आज दिनांक 09 जुलाई 2026 को पुलिस महानिरीक्षक भोपाल (देहात) ज़ोन श्रीमती रुचिवर्धन मिश्र ने विदिशा का दौरा किया। उनके आगमन पर पुलिस कंट्रोल रूम में उन्हें सलामी दी गई, जिसके बाद उन्होंने कंट्रोल रूम और फिंगरप्रिंट शाखा का निरीक्षण कर कार्यप्रणाली का अवलोकन किया। निरीक्षण के दौरान, श्रीमती मिश्र ने अपराध अनुसंधान में फिंगरप्रिंट शाखा की महत्वपूर्ण भूमिका, वैज्ञानिक साक्ष्यों के उपयोग और शाखा की उपलब्धियों के बारे में जानकारी प्राप्त की। उन्होंने तकनीकी संसाधनों का प्रभावी उपयोग कर विवेचना को और अधिक गुणवत्तापूर्ण एवं परिणाममुखी बनाने के निर्देश दिए। इसके उपरांत, पुलिस कंट्रोल रूम विदिशा में आईजीपी महोदया की अध्यक्षता एवं पुलिस अधीक्षक श्री रोहित काशवानी की उपस्थिति में एक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. प्रशांत चौबे सहित समस्त एसडीओपी, थाना प्रभारी एवं पुलिस अधीक्षक कार्यालय के शाखा प्रभारी उपस्थित रहे। बैठक की शुरुआत हार्टफुलनेस सत्र के अंतर्गत 10 मिनट के ध्यान से हुई, जिस पर श्रीमती मिश्र ने नियमित ध्यान एवं हार्टफुलनेस सत्र आयोजित करने पर बल दिया। उन्होंने कहा कि मानसिक संतुलन, सकारात्मक सोच और आत्मअनुशासन से कार्यक्षमता बढ़ती है, जिससे पुलिसकर्मी अधिक संवेदनशील और प्रभावी ढंग से अपने दायित्वों का निर्वहन कर सकते हैं। समीक्षा बैठक के दौरान, उन्होंने आगामी त्योहारों की तैयारियों, कानून-व्यवस्था, प्रभावी पुलिसिंग एवं विभागीय कार्यों की विस्तृत समीक्षा की। साथ ही, साइबर फ्रॉड, डिजिटल अरेस्ट, साइबर जागरूकता अभियान, महिला संबंधी अपराधों में त्वरित एवं कठोर कार्रवाई, नशे के विरुद्ध अभियान, गौवंश के अवैध परिवहन पर प्रभावी कार्रवाई और सिंहस्थ-2028 की तैयारियों एवं प्रशिक्षण कार्यक्रमों के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। आईजीपी महोदया ने यह भी कहा कि वर्तमान समय में साइबर अपराधों की रोकथाम के साथ-साथ आमजन को जागरूक करना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने प्रत्येक अधिकारी को जनसंपर्क बढ़ाते हुए संवेदनशील पुलिसिंग को प्राथमिकता देने तथा आगामी त्योहारों के दौरान सुरक्षा एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पूरी सतर्कता एवं समन्वय के साथ कार्य करने का निर्देश दिया। अधिकारियों को संबोधित करते हुए, श्रीमती मिश्र ने कहा कि पुलिस सेवा केवल दायित्व नहीं, बल्कि करुणा, संवेदनशीलता और जनसेवा का संकल्प है, और पुलिस का ध्येय 'देशभक्ति-जनसेवा' है। उन्होंने जोर दिया कि 'देशभक्ति-जनसेवा' कार्य संस्कृति का आधार बने और प्रत्येक जरूरतमंद व्यक्ति की संवेदनशीलता के साथ सेवा की जाए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि समय सीमित है, इसलिए हर अवसर को जनहित में सार्थक बनाएं, क्योंकि अच्छी नीयत से अच्छे कार्य करने वाले लोग ही विभाग और समाज को सही दिशा देते हैं। बैठक के समापन पर, उन्होंने सभी अधिकारियों को शासन की प्राथमिकताओं के अनुरूप अनुशासित, जवाबदेह एवं संवेदनशील पुलिसिंग करते हुए प्रभावी कानून-व्यवस्था बनाए रखने और आमजन का विश्वास और अधिक सुदृढ़ करने के निर्देश दिए।
