सक्ति जिले के डभरा ब्लॉक के उच्चपिंडा में स्थित आरकेएम पावरजेन प्लांट की दबंगई सामने आई है, जहाँ कंपनी पर आरोप है कि वह रात के अंधेरे में चोरी-छुपे शासकीय/निजी तालाबों में मिट्टी डालकर उन्हें पाट रही है। यह कवायद प्लांट द्वारा कोयला परिवहन के लिए रेलवे ट्रैक बनाने हेतु की जा रही है। निमोही ग्राम में लोहार तालाब को आधे से ज्यादा मिट्टी से पाट दिया गया है, और प्लांट के ठेकेदारों ने पंप लगाकर तालाब का पानी भी निकाल लिया है। यह तालाब, जिससे गाय-बैल पानी पीते थे और स्थानीय लोगों के निस्तारी का काम होता था, भीषण गर्मी के बावजूद कभी नहीं सूखता था। इस कृत्य से लोग और मवेशी पानी की कमी से जूझ रहे हैं। जहाँ मिशल के अनुसार यह जमीन निजी बताई जा रही है, वहीं वर्तमान रिकॉर्ड में इसे तालाब के रूप में अंकित किया गया है। आरकेएम पावरजेन उच्चपिंडा पर सुप्रीम कोर्ट के आदेशों की धज्जियाँ उड़ाने और कानून का कोई डर न होने का भी आरोप लगाया गया है। एक किसान ने इस मामले की शिकायत जिला कलेक्टर से की है। सक्ति जिला कलेक्टर ने इस पूरे मामले का संज्ञान लिया है और इसकी गहन जांच कर उचित कार्यवाही करने के निर्देश जारी किए हैं।
सक्ति जिले के डभरा ब्लॉक के उच्चपिंडा में स्थित आरकेएम पावरजेन प्लांट की दबंगई सामने आई है, जहाँ कंपनी पर आरोप है कि वह रात के अंधेरे में चोरी-छुपे शासकीय/निजी तालाबों में मिट्टी डालकर उन्हें पाट रही है। यह कवायद प्लांट द्वारा कोयला परिवहन के लिए रेलवे ट्रैक बनाने हेतु की जा रही है। निमोही ग्राम में लोहार तालाब को आधे से ज्यादा मिट्टी से पाट दिया गया है, और प्लांट के ठेकेदारों ने पंप लगाकर तालाब का पानी भी निकाल लिया है। यह तालाब, जिससे गाय-बैल पानी पीते थे और स्थानीय लोगों के निस्तारी का काम होता था, भीषण गर्मी के बावजूद कभी नहीं सूखता था। इस कृत्य से लोग और मवेशी पानी की कमी से जूझ रहे हैं। जहाँ मिशल के अनुसार यह जमीन निजी बताई जा रही है, वहीं वर्तमान रिकॉर्ड में इसे तालाब के रूप में अंकित किया गया है। आरकेएम पावरजेन उच्चपिंडा पर सुप्रीम कोर्ट के आदेशों की धज्जियाँ उड़ाने और कानून का कोई डर न होने का भी आरोप लगाया गया है। एक किसान ने इस मामले की शिकायत जिला कलेक्टर से की है। सक्ति जिला कलेक्टर ने इस पूरे मामले का संज्ञान लिया है और इसकी गहन जांच कर उचित कार्यवाही करने के निर्देश जारी किए हैं।
- वेदांता हादसे को 45 दिन बीत जाने के बाद भी पीड़ितों को अभी तक पूरी राहत नहीं मिल पाई है। केंद्र और राज्य सरकार द्वारा पीड़ितों के लिए की गई घोषणाएं केवल कागजों तक ही सीमित हैं। इस स्थिति में, हादसे का दर्द और इसका प्रभाव अभी भी बरकरार है।1
- छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले के करतला में एक घटना सामने आई है, जहाँ ग्रामीणों ने पौधारोपण के लिए की जा रही 14 एकड़ भूमि के सीमांकन का कड़ा विरोध किया। इस दौरान मौके पर काफी हंगामा हुआ, जिसके चलते प्रशासनिक अधिकारियों को सीमांकन की कार्रवाई रोकनी पड़ी।1
- कोरबा के नगर पालिका परिषद दीपका के वार्ड क्रमांक-15 के उपचुनाव में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने व्यापक जनसंपर्क अभियान चलाया है, जिसके तहत भाजपा प्रत्याशी ऋषि सिदार को जनता का समर्थन और आशीर्वाद मिल रहा है। भाजपा जिलाध्यक्ष गोपाल मोदी के नेतृत्व में पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने घर-घर जाकर वार्डवासियों से ऋषि सिदार को भारी मतों से विजयी बनाने की अपील की। इस दौरान वार्डवासियों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं और प्रदेश में हो रहे विकास कार्यों पर विश्वास जताते हुए भाजपा प्रत्याशी के पक्ष में मतदान करने का भरोसा दिलाया। भाजपा नेताओं ने इस बात पर जोर दिया कि केंद्र और राज्य सरकार की जनहितकारी नीतियों