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गाजियाबाद के लोनी में एक नई बहुक्रियाशील सब्जी कटर मशीन का उत्पादन शुरू हुआ है। इस मशीन की उत्पादन क्षमता 800 किलोग्राम प्रति घंटे है। यह मशीन हरी सब्जियों, गाजर, आलू और फलों को काटने में सक्षम है। इसके अलावा, यह फ्रेंच फ्राइज़ और आलू के चिप्स बनाने में भी सहायक है। इस मशीन का निर्माण गाजियाबाद की कंपनी, ग्वांगझोउ शेंगटियन मशीनरी कंपनी लिमिटेड द्वारा किया गया है। यह मशीन सब्जी प्रसंस्करण को आसान और तेज़ बनाती है, जिससे समय और मेहनत की बचत होती है।

2 hrs ago
user_प्रमोद कुमार कश्यप
प्रमोद कुमार कश्यप
Local News Reporter लोनी, गाज़ियाबाद, उत्तर प्रदेश•
2 hrs ago

गाजियाबाद के लोनी में एक नई बहुक्रियाशील सब्जी कटर मशीन का उत्पादन शुरू हुआ है। इस मशीन की उत्पादन क्षमता 800 किलोग्राम प्रति घंटे है। यह मशीन हरी सब्जियों, गाजर, आलू और फलों को काटने में सक्षम है। इसके अलावा, यह फ्रेंच फ्राइज़ और आलू के चिप्स बनाने में भी सहायक है। इस मशीन का निर्माण गाजियाबाद की कंपनी, ग्वांगझोउ शेंगटियन मशीनरी कंपनी लिमिटेड द्वारा किया गया है। यह मशीन सब्जी प्रसंस्करण को आसान और तेज़ बनाती है, जिससे समय और मेहनत की बचत होती है।

More news from East Delhi and nearby areas
  • दिल्ली के हजारीबाग के वास्तु विहार फेस-3 में एक जमीन विवाद सामने आया है। इस विवाद में रैयत और एक कंपनी आमने-सामने हैं। विवाद की जड़ में जमीन का मालिकाना हक है। रैयत का दावा है कि यह जमीन उनकी है, जबकि कंपनी का कहना है कि जमीन उनके नाम पर है। फिलहाल, इस विवाद का कोई हल नहीं निकला है और दोनों पक्ष अपने-अपने दावे पर अड़े हुए हैं।
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    दिल्ली के हजारीबाग के वास्तु विहार फेस-3 में एक जमीन विवाद सामने आया है। इस विवाद में रैयत और एक कंपनी आमने-सामने हैं।

