भारत माता पब्लिक स्कूल में डिजिटल वोटिंग से यंग लीडर्स चुने गए भारत माता पब्लिक स्कूल में डिजिटल वोटिंग से यंग लीडर्स चुने गए BMPS के स्टूडेंट्स ने डिजिटल वोटिंग मशीन से वोट डालकर लोकतंत्र की भावना का अनुभव किया लांजी, 31 जुलाई: भारत माता पब्लिक स्कूल, लांजी ने लोकतंत्र का जश्न मनाया, जिसमें स्टूडेंट्स ने एकेडमिक सेशन के लिए स्कूल पार्लियामेंट इलेक्शन में जोश के साथ हिस्सा लिया। यह इलेक्शन हेड बॉय, हेड गर्ल, स्पोर्ट्स कैट्न और कल्चरल कैट्न चुनने के लिए किया गया था, जिससे खूडेंट्स को डेमोक्रेटिक प्रोसेस को खुद अनुभव करने का शानदार मौका मिला। इस इवेंट में एक यूनिक टच देते हुए, स्कूल ने एक डिजिटल वोटिंग मशीन (DVM) का इस्तेमाल किया, जिससे स्टूडेंट्स असली इलेक्शन की तरह ही अपना वोट डाल सके। इस इनोवेटिव वोटिंग प्रोसेस ने पूरे कैंपस में उत्साह पैदा किया और स्टूडेंट्स को वोटिंग, फेयरनेस और ज़िम्मेदारी से फैसले लेने की इंपॉर्टस को समझने में मदद की। वोटिंग शुरू होने से पहले, हर कैंडिडेट ने आत्मविश्वास के साथ अपना परिचय दिया और स्कूल को एक बेहतर जगह बनाने के लिए अपने आइडिया शेयर किए। उनके भाषणों ने साथी स्टूडेंट्स को इंस्पायर किया, जिन्होंने बड़े जोश और ज़िम्मेदारी के साथ अपना वोट डालने से पहले ध्यान से सुना। प्रिंसिपल, टीचर्स और स्कूल मैनेजमेंट की गाइडेंस में चुनाव आसानी से हुआ, जिससे वोटिंग प्रोसेस फ्री, फेयर और ट्रांसपेरेंट रहा। पोलिंग पूरी होने के बाद, डिजिटल वोटों की गिनती हुई और ज़ोरदार तालियों के बीच रिज़ल्ट् अनाउंस किए गए। नए चुने गए स्टूडेंट लीडर्स हैं: हेड बॉयः अंश ठाकरे हेड गर्लः परिधि तुरकर स्पोर्ट्स कैट्नः प्रवींद्र कुशले कल्चरल कैट्नः मौली सोमंकर विजेताओं को बधाई देते हुए, स्कूल मैनेजमेंट ने उन्हें ईमानदारी, डिसिप्लिन, कॉन्फिडेंस और सेवा की भावना के साथ लीड करने के लिए हिम्मत दी। उन्होंने स्टूडेंट्स को याद दिलाया कि सच्ची लीडरशिप का मतलब है एक अच्छा एग्ज्ञांपल सेट करना, एक टीम के तौर पर काम करना और डेडिकेशन के साथ स्कूल कम्युनिटी की सेवा करना। स्कूल पार्लियामेंट इलेक्शन सिर्फ स्टूडेंट लीडर्स चुनने से कहीं ज़्यादा था-यह एक कीमती लर्निंग एक्सपीरियंस बन गया जिसने डेमोक्रेटिक वैल्यूज को ज़िंदा किया। इस इवेंट ने स्टूडेंट्स को ज़िम्मेदार नागरिक और फ्यूचर लीडर बनने के लिए इंस्पायर किया, साथ ही इस दिन को एजुकेशनल और यादगार भी बनाया।