आज दिनांक 09 जुलाई 2026 को पुलिस महानिरीक्षक भोपाल (देहात) ज़ोन श्रीमती रुचिवर्धन मिश्र ने विदिशा का दौरा किया। उनके आगमन पर पुलिस कंट्रोल रूम में उन्हें सलामी दी गई, जिसके बाद उन्होंने कंट्रोल रूम और फिंगरप्रिंट शाखा का निरीक्षण कर कार्यप्रणाली का अवलोकन किया। निरीक्षण के दौरान, श्रीमती मिश्र ने अपराध अनुसंधान में फिंगरप्रिंट शाखा की महत्वपूर्ण भूमिका, वैज्ञानिक साक्ष्यों के उपयोग और शाखा की उपलब्धियों के बारे में जानकारी प्राप्त की। उन्होंने तकनीकी संसाधनों का प्रभावी उपयोग कर विवेचना को और अधिक गुणवत्तापूर्ण एवं परिणाममुखी बनाने के निर्देश दिए। इसके उपरांत, पुलिस कंट्रोल रूम विदिशा में आईजीपी महोदया की अध्यक्षता एवं पुलिस अधीक्षक श्री रोहित काशवानी की उपस्थिति में एक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. प्रशांत चौबे सहित समस्त एसडीओपी, थाना प्रभारी एवं पुलिस अधीक्षक कार्यालय के शाखा प्रभारी उपस्थित रहे। बैठक की शुरुआत हार्टफुलनेस सत्र के अंतर्गत 10 मिनट के ध्यान से हुई, जिस पर श्रीमती मिश्र ने नियमित ध्यान एवं हार्टफुलनेस सत्र आयोजित करने पर बल दिया। उन्होंने कहा कि मानसिक संतुलन, सकारात्मक सोच और आत्मअनुशासन से कार्यक्षमता बढ़ती है, जिससे पुलिसकर्मी अधिक संवेदनशील और प्रभावी ढंग से अपने दायित्वों का निर्वहन कर सकते हैं। समीक्षा बैठक के दौरान, उन्होंने आगामी त्योहारों की तैयारियों, कानून-व्यवस्था, प्रभावी पुलिसिंग एवं विभागीय कार्यों की विस्तृत समीक्षा की। साथ ही,
साइबर फ्रॉड, डिजिटल अरेस्ट, साइबर जागरूकता अभियान, महिला संबंधी अपराधों में त्वरित एवं कठोर कार्रवाई, नशे के विरुद्ध अभियान, गौवंश के अवैध परिवहन पर प्रभावी कार्रवाई और सिंहस्थ-2028 की तैयारियों एवं प्रशिक्षण कार्यक्रमों के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। आईजीपी महोदया ने यह भी कहा कि वर्तमान समय में साइबर अपराधों की रोकथाम के साथ-साथ आमजन को जागरूक करना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने प्रत्येक अधिकारी को जनसंपर्क बढ़ाते हुए संवेदनशील पुलिसिंग को प्राथमिकता देने तथा आगामी त्योहारों के दौरान सुरक्षा एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पूरी सतर्कता एवं समन्वय के साथ कार्य करने का निर्देश दिया। अधिकारियों को संबोधित करते हुए, श्रीमती मिश्र ने कहा कि पुलिस सेवा केवल दायित्व नहीं, बल्कि करुणा, संवेदनशीलता और जनसेवा का संकल्प है, और पुलिस का ध्येय 'देशभक्ति-जनसेवा' है। उन्होंने जोर दिया कि 'देशभक्ति-जनसेवा' कार्य संस्कृति का आधार बने और प्रत्येक जरूरतमंद व्यक्ति की संवेदनशीलता के साथ सेवा की जाए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि समय सीमित है, इसलिए हर अवसर को जनहित में सार्थक बनाएं, क्योंकि अच्छी नीयत से अच्छे कार्य करने वाले लोग ही विभाग और समाज को सही दिशा देते हैं। बैठक के समापन पर, उन्होंने सभी अधिकारियों को शासन की प्राथमिकताओं के अनुरूप अनुशासित, जवाबदेह एवं संवेदनशील पुलिसिंग करते हुए प्रभावी कानून-व्यवस्था बनाए रखने और आमजन का विश्वास और अधिक सुदृढ़ करने के निर्देश दिए।