विवाद की जड़ में जमीन का मालिकाना हक है। रैयत का दावा है कि यह जमीन उनकी है, जबकि कंपनी का कहना है कि जमीन उनके नाम पर है। फिलहाल, इस विवाद का कोई हल नहीं निकला है और दोनों पक्ष अपने-अपने दावे पर अड़े हुए हैं।
    user_Shashikant
    Shashikant
    Court reporter Gandhi Nagar, East Delhi•
    2 hrs ago
  • नई दिल्ली। नगर निगम दिल्ली (एमसीडी) में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की वरिष्ठ पार्षद श्रीमती सत्या शर्मा लगातार दूसरी बार निर्विरोध निर्वाचित हो गई हैं। उनके निर्विरोध चुने जाने को भाजपा के लिए बड़ी राजनीतिक उपलब्धि माना जा रहा है। पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं ने उनकी जीत पर खुशी जताते हुए इसे निगम में भाजपा की मजबूत स्थिति का प्रमाण बताया। हालिया नामांकन प्रक्रिया में उनके खिलाफ किसी अन्य उम्मीदवार ने नामांकन दाखिल नहीं किया, जिसके चलते उनका निर्विरोध निर्वाचन सुनिश्चित हुआ। निर्विरोध चुने जाने के बाद सत्या शर्मा ने सभी पार्षदों और पार्टी नेतृत्व का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनके लिए यह सम्मान जिम्मेदारी को और बढ़ाता है। उन्होंने कहा कि उनकी पहली प्राथमिकता दिल्ली को स्वच्छ, सुंदर और व्यवस्थित बनाना है तथा नागरिकों को बेहतर नगर निगम सेवाएं उपलब्ध कराना उनका लक्ष्य रहेगा। उन्होंने कहा, "हमारी पहली प्राथमिकता है कि हम दिल्ली को स्वच्छ और सुंदर बनाएंगे। सफाई व्यवस्था को और मजबूत किया जाएगा, कूड़ा प्रबंधन में सुधार होगा तथा प्रत्येक वार्ड में विकास कार्यों को तेज गति से आगे बढ़ाया जाएगा।" सत्या शर्मा ने यह भी कहा कि निगम में विकास कार्यों को गति देने के लिए सभी पार्षदों के सहयोग से काम किया जाएगा। उन्होंने पार्कों के सौंदर्यीकरण, सड़कों और नालियों के रखरखाव, स्वच्छता अभियान को मजबूत करने तथा नागरिक सुविधाओं के विस्तार पर विशेष ध्यान देने की बात कही। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि लगातार दूसरी बार निर्विरोध चुना जाना सत्या शर्मा के अनुभव और संगठन में उनके प्रति विश्वास को दर्शाता है। भाजपा नेतृत्व ने उम्मीद जताई है कि उनके नेतृत्व में एमसीडी में विकास कार्यों को नई गति मिलेगी और राजधानी को स्वच्छ एवं सुंदर बनाने की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंगे।
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    नई दिल्ली। नगर निगम दिल्ली (एमसीडी) में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की वरिष्ठ पार्षद श्रीमती सत्या शर्मा लगातार दूसरी बार निर्विरोध निर्वाचित हो गई हैं। उनके निर्विरोध चुने जाने को भाजपा के लिए बड़ी राजनीतिक उपलब्धि माना जा रहा है। पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं ने उनकी जीत पर खुशी जताते हुए इसे निगम में भाजपा की मजबूत स्थिति का प्रमाण बताया। हालिया नामांकन प्रक्रिया में उनके खिलाफ किसी अन्य उम्मीदवार ने नामांकन दाखिल नहीं किया, जिसके चलते उनका निर्विरोध निर्वाचन सुनिश्चित हुआ।

निर्विरोध चुने जाने के बाद सत्या शर्मा ने सभी पार्षदों और पार्टी नेतृत्व का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनके लिए यह सम्मान जिम्मेदारी को और बढ़ाता है। उन्होंने कहा कि उनकी पहली प्राथमिकता दिल्ली को स्वच्छ, सुंदर और व्यवस्थित बनाना है तथा नागरिकों को बेहतर नगर निगम सेवाएं उपलब्ध कराना उनका लक्ष्य रहेगा। उन्होंने कहा, "हमारी पहली प्राथमिकता है कि हम दिल्ली को स्वच्छ और सुंदर बनाएंगे। सफाई व्यवस्था को और मजबूत किया जाएगा, कूड़ा प्रबंधन में सुधार होगा तथा प्रत्येक वार्ड में विकास कार्यों को तेज गति से आगे बढ़ाया जाएगा।"

सत्या शर्मा ने यह भी कहा कि निगम में विकास कार्यों को गति देने के लिए सभी पार्षदों के सहयोग से काम किया जाएगा। उन्होंने पार्कों के सौंदर्यीकरण, सड़कों और नालियों के रखरखाव, स्वच्छता अभियान को मजबूत करने तथा नागरिक सुविधाओं के विस्तार पर विशेष ध्यान देने की बात कही।

