रजौली गांव में बड़े पैमाने पर जुए की फड़ सजने की चर्चा, ग्रामीणों में आक्रोश लखनऊ। राजधानी लखनऊ के गुडंबा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले रजौली गांव में इन दिनों बड़े पैमाने पर जुए की फड़ सजने की चर्चा जोरों पर है। 👇 लखनऊ: रजौली गांव में बड़े पैमाने पर जुए की फड़ सजने की चर्चा, ग्रामीणों में आक्रोश लखनऊ। राजधानी लखनऊ के गुडंबा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले रजौली गांव में इन दिनों बड़े पैमाने पर जुए की फड़ सजने की चर्चा जोरों पर है। ग्रामीणों का आरोप है कि गांव में रोजाना हजारों रुपये का जुआ खेला जा रहा है, जिससे इलाके का माहौल खराब हो रहा है और स्थानीय लोगों में भारी नाराजगी देखी जा रही है। ग्रामीणों के मुताबिक, रजौली गांव में लंबे समय से जुए का खेल खुलेआम संचालित होने की चर्चा है। बताया जा रहा है कि यहां रोज शाम होते ही जुआरियों का जमावड़ा लगना शुरू हो जाता है और देर रात तक हजारों रुपये का दांव लगाया जाता है। इस कथित अवैध गतिविधि से गांव के जिम्मेदार और जागरूक लोगों में रोष बढ़ता जा रहा है। सिपाही के संरक्षण में चलने का आरोप ग्रामीणों ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि बेहटा चौकी में तैनात एक सिपाही के संरक्षण में यह पूरा खेल संचालित हो रहा है। चर्चा है कि उक्त सिपाही के साथ चौकी में पहले रह चुका एक युवक मिलकर जुए की फड़ सजवा रहा है और पूरे नेटवर्क को संचालित करने में भूमिका निभा रहा है। हालांकि इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि अभी तक नहीं हुई है, लेकिन गांव में इसको लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते इस पर कार्रवाई नहीं हुई, तो इससे क्षेत्र में अपराध और असामाजिक गतिविधियों को बढ़ावा मिल सकता है। चौकी इंचार्ज की छवि पर भी उठे सवाल ग्रामीणों का कहना है कि इस तरह की चर्चाओं से बेहटा चौकी के ईमानदार छवि वाले चौकी इंचार्ज की साख पर भी असर पड़ रहा है। लोगों का मानना है कि यदि चौकी स्तर पर निगरानी और सख्ती हो, तो ऐसी अवैध गतिविधियों पर आसानी से रोक लगाई जा सकती है। इंस्पेक्टर गुडंबा से सख्त कार्रवाई की उम्मीद ग्रामीणों ने उम्मीद जताई है कि मामले की भनक लगते ही इंस्पेक्टर गुडंबा पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराएंगे और यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो जुए के इस कथित खेल पर लगाम लगाने के साथ-साथ जिम्मेदार लोगों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल, रजौली गांव में जुए की फड़ को लेकर उठ रही चर्चाओं ने पुलिस महकमे की कार्यशैली पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना होगा कि गुडंबा पुलिस इस मामले को कितनी गंभीरता से लेती है और ग्रामीणों की शिकायतों पर क्या कार्रवाई होती है। छोटा सोशल मीडिया कैप्शन / पोस्टर लाइन “गुडंबा के रजौली गांव में जुए की फड़ सजने की चर्चा, ग्रामीणों ने बेहटा चौकी के सिपाही पर संरक्षण का लगाया आरोप… अब इंस्पेक्टर गुडंबा से कार्रवाई की उम्मीद!”
