वेदांता पावर लिमिटेड के सक्ती थर्मल प्लांट ने अपनी सामुदायिक विकास पहल ‘सखी परियोजना’ के अंतर्गत महिला सशक्तिकरण के लिए एक महत्वपूर्ण प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू किया है। इस पहल के तहत ग्राम पंचायत ओड़ेकेरा की 30 महिलाओं को ब्यूटी वेलनेस का तीन महीने का प्रशिक्षण दिया जा रहा है, जिससे उन्हें स्वयं का रोजगार स्थापित करने और विभिन्न शासकीय योजनाओं का लाभ लेने में मदद मिलेगी। इस उत्कृष्ट कदम के लिए महिलाओं ने वेदांता पावर को साधुवाद दिया है। ‘स्रोत’ नामक स्वयंसेवी संगठन के सहयोग से संचालित इस कार्यक्रम में महिलाओं को हेयर स्टायलिंग, मेकअप, हेयर स्पा, ब्लिचिंग, थ्रेडिंग और वैक्सिंग जैसे ब्यूटी वेलनेस के गुर सिखाए जा रहे हैं। प्रशिक्षु चंद्रकुमारी राठिया, पद्मा राठिया और विजया चौहान ने बताया कि इससे अपने पैरों पर खड़े होने की इच्छुक महिलाओं में आत्मविश्वास का संचार हुआ है और वे अपने परिवार को मजबूत बनाने में योगदान कर सकेंगी। प्रशिक्षुओं ने इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के लिए वेदांता पावर के प्रति आभार व्यक्त किया, वहीं ओड़ेकेरा की पूर्व सरपंच नान कुंवर राठिया ने महिलाओं में प्रशिक्षण के प्रति उत्साह और गांव में ही आजीविका प्राप्त करने की क्षमता पर जोर दिया। ‘सखी परियोजना’ के तहत ब्यूटी वेलनेस प्रशिक्षण के अतिरिक्त, सिंघीतराई, निमोही और ओड़ेकेरा सहित तीन ग्राम पंचायतों में सिलाई प्रशिक्षण केंद्र भी संचालित किए जा रहे हैं, जिनसे लगभग 120 महिलाएं लाभान्वित हो रही हैं। वेदांता पावर का लक्ष्य सामुदायिक विकास कार्यक्रमों के माध्यम से अपने प्रचालन क्षेत्रों के नागरिकों की हरसंभव मदद करना है, ताकि वे अधिक सशक्त बनकर क्षेत्रीय विकास में योगदान दे सकें।
वेदांता पावर लिमिटेड के सक्ती थर्मल प्लांट ने अपनी सामुदायिक विकास पहल ‘सखी परियोजना’ के अंतर्गत महिला सशक्तिकरण के लिए एक महत्वपूर्ण प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू किया है। इस पहल के तहत ग्राम पंचायत ओड़ेकेरा की 30 महिलाओं को ब्यूटी वेलनेस का तीन महीने का प्रशिक्षण दिया जा रहा है, जिससे उन्हें स्वयं का रोजगार स्थापित करने और विभिन्न शासकीय योजनाओं का लाभ लेने में मदद मिलेगी। इस उत्कृष्ट कदम के लिए महिलाओं ने वेदांता पावर को साधुवाद दिया है। ‘स्रोत’ नामक स्वयंसेवी संगठन के सहयोग से संचालित इस कार्यक्रम में महिलाओं को हेयर स्टायलिंग, मेकअप, हेयर स्पा, ब्लिचिंग, थ्रेडिंग और वैक्सिंग जैसे ब्यूटी वेलनेस के गुर सिखाए जा रहे हैं। प्रशिक्षु चंद्रकुमारी राठिया, पद्मा राठिया और विजया चौहान ने बताया कि इससे अपने पैरों पर खड़े होने की इच्छुक महिलाओं में आत्मविश्वास का संचार हुआ है और वे अपने परिवार को मजबूत बनाने में योगदान कर सकेंगी। प्रशिक्षुओं ने इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के लिए वेदांता पावर के प्रति आभार व्यक्त किया, वहीं ओड़ेकेरा की पूर्व सरपंच नान कुंवर राठिया ने महिलाओं में प्रशिक्षण के प्रति उत्साह और गांव में ही आजीविका प्राप्त करने की क्षमता पर जोर दिया। ‘सखी परियोजना’ के तहत ब्यूटी वेलनेस प्रशिक्षण के अतिरिक्त, सिंघीतराई, निमोही और ओड़ेकेरा सहित तीन ग्राम पंचायतों में सिलाई प्रशिक्षण केंद्र भी संचालित किए जा रहे हैं, जिनसे लगभग 120 महिलाएं लाभान्वित हो रही हैं। वेदांता पावर का लक्ष्य सामुदायिक विकास कार्यक्रमों के माध्यम से अपने प्रचालन क्षेत्रों के नागरिकों की हरसंभव मदद करना है, ताकि वे अधिक सशक्त बनकर क्षेत्रीय विकास में योगदान दे सकें।
