प्रयागराज के मेजा में मांडा क्षेत्र की विभिन्न जनसमस्याओं और फिरोजाबाद के चर्चित हत्याकांड की निष्पक्ष जांच की मांग को लेकर ग्रामीणों ने उपजिलाधिकारी (एसडीएम) मेजा को ज्ञापन सौंपा है। एडवोकेट शैलेन्द्र खटीक आंधी के नेतृत्व में सौंपे गए इस ज्ञापन में क्षेत्र के कई गांवों में पेयजल, विद्युत, आवास, राशन कार्ड जैसी मूलभूत सुविधाओं के अभाव का मुद्दा उठाया गया है। ग्रामीणों ने पात्र लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने और संबंधित विभागों को इसके लिए आवश्यक निर्देश जारी करने की मांग की है। ज्ञापन में मूलभूत सुविधाओं के साथ-साथ अपराध के गंभीर मामलों में भी न्याय की गुहार लगाई गई है। इसमें फिरोजाबाद में अरुण खटीक की निर्मम हत्या, राजस्थान में 13 वर्षीय अंशु बघेल के साथ 30 लोगों द्वारा सामूहिक दुष्कर्म के बाद की गई हत्या, और मेरठ की छात्रा ललिता गौतम के साथ कथित दुष्कर्म के बाद हत्या के मामलों का विशेष उल्लेख किया गया है। इन सभी मामलों की निष्पक्ष जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने और पीड़ित परिवारों को न्याय दिलाने की मांग की गई है। एडवोकेट शैलेंद्र खटीक आंधी ने प्रशासन को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि समस्याओं का समयबद्ध समाधान नहीं हुआ और पीड़ित परिवारों को न्याय नहीं मिला, तो व्यापक जनआंदोलन किया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। इस दौरान ज्ञापन सौंपने वालों में एडवोकेट विष्णुकांत गुप्ता, इंद्रेश सिंह यादव, रंजीत कुमार खटीक, लवलेश खटीक सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
प्रयागराज के मेजा में मांडा क्षेत्र की विभिन्न जनसमस्याओं और फिरोजाबाद के चर्चित हत्याकांड की निष्पक्ष जांच की मांग को लेकर ग्रामीणों ने उपजिलाधिकारी (एसडीएम) मेजा को ज्ञापन सौंपा है। एडवोकेट शैलेन्द्र खटीक आंधी के नेतृत्व में सौंपे गए इस ज्ञापन में क्षेत्र के कई गांवों में पेयजल, विद्युत, आवास, राशन कार्ड जैसी मूलभूत सुविधाओं के अभाव का मुद्दा उठाया गया है। ग्रामीणों ने पात्र लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने और संबंधित विभागों को इसके लिए आवश्यक निर्देश जारी करने की मांग की है। ज्ञापन में मूलभूत सुविधाओं के साथ-साथ अपराध के गंभीर मामलों में भी न्याय की गुहार लगाई गई है। इसमें फिरोजाबाद में अरुण खटीक की निर्मम हत्या, राजस्थान में 13 वर्षीय अंशु बघेल के साथ 30 लोगों द्वारा सामूहिक दुष्कर्म के बाद की गई हत्या, और मेरठ की छात्रा ललिता गौतम के साथ कथित दुष्कर्म के बाद हत्या के मामलों का विशेष उल्लेख किया गया है। इन सभी मामलों की निष्पक्ष जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने और पीड़ित परिवारों को न्याय दिलाने की मांग की गई है। एडवोकेट शैलेंद्र खटीक आंधी ने प्रशासन को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि समस्याओं का समयबद्ध समाधान नहीं हुआ और पीड़ित परिवारों को न्याय नहीं मिला, तो व्यापक जनआंदोलन किया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। इस दौरान ज्ञापन सौंपने वालों में एडवोकेट विष्णुकांत गुप्ता, इंद्रेश सिंह यादव, रंजीत कुमार खटीक, लवलेश खटीक सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