भारत माता पब्लिक स्कूल में डिजिटल वोटिंग से यंग लीडर्स चुने गए भारत माता पब्लिक स्कूल में डिजिटल वोटिंग से यंग लीडर्स चुने गए BMPS के स्टूडेंट्स ने डिजिटल वोटिंग मशीन से वोट डालकर लोकतंत्र की भावना का अनुभव किया लांजी, 31 जुलाई: भारत माता पब्लिक स्कूल, लांजी ने लोकतंत्र का जश्न मनाया, जिसमें स्टूडेंट्स ने एकेडमिक सेशन के लिए स्कूल पार्लियामेंट इलेक्शन में जोश के साथ हिस्सा लिया। यह इलेक्शन हेड बॉय, हेड गर्ल, स्पोर्ट्स कैट्न और कल्चरल कैट्न चुनने के लिए किया गया था, जिससे खूडेंट्स को डेमोक्रेटिक प्रोसेस को खुद अनुभव करने का शानदार मौका मिला। इस इवेंट में एक यूनिक टच देते हुए, स्कूल ने एक डिजिटल वोटिंग मशीन (DVM) का इस्तेमाल किया, जिससे स्टूडेंट्स असली इलेक्शन की तरह ही अपना वोट डाल सके। इस इनोवेटिव वोटिंग प्रोसेस ने पूरे कैंपस में उत्साह पैदा किया और स्टूडेंट्स को वोटिंग, फेयरनेस और ज़िम्मेदारी से फैसले लेने की इंपॉर्टस को समझने में मदद की। वोटिंग शुरू होने से पहले, हर कैंडिडेट ने आत्मविश्वास के साथ अपना परिचय दिया और स्कूल को एक बेहतर जगह बनाने के लिए अपने आइडिया शेयर किए। उनके भाषणों ने साथी स्टूडेंट्स को इंस्पायर किया, जिन्होंने बड़े जोश और ज़िम्मेदारी के साथ अपना वोट डालने से पहले ध्यान से सुना। प्रिंसिपल, टीचर्स और स्कूल मैनेजमेंट की गाइडेंस में चुनाव आसानी से हुआ, जिससे वोटिंग प्रोसेस फ्री, फेयर और ट्रांसपेरेंट रहा। पोलिंग पूरी होने के बाद, डिजिटल वोटों की गिनती हुई और ज़ोरदार तालियों के बीच रिज़ल्ट् अनाउंस किए गए। नए चुने गए स्टूडेंट लीडर्स हैं: हेड बॉयः अंश ठाकरे हेड गर्लः परिधि तुरकर स्पोर्ट्स कैट्नः प्रवींद्र कुशले कल्चरल कैट्नः मौली सोमंकर विजेताओं को बधाई देते हुए, स्कूल मैनेजमेंट ने उन्हें ईमानदारी, डिसिप्लिन, कॉन्फिडेंस और सेवा की भावना के साथ लीड करने के लिए हिम्मत दी। उन्होंने स्टूडेंट्स को याद दिलाया कि सच्ची लीडरशिप का मतलब है एक अच्छा एग्ज्ञांपल सेट करना, एक टीम के तौर पर काम करना और डेडिकेशन के साथ स्कूल कम्युनिटी की सेवा करना। स्कूल पार्लियामेंट इलेक्शन सिर्फ स्टूडेंट लीडर्स चुनने से कहीं ज़्यादा था-यह एक कीमती लर्निंग एक्सपीरियंस बन गया जिसने डेमोक्रेटिक वैल्यूज को ज़िंदा किया। इस इवेंट ने स्टूडेंट्स को ज़िम्मेदार नागरिक और फ्यूचर लीडर बनने के लिए इंस्पायर किया, साथ ही इस दिन को एजुकेशनल और यादगार भी बनाया।
- वारासिवनी में चोरों का आतंक, FIR में देरी पर भड़के विधायक विवेक पटेल पीड़ित परिवार को साथ लेकर थाने पहुंचे विधायक, पुलिस की कार्यप्रणाली पर उठाए सवाल तीन बड़ी चोरियों से दहशत, 14 लाख की चोरी के बाद भी दर्ज नहीं हुई रिपोर्ट1
