पीलीभीत के सेहरामऊ उत्तरी थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम गढ़वा खेड़ा और आसपास के इलाकों में तेंदुए की लगातार मौजूदगी की आशंका से ग्रामीणों में भारी दहशत का माहौल है। शुक्रवार की रात करीब 9:30 बजे पूरनपुर से अपने घर लौट रहे ग्राम गोरा निवासी अरबाज बेग ने गढ़वा खेड़ा लिंक रोड पर एक तेंदुए को खेत के किनारे देखा और अपने मोबाइल से उसका वीडियो बना लिया। सोशल मीडिया पर यह वीडियो तेजी से वायरल होने के बाद पूरे क्षेत्र में तेंदुए का खौफ और अधिक बढ़ गया है। तेंदुए की इस चहलकदमी के कारण किसान खेतों में जाने से पूरी तरह कतरा रहे हैं, जिससे धान की रोपाई और सिंचाई जैसे बेहद जरूरी कृषि कार्य बुरी तरह प्रभावित हो रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि इससे पहले भी कई बार खेतों और इंसानी आबादी के करीब तेंदुआ देखे जाने की जानकारी दी गई, लेकिन वन विभाग ने इस ओर कोई गंभीरता नहीं दिखाई। वायरल वीडियो सामने आने के बावजूद वन विभाग की टीम ने अभी तक न तो मौके का निरीक्षण किया है और न ही वहां पहुंची है, जिससे लोगों में विभाग की कार्यशैली को लेकर गहरा रोष है। इस दहशत के कारण पशुपालक अपने मवेशियों की सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं, वहीं महिलाएं, बुजुर्ग और बच्चे शाम होते ही घरों में कैद होने को मजबूर हो गए हैं। ग्रामीणों ने बच्चों को अकेले बाहर भेजना भी बंद कर दिया है। ग्रामीणों ने प्रशासन और वन विभाग से मांग की है कि तत्काल क्षेत्र में गश्त और निगरानी बढ़ाई जाए तथा तेंदुए की मौजूदगी की पुष्टि कर उसे सुरक्षित तरीके से पकड़कर जंगल में छोड़ा जाए। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई तो क्षेत्र में किसी भी समय कोई बड़ा हादसा हो सकता है।
पीलीभीत के सेहरामऊ उत्तरी थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम गढ़वा खेड़ा और आसपास के इलाकों में तेंदुए की लगातार मौजूदगी की आशंका से ग्रामीणों में भारी दहशत का माहौल है। शुक्रवार की रात करीब 9:30 बजे पूरनपुर से अपने घर लौट रहे ग्राम गोरा निवासी अरबाज बेग ने गढ़वा खेड़ा लिंक रोड पर एक तेंदुए को खेत के किनारे देखा और अपने मोबाइल से उसका वीडियो बना लिया। सोशल मीडिया पर यह वीडियो तेजी से वायरल होने के बाद पूरे क्षेत्र में तेंदुए का खौफ और अधिक बढ़ गया है। तेंदुए की इस चहलकदमी के कारण किसान खेतों में जाने से पूरी तरह कतरा रहे हैं, जिससे धान की रोपाई और सिंचाई जैसे बेहद जरूरी कृषि कार्य बुरी तरह प्रभावित हो रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि इससे पहले भी कई बार खेतों और इंसानी आबादी के करीब तेंदुआ देखे जाने की जानकारी दी गई, लेकिन वन विभाग ने इस ओर कोई गंभीरता नहीं दिखाई। वायरल वीडियो सामने आने के बावजूद वन विभाग की टीम ने अभी तक न तो मौके का निरीक्षण किया है और न ही वहां पहुंची है, जिससे लोगों में विभाग की कार्यशैली को लेकर गहरा रोष है। इस दहशत के कारण पशुपालक अपने मवेशियों की सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं, वहीं महिलाएं, बुजुर्ग और बच्चे शाम होते ही घरों में कैद होने को मजबूर हो गए हैं। ग्रामीणों ने बच्चों को अकेले बाहर भेजना भी बंद कर दिया है। ग्रामीणों ने प्रशासन और वन विभाग से मांग की है कि तत्काल क्षेत्र में गश्त और निगरानी बढ़ाई जाए तथा तेंदुए की मौजूदगी की पुष्टि कर उसे सुरक्षित तरीके से पकड़कर जंगल में छोड़ा जाए। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई तो क्षेत्र में किसी भी समय कोई बड़ा हादसा हो सकता है।
- दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे आंदोलन को मजबूत करने के लिए सोनम वांगचुक की पत्नी एक बार फिर धरनास्थल पहुंचीं और आंदोलन को अपना समर्थन दिया। इस दौरान उन्होंने धरनास्थल पर मौजूद प्रदर्शनकारियों से मुलाकात कर उनका हौसला बढ़ाया। समर्थकों का मानना है कि यह संघर्ष केवल किसी एक व्यक्ति का नहीं है, बल्कि यह सीधे तौर पर देश की शिक्षा व्यवस्था और छात्रों के भविष्य से जुड़ी एक बड़ी लड़ाई है। आंदोलनकारियों के साथ उनके परिवार का इस तरह खड़ा होना प्रदर्शन कर रहे लोगों के मनोबल और उम्मीदों को बढ़ाने का काम कर रहा है।1
