*अल्ट्राटेक माइंस में महिला की मौत, सिर पर गिरी पत्थर की भारी चट्टान — क्या कई और लोगों की मौत के बाद जागेगा प्रशासन?* रीवा जिले के ग्राम पंचायत बैजनाथ क्षेत्र स्थित अल्ट्राटेक माइंस में आज सुबह एक दर्दनाक हादसा हो गया, जहां एक महिला के सिर पर पत्थर की भारी चट्टान गिरने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई। बताया जा रहा है कि यह हादसा लगातार हो रही अवैध ब्लास्टिंग और खदानों में सीधे खड़े घाट बना देने के कारण हुआ। मृतिका सुमित्रा केवट पति रामनरेश केवट जिसकी 05 छोटी छोटी बच्चियां है अब उनका क्या होगा ?? प्रशासन उन बच्चियों की कोई मदद करेगा क्या ?? ग्रामीणों का कहना है कि कई दिनों से लगातार इस खतरे को लेकर आवाज उठाई जा रही थी और समाचारों के माध्यम से प्रशासन को पहले ही चेताया गया था कि कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है और किसी की जान जा सकती है। लेकिन समय रहते प्रशासन द्वारा कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया, जिसका परिणाम आज एक महिला की मौत के रूप में सामने आया। इस घटना के बाद क्षेत्र में भारी आक्रोश है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि खनिज विभाग, पुलिस विभाग और प्रशासन की मौन स्वीकृति के कारण ही खनिज माफियाओं के हौसले इतने बुलंद हैं। लगातार अवैध ब्लास्टिंग, अवैध उत्खनन और सीधे घाट खड़ा कर देने से बड़े-बड़े पत्थर खतरनाक रूप से झूल रहे हैं, जो कभी भी किसी भी व्यक्ति की जान ले सकते हैं। ग्रामीणों ने बताया कि भारी विस्फोटों के कारण पूरी जमीन कमजोर हो चुकी है। आसपास के घरों में दरारें पड़ चुकी हैं और कई मकान गिरने की कगार पर हैं। लोगों का डर है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो और भी बड़े हादसे हो सकते हैं। ग्राम पंचायत बैजनाथ के लोगों ने यह भी आरोप लगाया कि प्रतिदिन 2 से 3 टन अवैध बारूद पंचायत क्षेत्र में पहुंचाया जाता है, जबकि यहां कोई खदान सक्रिय स्थिति में नहीं है। इसके बावजूद खुलेआम अवैध बारूद का परिवहन और ब्लास्टिंग जारी है, जिससे साफ है कि खनिज माफियाओं को न पुलिस का डर है और न प्रशासन का भय। ग्रामीणों का कहना है कि यह कोई पहली घटना नहीं है। इससे पहले भी अल्ट्राटेक माइंस में कई लोगों की जान जा चुकी है, लेकिन गरीब और आम लोगों की जान की कोई कीमत नहीं समझी जाती, इसलिए आज तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। *अब क्षेत्रवासियों ने मुख्य रूप से जिला कलेक्टर और पुलिस महानिरीक्षक* से मांग की है कि इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए, अवैध ब्लास्टिंग और अवैध बारूद परिवहन पर तत्काल रोक लगाई जाए तथा खनिज माफियाओं के पूरे नेटवर्क को समाप्त किया जाए।
*अल्ट्राटेक माइंस में महिला की मौत, सिर पर गिरी पत्थर की भारी चट्टान — क्या कई और लोगों की मौत के बाद जागेगा प्रशासन?* रीवा जिले के ग्राम पंचायत बैजनाथ क्षेत्र स्थित अल्ट्राटेक माइंस में आज सुबह एक दर्दनाक हादसा हो गया, जहां एक महिला के सिर पर पत्थर की भारी चट्टान गिरने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई। बताया जा रहा है कि यह हादसा लगातार हो रही अवैध ब्लास्टिंग और खदानों में सीधे खड़े घाट बना देने के कारण हुआ। मृतिका सुमित्रा केवट पति रामनरेश केवट जिसकी 05 छोटी छोटी बच्चियां है अब उनका क्या होगा ?? प्रशासन उन बच्चियों की कोई मदद करेगा क्या ?? ग्रामीणों का कहना है कि कई दिनों से लगातार इस खतरे को लेकर आवाज उठाई जा रही थी और समाचारों के माध्यम से प्रशासन को पहले ही चेताया गया था कि कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है