बलरामपुर में अवैध अफीम की खेती का मामला: 3.67 एकड़ में उगाई गई बलरामपुर में अवैध अफीम की खेती का मामला: 3.67 एकड़ में उगाई गई फसल नष्ट बलरामपुर (छत्तीसगढ़): जिले के थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत तिरुपुर के आश्रित गांव में अवैध अफीम की खेती का बड़ा मामला सामने आया है। जानकारी के अनुसार लगभग 3.67 एकड़ भूमि पर अफीम की खेती की जा रही थी। प्रशासन को सूचना मिलने के बाद जिला प्रशासन और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और पूरी फसल को उखाड़कर नष्ट करने की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। सूत्रों के मुताबिक, इस जमीन के मालिकों से झारखंड के एक व्यक्ति द्वारा लिखित समझौता लेकर अफीम की खेती कराई जा रही थी। बताया जा रहा है कि अफीम के डोडों से एक-दो बार रस (लेटेक्स) भी निकाला जा चुका था, और फसल पूरी तरह पकने की कगार पर थी। इस पूरे मामले ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। इतनी बड़ी मात्रा में अफीम की खेती लंबे समय से चल रही थी, लेकिन जिला प्रशासन और राजस्व विभाग की निगरानी के दौरान यह कैसे नजर से बची रही, यह जांच का विषय बन गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि धान खरीदी शुरू होने से पहले प्रशासनिक और राजस्व अधिकारियों द्वारा इलाके का निरीक्षण किया गया था, फिर भी इस फसल का पता नहीं चल सका। छत्तीसगढ़ के अलग-अलग क्षेत्रों में समय-समय पर इस तरह की अवैध अफीम की खेती के मामले सामने आना यह संकेत देता है कि कहीं न कहीं बड़े स्तर पर संरक्षण या लापरवाही हो सकती है। हालांकि इस संबंध में प्रशासन की ओर से आधिकारिक पुष्टि और जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी। सूचना मिलते ही जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन ने क्षेत्र की घेराबंदी कर दी। मंगलवार तड़के से ही प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी मौके पर डटे रहे और फसल को उखाड़कर नष्ट करने की कार्रवाई की गई। वहीं नारकोटिक्स विभाग के अधिकारी भी मौके पर पहुंचे और अफीम की खेती का निरीक्षण किया। अब बड़ा सवाल यह है कि इतनी बड़ी मात्रा में अफीम की खेती आखिर जिला और पुलिस प्रशासन की नजर से कैसे बची रही। फिलहाल प्रशासन ने मामले की जांच शुरू कर दी है और आगे की कार्रवाई जारी है।
बलरामपुर में अवैध अफीम की खेती का मामला: 3.67 एकड़ में उगाई गई बलरामपुर में अवैध अफीम की खेती का मामला: 3.67 एकड़ में उगाई गई फसल नष्ट बलरामपुर (छत्तीसगढ़): जिले के थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत तिरुपुर के आश्रित गांव में अवैध अफीम की खेती का बड़ा मामला सामने आया है। जानकारी के अनुसार लगभग 3.67 एकड़ भूमि पर अफीम की खेती की जा रही थी। प्रशासन को सूचना मिलने के बाद जिला प्रशासन और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और पूरी फसल को उखाड़कर नष्ट करने की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। सूत्रों के मुताबिक, इस जमीन के मालिकों से झारखंड के एक व्यक्ति द्वारा लिखित समझौता लेकर अफीम की खेती कराई जा रही थी। बताया जा रहा है कि अफीम के डोडों से एक-दो बार रस (लेटेक्स) भी निकाला जा चुका था, और फसल पूरी तरह पकने की कगार पर थी। इस पूरे मामले ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। इतनी बड़ी मात्रा में अफीम की खेती लंबे समय से चल रही थी, लेकिन जिला प्रशासन और राजस्व विभाग की निगरानी के दौरान यह कैसे नजर से बची रही, यह जांच का विषय बन गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि धान खरीदी शुरू होने से पहले प्रशासनिक और राजस्व अधिकारियों द्वारा इलाके का निरीक्षण किया गया था, फिर भी इस फसल का पता नहीं चल सका। छत्तीसगढ़ के अलग-अलग