- पीलीभीत के सेहरामऊ उत्तरी थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम गढ़वा खेड़ा और आसपास के इलाकों में तेंदुए की लगातार मौजूदगी की आशंका से ग्रामीणों में भारी दहशत का माहौल है। शुक्रवार की रात करीब 9:30 बजे पूरनपुर से अपने घर लौट रहे ग्राम गोरा निवासी अरबाज बेग ने गढ़वा खेड़ा लिंक रोड पर एक तेंदुए को खेत के किनारे देखा और अपने मोबाइल से उसका वीडियो बना लिया। सोशल मीडिया पर यह वीडियो तेजी से वायरल होने के बाद पूरे क्षेत्र में तेंदुए का खौफ और अधिक बढ़ गया है। तेंदुए की इस चहलकदमी के कारण किसान खेतों में जाने से पूरी तरह कतरा रहे हैं, जिससे धान की रोपाई और सिंचाई जैसे बेहद जरूरी कृषि कार्य बुरी तरह प्रभावित हो रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि इससे पहले भी कई बार खेतों और इंसानी आबादी के करीब तेंदुआ देखे जाने की जानकारी दी गई, लेकिन वन विभाग ने इस ओर कोई गंभीरता नहीं दिखाई। वायरल वीडियो सामने आने के बावजूद वन विभाग की टीम ने अभी तक न तो मौके का निरीक्षण किया है और न ही वहां पहुंची है, जिससे लोगों में विभाग की कार्यशैली को लेकर गहरा रोष है। इस दहशत के कारण पशुपालक अपने मवेशियों की सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं, वहीं महिलाएं, बुजुर्ग और बच्चे शाम होते ही घरों में कैद होने को मजबूर हो गए हैं। ग्रामीणों ने बच्चों को अकेले बाहर भेजना भी बंद कर दिया है। ग्रामीणों ने प्रशासन और वन विभाग से मांग की है कि तत्काल क्षेत्र में गश्त और निगरानी बढ़ाई जाए तथा तेंदुए की मौजूदगी की पुष्टि कर उसे सुरक्षित तरीके से पकड़कर जंगल में छोड़ा जाए। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई तो क्षेत्र में किसी भी समय कोई बड़ा हादसा हो सकता है।1
- लखनऊ के होटल ताज महल में 16 जुलाई 2026 को आयोजित 'कॉन्क्लेव 2026 मुद्दों की महापंचायत' कार्यक्रम के दौरान सी न्यूज़ भारत के पीलीभीत ब्यूरोचीफ हैदर खान ने उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक जी को पीलीभीत की पहचान मानी जाने वाली बांसुरी भेंट की। इस कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक सहित तमाम अन्य मंत्रियों ने हिस्सा लिया और अपने विचार साझा किए। इस महापंचायत के दौरान उत्तर प्रदेश के विकास, सुशासन और जनहित से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर सार्थक चर्चा की गई, जिसमें उपस्थित मंत्रियों ने प्रदेश की प्रगति को लेकर अपनी बात रखी।1
- पीलीभीत के मरौरी क्षेत्र में प्रधानमंत्री आवास योजना की सूची से पात्र लोगों के नाम काटे जाने को लेकर ग्रामीणों के मन में गंभीर सवाल उठ रहे हैं। लोगों का पूछना है कि आखिर वास्तव में पात्र लोगों के नाम इस सूची से क्यों हटाए गए हैं। इस पूरे मामले में मांग की जा रही है कि यदि वास्तव में योग्य लोगों के नाम सूची से हटाए गए हैं, तो इसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए। इसके साथ ही, जनता से भी इस मुद्दे पर उनकी राय और अनुभव साझा करने की अपील की गई है कि क्या उनके गांवों में भी ऐसी स्थिति देखने को मिली है।1
- पीलीभीत के मरोली खास गांव में माता मोर भवानी का मेला लगा हुआ है। यहां हर साल इस मेले का आयोजन किया जाता है। लोगों से अपील की गई है कि वे ज्यादा से ज्यादा संख्या में इस मेले में आएं और इसका भरपूर आनंद उठाएं।1
- पीलीभीत के जहानाबाद में दवाइयों का एक बड़ा जखीरा पकड़ा गया है। इस कार्रवाई के दौरान मौके से एक कार समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।1
- Post by अशोक सरकार1
- पीलीभीत के पूरनपुर और चिड़ियादाह क्षेत्र में जिलाधिकारी ज्ञानेंद्र सिंह के निर्देश पर त्वरित कार्रवाई करते हुए दो परिवारों के अनाथ बच्चों को मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना का लाभ दिलाया गया है। प्रशासन ने सभी आवश्यक औपचारिकताएं पूरी कर पात्र बच्चों को इस योजना से जोड़ा और उन्हें सरकारी सहायता उपलब्ध कराई है। इस त्वरित कार्रवाई के साथ ही जिलाधिकारी ज्ञानेंद्र सिंह ने संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि जिले में कोई भी पात्र अनाथ बच्चा सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित नहीं रहना चाहिए।1