राजनीतिक जानकारों का मानना है कि लगातार दूसरी बार निर्विरोध चुना जाना सत्या शर्मा के अनुभव और संगठन में उनके प्रति विश्वास को दर्शाता है। भाजपा नेतृत्व ने उम्मीद जताई है कि उनके नेतृत्व में एमसीडी में विकास कार्यों को नई गति मिलेगी और राजधानी को स्वच्छ एवं सुंदर बनाने की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंगे।
    user_अनिल कुमार गुप्ता
    अनिल कुमार गुप्ता
    Local News Reporter सीमा पुरी, शाहदरा, दिल्ली•
    3 hrs ago
  • तेलंगाना के हैदराबाद से बड़ी संख्या में पत्रकार दिल्ली के जंतर मंतर पहुंचे और भारत सरकार से अपनी मुख्य मांगे रखीं। पत्रकारों का यह समूह अपनी मांगों को लेकर सरकार का ध्यान आकर्षित करना चाहता है। इस समूह में शामिल पत्रकारों ने केंद्र सरकार से कुछ महत्वपूर्ण मांगे रखीं, हालांकि स्रोत में यह नहीं बताया गया है कि ये मांगे क्या हैं। पत्रकारों का यह प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहा और उन्होंने अपनी बात रखने के लिए जंतर मंतर को मंच के तौर पर चुना।
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    तेलंगाना के हैदराबाद से बड़ी संख्या में पत्रकार दिल्ली के जंतर मंतर पहुंचे और भारत सरकार से अपनी मुख्य मांगे रखीं। पत्रकारों का यह समूह अपनी मांगों को लेकर सरकार का ध्यान आकर्षित करना चाहता है।

इस समूह में शामिल पत्रकारों ने केंद्र सरकार से कुछ महत्वपूर्ण मांगे रखीं, हालांकि स्रोत में यह नहीं बताया गया है कि ये मांगे क्या हैं। पत्रकारों का यह प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहा और उन्होंने अपनी बात रखने के लिए जंतर मंतर को मंच के तौर पर चुना।
    user_न्यूज़ आइकॉन 24
    न्यूज़ आइकॉन 24
    Press advisory सीलमपुर, उत्तर पूर्वी दिल्ली, दिल्ली•
    4 hrs ago
  • देश के युवाओं ने एकजुट होकर आवाज़ उठाई और नतीजा यह हुआ कि धर्मेंद्र प्रधान को इस्तीफ़ा देना पड़ा। अब E20 के मुद्दे पर भी हमें एक होकर आवाज़ उठानी होगी। इस शनिवार को 'नेशनल टाउनहॉल अगेंस्ट E20' आयोजित किया जा रहा है, जिसमें शामिल होकर आप E20 पर अपनी बात रख सकते हैं। आप इसमें ऑनलाइन भी शामिल हो सकते हैं। आप सभी का आमंत्रण है। जैसा कि पहले देखा गया, युवाओं की एकजुटता और आवाज़ का असर होता है। धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफ़ा इसी का नतीजा है। अब E20 के मुद्दे पर भी हमें उसी तरह एकजुट होकर आवाज़ उठानी होगी।
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    देश के युवाओं ने एकजुट होकर आवाज़ उठाई और नतीजा यह हुआ कि धर्मेंद्र प्रधान को इस्तीफ़ा देना पड़ा। अब E20 के मुद्दे पर भी हमें एक होकर आवाज़ उठानी होगी। इस शनिवार को 'नेशनल टाउनहॉल अगेंस्ट E20' आयोजित किया जा रहा है, जिसमें शामिल होकर आप E20 पर अपनी बात रख सकते हैं। आप इसमें ऑनलाइन भी शामिल हो सकते हैं। आप सभी का आमंत्रण है।

