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मां गंगा की पूजा और आराधना करके उनका आशीर्वाद प्राप्त करने का आह्वान किया गया है, जिससे परिवार में सुख-शांति बनी रहे।
रामेश्वरलाल राधेश्याम
मां गंगा की पूजा और आराधना करके उनका आशीर्वाद प्राप्त करने का आह्वान किया गया है, जिससे परिवार में सुख-शांति बनी रहे।
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- बीकानेर जिले के नूरसर में स्थित अवाडा ग्रुप द्वारा संचालित 1246 मेगावाट क्षमता के सोलर प्लांट का राज्य के मुख्य सचिव श्री वी. श्रीनिवास ने सोमवार, 25 मई को अवलोकन किया। इस दौरान उन्होंने कंपनी अधिकारियों के साथ राजस्थान में सौर ऊर्जा और अक्षय ऊर्जा क्षेत्र में किए जा रहे निवेश तथा भविष्य की परियोजनाओं को लेकर विस्तृत चर्चा की। मुख्य सचिव ने प्लांट परिसर में स्थापित रोबोटिक तकनीक से सोलर पैनलों की सफाई व्यवस्था का भी बारीकी से निरीक्षण किया। अवाडा कंपनी के वरिष्ठ अधिकारी श्री रवि वर्मा ने उन्हें बताया कि इस अत्याधुनिक तकनीक से पानी की बचत होती है और सोलर पैनलों का रख-रखाव अधिक प्रभावी व व्यवस्थित तरीके से सुनिश्चित किया जाता है। श्री वर्मा ने यह भी जानकारी दी कि अवाडा समूह ने ‘राइजिंग राजस्थान’ कार्यक्रम के तहत राज्य में अक्षय ऊर्जा क्षेत्र में लगभग एक लाख करोड़ रुपये के निवेश हेतु एक एमओयू किया है। इसी क्रम में कंपनी बीकानेर के करणीसर क्षेत्र में सौर ऊर्जा एवं 2500 मेगावाट क्षमता के बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम (BESS) आधारित परियोजना स्थापित कर रही है। इसके अतिरिक्त, कंपनी बाड़मेर जिले में भी 300 मेगावाट क्षमता का एक सोलर प्लांट विकसित कर रही है। अवलोकन से पूर्व, अवाडा कंपनी की ओर से वरिष्ठ अधिकारी श्री रवि वर्मा, श्री राजेश द्विवेदी, श्री मनोज कुमार, श्री शैलेंद्र शर्मा एवं श्री ऋतुराज तिवारी ने मुख्य सचिव का स्वागत किया और उन्हें परियोजना से संबंधित विभिन्न तकनीकी व संचालन संबंधी जानकारियां साझा कीं। इस निरीक्षण के दौरान जलदाय विभाग के प्रमुख सचिव एवं जिला प्रभारी सचिव श्री हेमंत गेरा, जिला परिषद की मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्रीमती शैलजा पांडे, एसडीएम बीकानेर सुश्री महिमा कसाना और वाणिज्य कर विभाग के अतिरिक्त आयुक्त श्री कांति जसोल सहित अवाडा ग्रुप के अन्य अधिकारी भी उपस्थित रहे।4
- बीकानेर के सुजानदेसर क्षेत्र में रविवार सुबह एक युवक का शव घर के कमरे में फंदे पर लटका मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। जानकारी के अनुसार, 25 मई 2026 को सुबह करीब 8:30 बजे यह सूचना मिली कि एक युवक अपने घर के कमरे में फंदे पर झूलता मृत अवस्था में पाया गया है। मृतक की पहचान मूलचंद पुत्र गंगाराम, उम्र करीब 43 वर्ष, निवासी सांखला गली सुजानदेसर, बीकानेर के रूप में हुई है। सूचना मिलने के बाद ख़िदमतगार ख़ादिम सोसाइटी व असहाय सेवा संस्थान के सदस्य तत्काल मौके पर पहुँचे। सोएब भाई, मोहम्मद जुनैद खान और राजकुमार खड़गावत एम्बुलेंस के साथ घटनास्थल पर पहुँचे, जहाँ पुलिस की मौजूदगी में शव को फंदे से नीचे उतारा गया। गंगाशहर थाना पुलिस के सवाई जी मय टीम की निगरानी में शव को पीबीएम अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरी मुआयना करवाने के बाद उसे मोर्चरी में रखवा दिया गया। इस दौरान ख़िदमतगार ख़ादिम सोसाइटी के हाजी जाकिर, हाजी नसीम, सोएब भाई, मोहम्मद जुनैद खान, अब्दुल सतार, इमरान और राजकुमार खड़गावत सहित अन्य सदस्य मौजूद रहे।1
- कोलायत में 'वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान' के तहत लव कुश वाटिका में एक कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस पहल में युवा समाजसेवी कन्हैया लाल उपाध्याय ने भीषण गर्मी में पक्षियों के लिए परिंडे उपलब्ध कराए, वहीं वनपाल महावीर सिंह राठौड़ ने प्रभात फेरी करवाकर नागरिकों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक किया। कार्यक्रम के दौरान, पूर्व छात्रसंघ उपाध्यक्ष एवं युवा समाजसेवी कन्हैया लाल उपाध्याय ने बताया कि उनका लक्ष्य अगले महीने तक सार्वजनिक स्थानों पर कुल 101 परिंडे लगाना है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि 45 डिग्री सेल्सियस के उच्च तापमान में पानी की कमी के कारण पक्षी अपनी जान गंवा देते हैं, इसलिए परिंडे लगाने का मुख्य उद्देश्य इन मूक पक्षियों का जीवन बचाना है। कार्यक्रम स्थल पर परिंडे लगाए जाने के साथ-साथ आम जनता में भी उनका वितरण किया गया। वनपाल महावीर सिंह राठौड़ ने लव कुश वाटिका में प्रभात फेरी का आयोजन किया, जिसके दौरान उन्होंने