रजौली गांव में बड़े पैमाने पर जुए की फड़ सजने की चर्चा, ग्रामीणों में आक्रोश लखनऊ। राजधानी लखनऊ के गुडंबा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले रजौली गांव में इन दिनों बड़े पैमाने पर जुए की फड़ सजने की चर्चा जोरों पर है। 👇 लखनऊ: रजौली गांव में बड़े पैमाने पर जुए की फड़ सजने की चर्चा, ग्रामीणों में आक्रोश लखनऊ। राजधानी लखनऊ के गुडंबा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले रजौली गांव में इन दिनों बड़े पैमाने पर जुए की फड़ सजने की चर्चा जोरों पर है। ग्रामीणों का आरोप है कि गांव में रोजाना हजारों रुपये का जुआ खेला जा रहा है, जिससे इलाके का माहौल खराब हो रहा है और स्थानीय लोगों में भारी नाराजगी देखी जा रही है। ग्रामीणों के मुताबिक, रजौली गांव में लंबे समय से जुए का खेल खुलेआम संचालित होने की चर्चा है। बताया जा रहा है कि यहां रोज शाम होते ही जुआरियों का जमावड़ा लगना शुरू हो जाता है और देर रात तक हजारों रुपये का दांव लगाया जाता है। इस कथित अवैध गतिविधि से गांव के जिम्मेदार और जागरूक लोगों में रोष बढ़ता जा रहा है। सिपाही के संरक्षण में चलने का आरोप ग्रामीणों ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि बेहटा चौकी में तैनात एक सिपाही के संरक्षण में यह पूरा खेल संचालित हो रहा है। चर्चा है कि उक्त सिपाही के साथ चौकी में पहले रह चुका एक युवक मिलकर जुए की फड़ सजवा रहा है और पूरे नेटवर्क को संचालित करने में भूमिका निभा रहा है। हालांकि इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि अभी तक नहीं हुई है, लेकिन गांव में इसको लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते इस पर कार्रवाई नहीं हुई, तो इससे क्षेत्र में अपराध और असामाजिक गतिविधियों को बढ़ावा मिल सकता है। चौकी इंचार्ज की छवि पर भी उठे सवाल ग्रामीणों का कहना है कि इस तरह की चर्चाओं से बेहटा चौकी के ईमानदार छवि वाले चौकी इंचार्ज की साख पर भी असर पड़ रहा है। लोगों का मानना है कि यदि चौकी स्तर पर निगरानी और सख्ती हो, तो ऐसी अवैध गतिविधियों पर आसानी से रोक लगाई जा सकती है। इंस्पेक्टर गुडंबा से सख्त कार्रवाई की उम्मीद ग्रामीणों ने उम्मीद जताई है कि मामले की भनक लगते ही इंस्पेक्टर गुडंबा पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराएंगे और यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो जुए के इस कथित खेल पर लगाम लगाने के साथ-साथ जिम्मेदार लोगों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल, रजौली गांव में जुए की फड़ को लेकर उठ रही चर्चाओं ने पुलिस महकमे की कार्यशैली पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना होगा कि गुडंबा पुलिस इस मामले को कितनी गंभीरता से लेती है और ग्रामीणों की शिकायतों पर क्या कार्रवाई होती है। छोटा सोशल मीडिया कैप्शन / पोस्टर लाइन “गुडंबा के रजौली गांव में जुए की फड़ सजने की चर्चा, ग्रामीणों ने बेहटा चौकी के सिपाही पर संरक्षण का लगाया आरोप… अब इंस्पेक्टर गुडंबा से कार्रवाई की उम्मीद!”
- हज़रतगंज में सिविल अस्पताल के सामने दरोगा जी पूरी रात खुलवाते चाय की दुकानें और लगता अराजकतत्त्वों का जमावड़ा। आरोप कि दुकानों से वसूली लेकर चल रहा दरोगा जी का खेल। वहीं ख़ुद दोषपूर्ण नंबर प्लेट लगी बाइक पर सवार दरोगा जी पढ़ा रहे जनता को क़ानून का पाठ। सूत्रों की मानें तो नशे में धुत होकर पार्क रोड पर ये दरोगा जी रोजाना रात को ड्यूटी पर काटते हंगामा और लोगों को करते परेशान। लड़खड़ाती आवाज में लोगों को कबूतर उड़ा देने की धमकी देते दरोगा की आवाज नशे में होने का दे रही प्रमाण।1
