चेचट क्षेत्र से निकल रहे दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के यातायात को गलत तरीके से डायवर्ट किए जाने के कारण गंभीर समस्याएँ उत्पन्न हो रही हैं। 8-लेन से आने वाले वाहनों को भटवाड़ा-अमझार सड़क से होकर निकाला जा रहा है, जबकि कोटा की तरफ से जाने वाले वाहनों के लिए निर्धारित मार्ग ढाबादेह-मोड़क है। हालांकि, अमझार सड़क पर तैनात गार्ड अक्सर 8-लेन के वाहनों को अमझार-भटवाड़ा सड़क पर मोड़ देते हैं, जिससे यह सिंगल-लाइन सड़क आए दिन दुर्घटनाओं का गवाह बन रही है। बीती रात भी एक वाहन गलत दिशा से आते हुए भटवाड़ा में दुर्घटना का शिकार हो गया और एक दीवार तोड़कर अंदर घुस गया। इस घटना के बाद, ग्रामीणों ने सड़क जाम कर दी। सूचना मिलने पर पहुँची पुलिस ने लोगों को समझा-बुझाकर जाम खुलवाया और आश्वासन दिया कि अब से 8-लेन पर जाने वाले वाहनों को ढाबादेह से होकर ही निकाला जाएगा। हालांकि, पुलिस के इस आश्वासन के बावजूद, गुरुवार को फिर से वही स्थिति देखने को मिली। इसके चलते भटवाड़ा में बार-बार जाम लग रहा है और गलत दिशा से आने वाले वाहनों के कारण अमझार-भटवाड़ा सड़क पर हादसों का खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है।
चेचट क्षेत्र से निकल रहे दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के यातायात को गलत तरीके से डायवर्ट किए जाने के कारण गंभीर समस्याएँ उत्पन्न हो रही हैं। 8-लेन से आने वाले वाहनों को भटवाड़ा-अमझार सड़क से होकर निकाला जा रहा है, जबकि कोटा की तरफ से जाने वाले वाहनों के
लिए निर्धारित मार्ग ढाबादेह-मोड़क है। हालांकि, अमझार सड़क पर तैनात गार्ड अक्सर 8-लेन के वाहनों को अमझार-भटवाड़ा सड़क पर मोड़ देते हैं, जिससे यह सिंगल-लाइन सड़क आए दिन दुर्घटनाओं का गवाह बन रही है। बीती रात भी एक वाहन गलत दिशा से आते हुए भटवाड़ा में दुर्घटना का
शिकार हो गया और एक दीवार तोड़कर अंदर घुस गया। इस घटना के बाद, ग्रामीणों ने सड़क जाम कर दी। सूचना मिलने पर पहुँची पुलिस ने लोगों को समझा-बुझाकर जाम खुलवाया और आश्वासन दिया कि अब से 8-लेन पर जाने वाले वाहनों को ढाबादेह से होकर ही
निकाला जाएगा। हालांकि, पुलिस के इस आश्वासन के बावजूद, गुरुवार को फिर से वही स्थिति देखने को मिली। इसके चलते भटवाड़ा में बार-बार जाम लग रहा है और गलत दिशा से आने वाले वाहनों के कारण अमझार-भटवाड़ा सड़क पर हादसों का खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है।
- मध्य प्रदेश के मंदसौर जिले के चंदवासा से रामप्रसाद धनगर गुर्जर से जुड़ी एक खास खबर सामने आई है। इस खबर के बारे में अधिक विवरण नहीं दिए गए हैं, लेकिन यह रामप्रसाद धनगर गुर्जर से संबंधित है।1
