छतरपुर जिले के नौगांव में कृषि विभाग की गंभीर लापरवाही सामने आई है, जहाँ किसानों ने विभाग के अधिकारियों पर बीज वितरण में देरी के गंभीर आरोप लगाए हैं। किसानों का कहना है कि खरीफ सीजन के लिए शासन द्वारा उपलब्ध कराए गए बीज उन्हें अभी तक नहीं मिले हैं, जबकि बुवाई का महत्वपूर्ण समय तेज़ी से बीता जा रहा है। नौगांव कृषि विभाग कार्यालय पहुँचे किसानों ने बताया कि वे कई दिनों से लगातार बीज लेने के लिए आ रहे हैं, लेकिन हर बार उन्हें कोई न कोई बहाना बनाकर वापस भेज दिया जाता है। किसानों ने आरोप लगाया है कि उन्हें शासन की योजना का लाभ समय पर नहीं मिल रहा, जिससे खरीफ फसल की बुवाई बुरी तरह प्रभावित होने की आशंका बढ़ गई है। उनकी चिंता है कि यदि समय पर बीज उपलब्ध नहीं हुआ, तो उन्हें महंगे दामों पर निजी दुकानों से बीज खरीदना पड़ेगा, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति पर अतिरिक्त बोझ पड़ेगा। किसानों ने प्रशासन से इस पूरे मामले की गहन जाँच कर दोषी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई करने और सभी पात्र किसानों को तत्काल बीज उपलब्ध कराने की पुरजोर मांग की है।
छतरपुर जिले के नौगांव में कृषि विभाग की गंभीर लापरवाही सामने आई है, जहाँ किसानों ने विभाग के अधिकारियों पर बीज वितरण में देरी के गंभीर आरोप लगाए हैं। किसानों का कहना है कि खरीफ सीजन के लिए शासन द्वारा उपलब्ध कराए गए बीज उन्हें अभी तक
नहीं मिले हैं, जबकि बुवाई का महत्वपूर्ण समय तेज़ी से बीता जा रहा है। नौगांव कृषि विभाग कार्यालय पहुँचे किसानों ने बताया कि वे कई दिनों से लगातार बीज लेने के लिए आ रहे हैं, लेकिन हर बार उन्हें कोई न कोई बहाना बनाकर वापस भेज दिया जाता
है। किसानों ने आरोप लगाया है कि उन्हें शासन की योजना का लाभ समय पर नहीं मिल रहा, जिससे खरीफ फसल की बुवाई बुरी तरह प्रभावित होने की आशंका बढ़ गई है। उनकी चिंता है कि यदि समय पर बीज उपलब्ध नहीं हुआ, तो उन्हें महंगे दामों
पर निजी दुकानों से बीज खरीदना पड़ेगा, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति पर अतिरिक्त बोझ पड़ेगा। किसानों ने प्रशासन से इस पूरे मामले की गहन जाँच कर दोषी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई करने और सभी पात्र किसानों को तत्काल बीज उपलब्ध कराने की पुरजोर मांग की है।
- टीकमगढ़ जिले के पलेरा विकास खंड के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत टीला नरैनी की नदी में पानी आ गया है। इस नजारे को देखने के लिए बड़ी संख्या में ग्रामीणों की भीड़ उमड़ पड़ी। यह खास रिपोर्ट राम सिंह यादव जी के साथ प्रस्तुत की गई है।1
- छतरपुर की सुल्तानिया कॉलोनी निवासी कायनात जहां बेगम ने पुलिस अधीक्षक से शिकायत कर अपने ससुराल पक्ष पर गंभीर आरोप लगाए हैं। महिला का कहना है कि पति शाहबाज अली की सड़क हादसे में मौत के बाद ससुराल वालों ने उनके साथ मारपीट की और संपत्ति हड़पने का प्रयास किया, साथ ही हलाला और परिवार में ही निकाह करने का दबाव भी बनाया। कायनात जहां बेगम के अनुसार, उनके पति शाहबाज अली का निधन 8 मई 2026 को एक सड़क हादसे में हो गया था। पति की मौत के बाद ससुराल पक्ष ने उनके साथ मारपीट की, दस्तावेज और संपत्ति पर कब्जा करने की कोशिश की, और उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी। महिला ने यह भी आरोप लगाया है कि ससुराल पक्ष उनके मायके आकर परिजनों से मारपीट कर रहा है और उन्होंने मोबाइल भी तोड़ दिया। शिकायत में महिला ने सबसे गंभीर आरोप लगाते हुए बताया कि पति की मौत के कुछ ही समय बाद उनके ससुर आजाद अली ने आपत्तिजनक हलाला कर शादी करने का प्रस्ताव रखा और परिवार में ही निकाह करने का दबाव बनाया। इसके साथ ही ससुराल पक्ष सड़क दुर्घटना के मुआवजे की राशि पर भी कब्जा करना चाहता है। कायनात ने आरोप लगाया है कि उनसे मारपीट कर चेक पर हस्ताक्षर करवाने और पूरी राशि हड़पने का प्रयास किया गया। इन गंभीर आरोपों के बीच, महिला ने पुलिस अधीक्षक से मामले की गहन जांच करने, दोषियों पर कड़ी कार्रवाई करने और अपनी जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है। पुलिस फिलहाल शिकायत के आधार पर मामले की जांच कर रही है।1