जैसा कि पहले देखा गया, युवाओं की एकजुटता और आवाज़ का असर होता है। धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफ़ा इसी का नतीजा है। अब E20 के मुद्दे पर भी हमें उसी तरह एकजुट होकर आवाज़ उठानी होगी।
    user_SURYA NEWS
    SURYA NEWS
    सिविल लाइन्स, मध्य दिल्ली, दिल्ली•
    5 hrs ago
  • दिल्ली के बुलंदशहर में सावन माह की कांवड़ यात्रा को लेकर पुलिस-प्रशासन ने अपनी तैयारियां पूरी कर ली हैं। इस यात्रा के लिए जनपद को व्यवस्थित ढंग से 5 सुपर जोन, 19 जोन और 59 सेक्टरों में बांटा गया है। इस विभाजन का उद्देश्य यात्रा के दौरान सुरक्षा और व्यवस्था को सुनिश्चित करना है।
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    दिल्ली के बुलंदशहर में सावन माह की कांवड़ यात्रा को लेकर पुलिस-प्रशासन ने अपनी तैयारियां पूरी कर ली हैं। इस यात्रा के लिए जनपद को व्यवस्थित ढंग से 5 सुपर जोन, 19 जोन और 59 सेक्टरों में बांटा गया है। इस विभाजन का उद्देश्य यात्रा के दौरान सुरक्षा और व्यवस्था को सुनिश्चित करना है।
    user_News 22 India
    News 22 India
    TV News Anchor करावल नगर, उत्तर पूर्वी दिल्ली, दिल्ली•
    6 hrs ago
  • नीट पेपर लीक के विरोध में सोनम वांगचुक ने 28 जून से जंतर-मंतर पर 26 दिनों तक अनशन किया। इस दौरान हज़ारों छात्र सड़कों पर उतरे। मांग थी कि पेपर लीक की सीबीआई जांच हो, दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए और छात्रों के भविष्य की गारंटी दी जाए। कई फिल्म स्टार भी इस अनशन में शामिल हुए। बीच में कुछ अपराधी और राजनीतिक तत्वों ने भी अपनी रोटियाँ सेंकीं। 26वें दिन, गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में केंद्रीय मंत्री जे.पी. नड्डा और जितेंद्र सिंह से बातचीत हुई। इसके बाद शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफा दिया और अनशन टूट गया। सरकार ने लिखित आश्वासन दिए कि छात्रों पर एफआईआर नहीं होगी, पीड़ित परिवारों को मुआवजा दिया जाएगा और संसद में इस मुद्दे पर चर्चा होगी। लेकिन सवाल अभी भी बाकी हैं: क्या सीबीआई जांच होगी? क्या दोषी बड़े गिरोह तक पहुँचेंगे? क्या अगली परीक्षाओं में पारदर्शिता आएगी? या फिर ये सब सिर्फ headlines तक सीमित रहेगा? हर साल लाखों छात्र, करोड़ों की फीस, माँ-बाप की उम्मीदें—एक लीक से सब दांव पर लग जाती हैं। न्याय सिर्फ बयानों से नहीं, कार्रवाई से मिलता है। अब सवाल यह है कि क्या इस अनशन का असर हुआ या यह सिर्फ शोर था? आपकी राय कमेंट में शेयर करें और वीडियो शेयर करें, ताकि आवाज़ दबे नहीं। जय भारत माता! छात्रों के भविष्य के लिए सरकार झुकी है, अब सरकार से निवेदन है कि दोषियों को शीघ्र सजा दे।
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    नीट पेपर लीक के विरोध में सोनम वांगचुक ने 28 जून से जंतर-मंतर पर 26 दिनों तक अनशन किया। इस दौरान हज़ारों छात्र सड़कों पर उतरे। मांग थी कि पेपर लीक की सीबीआई जांच हो, दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए और छात्रों के भविष्य की गारंटी दी जाए। कई फिल्म स्टार भी इस अनशन में शामिल हुए। बीच में कुछ अपराधी और राजनीतिक तत्वों ने भी अपनी रोटियाँ सेंकीं।

26वें दिन, गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में केंद्रीय मंत्री जे.पी. नड्डा और जितेंद्र सिंह से बातचीत हुई। इसके बाद शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफा दिया और अनशन टूट गया। सरकार ने लिखित आश्वासन दिए कि छात्रों पर एफआईआर नहीं होगी, पीड़ित परिवारों को मुआवजा दिया जाएगा और संसद में इस मुद्दे पर चर्चा होगी।