- वारासिवनी पुलिस नहीं कर रही चोरी की एफआईआर,विधायक को साथ लेकर थाने पहुंचे पीड़ित* * *विधायक विवेक पटेल टीआई से बोले ईमानदारी से काम करें,अपराधी पकड़े,लोगों का डर खत्म हो,एक माह में तीन बड़ी चोरी,पुलिस खामोश* वारासिवनी*- नगर एवं ग्रामीण क्षेत्रों में 16 जुलाई से लेकर 29 जुलाई के बीच तीन बड़ी चोरियों की वारदात ने लोगों को डरा दिया है।बावजूद इसके पुलिस चोरियों की एफआईआर नहीं कर रही है। जिससे पीड़ित नाराज है।29 जुलाई को वॉर्ड नंबर 1 मिश्रा नगर निवासी डॉक्टर योगेन्द्र राहंगडाले के यहां 12 लाख रुपयों से ज्यादा के जेवरात और नगद 2 लाख रूपए की चोरी की घटना के दो दिन बाद भी पुलिस ने एफआईआर दर्ज नहीं की।जिससे परेशान डॉ.दंपत्ति ने इसकी शिकायत विधायक विवेक पटेल से की।जिसके बाद विधायक विवेक पटेल स्वयं पीड़ित परिवार को साथ लेकर वारासिवनी थाना पहुंचे।और थाना प्रभारी को पीड़ित की एफआईआर लिखने के निर्देश दिए।वहीं थाना प्रभारी अनूप कुमार उईके ने विधायक विवेक विक्की पटेल को आश्वस्त किया कि बहुत जल्द इनकी शिकायत दर्ज कर ली जायेगी। *घटना के तीन दिन बाद भी पुलिस ने नहीं की रिपोर्ट दर्ज-डॉक्टर योगेंद्र राहंगडाले* पीड़ित डॉक्टर योगेन्द्र राहंगडाले ने बताया कि 29 जुलाई को हुई चोरी की सूचना वारासिवनी पुलिस को दी गई थी।जिसके बाद पुलिस,डॉग स्कॉड और फिंगर प्रिंट की टीम ने घटनास्थल की जांच की।लेकिन पुलिस ने कोई एफआईआर नहीं की।पुलिस बोल रही थी।कि पूरी जांच के बाद एफआईआर की जाएगी।जिसके बाद मैने आज मामले को लेकर विधायक से मुलाकात कर उन्हें घटना से अवगत कराया है।विधायक ने पुलिस को मामले में कार्रवाई करने की बात कही है।शहर में इतनी चोरियां हो रही है लेकिन पुलिस कोई कार्रवाई नहीं कर रही है।पुलिस चोरी की रिपोर्ट दर्ज नहीं कर रही है।अब आम जनता का धीरे धीरे पुलिस के प्रति विश्वास खत्म होता जा रहा है।जब पुलिस ही आम जनता की सुरक्षा नहीं कर सकती है।जो आम लोग कैसे उन्हें सपोर्ट करेंगे। *अन्य अपराधों के साथ चोरी की रिपोर्ट भी पुलिस करे दर्ज-विवेक पटेल* विधायक विवेक पटेल ने बताया कि यह चिंतनीय है कि एक माह के भीतर तीन बड़ी चोरियां हो गई।चोरी मामले में एफआईआर नहीं करने की जानकारी के बाद हमने एसडीओपी और थाना प्रभारी से मुलाकात कर उन्हें कहा कि पुलिस चोरियों के मामले में कार्रवाई करें।ताकि आरोपी पकड़े जाए।और लोगों में डर खत्म हो।हमने पुलिस ने कहा है कि वह अन्य काम के साथ ही शहर में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत हो।शहर में गश्त बढ़ाए,ताकि अपराधियो पर पुलिस का डर बना रहे।थाना क्षेत्र में एक माह के भीतर तीन बड़ी चोरी हुई है।जिसके फुटेज भी पुलिस के पास मौजूद है। एसडीओपी अभिषेक चौधरी ने हमे आश्वस्त किया है।बहुत जल्द चोर पुलिस के गिरफ्त में होंगे।3