- टीकमगढ़ जिले के खरगापुर में प्रशासन ने गोचर भूमि पर हुए अवैध कब्जे के खिलाफ कार्रवाई की है। प्रशासन द्वारा 7 हेक्टेयर जमीन पर बुलडोजर चलाकर इस कब्जे को हटाया गया।1
- रविवार को खरगापुर के प्रेट्रोल पंप के पास एक सीमेंट टैंक में एक हिरन गिर गया। स्थानीय लोगों को जैसे ही इसकी सूचना मिली, वे तुरंत मौके पर पहुँचे और उन्होंने वन विभाग को इस घटना से अवगत कराया। लोगों ने बताया कि हिरन बहुत गंभीर रूप से घायल था, क्योंकि कुत्तों ने उसे कई जगहों पर निशाना बनाया था। वन विभाग की टीम घायल हिरन को अपने साथ ले गई, लेकिन उसे लगी अत्यधिक चोटों के कारण बचाया नहीं जा सका और अंततः उसकी मौत हो गई।1
- महोबा में 30 जून को अधिवक्ता सतीश अवस्थी पर हुए जानलेवा हमले के मामले में कोतवाली नगर पुलिस ने दो इनामी आरोपियों को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपियों पर 10-10 हजार रुपये का इनाम घोषित था। पुलिस ने इन्हें मुखबिर की सूचना पर करिया पठवा पहाड़ के पीछे बजरिया क्षेत्र से पकड़ा। पुलिस के अनुसार, 30 जून 2026 को ग्राम बरात पहाड़ी निवासी अधिवक्ता सतीश अवस्थी जब महोबा शहर से अपने गांव लौट रहे थे, तभी मुल्ला के खड़े के पास कुछ नामजद व अन्य व्यक्तियों ने उनका रास्ता रोककर मारपीट की थी। इस मामले में कोतवाली नगर में विभिन्न धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। घटना के बाद आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दो पुलिस टीमों का गठन किया गया था, जो लगातार दबिश और साक्ष्य संकलन की कार्रवाई कर रही थीं। पुलिस अधीक्षक शशांक सिंह के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक वंदना सिंह के पर्यवेक्षण तथा क्षेत्राधिकारी नगर रविकांत गोंड के नेतृत्व में की गई कार्रवाई के तहत, पुलिस ने शनिवार को वांछित इनामी आरोपी विकास राजपूत (20) निवासी बरात पहाड़ी और हनी सिंह उर्फ सुनील (25) निवासी डाक बंगला के पास, महोबा को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार करने वाली टीम में अपराध निरीक्षक आशीष सिंह भदौरिया, हेड कांस्टेबल सूरज सिंह चौहान और हेड कांस्टेबल बृजेश सिंह तोमर शामिल रहे। पुलिस ने बताया कि इस मामले में फरार चल रहे अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीमें लगातार दबिश दे रही हैं और उन्हें भी जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।1
- मध्य प्रदेश शासन के स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव (ACS) अशोक वर्णवाल आज सुबह करीब 11:30 बजे छतरपुर जिला अस्पताल पहुंचे। इस दौरान उन्होंने अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाओं और व्यवस्थाओं का निरीक्षण कर अधिकारियों से जानकारी ली। इस अवसर पर छतरपुर कलेक्टर पार्थ जायसवाल सहित स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी और जिला प्रशासन के अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे। निरीक्षण के दौरान, अशोक वर्णवाल ने मरीजों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं, साफ-सफाई, दवा वितरण, उपचार व्यवस्था और अन्य आवश्यक सेवाओं का जायजा लिया। अधिकारियों ने ACS को अस्पताल की व्यवस्थाओं और संचालित स्वास्थ्य सेवाओं की विस्तृत जानकारी प्रदान की। निरीक्षण के उपरांत, उन्होंने व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए।1