- मध्य प्रदेश के रायसेन जिले में एक कियोस्क संचालक द्वारा लाखों रुपए की धोखाधड़ी करने का गंभीर मामला सामने आया है। इस बड़ी धोखाधड़ी को अंजाम देने के बाद, आरोपी कियोस्क संचालक मौके से फरार हो गया है। इस पूरी घटना और बैंक के जवाब को लेकर अब दर्शक ही यह तय करेंगे कि इस मामले में आगे क्या निष्कर्ष निकलता है और उन्हें इस पर क्या विचार करना चाहिए।1
- रायसेन में जिला कांग्रेस कमेटी ने रायसेन-राहतगढ़ मार्ग के घटिया निर्माण और इसमें व्याप्त अनियमितताओं को लेकर राज्यपाल के नाम एक ज्ञापन एसडीएम को सौंपा है। कांग्रेस का आरोप है कि इस 'घोर लापरवाही' के कारण बीते एक वर्ष में 100 से अधिक लोग सड़क हादसों में अपनी जान गंवा चुके हैं। कांग्रेस के अनुसार, MPRDC द्वारा स्वीकृत दर से 35% कम पर हरियाणा की एक कंपनी को दिया गया यह ठेका, नियमों के विपरीत, आगे पेटी ठेके पर दे दिया गया। सड़क निर्माण में पुरानी डामर लेयर का दोबारा उपयोग किया जा रहा है, जिसके चलते अत्यंत गुणवत्ताहीन कार्य हो रहा है और इस मार्ग पर चलना दूभर हो गया है। इस गंभीर स्थिति को देखते हुए, कांग्रेस ने पूरे निर्माण कार्य की जांच की मांग की है। साथ ही, उन्होंने अधिकारियों से वाहनों की गति को सीमित कर इस मामले में आवश्यक कार्रवाई करने पर भी जोर दिया है।1
- मध्य प्रदेश के सतपाड़ा में विद्युत कटौती और दिन में 10 घंटे बिजली न मिलने से आक्रोशित किसानों ने सतपाड़ा सबस्टेशन पर जमकर नारेबाजी की। शमशाबाद, रुसली, पीपलखेड़ा, ब्यौची सहित लगभग 8 से 10 गांवों के किसान आज सतपाड़ा सबस्टेशन पहुंचे। किसानों ने आरोप लगाया कि विद्युत मंडल उन्हें 10 घंटे बिजली उपलब्ध नहीं करा रहा है, जबकि मध्य प्रदेश सरकार और मुख्यमंत्री मोहन यादव दिन में 10 घंटे बिजली देने की बात बार-बार दोहरा रहे हैं। किसानों ने बताया कि पिछले तीन से चार दिनों से लगातार बिजली कटौती हो रही है और अब उन्हें रात में बिजली देने की बात कही जा रही है, जिससे वे बेहद नाराज हैं। इसी नाराजगी के चलते किसान सुबह लगभग 9:30 बजे से 3:00 बजे तक सतपाड़ा सबस्टेशन पर एकत्र हुए और विद्युत मंडल के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इसकी जानकारी मिलने पर D गोपाल मिश्रा, JE नितेश नामदेव और अन्य वरिष्ठ अधिकारी सतपाड़ा सबस्टेशन पहुंचे और किसानों से बातचीत की। हालांकि, अधिकारियों ने किसानों को दिन में 10 घंटे बिजली देने में असमर्थता जताई, जिसमें JE नितेश नामदेव ने बताया कि अत्यधिक लोड के कारण फीडर ओवरलोड हो रहा है। किसानों ने अधिकारियों के जवाब पर सवाल उठाते हुए कहा कि रबी फसल के समय, जब सभी किसानों को बिजली की अधिक आवश्यकता होती है, तब फीडर ओवरलोड क्यों नहीं होता, जबकि खरीफ के मौसम में यह ओवरलोड कैसे हो रहा है। किसानों की स्पष्ट मांग है कि यदि फीडर ओवरलोड हो रहा है तो मशीनों को बदला जाए और उनका वोल्टेज बढ़ाया जाए ताकि दिन में अधिक से अधिक किसानों को बिजली मिल सके। इस मुद्दे पर किसानों और विद्युत मंडल के बीच तनातनी देखने को मिली, जहां किसानों ने प्रशासन से सीधे तौर पर दिन में 10 घंटे बिजली उपलब्ध कराने की मांग की है।1
- भोपाल से राजगढ़ की ओर यात्रा करने वाले लोगों के लिए एक महत्वपूर्ण सूचना जारी की गई है। इस सूचना में यह सवाल उठाया गया है कि क्या अब लोगों के लिए इस मार्ग पर जाना संभव नहीं होगा।1
