मैहर, मध्य प्रदेश की राजनीति में इन दिनों कांग्रेस के भीतर गहरा घमासान देखने को मिल रहा है। जिला कांग्रेस अध्यक्ष धर्मेश घई को कथित रूप से बदनाम करने से जुड़ा एक ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद यह मामला चर्चा का केंद्र बन गया है। चर्चाओं के अनुसार, नगर कांग्रेस अध्यक्ष प्रभात द्विवेदी (दद्दा) पर अपने ही जिलाध्यक्ष धर्मेश घई की छवि धूमिल करने की कोशिश करने के आरोप लगाए जा रहे हैं। हालांकि, वायरल ऑडियो की स्वतंत्र पुष्टि अभी तक नहीं हो सकी है। इस ऑडियो के सामने आने के बाद से कांग्रेस संगठन के भीतर हलचल तेज हो गई है। धर्मेश घई को मैहर विधानसभा क्षेत्र में एक सक्रिय, संघर्षशील और साफ-सुथरी छवि वाले नेता के तौर पर जाना जाता है, जिन्होंने विपरीत परिस्थितियों में भी पार्टी को मजबूती प्रदान की है और लगातार जनता के मुद्दे उठाए हैं। वायरल ऑडियो को लेकर पार्टी कार्यकर्ताओं के बीच भी नाराजगी देखी जा रही है; कई कार्यकर्ताओं का मानना है कि आपसी खींचतान से संगठन को नुकसान हो सकता है। राजनीतिक जानकारों का कहना है कि यदि यह मामला और आगे बढ़ता है, तो संगठन स्तर पर इसकी गंभीर समीक्षा की जा सकती है। फिलहाल, इस वायरल ऑडियो से जिले की राजनीति गर्माई हुई है और कांग्रेस की अंदरूनी कलह एक बार फिर खुलकर सामने आ गई है। आने वाले दिनों में पार्टी नेतृत्व इस पूरे मामले पर क्या रुख अपनाता है, इस पर सबकी निगाहें टिकी हुई हैं।
मैहर, मध्य प्रदेश की राजनीति में इन दिनों कांग्रेस के भीतर गहरा घमासान देखने को मिल रहा है। जिला कांग्रेस अध्यक्ष धर्मेश घई को कथित रूप से बदनाम करने से जुड़ा एक ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद यह मामला चर्चा का केंद्र बन गया है। चर्चाओं के अनुसार, नगर कांग्रेस अध्यक्ष प्रभात द्विवेदी (दद्दा) पर अपने ही जिलाध्यक्ष धर्मेश घई की छवि धूमिल करने की कोशिश करने के आरोप लगाए जा रहे हैं। हालांकि, वायरल ऑडियो की स्वतंत्र पुष्टि अभी तक नहीं हो सकी है। इस ऑडियो के सामने आने के बाद से कांग्रेस संगठन के भीतर हलचल तेज हो गई है। धर्मेश घई को मैहर विधानसभा क्षेत्र में एक सक्रिय, संघर्षशील और साफ-सुथरी छवि वाले नेता के तौर पर जाना जाता है, जिन्होंने विपरीत परिस्थितियों में भी पार्टी को मजबूती प्रदान की है और लगातार जनता के मुद्दे उठाए हैं। वायरल ऑडियो को लेकर पार्टी कार्यकर्ताओं के बीच भी नाराजगी देखी जा रही है; कई कार्यकर्ताओं का मानना है कि आपसी खींचतान से संगठन को नुकसान हो सकता है। राजनीतिक जानकारों का कहना है कि यदि यह मामला और आगे बढ़ता है, तो संगठन स्तर पर इसकी गंभीर समीक्षा की जा सकती है। फिलहाल, इस वायरल ऑडियो से जिले की राजनीति गर्माई हुई है और कांग्रेस की अंदरूनी कलह एक बार फिर खुलकर सामने आ गई है। आने वाले दिनों में पार्टी नेतृत्व इस पूरे मामले पर क्या रुख अपनाता है, इस पर सबकी निगाहें टिकी हुई हैं।
- कौन है सीवर लाइन परियोजना का मास्टर माइंड?कौन है सीवर लाइन परियोजना का मास्टर माइंड?कौन है सीवर लाइन परियोजना का मास्टर माइंड?कौन है सीवर लाइन परियोजना का मास्टर माइंड?कौन है सीवर लाइन परियोजना का मास्टर माइंड?1
- मैहर के ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं को सुदृढ़ करने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए, ग्राम पंचायत चौपड़ा के तहत आने वाले ग्राम सगमनिया में ₹65 लाख की लागत से नवनिर्मित उप स्वास्थ्य केंद्र का भव्य लोकार्पण किया गया है। मैहर के विधायक श्रीकांत चतुर्वेदी ने मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित होकर फीता काटा और इस अत्याधुनिक स्वास्थ्य भवन को जनता को समर्पित किया। इस लोकार्पण समारोह के साथ ही, विधायक ने क्षेत्र के विकास को गति प्रदान करते