- पलेरा में खरीफ सीजन के लिए किसानों को सरकारी बीज समय पर न मिलने से व्यापक नाराज़गी फैल गई है। कृषि विभाग के बीज वितरण केंद्रों पर लंबी कतारों के बावजूद, कई किसानों को घंटों इंतजार के बाद भी बीज नहीं मिल रहे और उन्हें खाली हाथ लौटना पड़ रहा है। इस स्थिति के चलते किसानों ने बीज की कालाबाज़ारी का आरोप लगाया है। किसानों का कहना है कि सरकारी केंद्रों पर बीज उपलब्ध न होने की बात कही जा रही है, जबकि यही बीज निजी दुकानों पर कथित तौर पर अधिक कीमत पर बेचा जा रहा है। इसे देखते हुए, किसानों ने आशंका जताई है कि कुछ कर्मचारियों की मनमानी और मिलीभगत के चलते यह कालाबाज़ारी हो रही है। इस पूरे मामले से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेज़ी से वायरल हो रहा है, जिसने इस मुद्दे को और अधिक चर्चा में ला दिया है। किसानों ने अपनी चिंता व्यक्त करते हुए कहा है कि खरीफ की बुवाई का समय चल रहा है और यदि उन्हें समय पर बीज उपलब्ध नहीं हुए तो बुवाई बुरी तरह प्रभावित होगी। इसका सीधा असर कृषि उत्पादन और उनकी आर्थिक स्थिति पर पड़ेगा। किसानों ने जिला प्रशासन से इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने, वायरल वीडियो की सच्चाई की पड़ताल करने और अनियमितता या कालाबाज़ारी पाए जाने पर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की है। साथ ही, उन्होंने सभी पात्र किसानों को तत्काल पर्याप्त मात्रा में बीज उपलब्ध कराने की भी अपील की है।2
- एक सड़क निर्माण परियोजना में भारी भ्रष्टाचार का मामला सामने आया है, जिसकी लागत चार करोड़ रुपये बताई जा रही है। आरोप है कि इस परियोजना में गिट्टी की जगह मिट्टी का इस्तेमाल किया जा रहा है, जो निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े करता है।1
- महोबा के पनवाड़ी विकासखंड के किल्हौवा गांव में रविवार को आकाशीय बिजली गिरने से रामकृपाल पुत्र जगतराज का मकान गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त हो गया। इस हादसे में घर की छत जगह-जगह से फट गई और उसमें बड़ी-बड़ी दरारें पड़ गईं। बिजली गिरने से घर में लगे टीवी, इनवर्टर, विद्युत बोर्ड सहित कई इलेक्ट्रॉनिक उपकरण भी पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए। परिजनों ने इस घटना में लगभग दो से तीन लाख रुपये के नुकसान का दावा किया है। आकाशीय बिजली गिरने से हुए जोरदार धमाके के समय रामकृपाल की पुत्रवधू प्रतीक्षा पत्नी संदीप आंगन में बर्तन धो रही थीं और धमाके की चपेट में आकर मूर्छित हो गईं। परिजनों ने उन्हें तत्काल प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, जहाँ प्राथमिक उपचार के बाद उनकी हालत सामान्य बताई गई। परिजनों के अनुसार, घटना के बाद कुछ समय तक उन्हें सुनाई नहीं दे रहा था, लेकिन उपचार के बाद उनकी स्थिति में सुधार हो गया। घटना की सूचना मिलने पर भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) की उपाध्यक्ष समेत एक दर्जन से अधिक पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौके पर पहुंचे और क्षति का जायजा लिया। इसके बाद स्थानीय लेखपाल रीता राजपूत को सूचित किया गया, जिन्होंने घटनास्थल पर पहुंचकर क्षतिग्रस्त मकान का निरीक्षण किया और नुकसान का आकलन किया। लेखपाल रीता राजपूत ने बताया कि क्षति का आकलन कर रिपोर्ट शासन को भेजी जाएगी और नियमानुसार पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की कार्रवाई की जाएगी। इस दौरान तहसील मीडिया प्रभारी हरि सिंह वर्मा, ब्लॉक मीडिया प्रभारी शिवनंदन अग्निहोत्री, ब्लॉक अध्यक्ष ओम प्रकाश मिश्रा, ब्लॉक उपाध्यक्ष कौशलेंद्र पस्तोर, जिला प्रवक्ता महेंद्र मिश्रा, जिला उपाध्यक्ष ब्रजेंद्र सोनकिया, जिला उपाध्यक्ष अशोक राजपूत, तहसील अध्यक्ष मान बहादुर राजपूत, ब्लॉक सचिव नीरज शर्मा, पनवाड़ी ग्राम अध्यक्ष नरेंद्र पांडेय, बबलू नायक सहित दर्जनों किसान सदस्य मौजूद रहे। घटना के बाद से पूरे गांव में दहशत का माहौल है।1