बलरामपुर जिले के हुसैनाबाद बाजार के आसपास स्थित कई गांवों में खेतों की सिंचाई के लिए बिजली के खंभों से सीधे तार जोड़कर मोटर चलाए जाने का मामला सामने आया है। यहां बिजली के खंभों से तार नीचे खींचकर महज 4 से 5 फीट की ऊंचाई पर कटिया के माध्यम से खेतों तक ले जाए जा रहे हैं। सबसे गंभीर बात यह है कि खेतों की सिंचाई के लिए बिछाए गए मोटर के ये तार कई स्थानों पर सड़क के ऊपर से होकर गुजर रहे हैं। स्थानीय लोगों ने गहरी चिंता व्यक्त करते हुए कहा है कि यदि किसी कारणवश ये तार टूट जाएं या इनमें करंट आ जाए, तो राहगीरों, बच्चों और पशुओं के साथ कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। ग्रामीणों के अनुसार, असुरक्षित और कथित अवैध कनेक्शनों का यह खेल लंबे समय से चल रहा है, जिससे क्षेत्र में हर समय दुर्घटना का खतरा बना रहता है। ग्रामीणों ने विद्युत विभाग की कार्यप्रणाली पर भी तीखे सवाल उठाए हैं। उन्होंने पूछा है कि जब विभाग समय-समय पर जांच अभियान चलाने का दावा करता है, तो ऐसे अवैध कनेक्शन अब तक कैसे संचालित हो रहे हैं। लोगों ने पूरे क्षेत्र में विशेष जांच अभियान चलाकर इन कनेक्शनों को तत्काल हटाने और दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई करने की मांग की है। इस पूरे मामले पर संबंधित विद्युत विभाग के अधिकारियों का पक्ष जानने का प्रयास किया जाएगा और प्रतिक्रिया मिलने पर उसे प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।
बलरामपुर जिले के हुसैनाबाद बाजार के आसपास स्थित कई गांवों में खेतों की सिंचाई के लिए बिजली के खंभों से सीधे तार जोड़कर मोटर चलाए जाने का मामला सामने आया है। यहां बिजली के खंभों से तार नीचे खींचकर महज 4 से 5 फीट की ऊंचाई पर कटिया के माध्यम से खेतों तक ले जाए जा रहे हैं। सबसे गंभीर बात यह है कि खेतों की सिंचाई के लिए बिछाए गए मोटर के ये तार कई स्थानों पर सड़क के ऊपर से होकर गुजर रहे हैं। स्थानीय लोगों ने गहरी चिंता व्यक्त करते हुए कहा है कि यदि किसी कारणवश ये तार टूट जाएं या इनमें करंट आ जाए, तो राहगीरों, बच्चों और पशुओं के साथ कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। ग्रामीणों के अनुसार, असुरक्षित और कथित अवैध कनेक्शनों का यह खेल लंबे समय से चल रहा है, जिससे क्षेत्र में हर समय दुर्घटना का खतरा बना रहता है। ग्रामीणों ने विद्युत विभाग की कार्यप्रणाली पर भी तीखे सवाल उठाए हैं। उन्होंने पूछा है कि जब विभाग समय-समय पर जांच अभियान चलाने का दावा करता है, तो ऐसे अवैध कनेक्शन अब तक कैसे संचालित हो रहे हैं। लोगों ने पूरे क्षेत्र में विशेष जांच अभियान चलाकर इन कनेक्शनों को तत्काल हटाने और दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई करने की मांग की है। इस पूरे मामले पर संबंधित विद्युत विभाग के अधिकारियों का पक्ष जानने का प्रयास किया जाएगा और प्रतिक्रिया मिलने पर उसे प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।
- बलरामपुर में पार्टी कार्यकर्ताओं ने भाजपा के क्षेत्रीय अध्यक्ष अवधेश द्विवेदी का स्वागत किया।1
- अयोध्या के हनुमान गढ़ी में नमाज के विवाद को लेकर पूर्व डीजीपी बृजलाल सामने आए हैं। इस पूरे विवाद पर पूर्व डीजीपी बृजलाल ने सबकी पोल खोल कर रख दी है।2
- उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कैराना, शामली और थानाभवन विधानसभा क्षेत्रों के लिए 581 करोड़ रुपये से अधिक लागत की 89 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इस दौरान एक विशाल जनसमूह को संबोधित करते हुए उन्होंने समाजवादी पार्टी और कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि पूर्व में जिन्ना के उपासक लोग डेमोग्राफी बदल रहे थे, जिसके कारण कैराना और कांधला से जबरन पलायन हो रहा था। उन्होंने स्थानीय नागरिकों को सचेत करते हुए कहा कि जिन्ना के इन अनुयायियों को जब भी मौका मिलेगा, वे जनता को क्षेत्र और जाति के नाम पर बांटेंगे, विकास कार्यों में लूट-खसोट करेंगे और बेटियों व व्यापारियों की सुरक्षा में सेंध लगाएंगे। मुख्यमंत्री ने शामली और कैराना के ऐतिहासिक व आध्यात्मिक महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि 5000 वर्ष पूर्व कुरुक्षेत्र के युद्ध से पहले भगवान श्रीकृष्ण ने यहां हनुमान टीले पर विश्राम कर पवित्र जल ग्रहण किया था। साथ ही, इस क्षेत्र ने 1857 के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम में ब्रिटिश हुकूमत की नींव हिला दी थी और कैराना घराने के पंडित भीमसेन जोशी ने शास्त्रीय संगीत को नई ऊंचाई दी थी। उन्होंने बताया कि 10 साल पहले आतंक और भय का प्रतीक रहा शामली अब दिल्ली-देहरादून, शामली-अंबाला और गोरखपुर-शामली एक्सप्रेसवे का संगम बन चुका है। आने वाले समय में 750 किलोमीटर लंबा गोरखपुर-शामली इकोनॉमिक कॉरिडोर इस क्षेत्र को गोरखपुर और सिलीगुड़ी तक जोड़ेगा, जिसकी कुल दूरी करीब 1100-1200 किलोमीटर होगी। पूर्व में जहां लोग बिजली के लिए तरसते थे, आज शामली 400 केवीए विद्युत स्टेशन के माध्यम से पूरे पश्चिमी उत्तर प्रदेश को रोशन कर रहा है। उत्तर प्रदेश में चीनी मिलों की स्थिति पर प्रकाश डालते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि साल 2007 से 2017 के बीच पिछली सरकारों के कार्यकाल में 29 चीनी मिलें बंद हुई थीं और 21 मिलों को औने-पौने दामों पर बेच दिया गया था। वर्ष 2017 में पूर्व मंत्री सुरेश राणा द्वारा इस स्थिति को सुधारने का बीड़ा उठाने के बाद आज राज्य में 122 चीनी मिलें सफलतापूर्वक संचालित हो रही हैं और किसानों को गन्ना मूल्य के रूप में ₹400 प्रति क्विंटल का भुगतान समय पर मिल रहा है। इसी प्रगति के चलते उत्तर प्रदेश चीनी, गन्ना और एथेनॉल के उत्पादन में देश में नंबर एक स्थान पर पहुंच गया है। उन्होंने चौधरी चरण सिंह के सपनों का जिक्र करते हुए कहा कि डबल इंजन सरकार किसानों और युवाओं के हित में लगातार काम कर रही है। सुरक्षा और रोजगार पर बात करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि अब अपराधियों को स्पष्ट संदेश है कि हिमाकत करने पर उन्हें केवल जेल या जहन्नुम में ही जगह मिलेगी। उन्होंने सैफई के नौकरी सिंडिकेट पर निशाना साधते हुए कहा कि अब कोई भी युवाओं के अधिकारों को नहीं छीन सकता और शामली व मुजफ्फरनगर के युवाओं को बिना किसी भेदभाव के सरकारी नौकरियां मिल रही हैं। उन्होंने विपक्ष पर कटाक्ष किया कि जो लोग 2017 से पहले जय श्रीराम बोलने पर लाठियां और गोलियां चलाते थे, कांवड़ यात्रा और श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के आयोजनों को रोकते थे, वे आज किस मुंह से आस्था की बात कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि शामली में प्रदेश का पहला एकीकृत निजी टेक्सटाइल पार्क बनने जा रहा है, जिससे लगभग 8,000 युवाओं को रोजगार के नए अवसर प्राप्त होंगे। आगामी कांवड़ यात्रा को