logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

चम्पावत में भूतपूर्व सैनिकों की समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर हल करने की आवश्यकता पर बल दिया गया है। यह माँग की गई है कि उनकी समस्याओं का समाधान तत्काल और प्रमुखता से किया जाए।

10 hrs ago
user_The Public Matter
The Public Matter
पत्रकार चंपावत, चंपावत, उत्तराखंड•
10 hrs ago

चम्पावत में भूतपूर्व सैनिकों की समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर हल करने की आवश्यकता पर बल दिया गया है। यह माँग की गई है कि उनकी समस्याओं का समाधान तत्काल और प्रमुखता से किया जाए।

More news from उत्तराखंड and nearby areas
  • उत्तराखंड के चंपावत जिले के लोहाघाट में एक युवक को डेढ़ लाख रुपये की स्मैक के साथ गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने यह कार्रवाई करते हुए युवक से मादक पदार्थ बरामद किया।
    1
    उत्तराखंड के चंपावत जिले के लोहाघाट में एक युवक को डेढ़ लाख रुपये की स्मैक के साथ गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने यह कार्रवाई करते हुए युवक से मादक पदार्थ बरामद किया।
    user_Laxman bisht
    Laxman bisht
    Local News Reporter लोहाघाट, चंपावत, उत्तराखंड•
    3 hrs ago
  • चम्पावत जिले में, शनिवार, 27 जून 2026 को जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार की अध्यक्षता में कलक्ट्रेट सभागार में जिला सैनिक कल्याण परिषद की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य भूतपूर्व सैनिकों, वीर नारियों और उनके परिजनों से संबंधित समस्याओं, सुविधाओं तथा विभिन्न विकास एवं कल्याणकारी प्रस्तावों पर विस्तृत चर्चा करना था। जिलाधिकारी ने पूर्व सैनिकों की समस्याओं को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित विभागों को प्राथमिकता के आधार पर उनका त्वरित निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बैठक में पिछली बैठक में उठाए गए विभिन्न बिंदुओं की समीक्षा की गई, जिसमें सड़क, पेयजल पाइपलाइन और अमर जवान स्मारक के सौंदर्यीकरण से संबंधित प्रगतिरत कार्यों की स्थिति का जायजा लिया गया। जिलाधिकारी ने सभी कार्यदायी संस्थाओं को ये सभी कार्य शीघ्र पूर्ण करने का निर्देश दिया। उन्होंने छोटी संपर्क सड़कों के लिए तत्काल आगणन (एस्टीमेट) तैयार कर लोक निर्माण विभाग को आवश्यक कार्रवाई करने के भी निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि विभागीय बजट तैयार करते समय भूतपूर्व सैनिकों के हित में संचालित की जाने वाली योजनाओं के लिए विशेष प्रावधान किया जाए, और उनके सभी मामलों का प्राथमिकता से समाधान सुनिश्चित हो। उन्होंने भूतपूर्व सैनिकों से सरकार द्वारा संचालित चैनलिंक फेंसिंग सहित अन्य कल्याणकारी योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाने की अपील की। इसके अतिरिक्त, उन्होंने बताया कि माननीय मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशन में जनपद के दूरस्थ क्षेत्रों को सड़क सुविधा से जोड़ने का कार्य किया जा रहा है, और मा. मुख्यमंत्री सड़क योजना के अंतर्गत भूतपूर्व सैनिक छोटी संपर्क सड़कों के प्रस्ताव प्रस्तुत कर सकते हैं। जिलाधिकारी ने पूर्व सैनिकों से नवाचार, जनहितकारी परियोजना या विकास संबंधी सुझावों को प्रशासन के समक्ष प्रस्तुत करने का आह्वान किया, ताकि उन्हें आवश्यकतानुसार मुख्यमंत्री की घोषणाओं में शामिल किया जा सके। साथ ही, आगामी वर्षाकाल में संभावित आपदाओं के दौरान प्रशासन को सहयोग प्रदान करने की अपील भी की गई। बैठक में जिला सैनिक कल्याण अधिकारी ने जिलाधिकारी को चार प्रमुख समस्याओं से अवगत कराया। इनमें तपनी-पाल मोटर मार्ग की क्षतिग्रस्त सुरक्षा दीवार के पुनर्निर्माण, ग्राम सभा बॉजगांव की क्षतिग्रस्त पेयजल पाइपलाइन के सुधारीकरण एवं जल टैंक निर्माण, विविल इंटर कॉलेज से नरसों तक आपदा से क्षतिग्रस्त सड़क से मलबा हटाने एवं मरम्मत, और ग्राम शिलिंगटाक में चाय बागान से सटे क्षेत्र में जंगली जानवरों के बढ़ते खतरे से सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित किए जाने संबंधी प्रस्ताव शामिल थे। जिलाधिकारी ने इन सभी प्रस्तावों पर संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। इस बैठक में मुख्य विकास अधिकारी डॉ. जी.एस. खाती, जिला सैनिक कल्याण अधिकारी लेफ्टिनेंट कर्नल (सेनि) उमेद सिंह, अधिशासी अभियंता श्री मोहन पलड़िया, श्री हितेश कांडपाल, भूतपूर्व सैनिक एवं विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
    3
    चम्पावत जिले में, शनिवार, 27 जून 2026 को जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार की अध्यक्षता में कलक्ट्रेट सभागार में जिला सैनिक कल्याण परिषद की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य भूतपूर्व सैनिकों, वीर नारियों और उनके परिजनों से संबंधित समस्याओं, सुविधाओं तथा विभिन्न विकास एवं कल्याणकारी प्रस्तावों पर विस्तृत चर्चा करना था। जिलाधिकारी ने पूर्व सैनिकों की समस्याओं को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित विभागों को प्राथमिकता के आधार पर उनका त्वरित निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

