टीम ने महत्वपूर्ण दस्तावेज और रजिस्टर जब्त कर लिए हैं। मामले में जांच पूरी होने के बाद सेंटर संचालक के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (एएसपी) अनु बेनीवाल के नेतृत्व में सीएमएचओ डॉ. नवीन कोठारी की टीम ने ओमती थाना क्षेत्र स्थित अंजुमन स्कूल के सामने संचालित डॉ. राजेंद्र अग्रवाल के सोनोग्राफी सेंटर पर छापा मारा। इसी दौरान अधारताल स्थित उनके दूसरे सेंटर पर भी एक साथ कार्रवाई की गई।छापेमारी के समय दोनों सेंटरों पर कई गर्भवती महिलाएं मौजूद थीं। जांच के दौरान अधिकारियों ने रजिस्टर, मरीजों के रिकॉर्ड और अन्य दस्तावेज जब्त किए। प्रारंभिक जांच में कई महिलाओं की उम्र, नाम और पते में संदिग्ध प्रविष्टियां मिलने से रिकॉर्ड में गंभीर अनियमितताओं की आशंका जताई गई हैएएसपी अनु बेनीवाल ने बताया कि जब्त दस्तावेजों की गहन जांच की जा रही है। रजिस्टर में दर्ज महिलाओं के नाम, पते और मोबाइल नंबरों के आधार पर उनसे पूछताछ भी की जाएगी। जांच में अवैध लिंग परीक्षण और संभावित अवैध गर्भपात के नेटवर्क से जुड़े पहलुओं की भी पड़ताल की जा रही है।फिलहाल दोनों सोनोग्राफी सेंटरों को सील कर दिया गया है। पुलिस का कहना है कि यदि जांच में नियमों के उल्लंघन और अवैध गतिविधियों के पर्याप्त प्रमाण मिलते हैं तो संबंधित लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही शहर में इस तरह के अन्य मामलों की भी जांच तेज की जाएगी2
- Nainpur : देवर-भाभी के बीच हुआ विवाद हत्या में तब्दील,शराब के नशे में मृतक करता था गाली गलौज ...1