गुरुवार दोपहर जालौन की पहुज नदी में एक बड़ा हादसा हो गया, जहां नहाने गए 17 युवकों के समूह में से तीन युवक गहरे पानी में चले जाने के कारण डूब गए। यह घटना माधौगढ़ कोतवाली क्षेत्र के ग्राम गोपालपुरा के पास हुई, जिसके बाद पूरे क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई। पुलिस, प्रशासन और स्थानीय गोताखोरों की मदद से डूबे हुए युवकों की तलाश का अभियान जारी है। जानकारी के अनुसार, मध्य प्रदेश के भिंड जिले के थाना मिहौना क्षेत्र के ग्राम लिधौरा और अन्तियनपुरा के निवासी करीब 17 युवक, जो आपस में रिश्तेदार हैं, 19 जून को आयोजित एक शादी समारोह में शामिल होने के लिए इकट्ठा हुए थे। गुरुवार को ये सभी युवक घूमने और स्नान करने के उद्देश्य से गोपालपुरा गांव के निकट बहने वाली पहुज नदी पर पहुंचे थे। नहाते समय जगमोहन बघेल (19) पुत्र चरण सिंह (निवासी लिधौरा), सुधीर बघेल (15) पुत्र जगदीश (निवासी लिधौरा), और अवनीश यादव (20) पुत्र गंगा सिंह यादव (निवासी अन्तियनपुरा) नदी के गहरे हिस्से में पहुँच गए। पानी की गहराई का अंदाजा न लगने के कारण तीनों युवक डूबने लगे। साथ मौजूद युवकों और आसपास के ग्रामीणों ने उन्हें बचाने का प्रयास किया, लेकिन तब तक तीनों नदी में लापता हो चुके थे। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुँची और तुरंत राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया गया। घटनास्थल पर उपजिलाधिकारी और क्षेत्राधिकारी सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारियों ने पहुँचकर स्थिति का जायजा लिया। स्थानीय गोताखोरों की सहायता से युवकों की तलाश की जा रही है। प्रशासन ने एसडीआरएफ (स्टेट डिजास्टर रिस्पॉन्स फोर्स) को भी इस घटना की सूचना दे दी है और अधिकारियों के अनुसार, टीम के पहुँचते ही आधुनिक उपकरणों की मदद से एक बड़ा सर्च ऑपरेशन चलाया जाएगा।
गुरुवार दोपहर जालौन की पहुज नदी में एक बड़ा हादसा हो गया, जहां नहाने गए 17 युवकों के समूह में से तीन युवक गहरे पानी में चले जाने के कारण डूब गए। यह घटना माधौगढ़ कोतवाली क्षेत्र के ग्राम गोपालपुरा के पास हुई, जिसके बाद पूरे क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई। पुलिस, प्रशासन और स्थानीय गोताखोरों की मदद से डूबे हुए युवकों की तलाश का अभियान जारी है। जानकारी के अनुसार, मध्य प्रदेश के भिंड जिले के थाना मिहौना क्षेत्र के ग्राम लिधौरा और अन्तियनपुरा के निवासी करीब 17 युवक, जो आपस में रिश्तेदार हैं,
19 जून को आयोजित एक शादी समारोह में शामिल होने के लिए इकट्ठा हुए थे। गुरुवार को ये सभी युवक घूमने और स्नान करने के उद्देश्य से गोपालपुरा गांव के निकट बहने वाली पहुज नदी पर पहुंचे थे। नहाते समय जगमोहन बघेल (19) पुत्र चरण सिंह (निवासी लिधौरा), सुधीर बघेल (15) पुत्र जगदीश (निवासी लिधौरा), और अवनीश यादव (20) पुत्र गंगा सिंह यादव (निवासी अन्तियनपुरा) नदी के गहरे हिस्से में पहुँच गए। पानी की गहराई का अंदाजा न लगने के कारण तीनों युवक डूबने लगे। साथ मौजूद युवकों और आसपास के ग्रामीणों ने उन्हें बचाने
का प्रयास किया, लेकिन तब तक तीनों नदी में लापता हो चुके थे। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुँची और तुरंत राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया गया। घटनास्थल पर उपजिलाधिकारी और क्षेत्राधिकारी सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारियों ने पहुँचकर स्थिति का जायजा लिया। स्थानीय गोताखोरों की सहायता से युवकों की तलाश की जा रही है। प्रशासन ने एसडीआरएफ (स्टेट डिजास्टर रिस्पॉन्स फोर्स) को भी इस घटना की सूचना दे दी है और अधिकारियों के अनुसार, टीम के पहुँचते ही आधुनिक उपकरणों की मदद से एक बड़ा सर्च ऑपरेशन चलाया जाएगा।