लेकर मुख्यमंत्री ने कांवड़ संघों से अनुशासन और धैर्य बनाए रखने की अपील की। उन्होंने सचेत किया कि यात्रा में किसी भी तरह का हुड़दंग स्वीकार नहीं किया जाएगा और यदि कोई उपद्रवी तत्व माहौल खराब करने की कोशिश करे, तो उसे तुरंत कान पकड़कर बाहर कर देना चाहिए। कार्यक्रम के दौरान उन्होंने खराब स्वास्थ्य के बावजूद कार्यक्रम में उपस्थित रहे शामली के विधायक प्रसन्न चौधरी की सराहना की और अस्वस्थ होने के कारण अनुपस्थित रहे थानाभवन के विधायक अरशद अली के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की। उन्होंने पिछली सरकारों पर तंज कसते हुए कहा कि पहले दोपहर 12 बजे सोकर उठने वाले लोग माफिया के सामने नाक रगड़ते थे, जबकि वर्तमान सरकार भोर में 4 बजे से ही जनहित के कार्यों में जुट जाती है।1
- बलरामपुर जिले के हुसैनाबाद बाजार के आसपास स्थित कई गांवों में खेतों की सिंचाई के लिए बिजली के खंभों से सीधे तार जोड़कर मोटर चलाए जाने का मामला सामने आया है। यहां बिजली के खंभों से तार नीचे खींचकर महज 4 से 5 फीट की ऊंचाई पर कटिया के माध्यम से खेतों तक ले जाए जा रहे हैं। सबसे गंभीर बात यह है कि खेतों की सिंचाई के लिए बिछाए गए मोटर के ये तार कई स्थानों पर सड़क के ऊपर से होकर गुजर रहे हैं। स्थानीय लोगों ने गहरी चिंता व्यक्त करते हुए कहा है कि यदि किसी कारणवश ये तार टूट जाएं या इनमें करंट आ जाए, तो राहगीरों, बच्चों और पशुओं के साथ कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। ग्रामीणों के अनुसार, असुरक्षित और कथित अवैध कनेक्शनों का यह खेल लंबे समय से चल रहा है, जिससे क्षेत्र में हर समय दुर्घटना का खतरा बना रहता है। ग्रामीणों ने विद्युत विभाग की कार्यप्रणाली पर भी तीखे सवाल उठाए हैं। उन्होंने पूछा है कि जब विभाग समय-समय पर जांच अभियान चलाने का दावा करता है, तो ऐसे अवैध कनेक्शन अब तक कैसे संचालित हो रहे हैं। लोगों ने पूरे क्षेत्र में विशेष जांच अभियान चलाकर इन कनेक्शनों को तत्काल हटाने और दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई करने की मांग की है। इस पूरे मामले पर संबंधित विद्युत विभाग के अधिकारियों का पक्ष जानने का प्रयास किया जाएगा और प्रतिक्रिया मिलने पर उसे प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।1
- उत्तर प्रदेश के बलरामपुर जिले के अजबनगर में एक दंपती के साथ मारपीट किए जाने का मामला सामने आया है। इस संबंध में दो नामजद लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।1
- उत्तर प्रदेश के कौशाम्बी जिले में एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां 7 बच्चों की मां अपनी बेटी के ससुर यानी अपने समधी राकेश के साथ फरार हो गई है। बताया जा रहा है कि महिला की बेटी की शादी महज 3 महीने पहले ही राकेश के बेटे से हुई थी। शादी के बाद से ही राकेश का अपने बेटे की ससुराल में आना-जाना लगा रहता था। इस घटना के बाद महिला के पति इंद्रजीत ने पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई है। पीड़ित पति ने पुलिस से गुहार लगाते हुए अपनी पत्नी को समधी राकेश के चंगुल से वापस छुड़ाने की मांग की है।1
- श्रावस्ती के थाना इकौना क्षेत्र के ग्राम मनोहरपुर में आबादी की भूमि पर कब्जेदारी को लेकर दो पक्ष आमने-सामने आ गए। इस विवाद के दौरान दोनों पक्षों के बीच मारपीट हो गई। मारपीट का यह वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।1