लेकिन सवाल अभी भी बाकी हैं: क्या सीबीआई जांच होगी? क्या दोषी बड़े गिरोह तक पहुँचेंगे? क्या अगली परीक्षाओं में पारदर्शिता आएगी? या फिर ये सब सिर्फ headlines तक सीमित रहेगा? हर साल लाखों छात्र, करोड़ों की फीस, माँ-बाप की उम्मीदें—एक लीक से सब दांव पर लग जाती हैं। न्याय सिर्फ बयानों से नहीं, कार्रवाई से मिलता है।

अब सवाल यह है कि क्या इस अनशन का असर हुआ या यह सिर्फ शोर था? आपकी राय कमेंट में शेयर करें और वीडियो शेयर करें, ताकि आवाज़ दबे नहीं। जय भारत माता! छात्रों के भविष्य के लिए सरकार झुकी है, अब सरकार से निवेदन है कि दोषियों को शीघ्र सजा दे।
    user_Lokesh Pal
    Lokesh Pal
    सिविल लाइन्स, मध्य दिल्ली, दिल्ली•
    6 hrs ago
  • गाजियाबाद के लोनी में एक लो बजट आश्रम है जो सबसे अच्छा माना जाता है। इस आश्रम में अच्छे कमरे, अच्छा भोजन और शुद्ध हवा मिलती है। यह आश्रम उन लोगों के लिए आदर्श है जो कम खर्च में अच्छी सुविधाएं चाहते हैं।
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    गाजियाबाद के लोनी में एक लो बजट आश्रम है जो सबसे अच्छा माना जाता है। इस आश्रम में अच्छे कमरे, अच्छा भोजन और शुद्ध हवा मिलती है। यह आश्रम उन लोगों के लिए आदर्श है जो कम खर्च में अच्छी सुविधाएं चाहते हैं।
    user_प्रमोद कुमार कश्यप
    प्रमोद कुमार कश्यप
    Local News Reporter लोनी, गाज़ियाबाद, उत्तर प्रदेश•
    3 hrs ago
  • रांची के गांधी नगर में जमीन को लेकर जबरदस्त घमासान मचा हुआ है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि उनके पास सभी कानूनी दस्तावेज़ होने के बावजूद उन्हें इंसाफ नहीं मिल रहा है। इस विवाद ने समुदाय में गहरी नाराजगी और निराशा पैदा कर दी है। पीड़ितों का कहना है कि वे दशकों से इस जमीन पर रह रहे हैं और उनके पास सभी आवश्यक कागज़ात हैं जो उनकी मालिकाना हक़ को साबित करते हैं। फिर भी, उन्हें लगता है कि सिस्टम उन्हें नज़रअंदाज़ कर रहा है। स्थानीय प्रशासन और न्यायपालिका से उन्हें कोई सकारात्मक प्रतिक्रिया नहीं मिली है, जिससे उनका गुस्सा और बढ़ गया है। इस मसले पर स्थानीय नेता भी सक्रिय हो गए हैं। उन्होंने प्रशासन से हस्तक्षेप करने और पीड़ितों को न्याय दिलाने की मांग की है। कुछ नेताओं ने तो यहां तक कह दिया है कि अगर जल्द ही कोई कार्रवाई नहीं हुई तो वे सड़क पर उतरने को मजबूर होंगे। इस विवाद का असर समुदाय के सामाजिक ताने-बाने पर भी पड़ा है। लोग आपस में बंटते जा रहे हैं और तनाव बढ़ता जा रहा है। कई परिवारों ने इस डर से अपने घर छोड़ दिए हैं कि उन्हें जबरन निकाला जा सकता है। अब देखने वाली बात होगी कि प्रशासन इस मसले को कैसे सुलझाता है और क्या पीड़ितों को वाकई न्याय मिल पाएगा।
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    रांची के गांधी नगर में जमीन को लेकर जबरदस्त घमासान मचा हुआ है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि उनके पास सभी कानूनी दस्तावेज़ होने के बावजूद उन्हें इंसाफ नहीं मिल रहा है। इस विवाद ने समुदाय में गहरी नाराजगी और निराशा पैदा कर दी है।