बैठक में पिछली बैठक में उठाए गए विभिन्न बिंदुओं की समीक्षा की गई, जिसमें सड़क, पेयजल पाइपलाइन और अमर जवान स्मारक के सौंदर्यीकरण से संबंधित प्रगतिरत कार्यों की स्थिति का जायजा लिया गया। जिलाधिकारी ने सभी कार्यदायी संस्थाओं को ये सभी कार्य शीघ्र पूर्ण करने का निर्देश दिया। उन्होंने छोटी संपर्क सड़कों के लिए तत्काल आगणन (एस्टीमेट) तैयार कर लोक निर्माण विभाग को आवश्यक कार्रवाई करने के भी निर्देश दिए।

जिलाधिकारी ने सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि विभागीय बजट तैयार करते समय भूतपूर्व सैनिकों के हित में संचालित की जाने वाली योजनाओं के लिए विशेष प्रावधान किया जाए, और उनके सभी मामलों का प्राथमिकता से समाधान सुनिश्चित हो। उन्होंने भूतपूर्व सैनिकों से सरकार द्वारा संचालित चैनलिंक फेंसिंग सहित अन्य कल्याणकारी योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाने की अपील की। इसके अतिरिक्त, उन्होंने बताया कि माननीय मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशन में जनपद के दूरस्थ क्षेत्रों को सड़क सुविधा से जोड़ने का कार्य किया जा रहा है, और मा. मुख्यमंत्री सड़क योजना के अंतर्गत भूतपूर्व सैनिक छोटी संपर्क सड़कों के प्रस्ताव प्रस्तुत कर सकते हैं। जिलाधिकारी ने पूर्व सैनिकों से नवाचार, जनहितकारी परियोजना या विकास संबंधी सुझावों को प्रशासन के समक्ष प्रस्तुत करने का आह्वान किया, ताकि उन्हें आवश्यकतानुसार मुख्यमंत्री की घोषणाओं में शामिल किया जा सके। साथ ही, आगामी वर्षाकाल में संभावित आपदाओं के दौरान प्रशासन को सहयोग प्रदान करने की अपील भी की गई।

बैठक में जिला सैनिक कल्याण अधिकारी ने जिलाधिकारी को चार प्रमुख समस्याओं से अवगत कराया। इनमें तपनी-पाल मोटर मार्ग की क्षतिग्रस्त सुरक्षा दीवार के पुनर्निर्माण, ग्राम सभा बॉजगांव की क्षतिग्रस्त पेयजल पाइपलाइन के सुधारीकरण एवं जल टैंक निर्माण, विविल इंटर कॉलेज से नरसों तक आपदा से क्षतिग्रस्त सड़क से मलबा हटाने एवं मरम्मत, और ग्राम शिलिंगटाक में चाय बागान से सटे क्षेत्र में जंगली जानवरों के बढ़ते खतरे से सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित किए जाने संबंधी प्रस्ताव शामिल थे। जिलाधिकारी ने इन सभी प्रस्तावों पर संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।