- प्रयागराज के मेजा में मांडा क्षेत्र की विभिन्न जनसमस्याओं और फिरोजाबाद के चर्चित हत्याकांड की निष्पक्ष जांच की मांग को लेकर ग्रामीणों ने उपजिलाधिकारी (एसडीएम) मेजा को ज्ञापन सौंपा है। एडवोकेट शैलेन्द्र खटीक आंधी के नेतृत्व में सौंपे गए इस ज्ञापन में क्षेत्र के कई गांवों में पेयजल, विद्युत, आवास, राशन कार्ड जैसी मूलभूत सुविधाओं के अभाव का मुद्दा उठाया गया है। ग्रामीणों ने पात्र लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने और संबंधित विभागों को इसके लिए आवश्यक निर्देश जारी करने की मांग की है। ज्ञापन में मूलभूत सुविधाओं के साथ-साथ अपराध के गंभीर मामलों में भी न्याय की गुहार लगाई गई है। इसमें फिरोजाबाद में अरुण खटीक की निर्मम हत्या, राजस्थान में 13 वर्षीय अंशु बघेल के साथ 30 लोगों द्वारा सामूहिक दुष्कर्म के बाद की गई हत्या, और मेरठ की छात्रा ललिता गौतम के साथ कथित दुष्कर्म के बाद हत्या के मामलों का विशेष उल्लेख किया गया है। इन सभी मामलों की निष्पक्ष जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने और पीड़ित परिवारों को न्याय दिलाने की मांग की गई है। एडवोकेट शैलेंद्र खटीक आंधी ने प्रशासन को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि समस्याओं का समयबद्ध समाधान नहीं हुआ और पीड़ित परिवारों को न्याय नहीं मिला, तो व्यापक जनआंदोलन किया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। इस दौरान ज्ञापन सौंपने वालों में एडवोकेट विष्णुकांत गुप्ता, इंद्रेश सिंह यादव, रंजीत कुमार खटीक, लवलेश खटीक सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।1
- प्रयागराज जिले के करछना थाना अंतर्गत ग्राम सभा भरहा गांव के रहने वाले 30 वर्षीय हंसराज पटेल किसी कार्य से करछना मार्ग से कोहरार की तरफ जा रहे थे, तभी अज्ञात टक्कर लगने से उनकी मौत हो गई। हादसे के बाद पुलिस की मदद से उन्हें जिला अस्पताल भेजा गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मृतक हंसराज पटेल के परिवार में दो बेटियां और एक बेटा है, जिनकी उम्र क्रमशः 6 साल, 5 साल और 4 साल है। मृतक के साथ जुड़ा एक अत्यंत दुखद पहलू यह भी है कि कुछ वर्ष पहले इसी मार्ग पर उनका एक एक्सीडेंट हुआ था, जिसके दौरान उनका एक पैर भी कट गया था।1
- प्रयागराज के मेजा में माण्डा ब्लॉक के विभिन्न गांवों के ग्रामीणों ने जनसमस्याओं के समाधान की मांग को लेकर तहसील पहुंचकर एसडीएम नीलम उपाध्याय को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के जरिए क्षेत्र में बिजली, पेयजल, आवास और राशन कार्ड से जुड़ी गंभीर समस्याओं का शीघ्र निस्तारण कराने की मांग की गई है। ग्रामीणों के अनुसार, ग्राम बघौरा खवासान में एक सप्ताह से ट्रांसफार्मर जला हुआ है जिससे पूरे गांव में बिजली संकट खड़ा हो गया है। इससे पेयजल की समस्या गहराने के साथ ही जहरीले जीव-जंतुओं का खतरा बढ़ गया है और बच्चों की पढ़ाई भी प्रभावित हो रही है। ग्रामीणों ने मांग की है कि वर्तमान 25 केवीए ट्रांसफार्मर की जगह 63 केवीए क्षमता का ट्रांसफार्मर लगाया जाए। इसके अलावा, ग्राम माण्डा खास (निबियरिया) की सोनकर बस्ती और बघौरा खवासान की चमार बस्ती में सालों से पेयजल की कोई सुविधा नहीं है, जिससे ग्रामीणों को 500 मीटर दूर से पानी लाना पड़ता है। इसके साथ ही गरीबों के लिए आवास योजना का लाभ देने और राशन कार्ड बनाने में कथित अनियमितताओं की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की गई है। इस पर एसडीएम नीलम उपाध्याय ने समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए संबंधित विभागों को आवश्यक जांच और नियमानुसार कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है।1
