खंडवा कब्र मे डालने की बात कहने वाले रेंजर ने जताया अफ़सोस कब्र में डालने की बात कहने वाले रेंजर ने जताया अफसोस” 😳 खंडवा विवाद में नया मोड़, आदिवासियों से जमीन पर कब्जा लेने गए अफसर की खुली धमकी-सपोर्ट करो वरना तुम्हारी यहीं कब्र खोद दूंगा, सब देखते रह जाएगें खंडवा (रिपोर्ट रामचंद्र कासडे): मध्य प्रदेश के खंडवा में वन विभाग की जमीन पर कब्जा लेने की कार्रवाई के दौरान जमकर हंगामा मच गया। आदिवासियों का कहना था कि चार पीढ़ियों से खेती कर रहे हैं , लेकिन बेवजह हमें हटाया जा रहा है। इस दौरान फॉरेस्ट अफसर और आदिवासी आमने-सामने आ गए। इसी तनातनी के बीच वन अफसर ने धमकी दी कि सपोर्ट करो, वरना यहीं तुम्हारी कब्र खोदूंगा। पूरे गांव वाले देखते रह जाएंगे, इसलिए जैसा कह रहे हैं, वैसा करो। मामला मांधाता विधानसभा क्षेत्र के ग्राम नरलाय का है मामला मांधाता विधानसभा क्षेत्र के ग्राम नरलाय का है। यहां प्रशासन की टीम अवैध कब्जा हटाने पहुंची। गांव से लगी करीब 23 एकड़ राजस्व जमीन चार साल पहले वन विभाग को हैंडओवर की गई थी। सुपुर्दगी के लिए पत्राचार के बाद मौके पर कब्जा लेने पहुंचे तो अतिक्रमण मिला। यहां 15 से 20 परिवार लंबे समय से रह रहे हैं। ये लोग 85 एकड़ सरकारी जमीन पर खेती करते आ रहे हैं। वन विभाग ने राजस्व अधिकारियों के सामने अतिक्रमण हटाने की शर्त रखी। इसी कार्रवाई के लिए टीम मौके पर पहुंची। शनिवार को आदिवासी और वन अफसर आमने-सामने हुए। कार्रवाई जारी है।आदिवासी बोले- 80 साल हो गए, यहीं खेती करते हैं। आदिवासी भील परिवार के भैयालाल, ओमप्रकाश, पंचम, जोगिया, अजय बारे और अरुण ने बताया कि पहले जमीन राजस्व विभाग की थी, अब वन विभाग वाले अपनी बता रहे हैं। हमारा चार पीढ़ियों से इस जमीन पर कब्जा है। 80 साल हो गए, यहीं रहते हैं और खेती करते हैं। हम लोगों ने आज तक किसी से कोई विवाद नहीं किया। ना हमसे ग्रामीणों को आपत्ति है। यह जमीन बंजर थी, एक पौधा भी नहीं लगा हुआ था। हमने इसे खेत बनाकर सिंचित किया था। अब वन विभाग, राजस्व अधिकारी और पुलिस वाले आ गए। महज 4 घंटे में हमारी बस्ती को उजाड़ दिया। फॉरेस्ट रेंजर बोले- ज्यादा फालतू बात मत करो कब्जा कार्रवाई का वीडियो भी सामने आया। इसमें खंडवा फॉरेस्ट विभाग के रेंजर शंकर सिंह चौहान आदिवासियों से कहते दिखे कि, ज्यादा फालतू बात मत करो। हम सपोर्ट कर रहे हैं तो सपोर्ट लो, वरना यहीं तुम्हारी कब्र खोद दूंगा और गांव वाले देखते रह जाएंगे। कार्रवाई के दौरान डिप्टी कलेक्टर ममता चौहान, पुनासा तहसीलदार, पटवारी और बड़ी संख्या में वनकर्मी मौजूद रहे। जेसीबी से 10 झोपड़ियां तोड़ी गईं। जमीन पर कंटूर ट्रेंच खोदे गए। बारिश के बाद पौधारोपण की बात कही गई है। रेंजर का दावा- पत्थर उठाकर मारने आया था युवक कब्र खोदने की बात पर रेंजर शंकर सिंह चौहान ने कहा कि वहां दो लड़के उत्पात मचा रहे थे। स्टाफ को गालियां दीं और महिला अफसर के सामने अश्लील बातें कीं। हमने समझाया कि जमीन पर अतिक्रमण है, इसलिए हटाया जा रहा है और सपोर्ट करो। इसी दौरान एक लड़का पत्थर लेकर दौड़ा। आवेश में ऐसी