इस बैठक में मुख्य विकास अधिकारी डॉ. जी.एस. खाती, जिला सैनिक कल्याण अधिकारी लेफ्टिनेंट कर्नल (सेनि) उमेद सिंह, अधिशासी अभियंता श्री मोहन पलड़िया, श्री हितेश कांडपाल, भूतपूर्व सैनिक एवं विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
    user_Champawat news
    Champawat news
    Local News Reporter चंपावत, चंपावत, उत्तराखंड•
    10 hrs ago
  • फील्ड मार्शल सैम मानेकशॉ (सैम बहादुर) को भारतीय सेना के महानतम जनरलों में से एक माना जाता है। उनकी अदम्य सैन्य रणनीति ने 1971 के भारत-पाकिस्तान युद्ध में पाकिस्तान को करारी हार का सामना करने पर मजबूर किया, जिसके परिणामस्वरूप बांग्लादेश का निर्माण हुआ। वह भारतीय सैन्य अधिकारी थे जिन्हें फील्ड मार्शल के सर्वोच्च पद पर पदोन्नत किया गया। सैम होर्मूसजी फ्रामजी जमशेदजी मानेकशॉ का जन्म 3 अप्रैल 1914 को अमृतसर, पंजाब में एक पारसी परिवार में हुआ था। उन्होंने अपनी प्रारंभिक शिक्षा शेरवुड कॉलेज, नैनीताल और हिंदू कॉलेज, अमृतसर में पूरी की। इसके बाद, वह भारतीय सैन्य अकादमी (IMA), देहरादून के पहले बैच (1932) में शामिल हुए। उनके सैन्य करियर में द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान बर्मा (म्यांमार) में बहादुरी से लड़ाई शामिल है, जहाँ उन्हें गंभीर चोटें लगी थीं। इसके बावजूद, उन्होंने अदम्य साहस का प्रदर्शन किया और जीवित बचे, जिसके लिए उन्हें 'मिलिट्री क्रॉस' से सम्मानित किया गया। मानेकशॉ 1969 में सेना प्रमुख बने। उनके नेतृत्व में, भारतीय सेना ने 1971 में मात्र 13 दिनों के भीतर पाकिस्तान को घुटने टेकने पर मजबूर कर दिया। इस ऐतिहासिक जीत में, उनके शानदार नेतृत्व के परिणामस्वरूप 93,000 पाकिस्तानी सैनिकों ने आत्मसमर्पण किया। अपनी विशिष्ट सैन्य शैली, वीरता और करिश्माई नेतृत्व के कारण उन्हें गोरखा और भारतीय सेना के जवानों द्वारा प्यार से 'सैम बहादुर' कहा जाता था। उनकी असाधारण सेवाओं के सम्मान में, उन्हें 1 जनवरी 1973 को सेना के सर्वोच्च पद 'फील्ड मार्शल' से नवाजा गया। इसके अतिरिक्त, उन्हें 1968 में पद्म भूषण और 1972 में पद्म विभूषण जैसे राष्ट्रीय पुरस्कारों से भी सम्मानित किया गया। चार दशकों तक देश की सेवा करने के बाद, फील्ड मार्शल सैम मानेकशॉ का 27 जून 2008 को 94 वर्ष की आयु में निधन हो गया। वह अपने अनुशासित जीवन, स्पष्टवादिता और असीम साहस के लिए हमेशा भारतीय इतिहास में अमर रहेंगे।
    1
    फील्ड मार्शल सैम मानेकशॉ (सैम बहादुर) को भारतीय सेना के महानतम जनरलों में से एक माना जाता है। उनकी अदम्य सैन्य रणनीति ने 1971 के भारत-पाकिस्तान युद्ध में पाकिस्तान को करारी हार का सामना करने पर मजबूर किया, जिसके परिणामस्वरूप बांग्लादेश का निर्माण हुआ। वह भारतीय सैन्य अधिकारी थे जिन्हें फील्ड मार्शल के सर्वोच्च पद पर पदोन्नत किया गया।