पीड़ितों का कहना है कि वे दशकों से इस जमीन पर रह रहे हैं और उनके पास सभी आवश्यक कागज़ात हैं जो उनकी मालिकाना हक़ को साबित करते हैं। फिर भी, उन्हें लगता है कि सिस्टम उन्हें नज़रअंदाज़ कर रहा है। स्थानीय प्रशासन और न्यायपालिका से उन्हें कोई सकारात्मक प्रतिक्रिया नहीं मिली है, जिससे उनका गुस्सा और बढ़ गया है।

इस मसले पर स्थानीय नेता भी सक्रिय हो गए हैं। उन्होंने प्रशासन से हस्तक्षेप करने और पीड़ितों को न्याय दिलाने की मांग की है। कुछ नेताओं ने तो यहां तक कह दिया है कि अगर जल्द ही कोई कार्रवाई नहीं हुई तो वे सड़क पर उतरने को मजबूर होंगे।

इस विवाद का असर समुदाय के सामाजिक ताने-बाने पर भी पड़ा है। लोग आपस में बंटते जा रहे हैं और तनाव बढ़ता जा रहा है। कई परिवारों ने इस डर से अपने घर छोड़ दिए हैं कि उन्हें जबरन निकाला जा सकता है।

अब देखने वाली बात होगी कि प्रशासन इस मसले को कैसे सुलझाता है और क्या पीड़ितों को वाकई न्याय मिल पाएगा।
    user_Shashikant
    Shashikant
    Court reporter Gandhi Nagar, East Delhi•
    4 hrs ago
  • दिल्ली के जंतर मंतर पर हैदराबाद तेलंगाना से आए लोग अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। ये लोग अपनी विभिन्न मांगों को लेकर दिल्ली आए हैं और जंतर मंतर पर इकट्ठा हुए हैं। प्रदर्शन में शामिल लोगों का कहना है कि उनकी मांगों को पूरा करने के लिए वे यहां आए हैं और जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं हो जातीं, तब तक वे यहां से नहीं हटेंगे। उनकी मांगों में क्या शामिल है, इस बारे में प्रदर्शनकारी लोगों ने बताया कि वे अपनी मूलभूत सुविधाओं और अधिकारों की मांग कर रहे हैं। हालांकि, उन्होंने अपनी मांगों की विस्तृत सूची नहीं दी है। प्रदर्शन शांतिपूर्ण तरीके से हो रहा है और अभी तक किसी तरह की कोई हिंसा या अशांति की सूचना नहीं है।
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    दिल्ली के जंतर मंतर पर हैदराबाद तेलंगाना से आए लोग अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। ये लोग अपनी विभिन्न मांगों को लेकर दिल्ली आए हैं और जंतर मंतर पर इकट्ठा हुए हैं। प्रदर्शन में शामिल लोगों का कहना है कि उनकी मांगों को पूरा करने के लिए वे यहां आए हैं और जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं हो जातीं, तब तक वे यहां से नहीं हटेंगे।

उनकी मांगों में क्या शामिल है, इस बारे में प्रदर्शनकारी लोगों ने बताया कि वे अपनी मूलभूत सुविधाओं और अधिकारों की मांग कर रहे हैं। हालांकि, उन्होंने अपनी मांगों की विस्तृत सूची नहीं दी है। प्रदर्शन शांतिपूर्ण तरीके से हो रहा है और अभी तक किसी तरह की कोई हिंसा या अशांति की सूचना नहीं है।
    user_न्यूज़ आइकॉन 24
    न्यूज़ आइकॉन 24
    Press advisory सीलमपुर, उत्तर पूर्वी दिल्ली, दिल्ली•
    6 hrs ago
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