बातें निकल गईं। यह जमीन ओंकारेश्वर के ओंकार पर्वत पर बन रहे अद्वैत लोक के बदले 2022 में वन विभाग को मिली थी। जहां आदिगुरु शंकराचार्य की प्रतिमा और अद्वैत लोक बन रहा है, वह संरक्षित वन भूमि थी। इसके बदले शासन ने ग्राम नरलाय की 9.36 हेक्टेयर (करीब 23 एकड़) राजस्व जमीन दी। इसका आवंटन सामान्य वनमंडल को किया गया है। यह जमीन ओंकारेश्वर के ओंकार पर्वत पर बन रहे अद्वैत लोक के बदले 2022 में वन विभाग को मिली थी। जहां आदिगुरु शंकराचार्य की प्रतिमा और अद्वैत लोक बन रहा है, वह संरक्षित वन भूमि थी। इसके बदले शासन ने ग्राम नरलाय की 9.36 हेक्टेयर (करीब 23 एकड़) राजस्व जमीन दी। इसका आवंटन सामान्य वनमंडल को किया गया है।
खंडवा कब्र मे डालने की बात कहने वाले रेंजर ने जताया अफ़सोस कब्र में डालने की बात कहने वाले रेंजर ने जताया अफसोस” 😳 खंडवा विवाद में नया मोड़, आदिवासियों से जमीन पर कब्जा लेने गए अफसर की खुली धमकी-सपोर्ट करो वरना तुम्हारी यहीं कब्र खोद दूंगा, सब देखते रह जाएगें खंडवा (रिपोर्ट रामचंद्र कासडे): मध्य प्रदेश के खंडवा में वन विभाग की जमीन पर कब्जा लेने की कार्रवाई के दौरान जमकर हंगामा मच गया। आदिवासियों का कहना था कि चार पीढ़ियों से खेती कर रहे हैं , लेकिन बेवजह हमें हटाया जा रहा है। इस दौरान फॉरेस्ट अफसर और आदिवासी आमने-सामने आ गए। इसी तनातनी के बीच वन अफसर ने धमकी दी कि सपोर्ट करो, वरना यहीं तुम्हारी कब्र खोदूंगा। पूरे गांव वाले देखते रह जाएंगे, इसलिए जैसा कह रहे हैं, वैसा करो। मामला मांधाता विधानसभा क्षेत्र के ग्राम नरलाय का है मामला मांधाता विधानसभा क्षेत्र के ग्राम नरलाय का है। यहां प्रशासन की टीम अवैध कब्जा हटाने पहुंची। गांव से लगी करीब 23 एकड़ राजस्व जमीन चार साल पहले वन विभाग को हैंडओवर की गई थी। सुपुर्दगी के लिए पत्राचार के बाद मौके पर कब्जा लेने पहुंचे तो अतिक्रमण मिला। यहां 15 से 20 परिवार लंबे समय से रह रहे हैं। ये लोग 85 एकड़ सरकारी जमीन पर खेती करते आ रहे हैं। वन विभाग ने राजस्व अधिकारियों के सामने अतिक्रमण हटाने की शर्त रखी। इसी कार्रवाई के लिए टीम मौके पर पहुंची। शनिवार को आदिवासी और वन अफसर आमने-सामने हुए। कार्रवाई जारी है।आदिवासी बोले- 80 साल हो गए, यहीं खेती करते हैं। आदिवासी भील परिवार के भैयालाल, ओमप्रकाश, पंचम, जोगिया, अजय बारे और अरुण ने बताया कि पहले जमीन राजस्व विभाग की थी, अब वन विभाग वाले अपनी बता रहे हैं। हमारा चार पीढ़ियों से इस जमीन पर कब्जा है। 80 साल हो गए, यहीं रहते हैं और खेती करते हैं। हम लोगों ने आज तक किसी से कोई विवाद नहीं किया। ना हमसे ग्रामीणों को आपत्ति है। यह जमीन बंजर थी, एक पौधा भी नहीं लगा हुआ था। हमने इसे खेत बनाकर सिंचित किया था। अब वन विभाग, राजस्व अधिकारी और पुलिस वाले आ गए। महज 4 घंटे में हमारी बस्ती को उजाड़ दिया। फॉरेस्ट रेंजर बोले- ज्यादा फालतू बात मत करो कब्जा कार्रवाई का वीडियो भी सामने आया। इसमें खंडवा फॉरेस्ट विभाग के रेंजर शंकर सिंह चौहान आदिवासियों से कहते दिखे कि, ज्यादा फालतू बात मत करो। हम सपोर्ट कर रहे