क्षेत्रों में समय-समय पर इस तरह की अवैध अफीम की खेती के मामले सामने आना यह संकेत देता है कि कहीं न कहीं बड़े स्तर पर संरक्षण या लापरवाही हो सकती है। हालांकि इस संबंध में प्रशासन की ओर से आधिकारिक पुष्टि और जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी। सूचना मिलते ही जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन ने क्षेत्र की घेराबंदी कर दी। मंगलवार तड़के से ही प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी मौके पर डटे रहे और फसल को उखाड़कर नष्ट करने की कार्रवाई की गई। वहीं नारकोटिक्स विभाग के अधिकारी भी मौके पर पहुंचे और अफीम की खेती का निरीक्षण किया। अब बड़ा सवाल यह है कि इतनी बड़ी मात्रा में अफीम की खेती आखिर जिला और पुलिस प्रशासन की नजर से कैसे बची रही। फिलहाल प्रशासन ने मामले की जांच शुरू कर दी है और आगे की कार्रवाई जारी है।
- Ratan Choudhryबलरामपुर, बलरामपुर, छत्तीसगढ़🤝on 1 April
- बलरामपुर, आज संविधान निर्माता डॉ. भीमराव अंबेडकर की जयंती के अवसर पर प्रदेश के कैबिनेट मंत्री श्री रामविचार नेताम ने ग्राम पंचायत डिंडो में 1154.45 लाख रुपये की लागत वाले विभिन्न विकास कार्यों का भूमिपूजन एवं शिलान्यास किया। इन परियोजनाओं का मुख्य उद्देश्य क्षेत्र में बुनियादी ढांचे को मजबूत करना और सामाजिक उत्थान को गति देना है।आवागमन को सुगम बनाने के लिए तीन महत्वपूर्ण सड़क परियोजनाओं का शिलान्यास किया गया (कुल लंबाई लगभग 11 किमी सामाजिक बुनियादी ढांचा: गोंड समाज के लिए सर्वसुविधायुक्त सामुदायिक भवन और धान उपार्जन केंद्र में चबूतरा निर्माण। खेल एवं युवा युवाओं के शारीरिक विकास के लिए खेल मैदान का निर्माण1
- *अपराध क्रमांक 111/2026 धारा छ.ग.कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम 2004 की धारा 4,6,10 एव पशु क्रूरता निवारण अधिनियम 1960 की धारा 11(1)घ* *आरोपी आबिद अंसारी पिता सहमीर अंसारी उम्र 32 वर्ष पता सोनपूर्वा थाना रंका जिला गढ़वा झारखंड* *चौकी बारिया पुलिस की कार्यवाही मवेशियों की खरीद बिक्री एवं तस्करी करने वाले फरार आरोपी को गिरफ्तार कर भेजा गया सलाखों के पीछे* *मामले का संक्षिप्त विवरण इस प्रकार है कि पूर्व में घटना दिनांक को चौकी बारियों के ग्राम आरा सरना पारा के पास से पिकप वाहन से मवेशी तस्करी होने की सूचना प्राप्त होने पर चौकी बारियों पुलिस के मौके पर पहुँचने पर पुलिस को देखकर तस्कर पिकअप वाहन को लेकर भागने के दौरान खेत में पिकअप के फंस जाने से ड्राइवर मवेशी से भरा पिकअप को छोड़ कर फरार हो गया था। मामले में अपराध क्रमांक 111/2026 धारा छ.ग.कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम 2004 की धारा 4,6,10 एव पशु क्रूरता निवारण अधिनियम 1960 की धारा 11(1)घ का अपराध पंजीबद्ध कर विधिवत कार्यवाही करते हुए पूर्व में वाहन स्वामी एवं ड्राइवर को जेल भेजा जा चुका है।* *मामले में एंड टू एंड कार्यवाही करते हुए मवेशियो की खरीद बिक्री करने वाले फरार आरोपी आबिद खान को घेराबंदी कर सीतापुर रोड अंबिकापुर से विधिवत हिरासत में लेकर पूछताछ करने पर आरोपी द्वारा अपराध करना स्वीकार करने पर आरोपी आबिद खान को न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है।*1
- Post by Yusuf Khan1
- Post by Ratan Choudhry1