- उत्तर प्रदेश के जालौन जिले से एक दुखद खबर सामने आई है, जहाँ माधौगढ़ कोतवाली क्षेत्र के गोपालपुरा गाँव के पास पहुज नदी में नहाने गए एक दर्जन से अधिक युवकों में से तीन युवक गहरे पानी में चले जाने के कारण लापता हो गए हैं। इस घटना के बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन तुरंत हरकत में आ गया। मौके पर प्रशासनिक अधिकारी और भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। लापता युवकों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए प्रशासन ने तुरंत सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया है। स्थानीय गोताखोरों की मदद से नदी के गहरे पानी में लगातार तलाश अभियान चलाया जा रहा है। गोताखोरों द्वारा लापता युवकों की तलाश जोर-शोर से जारी है। नदी किनारे ग्रामीणों और परिजनों की भारी भीड़ जमा है, जो सभी युवकों की सलामती की दुआ कर रहे हैं।1
- जालौन विकासखंड का सालाबाद गाँव पिछले 15 से 20 दिनों से गंभीर बिजली संकट का सामना कर रहा है, जिसके कारण ग्रामीणों के घरों में रोशनी की जगह अंधेरा और चिंता व्याप्त है। गाँव में ओवरलोड ट्रांसफार्मर, जर्जर विद्युत लाइनें और टूटे हुए खंभे लोगों का जीवन मुश्किल बना रहे हैं। ग्रामीणों के अनुसार, दिन में चार से पाँच बार बिजली लाइनें टूट जाती हैं, और फॉल्ट, तार टूटने या ट्रांसफार्मर में खराबी के कारण घंटों बिजली गुल रहती है। बार-बार शिकायतें करने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं हुआ है, जिससे लोगों में असंतोष बढ़ रहा है। गाँव के बीच लगे ट्रांसफार्मर के पास दुकान चलाने वाले दुकानदार ने अपनी बड़ी चिंता व्यक्त की है। उनका कहना है कि ट्रांसफार्मर में अक्सर स्पार्किंग होती है और कई बार आग भी लग चुकी है, जिससे आसपास लोगों की आवाजाही के कारण किसी बड़े हादसे की आशंका बनी रहती है। दुकानदार को अपनी दुकान तक आग की चिंगारियाँ पहुँचने का भी खतरा सताता है। इसके अलावा, 11 हजार वोल्ट की लाइन का एक खंभा कई महीनों से एक पेड़ के सहारे टिका हुआ है। ग्रामीणों का डर है कि तेज बारिश या आंधी आने पर यह खंभा गिर सकता है, जिससे एक बड़ी दुर्घटना हो सकती है। ग्रामीणों का आरोप है कि गाँव में बिजली का लोड लगातार बढ़ रहा है, लेकिन बिजली विभाग की व्यवस्था पुरानी है। उनके अनुसार, अतिरिक्त ट्रांसफार्मर मौजूद होने के बावजूद उन्हें अभी तक चालू नहीं किया गया है। यदि इन ट्रांसफार्मरों को संचालित कर दिया जाए तो लोड बँट जाएगा और बार-बार होने वाले फॉल्ट से राहत मिल सकती है। कढ़ौरे कुशवाहा, महेंद्र पटेल, मनोहर कुशवाहा, संतोष कुशवाहा, वकील पटेल और गुड्डन पालीवाल सहित अन्य ग्रामीणों ने विद्युत विभाग के उच्च अधिकारियों से तत्काल इस मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की है, ताकि विभाग किसी बड़े हादसे के बाद जागने की बजाय अभी से समाधान करे।3
- जालौन जिले के कालपी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में बुधवार सुबह मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. हरिनन्दन प्रसाद के औचक निरीक्षण से हड़कंप मच गया। सीएमओ बिना किसी पूर्व सूचना के अस्पताल पहुंचे, जिससे कर्मियों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और व्यवस्थाएं दुरुस्त करने की कवायद शुरू हो गई। सीएमओ ने सुबह करीब 8:45 बजे सीएचसी पहुंचकर ओपीडी, दवा वितरण कक्ष, महिला वार्ड सहित विभिन्न विभागों का बारीकी से निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कई कर्मचारी निर्धारित समय पर अनुपस्थित मिले, जिस पर सीएमओ ने नाराजगी व्यक्त करते हुए जिम्मेदार अधिकारियों को व्यवस्था में तत्काल सुधार के निर्देश दिए। उन्होंने अस्पताल की साफ-सफाई, मरीजों के लिए उपलब्ध सुविधाएं, कूलर-पंखों की व्यवस्था और वार्डों की स्थिति का भी मूल्यांकन किया। सीएमओ ने मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने पर जोर देते हुए कहा कि किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इसी दौरान प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्र