हैं तो सपोर्ट लो, वरना यहीं तुम्हारी कब्र खोद दूंगा और गांव वाले देखते रह जाएंगे। कार्रवाई के दौरान डिप्टी कलेक्टर ममता चौहान, पुनासा तहसीलदार, पटवारी और बड़ी संख्या में वनकर्मी मौजूद रहे। जेसीबी से 10 झोपड़ियां तोड़ी गईं। जमीन पर कंटूर ट्रेंच खोदे गए। बारिश के बाद पौधारोपण की बात कही गई है। रेंजर का दावा- पत्थर उठाकर मारने आया था युवक कब्र खोदने की बात पर रेंजर शंकर सिंह चौहान ने कहा कि वहां दो लड़के उत्पात मचा रहे थे। स्टाफ को गालियां दीं और महिला अफसर के सामने अश्लील बातें कीं। हमने समझाया कि जमीन पर अतिक्रमण है, इसलिए हटाया जा रहा है और सपोर्ट करो। इसी दौरान एक लड़का पत्थर लेकर दौड़ा। आवेश में ऐसी बातें निकल गईं। यह जमीन ओंकारेश्वर के ओंकार पर्वत पर बन रहे अद्वैत लोक के बदले 2022 में वन विभाग को मिली थी। जहां आदिगुरु शंकराचार्य की प्रतिमा और अद्वैत लोक बन रहा है, वह संरक्षित वन भूमि थी। इसके बदले शासन ने ग्राम नरलाय की 9.36 हेक्टेयर (करीब 23 एकड़) राजस्व जमीन दी। इसका आवंटन सामान्य वनमंडल को किया गया है। यह जमीन ओंकारेश्वर के ओंकार पर्वत पर बन रहे अद्वैत लोक के बदले 2022 में वन विभाग को मिली थी। जहां आदिगुरु शंकराचार्य की प्रतिमा और अद्वैत लोक बन रहा है, वह संरक्षित वन भूमि थी। इसके बदले शासन ने ग्राम नरलाय की 9.36 हेक्टेयर (करीब 23 एकड़) राजस्व जमीन दी। इसका आवंटन सामान्य वनमंडल को किया गया है।
- खंडवा जिले के हरसूद थाना क्षेत्र में मजदूरी के विवाद में हुई हत्या के मामले में पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। घटना 8 अप्रैल 2026 की है, जब ग्राम बेडियाव में आरोपी गौरीशंकर यदुवंशी ने मजदूरी के गेहूं को लेकर विवाद में ब्रजलाल (40) को जातिसूचक शब्दों से अपमानित करते हुए चाकू मारकर घायल कर दिया था। गंभीर हालत में ब्रजलाल को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उपचार के दौरान 17 अप्रैल को उसकी मौत हो गई। मामले में पुलिस ने पहले से दर्ज प्रकरण में हत्या की धारा बढ़ाते हुए कार्रवाई तेज की। पुलिस अधीक्षक मनोज कुमार राय के निर्देशन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) राजेश रघुवंशी के मार्गदर्शन में एसडीओपी हरसूद लोकेन्द्र सिंह ठाकुर के नेतृत्व में टीम ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को 20 अप्रैल को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जिला जेल खंडवा भेज दिया गया। सराहनीय भूमिका: एसडीओपी लोकेन्द्र सिंह ठाकुर, थाना प्रभारी निरीक्षक राजकुमार राठौर, उपनिरीक्षक रमेश मोरे, चन्द्रशेखर काडे सहित पुलिस टीम के अन्य जवानों की अहम भूमिका रही।2
- शिवसेना जिला प्रमुख गणेश भावसार ने माँ हिंगलाज ने भगवान परशुराम के अहंकार तत्व को समाप्त कर उन्हें जीव मात्र की रक्षा का ज्ञान दिया,और उनमें जो बुद्धि का पुनर्जन्म हुआ उसकी बधाई।1