सैम होर्मूसजी फ्रामजी जमशेदजी मानेकशॉ का जन्म 3 अप्रैल 1914 को अमृतसर, पंजाब में एक पारसी परिवार में हुआ था। उन्होंने अपनी प्रारंभिक शिक्षा शेरवुड कॉलेज, नैनीताल और हिंदू कॉलेज, अमृतसर में पूरी की। इसके बाद, वह भारतीय सैन्य अकादमी (IMA), देहरादून के पहले बैच (1932) में शामिल हुए। उनके सैन्य करियर में द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान बर्मा (म्यांमार) में बहादुरी से लड़ाई शामिल है, जहाँ उन्हें गंभीर चोटें लगी थीं। इसके बावजूद, उन्होंने अदम्य साहस का प्रदर्शन किया और जीवित बचे, जिसके लिए उन्हें 'मिलिट्री क्रॉस' से सम्मानित किया गया।

मानेकशॉ 1969 में सेना प्रमुख बने। उनके नेतृत्व में, भारतीय सेना ने 1971 में मात्र 13 दिनों के भीतर पाकिस्तान को घुटने टेकने पर मजबूर कर दिया। इस ऐतिहासिक जीत में, उनके शानदार नेतृत्व के परिणामस्वरूप 93,000 पाकिस्तानी सैनिकों ने आत्मसमर्पण किया।

अपनी विशिष्ट सैन्य शैली, वीरता और करिश्माई नेतृत्व के कारण उन्हें गोरखा और भारतीय सेना के जवानों द्वारा प्यार से 'सैम बहादुर' कहा जाता था। उनकी असाधारण सेवाओं के सम्मान में, उन्हें 1 जनवरी 1973 को सेना के सर्वोच्च पद 'फील्ड मार्शल' से नवाजा गया। इसके अतिरिक्त, उन्हें 1968 में पद्म भूषण और 1972 में पद्म विभूषण जैसे राष्ट्रीय पुरस्कारों से भी सम्मानित किया गया।

चार दशकों तक देश की सेवा करने के बाद, फील्ड मार्शल सैम मानेकशॉ का 27 जून 2008 को 94 वर्ष की आयु में निधन हो गया। वह अपने अनुशासित जीवन, स्पष्टवादिता और असीम साहस के लिए हमेशा भारतीय इतिहास में अमर रहेंगे।
    user_Jagdish Ballabh Sharma
    Jagdish Ballabh Sharma
    Teacher हल्द्वानी, नैनीताल, उत्तराखंड•
    2 hrs ago
  • नैनीताल के अपर मॉलरोड पर वीकेंड में सैलानियों की भारी भीड़ के कारण एक गंभीर मरीज को हल्द्वानी ले जा रही एम्बुलेंस भीषण जाम में फंस गई। गाड़ियों के रेले के बीच एम्बुलेंस का सायरन लगातार बजता रहा, जिससे मरीज के तीमारदारों की चिंता बढ़ती जा रही थी क्योंकि मरीज के लिए हर मिनट कीमती था। एम्बुलेंस के फंसे होने की सूचना मिलते ही ड्यूटी पर तैनात स्थानीय पुलिसकर्मी तुरंत हरकत में आए। जवानों ने मुस्तैदी दिखाते हुए पर्यटकों के वाहनों को किनारे कराया और कड़ी मशक्कत के बाद करीब 10 मिनट में रास्ता खाली कराकर एम्बुलेंस को हल्द्वानी के लिए सुरक्षित रवाना किया।
    1
    नैनीताल के अपर मॉलरोड पर वीकेंड में सैलानियों की भारी भीड़ के कारण एक गंभीर मरीज को हल्द्वानी ले जा रही एम्बुलेंस भीषण जाम में फंस गई। गाड़ियों के रेले के बीच एम्बुलेंस का सायरन लगातार बजता रहा, जिससे मरीज के तीमारदारों की चिंता बढ़ती जा रही थी क्योंकि मरीज के लिए हर मिनट कीमती था। एम्बुलेंस के फंसे होने की सूचना मिलते ही ड्यूटी पर तैनात स्थानीय पुलिसकर्मी तुरंत हरकत में आए। जवानों ने मुस्तैदी दिखाते हुए पर्यटकों के वाहनों को किनारे कराया और कड़ी मशक्कत के बाद करीब 10 मिनट में रास्ता खाली कराकर एम्बुलेंस को हल्द्वानी के लिए सुरक्षित रवाना किया।
    user_Nainital news
    Nainital news
    नैनीताल, नैनीताल, उत्तराखंड•
    4 hrs ago
  • उत्तर प्रदेश की 57,694 ग्राम पंचायतों में पूर्व प्रधानों की प्रधानी अब पूरी तरह समाप्त हो गई है। इलाहाबाद हाई कोर्ट ने योगी सरकार के उस आदेश को रद्द कर दिया है, जिसके तहत पूर्व प्रधानों को ही प्रशासक के रूप में नियुक्त किया गया था। हाई कोर्ट ने संविधान के नियमों का हवाला देते हुए इस आदेश को रद्द किया है, जिसमें स्पष्ट है कि किसी भी प्रधान का कार्यकाल 5 साल से अधिक नहीं बढ़ाया जा सकता। स्रोत में यह प्रश्न उठाया गया है कि सरकार ने विधानसभा चुनाव में फायदे के लिए संवैधानिक नियमों के विपरीत ऐसा कदम क्यों उठाया। इस फैसले से यूपी की राजनीति में एक बड़ी हलचल मच गई है, जहां इसे योगी सरकार के एक "बड़े दांव" की विफलता के तौर पर देखा जा रहा है। इस सियासी उथल-पुथल के पीछे के पूरे सच को समझने के लिए चुनाव आयोग के बड़े खुलासों और ओबीसी आरक्षण आयोग की रिपोर्ट में हो रही देरी जैसे अन्य संबंधित मुद्दों का भी उल्लेख किया गया है।
    1
    उत्तर प्रदेश की 57,694 ग्राम पंचायतों में पूर्व प्रधानों की प्रधानी अब पूरी तरह समाप्त हो गई है। इलाहाबाद हाई कोर्ट ने योगी सरकार के उस आदेश को रद्द कर दिया है, जिसके तहत पूर्व प्रधानों को ही प्रशासक के रूप में नियुक्त किया गया था।