हुए कई नई सीसी रोड और नालियों के निर्माण कार्यों का भूमि पूजन भी किया। इस गरिमामयी कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथियों के रूप में जिला पंचायत सतना के अध्यक्ष श्री रामखेलावन कोल, जनपद पंचायत मैहर के सीईओ श्री अशोक तिवारी, स्वास्थ्य विभाग मैहर के बीएमओ डॉ. पीयूष पाण्डेय, और आशा कार्यकर्ता श्रीमती हेमा शुक्ला शामिल रहे, जिनकी उपस्थिति ने ग्रामीणों का उत्साह दोगुना कर दिया। अपने संबोधन में विधायक श्रीकांत चतुर्वेदी ने मैहर जिले में लगातार चल रहे विकास कार्यों का लेखा-जोखा जनता के सामने रखा। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि मैहर को हर क्षेत्र में 'अव्वल' बनाना उनका संकल्प है और जिले में विकास की 'बयार बह रही है'। विधायक ने जनता से शासन की योजनाओं और विकास कार्यों में सक्रिय सहयोग प्रदान करने का निवेदन किया, क्योंकि उनके अनुसार जनभागीदारी के बिना किसी भी बड़े बदलाव या विकास कार्य की पूर्णता और सफलता संभव नहीं है।4
- मैहर, मध्य प्रदेश की राजनीति में इन दिनों कांग्रेस के भीतर गहरा घमासान देखने को मिल रहा है। जिला कांग्रेस अध्यक्ष धर्मेश घई को कथित रूप से बदनाम करने से जुड़ा एक ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद यह मामला चर्चा का केंद्र बन गया है। चर्चाओं के अनुसार, नगर कांग्रेस अध्यक्ष प्रभात द्विवेदी (दद्दा) पर अपने ही जिलाध्यक्ष धर्मेश घई की छवि धूमिल करने की कोशिश करने के आरोप लगाए जा रहे हैं। हालांकि, वायरल ऑडियो की स्वतंत्र पुष्टि अभी तक नहीं हो सकी है। इस ऑडियो के सामने आने के बाद से कांग्रेस संगठन के भीतर हलचल तेज हो गई है। धर्मेश घई को मैहर विधानसभा क्षेत्र में एक सक्रिय, संघर्षशील और साफ-सुथरी छवि वाले नेता के तौर पर जाना जाता है, जिन्होंने विपरीत परिस्थितियों में भी पार्टी को मजबूती प्रदान की है और लगातार जनता के मुद्दे उठाए हैं। वायरल ऑडियो को लेकर पार्टी कार्यकर्ताओं के बीच भी नाराजगी देखी जा रही है; कई कार्यकर्ताओं का मानना है कि आपसी खींचतान से संगठन को नुकसान हो सकता है। राजनीतिक जानकारों का कहना है कि यदि यह मामला और आगे बढ़ता है, तो संगठन स्तर पर इसकी गंभीर समीक्षा की जा सकती है। फिलहाल, इस वायरल ऑडियो से जिले की राजनीति गर्माई हुई है और कांग्रेस की अंदरूनी कलह एक बार फिर खुलकर सामने आ गई है। आने वाले दिनों में पार्टी नेतृत्व इस पूरे मामले पर क्या रुख अपनाता है, इस पर सबकी निगाहें टिकी हुई हैं।1
- रीवा के एक नामचीन होटल से शुरू हुआ पारिवारिक और कानूनी विवाद अब बेहद गंभीर मोड़ पर पहुंच गया है, जो हाई-प्रोफाइल सरकारी अधिकारियों से जुड़ा होने के कारण पूरे इलाके में चर्चा का विषय बना हुआ है। रीवा के एक होटल के कमरे से शुरू हुआ यह हाई-प्रोफाइल ड्रामा अब कथित मारपीट के सीसीटीवी वीडियो, घरेलू हिंसा के गंभीर आरोपों और पुलिस थाने में चोरी की एफआईआर तक जा पहुंचा है। कांस्टेबल पत्नी भारती उपाध्याय ने अपने पति, जो वन विभाग में रेंजर के पद पर पदस्थ बृजेन्द्र पांडेय हैं, पर गंभीर आरोप लगाए हैं। भारती उपाध्याय का दावा है कि उन्होंने बीते 15 जून को अपने पति को रीवा के एक होटल के कमरे में किसी अन्य युवती के साथ रंगे हाथों पकड़ा था। महिला कांस्टेबल का आरोप है कि जब उन्होंने पति की इस हरकत का विरोध किया, तो रेंजर पति बृजेन्द्र पांडेय ने उनके साथ होटल के कमरे और परिसर में बेरहमी से मारपीट की। इस कथित मारपीट का एक सीसीटीवी फुटेज और वीडियो भी सामने आया है, जिसने इस पूरे मामले को और तूल दे दिया है। होटल के भीतर मचे इस बवाल के बाद मामला पूरी तरह कानूनी पेचीदगियों में उलझ गया है। पीड़ित कांस्टेबल पत्नी की शिकायत और सामने आए वीडियो के आधार पर घरेलू हिंसा के आरोपों के साथ-साथ चोरी की धाराओं में भी एफआईआर दर्ज की गई है। पुलिस फिलहाल इस पूरे मामले और वायरल वीडियो की बारीकी से जांच कर रही है।1