- दुर्ग पुलिस की बड़ी कार्रवाई – बिहार से संचालित ऑनलाइन सट्टा गिरोह का भंडाफोड़, 03 आरोपी गिरफ्तार, एक विधि-विरुद्ध बालक अभिरक्षा में, लाखों रुपये की डिजिटल सामग्री जब्त दुर्ग पुलिस की बड़ी कार्रवाई – बिहार से संचालित ऑनलाइन सट्टा गिरोह का भंडाफोड़, 03 आरोपी गिरफ्तार, एक विधि-विरुद्ध बालक अभिरक्षा में, लाखों रुपये की डिजिटल सामग्री जब्त मुख्य बिंदु ▪️ *थाना खुर्सीपार पुलिस ने ऑनलाइन सट्टा एवं साइबर अपराध के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई करते हुए बिहार राज्य के पटना से संचालित गिरोह का पर्दाफाश कर 02 आरोपियों को गिरफ्तार किया तथा 01 विधि-विरुद्ध बालक को विधिक प्रावधानों के अनुसार अभिरक्षा में लिया।* ▪️ *गिरोह द्वारा ऑनलाइन गेमिंग एवं बेटिंग प्लेटफॉर्म के माध्यम से प्रतिदिन लगभग ₹12 से ₹15 लाख तथा प्रतिमाह लगभग ₹4 से ₹5 करोड़ का ऑनलाइन वित्तीय लेन-देन किए जाने के संबंध में महत्वपूर्ण तथ्य विवेचना में सामने आए हैं।* ▪️ *आरोपियों के कब्जे से 14 मोबाइल फोन, 14 एटीएम कार्ड, 02 बैंक पासबुक सहित ऑनलाइन सट्टा संचालन में प्रयुक्त इलेक्ट्रॉनिक एवं दस्तावेजी सामग्री जब्त कर डिजिटल साक्ष्यों का विस्तृत परीक्षण किया जा रहा है।* ▪️ *तकनीकी साक्ष्यों, बैंकिंग ट्रांजेक्शन, डिजिटल डिवाइस एवं म्यूल बैंक खातों के विश्लेषण के आधार पर गिरोह से जुड़े अन्य आरोपियों एवं लाभार्थियों की तलाश एवं वैधानिक कार्रवाई निरंतर जारी है।* संक्षिप्त विवरण : ऑनलाइन सट्टा, साइबर अपराध एवं म्यूल बैंक खातों के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत थाना खुर्सीपार में पंजीबद्ध अपराध क्रमांक 236/2026 में धारा 318(3), 318(4), 319 भारतीय न्याय संहिता (BNS) तथा छत्तीसगढ़ जुआ (प्रतिषेध) अधिनियम, 2022 की धारा 7 के अंतर्गत विवेचना की जा रही थी। प्रकरण में पूर्व में ऑनलाइन सट्टा एवं म्यूल बैंक खातों से जुड़े कुछ आरोपियों की गिरफ्तारी की जा चुकी थी। विवेचना के दौरान प्राप्त तकनीकी साक्ष्यों, बैंक खातों के विश्लेषण, मोबाइल डेटा, डिजिटल ट्रेल एवं गोपनीय सूचना के आधार पर गिरोह के अन्य फरार सदस्यों की तलाश की जा रही थी। इसी क्रम में गठित विशेष पुलिस टीम को बिहार राज्य के पटना रवाना किया गया। तकनीकी निगरानी एवं स्थानीय स्तर पर सतत सूचना संकलन के आधार पर पुलिस टीम ने पटना स्थित नारायण प्लाजा अपार्टमेंट में कार्रवाई करते हुए गिरोह से जुड़े आरोपियों को गिरफ्तार किया तथा एक विधि-विरुद्ध बालक को विधिक प्रावधानों के अनुसार अभिरक्षा में लिया। पूछताछ एवं प्रारंभिक तकनीकी जांच में यह तथ्य सामने आया कि आरोपी किराये के मकान में रहकर ऑनलाइन सट्टा संचालन कर रहे थे तथा विभिन्न ऑनलाइन गेमिंग एवं बेटिंग प्लेटफॉर्म के माध्यम से देश के विभिन्न राज्यों के लोगों को जोड़कर अवैध सट्टा संचालित करते थे। मॉडस ऑपरेंडी (अपराध करने का तरीका) : आरोपी संगठित तरीके से ऑनलाइन गेमिंग