- रायगढ़ में एक सूने मकान से ₹90,000 के जेवरात की चोरी हो गई है। चोरों ने अलमारी का ताला तोड़कर इस वारदात को अंजाम दिया, जब मकान मालिक का परिवार बिलासपुर गया हुआ था। इस संबंध में पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली है।1
- बिलासपुर जिले में अवैध जुआ-सट्टा और संगठित सट्टेबाजी के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत तोरवा पुलिस ने लगातार दूसरे दिन बड़ी कार्रवाई की है। इस अभियान के तहत सट्टा नेटवर्क से जुड़े चार आदतन सटोरियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से तीन मोबाइल फोन जब्त किए गए हैं। पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (शहर) पंकज कुमार पटेल और नगर पुलिस अधीक्षक गगन कुमार के मार्गदर्शन तथा थाना प्रभारी निरीक्षक रजनीश सिंह के नेतृत्व में यह कार्रवाई संपन्न हुई। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान दीपक रामनानी (53), अजहर जुननानी (50), सुधीर बोले (56) और शुभम पांडे (30) के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, सभी आरोपी पूर्व से जुआ-सट्टा के मामलों में शामिल रहे हैं और लंबे समय से अवैध सट्टेबाजी के कारोबार से जुड़े हुए थे। हाल ही में सट्टा सरगना किशन चंद समेत चार अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद विवेचना में मिले सुरागों के आधार पर इन चार सटोरियों को पकड़ा गया है। सभी आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम, 2022 की धारा 6 एवं 7 के साथ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 112 के तहत मामला दर्ज किया गया है। प्रारंभिक जांच में संगठित रूप से सट्टा संचालन के पर्याप्त साक्ष्य मिलने के कारण उनके विरुद्ध संगठित अपराध के प्रावधानों के तहत भी कार्रवाई की गई। इन सभी को न्यायालय में पेश करने के बाद न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि जिले में अवैध जुआ-सट्टा के खिलाफ यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।1
- लगातार हुई बारिश के कारण एक आदिवासी किसान का कच्चा मकान ढह गया। हालांकि, इस घटना में किसान बाल-बाल बच गया और कोई जनहानि नहीं हुई।1
- लैलूंगा तहसील से मुख्यमंत्री कौशल विकास योजना के तहत चल रहे एक प्रशिक्षण केंद्र में तानाशाही और मनमानी का एक गंभीर मामला सामने आया है। यहां 'आइकॉनिक कंप्यूटर एंड मल्टी एजुकेशन' नामक प्रशिक्षण केंद्र के संचालकों ने एक गरीब छात्रा को सिर्फ इसलिए जबरन बाहर का रास्ता दिखा दिया, क्योंकि उसने अपने भविष्य और रोजगार को लेकर सवाल पूछने की 'जुर्रत' की थी। पीड़िता ने अब इस अन्याय के खिलाफ अनुविभागीय अधिकारी (SDM) लैलूंगा के समक्ष लिखित शिकायत दर्ज कराकर निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की गुहार लगाई