- गुरुवार शाम को हाड़ौती क्षेत्र, जिसमें कोटा, बूंदी, बारां और झालावाड़ जिले शामिल हैं, में मौसम ने अचानक करवट ली। तेज आंधी और 60 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चली तूफानी हवाओं के साथ झमाझम बारिश का दौर शुरू हो गया, जिससे क्षेत्र का जनजीवन प्रभावित हुआ। कोटा शहर और आसपास के इलाकों में धूलभरी आंधी के बाद हुई इस बारिश से लोगों को भीषण गर्मी से बड़ी राहत मिली। इसी तरह, बूंदी, बारां और झालावाड़ जिलों में भी तेज हवाओं के साथ अच्छी बारिश दर्ज की गई। मौसम में आए इस बदलाव के कारण कई स्थानों पर पेड़ों की शाखाएं टूटकर सड़कों पर गिर गईं और कुछ क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति भी बाधित हुई। तापमान में गिरावट आने से लोगों को उमस और गर्मी से काफी राहत मिली। मौसम विभाग ने आगामी घंटों में भी हाड़ौती क्षेत्र के कुछ हिस्सों में तेज आंधी, बारिश और गरज-चमक की संभावना जताई है। प्रशासन ने लोगों से खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने और अनावश्यक रूप से बाहर नहीं निकलने की अपील की है।1
- कोटा में आयोजित कांग्रेस ओबीसी अधिवेशन के दौरान, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गोविन्द सिंह डोटासरा ने राज्य सरकार को खूब खरी-खोटी सुनाई। इस अवसर पर उन्होंने भाजपा नेताओं को 'चवन्नी चोर' तक कह डाला।1
- डोटासरा ने बीजेपी के मंत्रियों पर तीखा हमला बोलते हुए उन्हें 'चवन्नी चोर' करार दिया है। उन्होंने कहा कि जब काम नहीं होते तो वे गालियां देते हैं। डोटासरा ने मौजूदा व्यवस्था पर कटाक्ष करते हुए कहा कि यह सरकार नहीं, बल्कि एक सर्कस है। उन्होंने लगातार हो रहे पेपर लीक को लेकर भी अपनी चिंता व्यक्त की।1
- रामप्रसाद धनगर गुर्जर तोलाखेड़ी चंदवासा जिला मंदसौर म. प्र1
- विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर, कोटा में 21 मई से चल रहे पर्यावरण संरक्षण एवं संवर्द्धन पखवाड़े के अंतर्गत विभिन्न जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इन कार्यक्रमों का आयोजन शिक्षा विभाग कर्मचारीगण सहकारी सभा 696 आर कोटा-बारां और राजस्थान राज्य भारत स्काउट एवं गाइड स्थानीय संघ कोटा दक्षिण के संयुक्त तत्वावधान में किया जा रहा है। शिक्षा सहकारी अध्यक्ष एवं स्काउट गाइड जिला प्रधान प्रकाश जायसवाल ने बताया कि इसका मुख्य उद्देश्य आमजन, विद्यार्थियों और युवाओं में पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाना और प्रकृति के संरक्षण के लिए सामूहिक सहभागिता सुनिश्चित करना है। ये कार्यक्रम राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय आवासन मंडल केशवपुरा, राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय नयागांव, महात्मा गांधी राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय रोझड़ी, अनंतपुरा एकेडमी और आंवली वन क्षेत्र सहित कुल पाँच स्थानों पर आयोजित होंगे। इनमें पोस्टर प्रतियोगिता, निबंध प्रतियोगिता, पर्यावरण संरक्षण का संदेश देती मेहंदी प्रतियोगिता और प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता प्रमुख रूप से शामिल हैं। इसके अतिरिक्त, पर्यावरण संरक्षण विषय पर संगोष्ठी एवं विचार गोष्ठी का भी आयोजन किया जाएगा, जहाँ पर्यावरणविद्, शिक्षाविद् और स्काउट-गाइड पदाधिकारी विद्यार्थियों को पर्यावरण संतुलन, जल संरक्षण, जैव विविधता संरक्षण और वृक्षारोपण के महत्व के बारे में जानकारी देंगे। प्रतिभागियों को दैनिक जीवन में पर्यावरण अनुकूल व्यवहार अपनाने के लिए प्रेरित किया जाएगा। संस्था उपाध्यक्ष महेंद्र