एवं बेटिंग प्लेटफॉर्म जैसे लूडो, कैसीनो, एविएटर (Aviator), फुटबॉल बेटिंग सहित अन्य ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर आईडी उपलब्ध कराकर लोगों से दांव लगवाते थे। हार-जीत की राशि का लेन-देन विभिन्न नेट बैंकिंग, यूपीआई, इंटरनेट बैंकिंग एवं म्यूल बैंक खातों के माध्यम से कराया जाता था। आरोपी लगातार बैंक खाते बदलते हुए डिजिटल माध्यम से लेन-देन कर अवैध कमाई करते थे ताकि वित्तीय ट्रांजेक्शन को छिपाया जा सके। प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि गिरोह द्वारा प्रतिदिन लगभग ₹12 से ₹15 लाख का ऑनलाइन सट्टा संचालित किया जाता था तथा प्रतिमाह लगभग ₹4 से ₹5 करोड़ का ऑनलाइन वित्तीय लेन-देन किया जाता था। जब्त डिजिटल उपकरणों, बैंक खातों एवं इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों का विस्तृत फॉरेंसिक एवं तकनीकी विश्लेषण किया जा रहा है। घटना स्थल : पटना, बिहार स्थित नारायण प्लाजा अपार्टमेंट (किराये का आवास), जहां से ऑनलाइन सट्टा संचालन किया जा रहा था। आरोपी का नाम : 1. आफताब अहमद, उम्र 24 वर्ष, निवासी अहमदनगर कैंप-2, रजा जामा मस्जिद के पास, थाना छावनी, भिलाई, जिला दुर्ग। 2. दानिश खान, उम्र 24 वर्ष, निवासी कैंप-1, थाना वैशाली नगर, भिलाई, जिला दुर्ग। 3. एक विधि-विरुद्ध बालक को किशोर न्याय अधिनियम के प्रावधानों के अनुसार अभिरक्षा में लिया गया। जप्त सामग्री : 1. 14 नग मोबाइल फोन 2. 14 नग एटीएम कार्ड 3. 11 बैंक पासबुक 4. ऑनलाइन सट्टा संचालन में प्रयुक्त अन्य इलेक्ट्रॉनिक एवं दस्तावेजी सामग्री सराहनीय कार्य : उक्त कार्रवाई में थाना खुर्सीपार पुलिस की विशेष टीम द्वारा तकनीकी विश्लेषण, डिजिटल साक्ष्यों के संकलन, अंतर्राज्यीय समन्वय एवं सतत विवेचना के माध्यम से आरोपियों की पहचान कर बिहार राज्य में सफल कार्रवाई की गई। प्रकरण में थाना खुर्सीपार की विवेचना टीम एवं साइबर तकनीकी सहयोगी टीम की सराहनीय भूमिका रही। दुर्ग पुलिस की अपील : दुर्ग पुलिस आम नागरिकों से अपील करती है कि किसी भी प्रकार के ऑनलाइन सट्टा, अवैध बेटिंग अथवा साइबर अपराध से दूर रहें। अपने बैंक खाते, एटीएम कार्ड, सिम कार्ड या मोबाइल नंबर किसी अन्य व्यक्ति को उपयोग हेतु उपलब्ध न कराएं। किसी भी संदिग्ध ऑनलाइन सट्टा, साइबर धोखाधड़ी या अवैध वित्तीय गतिविधि की जानकारी तत्काल निकटतम पुलिस थाना अथवा साइबर हेल्पलाइन 1930 पर दें। ऐसे अपराधों में संलिप्त पाए जाने वाले व्यक्तियों के विरुद्ध कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। —0000—1
- हैंडओवर के 2 महीने बाद ही टपकने लगा गोदाम, खैरलांजी में मनरेगा निर्माण की खुली पोल, छत-दीवारों से रिसाव, खाद खराब1