- प्रयागराज विकास प्राधिकरण (पीडीए) ने सिविल लाइंस स्थित एमजी मार्ग पर हाईकोर्ट के पास अवैध रूप से निर्मित एक भवन में संचालित हो रही शराब एवं बीयर शॉप को सील कर दिया है। प्राधिकरण ने स्पष्ट किया है कि भवन का निर्माण बिना किसी स्वीकृति के कराया गया था, जिसके चलते उत्तर प्रदेश नगर नियोजन एवं विकास अधिनियम, 1973 के प्रावधानों के तहत यह कार्रवाई की गई है। इसके साथ ही प्राधिकरण ने चेतावनी दी है कि आगे होने वाली किसी भी कार्रवाई के दौरान होने वाली क्षति या राजस्व हानि के लिए वह जिम्मेदार नहीं होगा। पीडीए के अनुसार, सिविल लाइंस के एमजी मार्ग स्थित भूखंड संख्या 57½, भवन संख्या 20/4ए/1 (न्यू) के स्वामी ओम प्रकाश गुप्ता द्वारा बिना अनुमति के यह निर्माण कराया गया था। इस अवैध निर्माण को लेकर पहले 29 अप्रैल 2025 को उत्तर प्रदेश नगर नियोजन एवं विकास अधिनियम, 1973 की धारा 27(1) एवं 28(1) के तहत कारण बताओ नोटिस और निर्माण रोकने का आदेश दिया गया था। इसके बाद 14 जुलाई 2025 को ध्वस्तीकरण का आदेश पारित करते हुए भवन स्वामी को 15 दिनों के भीतर अवैध निर्माण खुद हटाने का निर्देश दिया गया था, लेकिन इस आदेश का पालन नहीं किया गया। इस अवैध भवन में चल रही शराब और बीयर शॉप को दूसरी जगह स्थानांतरित करने के लिए पीडीए ने जिला आबकारी विभाग को कई बार पत्र और अनुस्मारक भेजे थे। इसके बावजूद आबकारी विभाग और भवन स्वामी द्वारा दुकान को हटाने के लिए कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया। पीडीए के जोनल अधिकारी गंगेश कुमार सिंह ने बताया कि इन परिस्थितियों के कारण आखिरकार भवन को सील करने की कार्रवाई की गई है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि अवैध निर्माण के खिलाफ नियमानुसार आगे भी ध्वस्तीकरण सहित अन्य आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।1
- प्रयागराज के मेजा रोड स्थित वृंदावन गेस्ट हाउस में मंगलवार को स्वर्गीय राम निरंजन उपाध्याय की 9वीं पुण्यतिथि श्रद्धापूर्वक मनाई गई। इस श्रद्धांजलि कार्यक्रम में पहुंचे जनप्रतिनिधियों, गणमान्य नागरिकों एवं क्षेत्रवासियों ने उन्हें पुष्पांजलि अर्पित की और उनके जनसेवा के कार्यों तथा कृतित्व को याद किया। कार्यक्रम की संयोजक एवं भाजपा नेत्री वीना मिश्रा ने कहा कि स्वर्गीय राम निरंजन उपाध्याय ने मेजा क्षेत्र के विकास और जनसेवा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। श्रद्धांजलि सभा के दौरान विभिन्न वक्ताओं ने उन्हें "मेजा का इंजन" बताते हुए क्षेत्र के विकास में उनके योगदान को अविस्मरणीय करार दिया। इस कार्यक्रम का संचालन अनिल शुक्ला ने किया और इस अवसर पर क्षेत्र के कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।1