के नियमित रूप से संचालित न होने की शिकायत भी सीएमओ के संज्ञान में आई। उन्होंने मामले को गंभीरता से लेते हुए केंद्र संचालक को नोटिस जारी करने और दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। सीएमओ ने अस्पताल परिसर की रंगाई-पुताई, भवन की मरम्मत और अन्य लंबित विकास कार्यों को शीघ्र पूरा कराने के आदेश भी दिए, ताकि मरीजों को स्वच्छ और बेहतर वातावरण मिल सके। औचक निरीक्षण के दौरान अस्पताल अधीक्षक डॉ. दिनेश बरदिया, डॉ. शेख शहरयार, डॉ. आदर्श गौतम, डॉ. अशोक चक्र, डॉ. विशाल सचान और डॉ. गरिमा सिंह सहित समस्त चिकित्सकीय एवं स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे। सीएमओ की इस सख्ती के बाद अब लोगों की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि अस्पताल प्रशासन व्यवस्थाओं में कितना सुधार कर पाता है और मरीजों को स्वास्थ्य सेवाओं का कितना बेहतर लाभ मिल पाता है।2
- जालौन जिले की माधौगढ़ तहसील के रामपुरा थाना क्षेत्र स्थित मानपुरा छौना गांव में एक शराब की दुकान का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इस वीडियो में दुकान पर बैठा सेल्समैन कथित तौर पर तय कीमत से ज़्यादा रुपये लेकर शराब बेचता हुआ दिख रहा है। यह वीडियो किसी व्यक्ति ने बनाकर गुरुवार शाम करीब 5 बजे सोशल मीडिया पर वायरल किया, जिसके बाद प्रशासन हरकत में आ गया है। हालांकि, वीडियो की सत्यता और उसके समय की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। इस मामले की जांच के बाद ही पूरी स्थिति साफ हो पाएगी।1
- उत्तर प्रदेश के जालौन जिले में पहुज नदी में नहाते समय तीन युवक लापता हो गए हैं। यह घटना माधौगढ़ कोतवाली क्षेत्र के गोपालपुरा गांव के पास हुई। सूचना मिलते ही, उप-जिलाधिकारी (एसडीएम), सर्किल अधिकारी (सीओ) समेत एक पुलिस टीम मौके पर पहुंची।4
- बुधवार सुबह जालौन जिले के कालपी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. हरिनन्दन प्रसाद के अचानक निरीक्षण से हड़कंप मच गया। सीएमओ बिना किसी पूर्व सूचना के अस्पताल पहुंचे, जिससे वहां मौजूद कर्मियों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और वे तुरंत व्यवस्थाएं दुरुस्त करने में जुट गए। सीएमओ ने सुबह करीब 8:45 बजे सीएचसी पहुंचकर अस्पताल के विभिन्न विभागों का गहनता से जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने ओपीडी, दवा वितरण कक्ष और महिला वार्ड सहित कई अनुभागों का बारीकी से निरीक्षण किया।1
- जालौन जिले के माधौगढ़ क्षेत्र में गुरुवार, 18 जून 2026 को दोपहर लगभग 12:30 बजे पहुज नदी में नहाते समय तीन युवक डूब गए। यह दर्दनाक हादसा ग्राम गोपालपुरा के निकट हुआ, जहाँ मध्य प्रदेश के भिंड जिले के ग्राम लिधौरा और अन्तियनपुरा के 17 रिश्तेदार युवक एक साथ घूमने और नहाने के लिए पहुचे थे। ये सभी युवक 19 जून को मंगलौर में होने वाले एक शादी समारोह में शामिल होने के लिए एकत्र हुए थे। डूबने वाले युवकों की पहचान जगमोहन बघेल (19 वर्ष) पुत्र चरण सिंह, सुधीर बघेल (15 वर्ष) पुत्र जगदीश (दोनों ग्राम लिधौरा), और अवनीश यादव (20 वर्ष) पुत्र गंगा सिंह यादव (ग्राम अन्तियनपुरा) के रूप में हुई है। साथ मौजूद अन्य युवकों और स्थानीय लोगों ने उन्हें बचाने का प्रयास किया, लेकिन वे तीनों गहरे पानी में चले गए। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन और पुलिस मौके पर पहुँची और स्थानीय गोताखोरों की मदद से तीनों की तलाश शुरू की गई। प्रशासन ने राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (SDRF) टीम को भी सूचित कर दिया है, जो जल्द ही घटनास्थल पर पहुँचकर खोज अभियान चलाएगी। अधिकारियों के अनुसार, एसडीआरएफ टीम द्वारा तलाश अभियान चलाने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस घटना के बाद से परिजनों में मातम पसरा हुआ है और पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है।1