हाई कोर्ट ने संविधान के नियमों का हवाला देते हुए इस आदेश को रद्द किया है, जिसमें स्पष्ट है कि किसी भी प्रधान का कार्यकाल 5 साल से अधिक नहीं बढ़ाया जा सकता। स्रोत में यह प्रश्न उठाया गया है कि सरकार ने विधानसभा चुनाव में फायदे के लिए संवैधानिक नियमों के विपरीत ऐसा कदम क्यों उठाया।

इस फैसले से यूपी की राजनीति में एक बड़ी हलचल मच गई है, जहां इसे योगी सरकार के एक "बड़े दांव" की विफलता के तौर पर देखा जा रहा है। इस सियासी उथल-पुथल के पीछे के पूरे सच को समझने के लिए चुनाव आयोग के बड़े खुलासों और ओबीसी आरक्षण आयोग की रिपोर्ट में हो रही देरी जैसे अन्य संबंधित मुद्दों का भी उल्लेख किया गया है।
    user_G EXPRESS
    G EXPRESS
    Local News Reporter दुगनाकुरी, बागेश्वर, उत्तराखंड•
    15 hrs ago
  • उत्तर प्रदेश के जनपद पीलीभीत के थाना बिलसंडा क्षेत्र में पुलिस और बदमाशों के बीच हुई मुठभेड़ में ₹1,00,000 का इनामी अपराधी शिवम उर्फ सरबजीत मारा गया है। इस दौरान बदमाशों की गोलीबारी में एक उपनिरीक्षक और एक मुख्य आरक्षी भी घायल हुए हैं। यह घटना 27 जून 2026 की रात लगभग 10:00 बजे हुई, जब पुलिस टीम शीतलपुर मरोरी जंगल के पास मुखबिर की सूचना पर संदिग्धों की चेकिंग कर रही थी। मोटरसाइकिल से आ रहे दो संदिग्धों को पुलिस ने रुकने का इशारा किया, तो उन्होंने पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग शुरू कर दी। आत्मरक्षा में की गई जवाबी फायरिंग में एक बदमाश को गोली लगी और वह गंभीर रूप से घायल हो गया, जबकि उसका दूसरा साथी अंधेरे का फायदा उठाकर जंगल की ओर भागने में सफल रहा। मुठभेड़ में घायल दोनों पुलिसकर्मियों और बदमाश को तुरंत प्राथमिक उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहाँ से उन्हें बेहतर इलाज के लिए जिला अस्पताल रेफर किया गया। उपचार के दौरान घायल अभियुक्त शिवम उर्फ सरबजीत की मृत्यु हो गई, जबकि घायल पुलिसकर्मियों का इलाज जारी है। पुलिस के अनुसार, मारे गए बदमाश शिवम उर्फ सरबजीत पर ₹1,00,000 का पुरस्कार घोषित था। उसके खिलाफ हत्या और गैंगस्टर एक्ट सहित लगभग एक दर्जन आपराधिक मामले दर्ज थे। हाल ही में 28 मई 2026 को थाना बिलसंडा क्षेत्र में हुए पप्पू गुप्ता हत्याकांड में भी उसकी मुख्य भूमिका थी। पुलिस ने मृतक अभियुक्त के कब्जे से एक .32 बोर की सेमी ऑटोमैटिक पिस्टल, एक .315 बोर का तमंचा और भारी मात्रा में कारतूस बरामद किए हैं। फरार बदमाश की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें जंगल में लगातार सर्च अभियान चला रही हैं। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
    4
    उत्तर प्रदेश के जनपद पीलीभीत के थाना बिलसंडा क्षेत्र में पुलिस और बदमाशों के बीच हुई मुठभेड़ में ₹1,00,000 का इनामी अपराधी शिवम उर्फ सरबजीत मारा गया है। इस दौरान बदमाशों की गोलीबारी में एक उपनिरीक्षक और एक मुख्य आरक्षी भी घायल हुए हैं।