- प्रयागराज के बारा तहसील क्षेत्र में सिंचाई विभाग के कार्यों में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) प्रयाग के पदाधिकारियों और किसानों ने मंगलवार से अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया है। प्रदर्शनकारी किसानों ने नहर विभाग के अधिशासी अभियंता और सहायक अभियंता पर करोड़ों रुपये हजम करने का गंभीर आरोप लगाते हुए मामले की उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग की है। भाकियू जिलाध्यक्ष के नेतृत्व में जुटे किसानों का आरोप है कि पिछले 3 वर्षों में बारा क्षेत्र की नहरों, रजबहों और पुलिया निर्माण के नाम पर करोड़ों रुपये का बजट आया, लेकिन जमीन पर कोई काम नहीं हुआ। पड़वा प्रतापपुर माइनर की मरम्मत और सिल्ट सफाई के नाम पर करोड़ों रुपये निकाले गए, फिर भी नहर सूखी पड़ी है और कई स्थानों पर टूट चुकी है। इसके अलावा, चिल्ला गौहानी में सिल्ट सफाई के नाम पर पैसों का दुरुपयोग किया गया और पुलिया निर्माण में मानक के विपरीत घटिया सामग्री (1:2:4 की जगह 13.14 का मसाला) का उपयोग करने से उसमें दरारें आ गई हैं। किसानों ने फर्जी जिओ टैगिंग के जरिए कागजों में काम पूरा दिखाकर फोटो अपलोड करने और तातार गंज के छिड़िया नहर माइनर की पटरी को कच्चा छोड़ने का भी आरोप लगाया, जिससे स्कूली बच्चे परेशान हो रहे हैं। भाकियू नेताओं का कहना है कि अधिशासी अभियंता और सहायक अभियंता की मिलीभगत से ठेकेदारों को फायदा पहुंचाया जा रहा है, जिससे किसानों की फसलें सूख रही हैं और अधिकारी कमीशनखोरी में व्यस्त हैं। अपनी मांगों को लेकर सैकड़ों किसान पड़वा कैनाल पर अनिश्चितकालीन धरने पर बैठ गए हैं। उन्होंने चेतावनी दी है कि जब तक नहर में पानी नहीं छोड़ा जाएगा और दोषी अधिकारियों की विजिलेंस जांच शुरू नहीं होगी, तक तक धरना जारी रहेगा। किसानों की मांग है कि पिछले 3 साल के सभी कार्यों का भौतिक सत्यापन कराया जाए और दोषी एक्सईएन व सहायक अभियंता को निलंबित कर उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज की जाए। कार्रवाई न होने पर 7 दिन बाद सूखी पटरी पर अनिश्चितकालीन सत्याग्रह शुरू करने की चेतावनी दी गई है। वहीं, स्थानीय किसान राम भवन ने अधिकारियों पर डराने-धमकाने का आरोप लगाते हुए कहा कि आवाज उठाने पर जेल भेजने और मुकदमा दर्ज करने की धमकी दी जाती है। किसानों ने 'जय जवान जय किसान' और 'भारतीय किसान यूनियन प्रयाग जिंदाबाद' के नारे लगाते हुए प्रशासन से निष्पक्ष जांच की उम्मीद जताई है।1
- प्रयागराज के जारी क्षेत्र में स्थित जल निगम पंप परिसर में बड़ी लापरवाही का मामला सामने आया है। स्थानीय लोगों के अनुसार, पंप में लगने वाली कुंजी (चाभी) पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो चुकी है, जिसके कारण पंप के पास बने गड्ढे में कमर तक पानी भरा रहता है। ग्रामीणों का गंभीर आरोप है कि आसपास का गोबर और गंदा पानी इस गड्ढे में मिल रहा है, जिससे पेयजल आपूर्ति के दूषित होने की आशंका बनी हुई है। बरसात के मौसम में यह स्थिति और भी अधिक गंभीर हो गई है। इस मामले में पंप ऑपरेटर सोनू शुक्ला ने बताया कि कई बार संबंधित अधिकारियों को समस्या से अवगत कराया गया है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। विभाग की इस घोर उदासीनता के कारण हजारों उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य पर बड़ा खतरा मंडरा रहा है, जिससे ग्रामीणों में भारी रोष व्याप्त है। स्थानीय नागरिकों ने मांग की है कि क्षतिग्रस्त कुंजी को तत्काल बदलकर पंप की मरम्मत कराई जाए और गड्ढे से गंदे पानी की निकासी कर साफ-सफाई सुनिश्चित की जाए ताकि लोगों को स्वच्छ पेयजल मिल सके।1
- प्रयागराज के करछना थाना क्षेत्र में यात्रियों से भरी एक बस में आग लग गई। बस में आग लगने के बाद वहां सवार लोगों के बीच भारी अफरातफरी मच गई। गनीमत यह रही कि इस हादसे में बस में मौजूद सभी मुसाफ़िर बाल-बाल बच गए।1