है। ग्राम पंचायत नारायणपुर (मुकडेगा) की निवासी पीड़िता इस केंद्र से HHA (Home Health Aide) का प्रशिक्षण ले रही थी। पीड़िता का आरोप है कि जब भी वह प्रशिक्षण के दौरान नौकरी और HHA कोर्स के बाद रोजगार के अवसरों जैसे बुनियादी सवाल पूछती थी, तो संस्था संचालक और अध्यापिका भड़क जाते थे। हद तो तब हो गई जब संस्था संचालक ने लिखित कारण देने से साफ इनकार करते हुए कहा, "यह मेरी संस्था है, मैं लिखित प्रमाण नहीं दूंगा। जो करना है कर लो।" पीड़ित छात्रा के पास इस बदसलूकी की ऑडियो रिकॉर्डिंग भी मौजूद है। इसके बाद, छात्रा पर 'बार-बार एक ही प्रश्न पूछकर कक्षा का माहौल खराब करने' का झूठा आरोप लगाकर उसे निष्कासित कर दिया गया। शिकायत पत्र के अनुसार, 6 जुलाई को छात्रा किसी कारणवश केंद्र नहीं जा पाई थी, जिसकी सूचना उसने अध्यापिका को व्हाट्सएप पर दी थी। अगले दिन, 7 जुलाई को भारी बारिश के कारण उसकी बस छूट गई, जिसकी वजह से उसे केंद्र पहुँचने में देर हो रही थी। नारायणपुर से लैलूंगा केंद्र की दूरी लगभग 25 किलोमीटर है। छात्रा ने सुबह 8:28 बजे ही शिक्षिका को व्हाट्सएप पर देरी की सूचना दी, लेकिन अध्यापिका ने सुबह 9:00 बजे तक पहुंचने का कड़ा अल्टीमेटम दे दिया। इसके ठीक बाद, सुबह 9:51 बजे पीड़ित छात्रा के व्हाट्सएप पर एक संदेश आया कि "आपका दाखिला खारिज कर दिया गया है, अपनी यूनिफॉर्म केंद्र में जमा कर देना।" संस्था ने बिना कोई नोटिस दिए या पीड़िता को अपना पक्ष रखने का मौका दिए बिना सीधे तौर पर उसे निष्कासित कर दिया, जो नियमों की धज्जियां उड़ाने जैसा है। संस्था ने नियम का हवाला देते हुए कहा कि प्रशिक्षणार्थी महीने में केवल 3 दिन का अवकाश ले सकता है और छात्रा ने नियमों का उल्लंघन किया है। जबकि पीड़िता के अनुसार, जुलाई माह में यह उसका मात्र दूसरा अवकाश था। संस्था संचालक और स्टाफ के इस अड़ियल और गैर-जिम्मेदाराना रवैये से परेशान होकर पीड़िता ने 8 जुलाई 2026 को एसडीएम लैलूंगा के पास शिकायत पत्र दर्ज कराया है। उसने एसडीएम से पूरे प्रकरण की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच कराने, संस्था की तानाशाहीपूर्ण कार्रवाई की वैधता जांचने, उसका भविष्य बर्बाद होने से बचाने के लिए उसे पुनः प्रशिक्षण में प्रवेश दिलाने और दोषी पाए जाने पर इस निरंकुश प्रशिक्षण संस्था के खिलाफ नियमानुसार सख्त से सख्त दंडात्मक कार्रवाई करने की मांग की है। इस घटना ने एक बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है कि मुख्यमंत्री कौशल विकास योजना का उद्देश्य युवाओं को आत्मनिर्भर बनाना है या इन रसूखदार निजी संस्था संचालकों की जेबें भरना। अब देखना यह होगा कि लैलूंगा प्रशासन इस गंभीर शिकायत पर क्या ऐक्शन लेता है।4
- बिलासपुर जिले में दरगाह इंतजामिया कमेटी लूथरा शरीफ ने एक जनसेवा पहल के तहत दरगाह शरीफ से मुख्य सड़क तक नाली की साफ-सफाई का कार्य संपन्न कराया। इस कार्य के माध्यम से कमेटी ने यह महत्वपूर्ण संदेश दिया कि साफ-सफाई और स्वच्छता हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। साथ ही, समिति ने लोगों से अपने आसपास के वातावरण को स्वच्छ बनाए रखने में सहयोग करने का भी आह्वान किया।4