का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुँच रहा है, जिससे जनता का विश्वास भाजपा के प्रति लगातार मजबूत हुआ है। इस जनसंपर्क अभियान में कैबिनेट मंत्री लखनलाल देवांगन, भाजपा जिलाध्यक्ष गोपाल मोदी, विधायक प्रेमचंद पटेल, महापौर संजू देवी राजपूत, सह संभाग प्रभारी डॉ. राजीव सिंह, खाद्य आयोग के पूर्व अध्यक्ष ज्योतिनंद दुबे, पूर्व महापौर जोगेश लांबा, पूर्व जिलाध्यक्ष मनोज शर्मा, नगर पालिका दीपका के अध्यक्ष राजेंद्र राजपूत, जिला महामंत्री संजय शर्मा, अजय विश्वकर्मा, दीपका मंडल के प्रभारी योगेश जैन, मंडल अध्यक्ष राजू प्रजापति सहित बड़ी संख्या में भाजपा पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे। इसी क्रम में भाजपा को एक और बड़ी राजनीतिक सफलता मिली जब दीपका नगर पालिका परिषद के वार्ड क्रमांक-17 के निर्दलीय पार्षद धीरेन्द्र तिवारी ने भाजपा की सदस्यता ग्रहण कर ली। धीरेन्द्र तिवारी ने भाजपा की जनहितैषी नीतियों, विकासोन्मुखी विचारधारा और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व से प्रभावित होकर यह निर्णय लिया। कैबिनेट मंत्री लखनलाल देवांगन और भाजपा जिलाध्यक्ष गोपाल मोदी ने उन्हें पार्टी का गमछा पहनाकर स्वागत किया। नेताओं ने विश्वास व्यक्त किया कि धीरेन्द्र तिवारी के पार्टी में शामिल होने से संगठन को और अधिक मजबूती मिलेगी तथा क्षेत्र में विकास एवं जनसेवा के कार्यों को नई गति प्राप्त होगी। यह उल्लेखनीय है कि इससे पहले भी कांग्रेस के पार्षद और पूर्व पार्षद भाजपा में शामिल हो चुके हैं, जिससे क्षेत्र की राजनीति में भाजपा की स्थिति और अधिक मजबूत होती दिखाई दे रही है।1
- सुशासन तिहार 2026 के मद्देनजर, कमलेश अनंत ने अधिकारी-कर्मचारियों के रवाइयों को लेकर सख्त रुख अपनाया है।1
- सक्ति जिले के डभरा ब्लॉक के उच्चपिंडा में स्थित आरकेएम पावरजेन प्लांट की दबंगई सामने आई है, जहाँ कंपनी पर आरोप है कि वह रात के अंधेरे में चोरी-छुपे शासकीय/निजी तालाबों में मिट्टी डालकर उन्हें पाट रही है। यह कवायद प्लांट द्वारा कोयला परिवहन के लिए रेलवे ट्रैक बनाने हेतु की जा रही है। निमोही ग्राम में लोहार तालाब को आधे से ज्यादा मिट्टी से पाट दिया गया है, और प्लांट के ठेकेदारों ने पंप लगाकर तालाब का पानी भी निकाल लिया है। यह तालाब, जिससे गाय-बैल पानी पीते थे और स्थानीय लोगों के निस्तारी का काम होता था, भीषण गर्मी के बावजूद कभी नहीं सूखता था। इस कृत्य से लोग और मवेशी पानी की कमी से जूझ रहे हैं। जहाँ मिशल के अनुसार यह जमीन निजी बताई जा रही है, वहीं वर्तमान रिकॉर्ड में इसे तालाब के रूप में अंकित किया गया है। आरकेएम पावरजेन उच्चपिंडा पर सुप्रीम कोर्ट के आदेशों की धज्जियाँ उड़ाने और कानून का कोई डर न होने का भी आरोप लगाया गया है। एक किसान ने इस मामले की शिकायत जिला कलेक्टर से की है। सक्ति जिला कलेक्टर ने इस पूरे मामले का संज्ञान लिया है और इसकी गहन जांच कर उचित कार्यवाही करने के निर्देश जारी किए हैं।1
- सक्ति नगर से जुड़े ग्राम पंचायत हरेठी में पिछले तीन दिनों से बिजली गुल है, जिससे ग्रामीणों में भारी आक्रोश व्याप्त है। बिजली विभाग को बार-बार सूचित करने के बावजूद विभाग के अधिकारी और कर्मचारी लाइन सुधारने नहीं पहुंचे, जिसके चलते आज सैकड़ों की संख्या में ग्रामीणों ने राष्ट्रीय राज्य मार्ग 49 पर चक्का जाम कर दिया। प्रदर्शनकारी ग्रामीणों ने भाजपा शासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और बताया कि उनके घरों में पीने के लिए पानी की भी किल्लत हो गई है, लेकिन बिजली विभाग उनकी समस्याओं का समाधान नहीं कर रहा है। ग्रामीणों ने यह साफ कर दिया है कि जब तक गांव में बिजली आपूर्ति बहाल नहीं होती, तब तक उनका यह चक्का जाम प्रदर्शन जारी रहेगा। सरपंच प्रतिनिधि सोमेंद्र सिंह ठाकुर ने भी इस मामले पर अपनी बात रखी।1