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कासगंज के सोरों में संत तुलषी दास में इंटर कॉलेज में बच्चों से नवीन प्रवेश के नाम पर 50-50 रुपए की वसूली
देवेन्द्र प्रताप सिंह
कासगंज के सोरों में संत तुलषी दास में इंटर कॉलेज में बच्चों से नवीन प्रवेश के नाम पर 50-50 रुपए की वसूली
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- Post by Chunmun Gupta पत्रकार1
- अंबेडकर जयंती पर शोभायात्रा निकाली गई अलापुर कस्बे में सड़कों पर लोगों की उमड़ी भीड़ जिला बदायूं के कस्बा अलापुर में भारतरत्न डॉ भीमराव अंबेडकर की जयंती पर बड़ी धूमधाम से लेकर ली गई शोभायात्रा जिसमें सड़कों पर लोगों की उमड़ी भीड़ इसी दौरान भारी संख्या में पुलिस बल मौजूद रहा आज, 14 अप्रैल 2026 को भारत रत्न डॉ. भीमराव अंबेडकर की 135वीं जयंती के अवसर पर देश के विभिन्न हिस्सों में भव्य शोभा यात्राएं निकाली गईं।2
- बदायूं :- संविधान निर्माता एवं भारत रत्न डॉ.भीमराव अम्बेडकर की 135 वीं जयंती के अवसर पर यूपी के बदायूं जिले में व्यापक स्तर पर कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इसके अलावा डीजे की धुन पर जुलूस निकालते हुए युवाओं ने अंबेडकर पार्क पहुंचकर बाबा साहब को श्रद्धांजलि अर्पित की।1
- यूपी: गैस एजेंसी पर घरेलू गैस कनेक्शन की KYC की आड़ में किसी से 100₹, किसी से 200₹ की वसूली चल रही है, पब्लिक सब जानती है मगर सहन और वहन दोनों कर रही है। मामला बुलंदशहर के खुर्जा का है।1
- ब्रेकिंग न्यूज | संवाददाता मुनेन्द्र शर्मा । म्याऊं ब्लॉक के ग्राम गूरा बरेला में धूमधाम से मनाई गई बाबा साहब की 135वीं जयंती बदायूँ के म्याऊं ब्लॉक स्थित ग्राम गूरा बरेला में आज डॉ. भीमराव अंबेडकर का 135वां जन्मदिवस बड़े ही हर्षोल्लास और धूमधाम के साथ मनाया गया। इस अवसर पर गांव में भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में ग्रामीणों, युवाओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। कार्यक्रम की शुरुआत बाबा साहब की प्रतिमा पर माल्यार्पण और पुष्प अर्पित कर की गई। इसके बाद वक्ताओं ने उनके जीवन और संघर्षों पर प्रकाश डालते हुए उनके बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। बाबा साहब का जीवन परिचय: डॉ. भीमराव अंबेडकर का जन्म 14 अप्रैल 1891 को मध्य प्रदेश के महू में हुआ था। वे एक महान समाज सुधारक, अर्थशास्त्री, विधिवेत्ता और भारतीय संविधान के शिल्पकार थे। उन्होंने दलितों और पिछड़े वर्गों के अधिकारों के लिए जीवनभर संघर्ष किया। भारतीय संविधान के निर्माण में अहम भूमिका छुआछूत और जातिवाद के खिलाफ आवाज उठाई शिक्षा को समाज सुधार का सबसे बड़ा हथियार बताया महिलाओं और श्रमिकों के अधिकारों के लिए कार्य किया कार्यक्रम में बच्चों द्वारा सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी दी गईं और बाबा साहब के विचारों को जन-जन तक पहुंचाने का संदेश दिया गया। अंत में उपस्थित लोगों ने एकजुट होकर सामाजिक समानता और शिक्षा के प्रसार का संकल्प लिया।4
- Post by देवेन्द्र प्रताप सिंह1