नागर के अनुसार, विश्व पर्यावरण दिवस पर एक जनजागरण रैली भी निकाली जाएगी। इस रैली के माध्यम से विद्यार्थी और स्काउट-गाइड सदस्य आमजन को स्वच्छ पर्यावरण, जल संरक्षण, प्लास्टिक मुक्त जीवनशैली और अधिकाधिक पौधारोपण का संदेश देंगे। विभिन्न स्थलों पर पौधारोपण कार्यक्रम आयोजित कर पर्यावरण संरक्षण का संकल्प भी दिलाया जाएगा। मंत्री जमनालाल गुर्जर ने बताया कि इस पखवाड़े के तहत लगातार गतिविधियाँ चल रही हैं, जिनका लक्ष्य केवल जागरूकता पैदा करना नहीं, बल्कि समाज के हर वर्ग को पर्यावरण संरक्षण के कार्यों से जोड़ना है। उन्होंने जोर दिया कि पर्यावरण की सुरक्षा हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है और आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य के लिए आज से ही ठोस प्रयास करना आवश्यक है।2
- पूर्व विधायक प्रह्लाद गुंजल ने एक चौंकाने वाला दावा करते हुए कहा है कि इस देश में ओबीसी वर्ग के लोगों को ही आगे करके मंदिर आंदोलन के माध्यम से मंडल आंदोलन को कुचला गया। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि किस प्रकार सांप्रदायिक राजनीति के आगोश में देश को बेरोजगारी, महंगाई और भ्रष्टाचार जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों से भटकाया गया है। यह बातें उन्होंने कल आयोजित कांग्रेस ओबीसी के शहर और ग्रामीण जिला अधिवेशन तथा पदभार ग्रहण समारोह को संबोधित करते हुए कहीं, जिसका नेतृत्व उन्हीं के द्वारा किया गया था। गुंजल ने, जो आम चुनावों से पहले तक बीजेपी में थे और जिन्होंने अपने राजनीतिक सफर की शुरुआत भी इसी पार्टी से की थी, अपनी बात में यह जोड़ा कि उन्होंने जिस मर्म को समझा है, शायद किसी जन्मजात कांग्रेसी ने भी उसे इतनी गहराई से नहीं पहचाना होगा। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि बीजेपी और आरएसएस की असली लड़ाई मुसलमानों से नहीं बल्कि दलित-ओबीसी समाज से है। पूर्व विधायक गुंजल ने इस बात पर बल दिया कि इस समाज के नाम पर राजनीति करने वाले नेताओं को जितनी जल्दी इस सच्चाई को समझना चाहिए, उतना ही बेहतर होगा। उन्होंने ओबीसी कांग्रेस के शहर और देहात जिला अधिवेशन को संबोधित करते हुए अपने इस विचार को दोहराया।1
- खानपुर उपखंड की पखराना ग्राम पंचायत में प्रशासनिक अनदेखी के चलते मुख्य आम रास्ता पूरी तरह से कीचड़ के दलदल में बदल गया है। यह स्थिति लंबे समय से नालियों की सफाई न होने के कारण उत्पन्न हुई है, जिससे वे पूरी तरह चोक हो गई हैं। नतीजतन, इन नालियों से बदबूदार और दूषित पानी ओवरफ्लो होकर मुख्य सड़क पर बह रहा है, जिसने राहगीरों, विशेषकर स्कूली बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं के लिए परेशानी खड़ी कर दी है, जो आए दिन फिसलकर चोटिल हो रहे हैं। भीषण गर्मी और उमस के इस मौसम में सड़क पर जमा गंदे पानी के कारण मच्छरों का प्रकोप काफी बढ़ गया है, जिससे ग्रामीणों में डेंगू और मलेरिया जैसी गंभीर बीमारियों के फैलने का बड़ा खतरा सता रहा है। सफाई व्यवस्था ठप होने से पखराना के ग्रामीणों का जीना दुश्वार हो गया है और वे इस प्रशासनिक अनदेखी से बेहद परेशान हैं।3