भीलवाड़ा के नेहरू रोड स्थित महेश छात्रावास में रविवार को आरोग्य भारती चित्तौड़ प्रांत की प्रांतीय बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में संगठन की आगामी कार्ययोजना, स्वास्थ्य जागरूकता अभियान, संगठन विस्तार और विभिन्न सेवा प्रकल्पों को लेकर गहन विचार-विमर्श किया गया। कार्यक्रम में आरोग्य भारती के आरोग्य मित्र योजना के अखिल भारतीय प्रमुख और राजस्थान व उत्तर क्षेत्र के संयोजक संजीवन कुमार की विशेष गरिमामयी उपस्थिति रही। बैठक को संबोधित करते हुए संजीवन कुमार ने कहा कि आरोग्य भारती का मुख्य ध्येय केवल बीमारियों का इलाज करना ही नहीं, बल्कि स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा देकर एक स्वस्थ समाज और स्वस्थ राष्ट्र का निर्माण करना है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से योग, मधुमेह प्रबंधन, गर्भ संस्कार, घरेलू उपचार, संतुलित आहार, स्वस्थ दिनचर्या, नशा मुक्ति और आरोग्य मित्र प्रशिक्षण जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर समाज में प्रभावी जनचेतना जगाने का आह्वान किया। इन स्वास्थ्य संबंधी जानकारियों और सेवाओं को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के लिए जिला, विभाग और प्रांत स्तर पर कार्यकर्ताओं की टोलियां बनाकर योजनाबद्ध तरीके से अभियान चलाए जाएंगे। बैठक के दौरान प्रांत संरक्षक डॉ. डी.एल. कष्ट, प्रांत अध्यक्ष राधेश्याम चेचानी और प्रांत सचिव कैलाश सोमानी ने भी संगठन की आगामी योजनाओं पर अपनी बात रखी। उन्होंने कार्यकर्ताओं को सेवा, संस्कार और स्वास्थ्य के क्षेत्र में अधिक सक्रिय भागीदारी निभाने को कहा और विभिन्न कार्यक्रमों की जिम्मेदारियां सौंपीं। कार्यक्रम का समापन सभी कार्यकर्ताओं द्वारा स्वस्थ समाज और स्वस्थ राष्ट्र के निर्माण के संकल्प के साथ हुआ, जिसमें आरोग्य भारती के सेवा कार्यों को जन-जन तक पहुंचाने का प्रण लिया गया।
भीलवाड़ा के नेहरू रोड स्थित महेश छात्रावास में रविवार को आरोग्य भारती चित्तौड़ प्रांत की प्रांतीय बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में संगठन की आगामी कार्ययोजना, स्वास्थ्य जागरूकता अभियान, संगठन विस्तार और विभिन्न सेवा प्रकल्पों को लेकर गहन विचार-विमर्श किया गया। कार्यक्रम में आरोग्य भारती के आरोग्य मित्र योजना के अखिल भारतीय प्रमुख और राजस्थान व उत्तर क्षेत्र के संयोजक संजीवन कुमार की विशेष गरिमामयी उपस्थिति रही। बैठक को संबोधित करते हुए संजीवन कुमार ने कहा कि आरोग्य भारती का मुख्य ध्येय केवल बीमारियों का इलाज करना ही नहीं, बल्कि स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा देकर एक स्वस्थ समाज और स्वस्थ राष्ट्र का निर्माण करना है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से योग, मधुमेह प्रबंधन, गर्भ संस्कार, घरेलू उपचार, संतुलित आहार, स्वस्थ दिनचर्या, नशा मुक्ति और आरोग्य मित्र प्रशिक्षण जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर समाज में प्रभावी जनचेतना जगाने का आह्वान किया। इन स्वास्थ्य संबंधी जानकारियों और सेवाओं को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के लिए जिला, विभाग और प्रांत स्तर पर कार्यकर्ताओं की टोलियां बनाकर योजनाबद्ध तरीके से अभियान चलाए जाएंगे। बैठक के दौरान प्रांत संरक्षक डॉ. डी.एल. कष्ट, प्रांत अध्यक्ष राधेश्याम चेचानी और प्रांत सचिव कैलाश सोमानी ने भी संगठन की आगामी योजनाओं पर अपनी बात रखी। उन्होंने कार्यकर्ताओं को सेवा, संस्कार और स्वास्थ्य के क्षेत्र में अधिक सक्रिय भागीदारी निभाने को कहा और विभिन्न कार्यक्रमों की जिम्मेदारियां सौंपीं। कार्यक्रम का समापन सभी कार्यकर्ताओं द्वारा स्वस्थ समाज और स्वस्थ राष्ट्र के निर्माण के संकल्प के साथ हुआ, जिसमें आरोग्य भारती के सेवा कार्यों को जन-जन तक पहुंचाने का प्रण लिया गया।