- तोल कांटे पर ‘खुली लूट’! बुरहानपुर मंडी में किसानों से अवैध वसूली, जिम्मेदार मौन। ₹20 की जगह ₹30 वसूली… किसान परेशान, अधिकारी कर रहे इनकार। बुरहानपुर जिले की रेणुका कृषि उपज मंडी में किसानों के साथ खुली लूट का मामला सामने आया है। यहां नियम के अनुसार तोल कांटे पर प्रति ट्रॉली ₹20 शुल्क निर्धारित है, लेकिन जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग नजर आ रही है। किसानों से ₹30 तक वसूले जा रहे हैं, यानी हर ट्रॉली पर ₹10 अतिरिक्त लेकर उनकी जेब पर सीधा वार किया जा रहा है। दिनभर में सैकड़ों ट्रॉलियों की आवक के चलते यह अवैध वसूली हजारों रुपए तक पहुंच रही है। जब हमारी टीम मौके पर पहुंची, तो मंडी की अव्यवस्थाएं साफ दिखाई दीं। तोल कांटे पर लंबी कतारें लगी थीं और किसान घंटों इंतजार करने को मजबूर थे। इस बीच उनसे तय शुल्क से ज्यादा राशि वसूली जा रही थी। नियमों के मुताबिक ₹20 प्रति ट्रॉली लिया जाना चाहिए, लेकिन अधिकांश किसानों से ₹30 लिए जाने की बात सामने आई। ग्राउंड रिपोर्टिंग के दौरान किसान अनीस और मोहम्मद ने खुलकर बताया कि उनसे ₹30 वसूले गए। उन्होंने यह भी कहा कि कई किसानों को सही शुल्क की जानकारी ही नहीं है, जिससे वे अनजाने में इस अवैध वसूली का शिकार हो रहे हैं। यह स्थिति किसानों की आर्थिक हालत पर अतिरिक्त बोझ डाल रही है। वहीं, जब इस पूरे मामले को लेकर मंडी सचिव भूपेंद्र सिंह सोलंकी से सवाल किया गया, तो उन्होंने इस तरह की किसी भी अतिरिक्त वसूली से साफ इनकार कर दिया। उनका कहना है कि मंडी में निर्धारित शुल्क ही लिया जा रहा है। लेकिन जमीनी हकीकत और किसानों के बयान इससे बिल्कुल उलट तस्वीर पेश कर रहे हैं। अब बड़ा सवाल यह उठता है कि अगर कोई अवैध वसूली नहीं हो रही, तो किसानों से ₹30 क्यों लिए जा रहे हैं? और अगर यह वसूली हो रही है, तो जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई कब होगी? फिलहाल किसान ठगे जा रहे हैं और सिस्टम खामोश नजर आ रहा है। ऐसे में प्रशासन की निष्क्रियता पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।1
- चितावद (संवाददाता: रविंद्र गोखले, 20 अप्रैल 2026): ग्राम चितावद में शराब दुकान से थोड़ी आगे सोमवार रात करीब 8 बजे एक दर्दनाक सड़क हादसा सामने आया। जानकारी के अनुसार तीन अज्ञात बाइक सवारों ने तेज रफ्तार में आकर एक बुजुर्ग महिला एवं पुरुष को टक्कर मार दी और मौके से फरार हो गए। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक हादसा इतना जोरदार था कि बाइक सवारों में से एक युवक घटनास्थल पर ही गिर गया, जबकि उसके साथी बाइक लेकर भाग निकले। हादसे में बुजुर्ग महिला और पुरुष गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद आसपास मौजूद राहगीरों ने तुरंत मदद करते हुए एम्बुलेंस को सूचना दी। घायलों को एम्बुलेंस की सहायता से शासकीय अस्पताल सनावद भेजा गया, जहां उनका उपचार जारी है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि शराब दुकान के आसपास सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई जाए और तेज रफ्तार वाहनों पर सख्ती से कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है और फरार बाइक सवारों की तलाश की जा रही है।1