- छत्तीसगढ़ के रायगढ़ में संत जेवियर्स स्कूल के बाहर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। ABVP ने स्कूल में धर्म परिवर्तन का आरोप लगाते हुए यह प्रदर्शन किया। संगठन ने अपनी मांगों में हाउसों के नाम बदलने और इस पूरे मामले की गहन जांच कराने की मांग की है।1
- बिलासपुर जिले में अपराध, गुंडागर्दी और चाकूबाजी पर लगाम कसने के लिए पुलिस ने एक विशेष सघन अभियान चलाया है। पुलिस उपमहानिरीक्षक और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के सीधे निर्देशन में चलाए गए इस अभियान के तहत, आदतन गुंडा-बदमाशों, चाकूबाजों और आपराधिक प्रवृत्ति के संदिग्धों के ठिकानों पर एक साथ दबिश दी गई। इस व्यापक कार्रवाई के दौरान कुल 90 संदिग्ध व्यक्तियों को हिरासत में लेकर उनका सत्यापन और पूछताछ की गई। जांच पूरी होने के बाद, 76 आदतन गुंडा-बदमाशों और चाकूबाजों के खिलाफ भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 126 और 135(3) के तहत प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की गई है। इसके अतिरिक्त, 12 व्यक्तियों को धारा 170 BNSS के तहत न्यायालय में पेश किया गया, जिसके बाद उन्हें जेल भेज दिया गया। अभियान के दौरान, पुलिस ने दो आरोपियों के कब्जे से अवैध धारदार हथियार भी बरामद किए, जिनके खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत अलग-अलग मामले दर्ज कर कानूनी कार्रवाई अमल में लाई गई। पुलिस अधिकारियों ने जिले के सभी चिन्हित असामाजिक तत्वों, निगरानी बदमाशों और चाकूबाजों को सख्त चेतावनी जारी की है। उन्हें साफ तौर पर कहा गया है कि भविष्य में किसी भी प्रकार की आपराधिक गतिविधि, मारपीट, अवैध हथियार रखने या कानून-व्यवस्था भंग करने का प्रयास करने पर कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी, जिसमें आवश्यकता पड़ने पर जिला बदर और अन्य निरोधात्मक प्रावधानों के तहत भी कार्रवाई शामिल होगी। बिलासपुर पुलिस ने स्पष्ट किया है कि जिले में अपराध, गुंडागर्दी और असामाजिक गतिविधियों को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। साथ ही, आम नागरिकों से अपील की गई है कि ऐसे तत्वों के बारे में तत्काल पुलिस को सूचना दें, और सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।1
- छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले के हार्दीबाजार स्थित एक हाई स्कूल में चौकीदार ने फांसी लगाकर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली है। चौकीदार द्वारा यह आत्मघाती कदम उठाए जाने के कारणों का अभी तक पता नहीं चल पाया है।1
- बिलासपुर के सकरी क्षेत्र में लगातार हो रही बिजली कटौती के खिलाफ व्यापारी संघ ने आज 'सकरी बंद' का आह्वान किया है। इस आह्वान के तहत, आज बाजार और सभी व्यापारिक प्रतिष्ठान बंद रहेंगे। व्यापारी संघ ने बिजली आपूर्ति में सुधार की अपनी मांग को लेकर बिजली कार्यालय का घेराव करने का भी निर्णय लिया है। व्यापारियों का कहना है कि क्षेत्र में अनियमित बिजली कटौती से न केवल व्यापार बुरी तरह प्रभावित हो रहा है, बल्कि आम जनजीवन भी बाधित हो गया है। इस स्थिति के मद्देनज़र, लोगों से अपील की गई है कि वे अपने आवश्यक कार्यों को पहले ही निपटा लें।1