- भीलवाड़ा में सड़क दुर्घटनाओं में जान गंवाने वाले लोगों को महामृत्युंजय मंत्र जाप के साथ श्रद्धांजलि देने के लिए एक विशेष हवन कार्यक्रम आयोजित किया गया। यह कार्यक्रम रविवार, 12 जुलाई को अंतर्राष्ट्रीय माहेश्वरी कपल क्लब भारत के राष्ट्रीय कार्यालय गीता भवन सभागार में आयोजित हुआ। इस श्रद्धांजलि हवन कार्यक्रम का आयोजन क्लब की राष्ट्रीय महासचिव श्रीमती अनिता डॉ. अशोक सोडाणी के नेतृत्व में किया गया। अंतर्राष्ट्रीय माहेश्वरी कपल क्लब भारत द्वारा वर्ष 2004 से लगातार सड़क दुर्घटनाओं को रोकने और लोगों में जागरूकता फैलाने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। विशेष रूप से साल 2016 से क्लब अपनी देश भर में फैली 133 जिला शाखाओं के माध्यम से आम लोगों और विशेषकर युवाओं को सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक कर रहा है। इसके लिए क्लब द्वारा क्विज प्रतियोगिताएं, स्लोगन प्रतियोगिताएं, रैलियां, स्टेज शो, सड़क सुरक्षा के क्षेत्र में काम करने वाले लोगों और संस्थाओं का सम्मान, रिफ्लेक्टर वितरण और हवन जैसे विभिन्न कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं। इस अवसर पर राष्ट्रीय महासचिव ने कहा कि इन सभी प्रकल्पों के पीछे मुख्य उद्देश्य लोगों को यह समझाना है कि बढ़ती सड़क दुर्घटनाएं हमारे देश के लिए एक बहुत बड़ी समस्या हैं। इन दुर्घटनाओं पर नियंत्रण पाने के लिए समाज के हर व्यक्ति को सामूहिक रूप से अपने-अपने स्तर पर प्रयास करने ही होंगे।2
- भीलवाड़ा के एमजी अस्पताल में प्रसूताओं की मौत होने के मामले को लेकर एक जांच समिति का गठन किया गया है। यह समिति अस्पताल में हुई प्रसूता मौतों के मामले की जांच करेगी।1
- राजस्थान के भीलवाड़ा का सबसे बड़ा महात्मा गांधी अस्पताल इस समय प्रसूताओं की लगातार मौतों को लेकर गंभीर सवालों के घेरे में आ गया है। इस अस्पताल में पिछले महज एक सप्ताह के भीतर ही 5 प्रसूताओं की मौत हो चुकी है। इन मौतों के बीच, अस्पताल के ऑपरेशन थियेटर (ओटी) की सैम्पलिंग रिपोर्ट में खतरनाक बैक्टीरिया पॉजिटिव पाया गया है, जिससे पूरे स्वास्थ्य महकमे में हड़कंप मच गया है। ओटी में खतरनाक बैक्टीरिया मिलने के बाद अब अस्पताल प्रशासन की संक्रमण नियंत्रण व्यवस्था और साफ-सफाई पर बड़े सवाल खड़े हो रहे हैं। यह गंभीर आशंका जताई जा रही है कि विभाग द्वारा स्टरलाइजेशन और डिसइंफेक्शन में बरती गई लापरवाही ही इन प्रसूताओं के लिए जानलेवा साबित हुई है। फिलहाल, प्रसूताओं की हुई मौतों और ओटी में मिले बैक्टीरिया के बीच सीधे संबंध की जांच की जा रही है।1
- राजस्थान में सरकारी रिकॉर्ड से 'दलित' शब्द को हटाने के आदेश पर एक बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। इस सरकारी फैसले को लेकर राज्य में लगातार यह सवाल उठाया जा रहा है कि आखिर इस आदेश पर इतना बवाल क्यों मचा हुआ है। इस पूरे घटनाक्रम के बीच पुलिस कार्रवाई की भी बात सामने आ रही है, जिसने इस विवाद को और अधिक हवा दे दी है।1
- चित्तौड़गढ़ के धनेतकलां में सांस संबंधी बीमारियों से पीड़ित रोगियों के लिए निःशुल्क आयुर्वेदिक दवा उपलब्ध है। इस दवा को प्राप्त करने के लिए मरीज के परिवार का कोई भी सदस्य केवल आवश्यक सामग्री अपने साथ लेकर धनेतकलां पहुंच सकता है और दवा प्राप्त कर सकता है।1
- भीलवाड़ा के आसींद कस्बे में अखिल भारतीय जैन तेरापंथ महिला मंडल के तत्वाधान में स्थानीय तेरापंथ महिला मंडल द्वारा दो दिवसीय 'श्री उत्सव प्रदर्शनी' का आयोजन किया गया। इस विशेष कार्यक्रम के माध्यम से जिले भर से आईं समाज की महिलाओं ने विभिन्न प्रकार की स्टॉल लगाईं। इन स्टॉल के जरिए महिलाओं ने 'उन्नत भारत विकसित भारत' की राह पर आगे बढ़ते हुए महिला आत्मनिर्भरता का एक बेहद मजबूत और सकारात्मक संदेश दिया है।4
- चित्तौड़गढ़ जिले की डूंगला तहसील के तहत आने वाली बढ़वाई पंचायत के चकतिया बावजी गांव में 24 फीट का स्वीकृत रास्ता बंद कर दिया गया है। इस समस्या को लेकर ग्रामीणों द्वारा शिकायत किए जाने के बावजूद उनकी कोई सुनवाई नहीं की जा रही है और उनकी आवाज को पूरी तरह से अनसुना किया जा रहा है।2
- चित्तौड़गढ़ के ग्राम नाल में खेत की रखवाली कर रहे किसान के पास 12 फीट लंबा अजगर पहुंच गया, जिसके बाद वन विभाग ने अजगर का सुरक्षित रेस्क्यू किया और उसे बस्सी अभयारण्य में छोड़ दिया।1