- 👇 लखनऊ: रजौली गांव में बड़े पैमाने पर जुए की फड़ सजने की चर्चा, ग्रामीणों में आक्रोश लखनऊ। राजधानी लखनऊ के गुडंबा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले रजौली गांव में इन दिनों बड़े पैमाने पर जुए की फड़ सजने की चर्चा जोरों पर है। ग्रामीणों का आरोप है कि गांव में रोजाना हजारों रुपये का जुआ खेला जा रहा है, जिससे इलाके का माहौल खराब हो रहा है और स्थानीय लोगों में भारी नाराजगी देखी जा रही है। ग्रामीणों के मुताबिक, रजौली गांव में लंबे समय से जुए का खेल खुलेआम संचालित होने की चर्चा है। बताया जा रहा है कि यहां रोज शाम होते ही जुआरियों का जमावड़ा लगना शुरू हो जाता है और देर रात तक हजारों रुपये का दांव लगाया जाता है। इस कथित अवैध गतिविधि से गांव के जिम्मेदार और जागरूक लोगों में रोष बढ़ता जा रहा है। सिपाही के संरक्षण में चलने का आरोप ग्रामीणों ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि बेहटा चौकी में तैनात एक सिपाही के संरक्षण में यह पूरा खेल संचालित हो रहा है। चर्चा है कि उक्त सिपाही के साथ चौकी में पहले रह चुका एक युवक मिलकर जुए की फड़ सजवा रहा है और पूरे नेटवर्क को संचालित करने में भूमिका निभा रहा है। हालांकि इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि अभी तक नहीं हुई है, लेकिन गांव में इसको लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते इस पर कार्रवाई नहीं हुई, तो इससे क्षेत्र में अपराध और असामाजिक गतिविधियों को बढ़ावा मिल सकता है। चौकी इंचार्ज की छवि पर भी उठे सवाल ग्रामीणों का कहना है कि इस तरह की चर्चाओं से बेहटा चौकी के ईमानदार छवि वाले चौकी इंचार्ज की साख पर भी असर पड़ रहा है। लोगों का मानना है कि यदि चौकी स्तर पर निगरानी और सख्ती हो, तो ऐसी अवैध गतिविधियों पर आसानी से रोक लगाई जा सकती है। इंस्पेक्टर गुडंबा से सख्त कार्रवाई की उम्मीद ग्रामीणों ने उम्मीद जताई है कि मामले की भनक लगते ही इंस्पेक्टर गुडंबा पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराएंगे और यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो जुए के इस कथित खेल पर लगाम लगाने के साथ-साथ जिम्मेदार लोगों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल, रजौली गांव में जुए की फड़ को लेकर उठ रही चर्चाओं ने पुलिस महकमे की कार्यशैली पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना होगा कि गुडंबा पुलिस इस मामले को कितनी गंभीरता से लेती है और ग्रामीणों की शिकायतों पर क्या कार्रवाई होती है। छोटा सोशल मीडिया कैप्शन / पोस्टर लाइन “गुडंबा के रजौली गांव में जुए की फड़ सजने की चर्चा, ग्रामीणों ने बेहटा चौकी के सिपाही पर संरक्षण का लगाया आरोप… अब इंस्पेक्टर गुडंबा से कार्रवाई की उम्मीद!”1
- Basti Finite बस्ती से हैरान करने वाली खबर आई सामने, एक वशीकरण यात्रियों से भरी बस पर हमला करता दिखाई दे रहा है. युवक कमर से तमंचा निकालता है और ताबड़तोड़ गोलियां चलाकर फरार हो जाता है.1
- Post by Akhileshtrivedi Shashwat1