- रीवा संभाग के नवागत कमिश्नर शीलेंद्र सिंह ने रविवार रात माता शारदा नगरी मैहर पहुंचकर विधि-विधान से पूजन-दर्शन और आरती की। उन्होंने सरस्वती स्वरूप माता शारदा का आशीर्वाद प्राप्त किया और मंदिर प्रांगण का भ्रमण कर वहां की व्यवस्थाओं का भी जायजा लिया। इस अवसर पर मीडिया से चर्चा करते हुए कमिश्नर श्री सिंह ने अपनी प्राथमिकताओं पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि संभाग के सभी जिलों और ब्लॉकों का सर्वांगीण विकास उनकी मुख्य प्राथमिकता रहेगी। साथ ही, शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का बेहतर क्रियान्वयन सुनिश्चित करना और उनका सीधा लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना भी उनकी पहली प्राथमिकता होगी। कमिश्नर शीलेंद्र सिंह सोमवार, 22 जून को रीवा संभाग का विधिवत पदभार ग्रहण करेंगे। मैहर प्रवास के दौरान उनके साथ कलेक्टर विदिशा मुखर्जी, एसडीएम दिव्या पटेल, तहसीलदार जितेंद्र पटेल सहित शारदा देवी मंदिर प्रबंधन समिति के कर्मचारी उपस्थित थे।1
- मैहर रीवा संभाग के नवागत कमिश्नर शीलेंद्र सिंह रविवार रात प्रदेश के प्रमुख देवी धाम माता शारदा नगरी पहुंचे। कमिश्नर श्री सिंह ने मंदिर में विधि-विधान पूर्वक पूजन-दर्शन और आरती कर सरस्वती स्वरूप माता शारदा का आशीर्वाद लिया। इस दौरान उन्होंने मंदिर प्रांगण का भ्रमण भी किया और व्यवस्थाओं का जायजा लिया। मीडिया से चर्चा करते हुए, कमिश्नर शीलेंद्र सिंह ने कहा कि उनकी प्राथमिकता संभाग के सभी जिलों और ब्लॉकों का सर्वांगीण विकास सुनिश्चित करना होगी। उन्होंने ज़ोर दिया कि शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का बेहतर क्रियान्वयन हो और उनका सीधा लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे, यह उनकी पहली प्राथमिकता है। राजस्व कमिश्नर शीलेंद्र सिंह सोमवार, 22 जून को रीवा संभाग का पदभार ग्रहण करेंगे। कमिश्नर के मैहर प्रवास के दौरान कलेक्टर विदिशा मुखर्जी, एसडीएम दिव्या पटेल, तहसीलदार जितेंद्र पटेल सहित शारदा देवी मंदिर प्रबंधन समिति के कर्मचारी उपस्थित रहे।1
- सतना जिले के मैहर क्षेत्र में अवैध शराब का कारोबार ग्रामीण इलाकों में मजबूती से फैल चुका है, जिससे युवाओं को शराब की लत लग रही है। इस अवैध धंधे के पीछे मुख्य रूप से भाटिया शराब कंपनी के मैनेजर संतोष सिंह का नाम सुर्खियों में है। मा शारदा की धार्मिक नगरी के रूप में जाने जाने वाले मैहर में यह व्यापार न केवल कानूनी व्यवस्था के लिए चुनौती बना हुआ है, बल्कि समाज के लिए भी हानिकारक है। इस अवैध कार्य को आबकारी विभाग अधिकारी विजय सिंह की कथित मिलीभगत के चलते बढ़ावा मिल रहा है। यह स्थिति तब है जब प्रदेश के मुखिया डॉ. मोहन यादव ने अवैध शराब पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया था। विडंबना यह है कि मैहर के नेताओं का उसी रास्ते से आना-जाना होता है जहाँ संतोष सिंह द्वारा अवैध टीन शेड के नीचे शराब बेची जाती है, जिससे यह सवाल उठता है कि क्या नेताओं या प्रशासन की भी इस मामले में सहमति है? अब देखने वाली बात यह होगी कि नवागत जिला कलेक्टर इस अवैध धंधे पर अंकुश लगाने के लिए क्या ठोस कदम उठाते हैं। ऐसे में, जिला प्रशासन की जिम्मेदारी बनती है कि वह इस अवैध व्यापार को जड़ से खत्म करने के लिए त्वरित और कठोर कार्यवाही करे, क्योंकि गांव-गांव में फैला भाटिया का शराब युवाओं को नशे की लत लगा रहा है।1
- मैहर सिविल अस्पताल की वर्तमान स्थिति को लेकर गंभीर चिंता व्यक्त की गई है। इस संबंध में यह सवाल बार-बार उठाया जा रहा है कि अस्पताल के हालात आखिर कब सुधरेंगे, जो कि इसकी बदहाली की ओर इशारा करता है।1