- नाहरकोला में शादी समारोह बना खूनखराबे का मैदान: चाकूबाजी में 1 की मौत, 6 घायल, पुलिस पर भी हमला नर्मदापुरम जिले के शिवपुर थाना क्षेत्र के ग्राम नाहरकोला में रविवार रात एक शादी समारोह के दौरान मामूली विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। चाकूबाजी की इस घटना में एक युवक की मौत हो गई, जबकि 6 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद जब पुलिस आरोपियों को पकड़ने पहुंची तो उन पर भी हमला कर दिया गया, जिसमें एक आरक्षक बुरी तरह घायल हो गया। शराब के नशे में शुरू हुआ विवाद पुलिस के अनुसार, रामनारायण के भतीजे की शादी का कार्यक्रम चल रहा था। इसी दौरान आरोपी अमर सिंह कीर शराब के नशे में समारोह में पहुंचा। रामनारायण ने उसे खाना खाने के लिए कहा, लेकिन आरोपी ने नशे में अपमानजनक बातें करना शुरू कर दीं। भीड़ अधिक होने के कारण उसे वहां से भेज दिया गया। कुछ देर बाद आरोपी अमर सिंह अपने बेटे लोकेश कीर के साथ वापस लौटा। इस बार अमर सिंह के हाथ में डंडा और लोकेश के पास चाकू था। दोनों ने आते ही विवाद शुरू कर दिया। समझाने आए लोगों पर हमला जब दूल्हे के चाचा हरिनारायण ने उन्हें समझाने की कोशिश की तो लोकेश ने उन पर चाकू से हमला कर दिया। बीच-बचाव करने आए दौलत कीर, रामनारायण कीर, जय नारायण कीर और महिला क्षमा बाई सहित अन्य लोगों पर भी आरोपियों ने ताबड़तोड़ चाकू से वार किए। इस हमले में दौलत कीर गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी मौत हो गई। वहीं रामनारायण और जय नारायण सहित अन्य घायलों को इलाज के लिए जिला अस्पताल नर्मदापुरम रेफर किया गया है। पुलिस पर भी किया हमला घटना की सूचना मिलते ही थाना प्रभारी केएन रजक पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। आरोपियों को पकड़ने के दौरान जब पुलिस ने पीछा किया तो आरोपी ने आरक्षक ओम जाट पर भी चाकू से हमला कर दिया। आरक्षक ओम जाट के पेट, हाथ और पैर में कुल 9 जगह चाकू के वार लगे। गंभीर हालत में उन्हें सिवनी मालवा से नर्मदापुरम रेफर किया गया। डॉक्टरों के अनुसार उनकी हालत फिलहाल स्थिर है। आधी रात को मौके पर पहुंचे वरिष्ठ अधिकारी घटना की गंभीरता को देखते हुए देर रात पुलिस अधीक्षक सांई कृष्णा एस थोटा, एएसपी और एसडीओपी सहित भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा। एसपी ने अस्पताल जाकर घायल आरक्षक की स्थिति का जायजा लिया। आरोपियों की तलाश जारी एसपी सांई कृष्णा एस थोटा ने बताया कि बाप-बेटे के खिलाफ हत्या और हत्या के प्रयास के दो अलग-अलग मामले दर्ज किए गए हैं। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष टीम गठित कर दी गई है और उनकी तलाश जारी है। घटना में घायल महिला क्षमा बाई ने बताया कि डीजे बजने को लेकर आरोपी अमर सिंह गाली-गलौज कर रहा था। समझाने पर वह चला गया, लेकिन कुछ देर बाद अपने बेटे के साथ लौटकर चाकू से हमला कर दिया। इस हमले में उनके भाई की मौत हो गई।1
- डीडी एमपी न्यूज़ की खबर आप तक1
- Post by Ramchandra Kasde1