- लखनऊ, नवनीत ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशनस लखनऊ द्वारा देश की महान वीरांगनाओं के अद्वितीय साहस, त्याग और राष्ट्रभक्ति को नमन करने के उद्देश्य से 16 मार्च 2026 को एक दिवसीय राष्ट्रीय सम्मान समारोह का आयोजन अंतरराष्ट्रीय बौद्ध शोध संस्थान विपिन खंड लखनऊ में आयोजित किया जा रहा है। इस समारोह का उद्देश्य भारतीय इतिहास में महत्वपूर्ण योगदान देने वाली वीरांगनाओं की स्मृति को सहेजना तथा नई पीढ़ी को उनके आदर्शों से प्रेरित करना है। कार्यक्रम में स्वतंत्रता संग्राम और राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाली वीरांगनाओं के अदम्य साहस और बलिदान को श्रद्धापूर्वक स्मरण किया जाएगा। समारोह के दौरान उनके जीवन और योगदान पर प्रकाश डाला जाएगा तथा उनके आदर्शों को समाज में प्रसारित करने का संकल्प लिया जाएगा। इस सम्मान समारोह में देश प्रदेश की विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य करने वाली प्रतिभाओं को राष्ट्रीय सम्मान से सम्मानित किया जाएगा। इस कार्यक्रम के आयोजक प्रोफेसर अमरीक सिंह जिन्होंने 1977 में लखनऊ यूनिवर्सिटी में प्रवेश लिया बीएससी एमएससी केमिस्ट्री पीएचडी केमेस्ट्री से डिग्री प्राप्त करने के उपरांत लखनऊ विश्वविद्यालय के कांस्टीट्यूएंट कॉलेज इंस्टिट्यूट ऑफ इंजीनियर टेक्नोलॉजी में 35 वर्ष सेवा देने के उपरांत 2020 से निरंतर कुलपति हैं उनके कार्यों की प्रशंसा रचनात्मक कार्यों की प्रशंसा होती रहती है। लखनऊ विश्वविद्यालय के अपने मित्रों तथा पूर्व छात्र संघ के पदाधिकारी का सम्मान करने का निर्णय उनकी पहल पर ही हो रहा है। के इस समारोह में देश की ग्यारह वीरांगनाओं के नाम से सम्मान दिए जाएंगे और लखनऊ विश्वविद्यालय के पूर्व छात्र संघ अध्यक्षों की स्मृति में अवार्ड प्रदान किए जाएंगे। महान वीरांगना जिनकी स्मृति में यह सम्मान में यह अवार्ड दिया जाएगा, ऐसी वीरांगनाओं को रेखांकित करने का उल्लेखनीय प्रयास नवनीत ग्रुप ऑफ़ इंस्टिट्यूशन द्वारा किया जा रहा है। इस श्रेणी के अंतर्गत रानी लक्ष्मीबाई मेमोरियल नेशनल अवार्ड, रानी पद्मावती मेमोरियल नेशनल अवार्ड, रानी दुर्गाक्ती मेमोरियल नेशनल अवार्ड, रजिया सुल्ताना मेमोरियल नेशनल अवार्ड, बेगम हजरत महल मेमोरियल नेशनल अवार्ड, हाड़ी रानी मेमोरियल नेशनल अवार्ड, वेलू नचियार मेमोरियल नेशनल अवार्ड, रानी अवंती बाई मेमोरियल नेशनल अवार्ड, पत्रा धाय मेमोरियल नेशनल अवार्ड, रानी चिन्नम्मा मेमोरियल नेशनल अवार्ड, रानी अहिल्याबाई होल्कर मेमोरियल नेशनल अवार्ड सहित कुल 11 अवार्ड प्रदान किए जाएंगे। साथ ही लखनऊ विश्वविद्यालय के पूर्व छात्र संघ अध्यक्षों की स्मृति में कुंवर रामवीर सिंह मेमोरियल नेशनल अवार्ड, अतुल अनजान मेमोरियल नेशनल अवार्ड, बेन सिंह मेमोरियल नेशनल अवार्ड, इंद्रदेव सिंह मेमोरियल नेशनल अवार्ड, डीपी बोरा मेमोरियल नेशनल अवार्ड, समरपाल सिंह मेमोरियल नेशनल अवार्ड, रविंद्र सिंह मेमोरियल नेशनल अवार्ड, सत्यदेव त्रिपाठी मेमोरियल नेशनल अवार्ड, रोबिन मित्रा मेमोरियल नेशनल अवार्ड, राम अवतार दीक्षित मेमोरियल नेशनल अवार्ड, प्रोफेसर हरकिशन अवस्थी मेमोरियल नेशनल अवार्ड, ओंकार भारती बाबा मेमोरियल नेशनल अवार्ड, ब्रह्मा बक्श सिंह मेमोरियल नेशनल अवार्ड, डॉक्टर जगदीश गांधी मेमोरियल नेशनल अवार्ड सहित कुल 13 अवार्ड प्रदान किए जाएंगे। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथि के रूप में श्री कलराज मिश्र जी, पूर्व गवर्नर राजस्थान, दयाशंकर, मंत्री उत्तर प्रदेश सरकार, विंग कमांडर वंदना चौधरी, पूर्व सांसद राजेश मिश्रा जी, कल्याण कैंसर इंस्टिट्यूट के निदेशक एमएलबी भट्ट, अमिटी यूनिवर्सिटी के वाइस चांसलर आरएस तोमर जी (ग्वालियर), डीआरडीओ के पूर्व महानिदेशक डॉक्टर सुधीर मिश्रा जी, पोलुशन बोर्ड के एडवाइजर प्रोफेसर एचबी सिंह, पूर्व कुलपति प्रोफेसर वीके सिंह, पूर्व कुलपति प्रोफेसर डीपी तिवारी, पूर्व कुलपति प्रोफेसर अमरीक सिंह, पूर्व कुलपति प्रोफेसर एएस विद्यार्थी शिरकत करेंगे। कार्यक्रम के संयोजक और विशेष अतिथि के रूप में लखनऊ विश्वविद्यालय के पूर्व अध्यक्ष सरोज तिवारी, मनोज तिवारी, राजेश जैसवाल, प्रोफेसर नीरज जैन, लखनऊ विश्वविद्यालय के पूर्व अध्यक्ष रमेश श्रीवास्तव, पूर्व अध्यक्ष अनिल सिंह, राणा प्रताप इंटर कॉलेज के श्री अनिल सिंह और मनोज दीक्षित शिरकत करेंगे। नवनीत ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस के संस्थापक अध्यक्ष प्रो. अमरीक सिंह ने बताया कि यह समारोह केवल सम्मान का कार्यक्रम नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति और इतिहास में महिलाओं के योगदान को व्यापक रूप से पहचान दिलाने का एक प्रयास है। इस कार्यक्रम के माध्यम से यह संदेश दिया जाएगा कि राष्ट्र की उन्नति में महिलाओं की भूमिका सदैव महत्वपूर्ण रही है और उनकी प्रेरणा से समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाया जा सकता है। कार्यक्रम में देशभर से शिक्षाविद, सामाजिक कार्यकर्ता, छात्र-छात्राएं तथा गणमान्य नागरिक भाग लेंगे। इस अवसर पर विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाली महिलाओं को राष्ट्रीय अवार्ड प्रदान कर उनको सम्मानित किया जाएगा। साथ ही इतिहासकारों, शिक्षाविदों और सामाजिक कार्यकर्ताओं द्वारा वीरांगनाओं के जीवन से जुड़े प्रेरक प्रसंगों को साझा किया जाएगा, जिससे युवा पीढ़ी में देशभक्ति, साहस और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना मजबूत हो सके।1
- पुलिस के मुताबिक गिरोह डेटिंग ऐप पर लोगों से संपर्क कर उन्हें मिलने के बहाने कमरे या घर पर बुलाता था। वहां पहले से मौजूद सदस्य पीड़ित का वीडियो बनाकर उसे वायरल करने और नाबालिग से जुड़े केस में फंसाने की धमकी देते थे। इसके बाद आरोपी क्यूआर कोड के जरिए ऑनलाइन पैसे ट्रांसफर कराते और नकदी, मोबाइल समेत कीमती सामान भी लूट लेते थे। गिरफ्तार आरोपियों में खालिद अहमद, देवकरण सिंह, आकाश पांडेय और सुभाष रावत उर्फ गोलू शामिल हैं। पुलिस ने इनके पास से 4 मोबाइल फोन, 3 मोटरसाइकिल और करीब 19,999 रुपये के ऑनलाइन ट्रांजेक्शन से जुड़े विवरण बरामद किए हैं। फरार आरोपियों की तलाश में पुलिस की टीमें दबिश दे रही हैं। एडीसीपी उत्तरी ऋषभ रुणवाल ने बताया की डेटिंग एप ग्राइंडर, पोलो व अन्य और कई ऐप के जरिए ब्लैकमेलिंग करने वाले गैंग का पर्दाफाश किया गया है, गैंग के अन्य सदस्यों की भी तलाश जारी है।1
- गुलाबी गुब्बारे, बैनर और ढोल-नगाड़ों के साथ परिवार ने मनाई बेटी के जन्म की खुशी। बेटी के जन्म पर जोरदार जश्न, समाज में सकारात्मक संदेश दे रहा परिवार। “बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ” के संदेश को रियल लाइफ में दिखाता लखनऊ का यह जश्न। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो, बेटी के जन्म पर जश्न देख लोग दे रहे बधाई।1
- लखनऊ में एक परिवार ने बेटी के जन्म को खास अंदाज़ में मनाया। अस्पताल से नवजात बेटी को घर ले जाते समय गाड़ियों का काफिला निकाला गया। ढोल-नगाड़ों और खुशियों के माहौल के बीच परिवार और रिश्तेदारों ने बेटी के जन्म का जश्न मनाया। सड़क पर गुजर रहे लोगों ने भी इस अनोखी खुशी को देखकर परिवार को बधाई दी। परिवार का कहना है कि बेटी घर की लक्ष्मी होती है, इसलिए उन्होंने बेटी के जन्म को किसी त्योहार से कम नहीं माना और खुशी का इज़हार काफिले के रूप में किया। 👆👆1