और किसी की जान जा सकती है। लेकिन समय रहते प्रशासन द्वारा कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया, जिसका परिणाम आज एक महिला की मौत के रूप में सामने आया। इस घटना के बाद क्षेत्र में भारी आक्रोश है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि खनिज विभाग, पुलिस विभाग और प्रशासन की मौन स्वीकृति के कारण ही खनिज माफियाओं के हौसले इतने बुलंद हैं। लगातार अवैध ब्लास्टिंग, अवैध उत्खनन और सीधे घाट खड़ा कर देने से बड़े-बड़े पत्थर खतरनाक रूप से झूल रहे हैं, जो कभी भी किसी भी व्यक्ति की जान ले सकते हैं। ग्रामीणों ने बताया कि भारी विस्फोटों के कारण पूरी जमीन कमजोर हो चुकी है। आसपास के घरों में दरारें पड़ चुकी हैं और कई मकान गिरने की कगार पर हैं। लोगों का डर है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो और भी बड़े हादसे हो सकते हैं। ग्राम पंचायत बैजनाथ के लोगों ने यह भी आरोप लगाया कि प्रतिदिन 2 से 3 टन अवैध बारूद पंचायत क्षेत्र में पहुंचाया जाता है, जबकि यहां कोई खदान सक्रिय स्थिति में नहीं है। इसके बावजूद खुलेआम अवैध बारूद का परिवहन और ब्लास्टिंग जारी है, जिससे साफ है कि खनिज माफियाओं को न पुलिस का डर है और न प्रशासन का भय। ग्रामीणों का कहना है कि यह कोई पहली घटना नहीं है। इससे पहले भी अल्ट्राटेक माइंस में कई लोगों की जान जा चुकी है, लेकिन गरीब और आम लोगों की जान की कोई कीमत नहीं समझी जाती, इसलिए आज तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। *अब क्षेत्रवासियों ने मुख्य रूप से जिला कलेक्टर और पुलिस महानिरीक्षक* से मांग की है कि इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए, अवैध ब्लास्टिंग और अवैध बारूद परिवहन पर तत्काल रोक लगाई जाए तथा खनिज माफियाओं के पूरे नेटवर्क को समाप्त किया जाए।
- आज मां जगतजननी राजराजेश्वरी जी के संध्या कालीन दिव्य श्रृंगार दर्शन आरती*,,,,,*जय मां शारदा भवानी4
- Post by Prime 24 News1
- Post by Bolti Divare1
- Post by Deepesh Pandey Dist Chief Director ACFI Rewa1
- Post by उमेश पाठक सेमरिया रीवा1
- *ट्रक पलटने से भदनपुर घाटी में लगा लंबा जाम* मैहर में भदनपुर घाटी में भूसा से भरा ट्रक पलटा , SH 11 में लगा लंबा जाम, दोनों तरफ से वाहनों का आवागमन हुआ प्रभावित , बदेरा थाना क्षेत्र का मामला1
- Post by Abhishek Pandey1
- मैहर - मैहर जिले के ताला थाना क्षेत्र अंतर्गत मुकुंदपुर चिड़िया घर के पास अज्ञात वाहन ने बाइक सवार को ठोका मौके में मुकुंदपुर चौकी प्रभारी ने बाइक सवार को संजय गांधी रीवा हॉस्पिटल भेजवाया1
- *पुलिस-प्रशासन की तत्परता से रुका 15 वर्षीय नाबालिग का बाल विवाह* *मैहर:* ताला थाना क्षेत्र के रामगढ़ नई बस्ती में पुलिस और प्रशासन की सक्रियता से एक नाबालिग लड़की का बाल विवाह होने के पहले रुकवाया गया। जानकारी के मुताबिक रामगढ़ नई बस्ती निवासी खुशबू कोल, पिता स्वर्गीय सोनू कोल, उम्र 15 वर्ष का बाल विवाह कराया जा रहा था। सूचना मिलते ही थाना प्रभारी ताला महेंद्र मिश्रा ने तत्काल कार्यपालिक मजिस्ट्रेट नायब तहसीलदार ताला अनिल सिंह को जानकारी दी। प्रशासनिक अधिकारियों की टीम मौके पर पहुंची और खुशबू की दादी मुन्नी कोल को समझाइश दी। बाल विवाह के कानूनी प्रावधानों और दुष्परिणामों की जानकारी देने के बाद दादी मान गईं और शादी पर रोक लगा दी गई। प्रशासन ने परिवार को समझाइस दी कि लड़की के बालिग होने से पहले उसका विवाह न कराएं। बाल विवाह एक कानूनी अपराध है और इसमें शामिल लोगों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।1