- स्वच्छता सर्वेक्षण कार्य में लीपापोती नगर पालिका परिषद है मौन.... खबर बैतूल मध्य प्रदेश से बैतूल नगर पालिका परिषद स्वच्छता सर्वेक्षण अभियान के तहत नगर को स्वच्छ एवं सुंदर बनाने हेतु विभिन्न प्रकार के कार्य चल रहे है। जिसमें से शहर के भीतर विभिन्न मार्ग से लगी दीवारों पर रंगरोगन और स्वच्छता का संदेश देती कलाकृतियां उकेरी जा रही है। साथ ही स्लोगन तथा स्वच्छता सर्वेक्षण का वर्ष भी अंकित किया जा रहा है। इस कार्य में लीपापोती नजर आ रही है एक ओर तो मुख्य मार्गो व शासकीय विभागों की दीवारों पर नया काम दिखाया जा रहा है ।वहीं अन्य मार्गो से लगी दीवारों पे बनी पुरानी पेंटिंग को ही नयी बताकर के उसमें अंकित दिनांक को मिटाकर नई दिनांक नया वर्ष एडिट कर लीपापोती की जा रही है।इस कारस्तानी की हकीगत जानने की कोशिश हमारी टीम ने की । जब पेंटर से जवाब मांगा तो उन्होंने हमे बताया कि हम तो मजदूर हैं हमे ये करने का ठेकेदार ने कहा हैं। और वहां से वे भाग खड़े हुए तब हमने ठेकेदार से संपर्क कर जवाब तलब किया तो उन्होंने नगर पालिका परिषद के अधिकारियों का हवाला देकर कहा कि ये उनके कहने से कर रहे है उन्होंने किसी भी अधिकारी का नाम नहीं लिया पर यह सब नगर पालिका परिषद की कार्य प्रणाली व आधिकारियों के कार्य पर प्रश्नचिन्ह है। की किस प्रकार पुराने कार्य को नया बताकर और ठेकेदार से मिलीभगत कर जिले की आम जनता का टैक्स का पैसा अपनी जेबों में भर रहे हैं। बता दे कि यह पुताई का यह ठेका गंजबासौदा की शर्मा आर्ट नामक फर्म को मिला है जो पिछले १५दिनों से दीवारों पे रंगरोगन का कार्य कर रहे हैं। यहां स्वच्छता सर्वेक्षण 2024 को मिटा कर 2025 कर दिया गया है साथ ही पुरानी ठेका कंपनी का नाम भी मिटा दिया गया हैबता दे की ठेकेदार शर्मा से जब हमने के उक्त विषय में बात करनी चाही तो वो हमें अपनी राजनीतिक पकड़ की धौंस दिखाने लगा। तथा इस मामले में नगर पालिका परिषद के जिम्मेदार लोग भी बात करने से कतराते नजर आए। खुले आम इस प्रकार की भ्रष्टाचारी मध्य प्रदेश की भाजपा सरकार के प्रदेशाध्यक्ष श्री हेमंत खंडेलवाल के गृह जिले में चल रही है। और इसपर कोई अंकुश नहीं है।4
- जिला स्तरीय कराटे चैंपियनशिप इंदौर के बड़ा नेहरू स्टेडियम में रखी गई वही दस्तक पब्लिक स्कूल के विद्यार्थियों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए 4 स्वर्ण पदक,(गोल्ड मेडल) एवं 2 रजत पदक (सिल्वर मेडल)1 कांस्य पदक ( ब्रॉन्ज मैडम( हासिल किए। विद्यालय की 9 वर्षीय अनाबिया खान एवं 12 वर्षीय शबनूर खान ने शानदार खेल का परिचय देते हुए स्वर्ण पदक (Gold Medal) हासिल किया इसके साथ ही अक्सा ज़िन्दरान ने रजत पदक (Silver Medal) प्राप्त कर विद्यालय का गौरव बढ़ाया। वहीं महम खान, शानदार प्रदर्शन करते हुए कांस्य पदक दस्तक पब्लिक स्कूल के डायरेक्टर श्री अबरार सर ने एवं विद्यालय के प्रिंसिपल श्री मजीद शेख़ ने सभी विजेताओं को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएँ दीं। प्रतियोगिता का शुभारंभ फ़ुनाकोशी शोतोकान कराटे एकेडमी के चीफ सिहान अशोक सेन , एवं श्री मोना लीसा, सीनियर रश्मि ,जी दीपक कर्दम,दस्तक पब्लिक स्कूल की ओर से सीनियर कोच फारुख शेख शाउपस्थित रहे।4