- बलरामपुर जिले में अभिभावकों ने प्राइवेट स्कूलों की मनमानी के खिलाफ आवाज उठाई है। फीस में भारी बढ़ोतरी, महंगी किताबें और अतिरिक्त शुल्क वसूली को लेकर अभिभावकों ने कलेक्टर और जिला शिक्षा अधिकारी से मुलाकात कर शिकायत दर्ज कराई है। दरअसल जिले के अशासकीय विद्यालयों में इस साल 25 से 30 प्रतिशत तक फीस बढ़ाने का मामला सामने आया है। इसके साथ ही कई स्कूलों में मेंटेनेंस, डेवलपमेंट और हर साल री-एडमिशन फीस भी वसूली जा रही है।अभिभावकों का आरोप है कि बोर्ड द्वारा निर्धारित एनसीईआरटी और एससीईआरटी की सस्ती किताबों के बजाय स्कूल प्रबंधन महंगी प्राइवेट प्रकाशकों की किताबें खरीदने के लिए दबाव बना रहे हैं।जिससे पालकों पर आर्थिक बोझ बढ़ रहा है।इन्हीं समस्याओं को लेकर छत्तीसगढ़ पैरेंट्स एसोसिएशन के प्रतिनिधिमंडल ने कलेक्टर राजेन्द्र कटारा और जिला शिक्षा अधिकारी एम.आर.यादव से जनदर्शन कार्यक्रम में मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा। बाइट01- विशाल सिंह - अभिभावक(व्हाइट टी शर्ट) बाइट02-शैलेंद्र गुप्ता - अभिभावक(ब्लैक शर्ट) वीओ02-मामले को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि जल्द ही टीम गठित कर जिलेभर के प्राइवेट स्कूलों की जांच की जाएगी। जांच के दौरान अभिभावकों की उपस्थिति भी सुनिश्चित की जाएगी और नियमों का उल्लंघन करने वाले स्कूलों पर कार्रवाई की जाएगी।प्राइवेट स्कूलों द्वारा मनमानी तरीके से फीस बढ़ाई जा रही है और महंगी किताबें थोपकर पालकों का शोषण किया जा रहा है। हम प्रशासन से मांग करते हैं कि इस पर तत्काल रोक लगाई जाए।1
- dil tuta @@1
- चिनियां से हेमंत कुमार की रिपोर्ट गढ़वा जिले के चिनियां थाना क्षेत्र में एक दर्दनाक सड़क हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। सोमवार दोपहर चिनियां–गढ़वा मुख्य सड़क स्थित पेशका गांव के पास मोटरसाइकिल और टेंपो की आमने-सामने टक्कर में बिलैती खैर गांव निवासी अजय साह (लगभग 38 वर्ष), पिता शिवनारायण साह गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें तुरंत बेहतर इलाज के लिए अस्पताल ले जाया जा रहा था, लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था—रास्ते में ही उनकी दर्दनाक मौत हो गई। जिसके बाद पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी कर रात करीब 10 बजे शव को पैतृक गांव विलैती खैर पहुंचाया गया। शव के गांव पहुंचते ही परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया, जहां परिजनों की रोती बिलखती आवाजों ने हर किसी को झकझोर कर रख दिया,पूरी रात मातम पसरा रहा, वहीं इस अचानक हादसे से पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। बताया जाता है कि मृतक अजय साह अपने पीछे पत्नी और तीन बच्चों को छोड़ गए हैं, जिससे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। अब उनके परिवार के सामने जीवन यापन की बड़ी चुनौती खड़ी हो गई है। मंगलवार सुबह सैकड़ों ग्रामीणों की मौजूदगी में अजय साह का अंतिम संस्कार गांव के नदी किनारे स्थित मुक्तिधाम में पूरे हिंदू रीति-रिवाज के साथ किया गया। इस दौरान पंचायत के मुखिया पति रवि प्रसाद समेत कई गणमान्य लोग मौजूद रहे। सभी ने नम आंखों से उन्हें अंतिम विदाई दी। तो वही एक ओर इस हृदयविदारक घटना ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा और तेज रफ्तार के खतरों पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। पूरे क्षेत्र में इस हादसे की चर्चा जोरों पर है और लोग गमगीन माहौल में परिवार को ढांढस बंधा रहे हैं।1
- बलरामपुर, आज संविधान निर्माता डॉ. भीमराव अंबेडकर की जयंती के अवसर पर प्रदेश के कैबिनेट मंत्री रामविचार नेताम ने ग्राम पंचायत डिंडो में 1154.45 लाख रुपये की लागत वाले विभिन्न विकास कार्यों का भूमिपूजन एवं शिलान्यास किया। इन परियोजनाओं का मुख्य उद्देश्य क्षेत्र में बुनियादी ढांचे को मजबूत करना और सामाजिक उत्थान को गति देना है।आवागमन को सुगम बनाने के लिए तीन महत्वपूर्ण सड़क परियोजनाओं का शिलान्यास किया गया (कुल लंबाई लगभग 11 किमी सामाजिक बुनियादी ढांचा: गोंड समाज के लिए सर्वसुविधायुक्त सामुदायिक भवन और धान उपार्जन केंद्र में चबूतरा निर्माण। खेल एवं युवा युवाओं के शारीरिक विकास के लिए खेल मैदान का निर्माण1