- हंसराज नवयुवक मंडल दुर्ग छत्तीसगढ़ से जुड़े समाजसेवा को प्रोत्साहित करें। संपर्क करें कृपया:- 9202219810 मुझे लगता हैं कि अब ज्यादा वीडियो बनाकर आप लोगो को बताना केवल आप लोगों का मनोरंजन करने जैसा हो गया। बहुत निराशा व अफसोसजनक कि आप लोग जुड़ नहीं रहें सहयोग नहीं कर रहे क्या किया जा सकता । जब जो समझ सकते वे भी अनदेखा करें सामजिक सेवा को तो।.😔. क्या आपका अकेले का कोई कर्तव्य नहीं कि बेहतर वातावरण हेतु हंसराज नवयुवक मंडल से जुड़े सदस्य बने बहुत ही निराशा व अफसोसजनक मेरे लिए सचमुच।। 🍱.1
- दुर्ग जिले में साइबर ठगो की भारी बाढ़ देखने को मिल रही हैं पुलिस जानकारी अनुसार साईबर फ्रॉड ऑन लाइन सट्टा खिलाने वाले 1442मीयूल बैंक खाता 117खाता धारकों से तीन करोड़ का लेन देन पांच म्यूल एजेंट का बड़ा खुलासा किया है इस ठगी करने... दुर्ग जिले में साइबर ठगो की भारी बाढ़ देखने को मिल रही हैं पुलिस जानकारी अनुसार साईबर फ्रॉड ऑन लाइन सट्टा खिलाने वाले 1442मीयूल बैंक खाता 117खाता धारकों से तीन करोड़ का लेन देन पांच म्यूल एजेंट का बड़ा खुलासा किया है इस ठगी करने वाले आरोपी में महिलाएं भी शामिल हैं पुलिस ने सभी को भेजा जेल1
- दोगुने मुनाफे का झांसा देकर नगर में 15–20 करोड़ की ठगी, दो साल से फरार चल रहा आरोपी पीड़ितों ने आरोपी की गिरफ्तारी को लेकर आईजी को सौंपा ज्ञापन1
- जालबाँधा चौकी पुलिस की कार्रवाई, छह माह से फरार आरोपी गिरफ्तार, न्यायिक रिमांड पर भेजा गया, जालबाँधा चौकी पुलिस की कार्रवाई, छह माह से फरार आरोपी गिरफ्तार, न्यायिक रिमांड पर भेजा गया, 31 जुलाई शुक्रवार को दोपहर 2 बजे मिली जानकारी अनुसार केसीजी जिले में शांति एवं कानून व्यवस्था बनाए रखने तथा फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार अभियान चला रही है। इसी क्रम में पुलिस चौकी जालबाँधा ने धारा 69 बीएनएसएस के एक मामले में पिछले छह माह से फरार चल रहे आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की। पुलिस ने बताया कि आरोपी की तलाश लगातार उसके संभावित ठिकानों और रिश्तेदारों के यहां की जा रही थी, लेकिन वह लंबे समय तक पुलिस की पकड़ से बाहर रहा। आरोपी के नहीं मिलने पर न्यायालय में धारा 193(8) बीएनएसएस के तहत फरारी का अभियोग पत्र प्रस्तुत किया गया था। शुक्रवार, 31 जुलाई को पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर न्यायालय में पेश किया। न्यायालय के आदेश पर आरोपी को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया। केसीजी पुलिस का कहना है कि जिले में फरार आरोपियों की धरपकड़ के लिए विशेष अभियान लगातार जारी है। कानून से बचने का प्रयास करने वाले आरोपियों के विरुद्ध आगे भी इसी तरह सख्त कार्रवाई की जाएगी।1