- आज 9 जुलाई 2026 को भोपाल कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में कॉलोनी संबंधी मामलों के समाधान हेतु एक विशेष जनसुनवाई का आयोजन किया गया। इस जनसुनवाई की अध्यक्षता एडीएम श्री सुमित पांडे ने की। इस दौरान नागरिकों की कॉलोनियों से जुड़ी शिकायतों और समस्याओं को सुना जा रहा है, और संबंधित अधिकारियों को इनके त्वरित निराकरण के लिए निर्देश दिए जा रहे हैं।1
- बेगमगंज-राहतगढ़ रोड पर सड़क की गुणवत्ता और निर्माण की रफ्तार को लेकर बेगमगंज बस स्टैंड पर कांग्रेस ने एक बड़ा प्रदर्शन किया, जिसमें कार्यकर्ताओं ने चक्काजाम कर अपना विरोध दर्ज कराया। यह प्रदर्शन सिलवानी विधायक देवेंद्र पटेल और वरिष्ठ कांग्रेस नेता राजेंद्र सिंह तोमर के नेतृत्व में किया गया। प्रदर्शनकारियों ने सड़क निर्माण में कथित लापरवाही और इसकी खराब गुणवत्ता पर गंभीर सवाल उठाए। इस दौरान अधिकारियों ने आठ दिनों के भीतर समस्या का समाधान करने का आश्वासन दिया है। हालांकि, कांग्रेस ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि सड़क निर्माण में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ, तो वे अपने आंदोलन को और भी तेज़ करेंगे।1
- विदिशा जिले के करैया गांव की जर्जर सड़क से त्रस्त ग्रामीणों ने जनपद एवं जिला पंचायत स्तर पर कोई समाधान न मिलने का आरोप लगाते हुए, सोशल मीडिया के माध्यम से मुख्यमंत्री के नाम एक वीडियो अपलोड कर सड़क निर्माण की मांग की है। ग्रामीणों ने इस वीडियो में बारिश के दौरान सड़क की बदहाल स्थिति को दर्शाया, बताते हुए कि स्कूली बच्चों, किसानों, मरीजों और आम लोगों को आवागमन में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। सोशल मीडिया पर यह वीडियो वायरल होने के बाद, कलेक्टर ने मामले का तुरंत संज्ञान लिया और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश जारी किए। ग्रामीणों को जल्द ही सड़क निर्माण कार्य शुरू कराने का आश्वासन भी दिया गया है।2
- भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने कांग्रेस पर गंभीर आरोप लगाया है कि वह जीतू पटवारी जी के भाई नाना पटवारी को संरक्षण दे रही है। भाजपा प्रवक्ता डॉ. गुलरेज़ शेख ने स्पष्ट रूप से कहा है कि नाना पटवारी एक आदतन अपराधी हैं और कांग्रेस उन्हें बचा रही है।1
- भोपाल पुलिस ने ऐशबाग थाना क्षेत्र में हुए दोहरे हत्याकांड के संबंध में जनता से एक महत्वपूर्ण अपील की है। पुलिस को इस मामले से जुड़े कुछ अहम CCTV फुटेज मिले हैं, जिनमें संदिग्ध दिखाई दे रहे हैं। पुलिस ने जनता से अनुरोध किया है कि यदि कोई इन संदिग्धों को पहचानता है या इनके बारे में कोई भी महत्वपूर्ण जानकारी रखता है, तो तुरंत भोपाल पुलिस से संपर्क करे। सही और महत्वपूर्ण सूचना प्रदान करने वाले व्यक्ति को पचास हजार रुपये का नगद इनाम दिया जाएगा। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी। जानकारी साझा करने के लिए ऐशबाग थाना प्रभारी (9329540284), एसीपी क्राइम ब्रांच, भोपाल (9425959379) और पुलिस कंट्रोल रूम, भोपाल (0755-2555922) से संपर्क किया जा सकता है। पुलिस ने लोगों से आग्रह किया है कि वे आगे आएं, क्योंकि उनकी एक सूचना अपराधियों तक पहुंचने में पुलिस की मदद कर सकती है।3