यह घटना 27 जून 2026 की रात लगभग 10:00 बजे हुई, जब पुलिस टीम शीतलपुर मरोरी जंगल के पास मुखबिर की सूचना पर संदिग्धों की चेकिंग कर रही थी। मोटरसाइकिल से आ रहे दो संदिग्धों को पुलिस ने रुकने का इशारा किया, तो उन्होंने पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग शुरू कर दी। आत्मरक्षा में की गई जवाबी फायरिंग में एक बदमाश को गोली लगी और वह गंभीर रूप से घायल हो गया, जबकि उसका दूसरा साथी अंधेरे का फायदा उठाकर जंगल की ओर भागने में सफल रहा।

मुठभेड़ में घायल दोनों पुलिसकर्मियों और बदमाश को तुरंत प्राथमिक उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहाँ से उन्हें बेहतर इलाज के लिए जिला अस्पताल रेफर किया गया। उपचार के दौरान घायल अभियुक्त शिवम उर्फ सरबजीत की मृत्यु हो गई, जबकि घायल पुलिसकर्मियों का इलाज जारी है।

पुलिस के अनुसार, मारे गए बदमाश शिवम उर्फ सरबजीत पर ₹1,00,000 का पुरस्कार घोषित था। उसके खिलाफ हत्या और गैंगस्टर एक्ट सहित लगभग एक दर्जन आपराधिक मामले दर्ज थे। हाल ही में 28 मई 2026 को थाना बिलसंडा क्षेत्र में हुए पप्पू गुप्ता हत्याकांड में भी उसकी मुख्य भूमिका थी। पुलिस ने मृतक अभियुक्त के कब्जे से एक .32 बोर की सेमी ऑटोमैटिक पिस्टल, एक .315 बोर का तमंचा और भारी मात्रा में कारतूस बरामद किए हैं।

फरार बदमाश की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें जंगल में लगातार सर्च अभियान चला रही हैं। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
    user_HARUN KHAN
    HARUN KHAN
    News Anchor Kalinagar, Pilibhit•
    50 min ago
  • उत्तराखंड के चंपावत में एक डंपर की टक्कर से एक नेपाली मजदूर की मौत हो गई।
    1
    उत्तराखंड के चंपावत में एक डंपर की टक्कर से एक नेपाली मजदूर की मौत हो गई।
    user_Laxman bisht
    Laxman bisht
    Local News Reporter लोहाघाट, चंपावत, उत्तराखंड•
    3 hrs ago
  • उत्तराखंड में एक 17 वर्षीय किशोर को गोली मार दी गई है।
    1
    उत्तराखंड में एक 17 वर्षीय किशोर को गोली मार दी गई है।
    user_The Public Matter
    The Public Matter
    पत्रकार चंपावत, चंपावत, उत्तराखंड•
    10 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.