नागरिकों को वाटिका का भ्रमण करवाया और पेड़-पौधों व वन्य जीवों के बारे में विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने सभी उपस्थित लोगों से जल संरक्षण और पर्यावरण संरक्षण की अपील की। प्रभात फेरी के दौरान लोगों से आह्वान किया गया कि वे अपने घरों की छतों, बालकनियों और सार्वजनिक स्थानों पर परिंडे लगाएं और उनमें नियमित रूप से पानी भरते रहें। इस पहल का स्थानीय युवाओं ने समर्थन किया और उन्होंने जल संरक्षण व परिंडे लगाने का संकल्प लिया। स्थानीय लोगों ने इस आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम पर्यावरण और जल संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इस कार्यक्रम में वन रक्षक मुरारी लाल मीणा, वन रक्षक मदन लाल जल, तकनीकी सहायक हरजीराम, कानाराम, कोच रामावतार सैन, दुर्गपाल सिंह राजवी, भोमराज, घनश्याम सैन, दीपाराम, हेमांग राठौड़, विशाखा सैन सहित कई नागरिक उपस्थित रहे।1
- नागौर में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के आयोजन की तैयारियों और व्यवस्थाओं को लेकर कलेक्टर ने एक बैठक ली है।1
- फलोदी में स्थित कृत्रिम झील का व्यापक विकास किया जाएगा। इस परियोजना के तहत झील का सौंदर्यीकरण करने के साथ-साथ एक नए पार्क, पार्किंग स्थल और एक चौपाटी का निर्माण किया जाएगा। इन विकास कार्यों के पूरा होने के बाद, क्षेत्र की जनता को एक नया और आकर्षक पिकनिक स्थल उपलब्ध होगा।1
- नागौर जिले के रियांबडी उपखंड क्षेत्र की ग्राम पंचायत सथानाकलां में "वंदे गंगा" जल संरक्षण जन अभियान 2026 के तहत ब्लॉक स्तरीय कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ किया गया है। यह कार्यक्रम ग्राम पंचायत सथाना के सथानी गांव स्थित बालाजी मंदिर के अमृत सरोवर पर आयोजित हुआ। अभियान की शुरुआत पूजा-अर्चना, पौधारोपण और स्वच्छता संदेश के साथ की गई। "वंदे गंगा" अभियान का मुख्य उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण, वर्षा जल संग्रहण और जल स्रोतों का संरक्षण करना है। इसी उद्देश्य के तहत, अमृत सरोवर परिसर में साधु-संतों के सानिध्य में पौधारोपण किया गया। इसके उपरांत, जल सरोवर देवता की विधिवत पूजा-अर्चना कर सभी को जल संरक्षण का संकल्प दिलाया गया। इस कार्यक्रम में सहायक विकास अधिकारी नंदकिशोर टाक, प्रशासक सरपंच प्रतिनिधि अयूब खान, प्रशासक रजिया बानो कायमखानी और ग्राम विकास अधिकारी डॉ. अंबिका शर्मा सहित विभिन्न ग्राम पंचायत प्रतिनिधि और ग्रामीण मौजूद रहे। सहायक विकास अधिकारी नंदकिशोर टाक ने जानकारी दी कि इस अभियान के अंतर्गत जल स्रोतों, तालाबों और जल संग्रहण ढांचों पर स्वच्छता अभियान, श्रमदान, दीप प्रज्ज्वलन और जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। उन्होंने इस बात पर विशेष जोर दिया कि यह मात्र एक सरकारी अभियान नहीं, बल्कि जनभागीदारी से जुड़ा एक सामाजिक दायित्व है, जिसमें आमजन की सक्रिय भागीदारी अत्यंत आवश्यक है।1
- नागौर पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर रविवार को पादूकलां पुलिस थाना परिसर में "संडे ऑन साइकिल" अभियान के तहत योग एवं साइकिल वॉक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में थाना स्टाफ ने पूरे उत्साह के साथ भाग लिया। पुलिसकर्मियों ने योगाभ्यास किया और साइकिल वॉक कर फिटनेस तथा स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का महत्वपूर्ण संदेश दिया। इस दौरान पर्यावरण संरक्षण, नियमित व्यायाम और स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहने का संदेश भी प्रसारित किया गया। अधिकारियों ने इस बात पर जोर दिया कि योग और साइकिलिंग को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाकर शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य को बेहतर रखा जा सकता है। कार्यक्रम में एसआई श्रवणराम, जुगल किशोर, एएसआई चरण सिंह, कांस्टेबल लक्ष्मण सिंह चौधरी, नीरज कुमार प्रकाश सहित पुलिस थाना स्टाफ के कई सदस्य मौजूद रहे। इस पहल के माध्यम से आमजन को भी स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहने और "फिट इंडिया अभियान" से जुड़ने की प्रेरणा दी गई।1
- वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान के तहत चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस प्रेसवार्ता में पत्रकारों के साथ बातचीत के दौरान कृत्रिम झील और शिवसर तालाब के विकास से जुड़े मुद्दे मुख्य केंद्र बिंदु रहे।1
- रियांबड़ी शहर के डांगावास-कुड़की मुख्य मार्ग पर सड़क निर्माण में बाधा बन रहे वर्षों पुराने पटवार भवन को रविवार को ध्वस्त कर दिया गया। मेला मैदान के पास स्थित यह जर्जर भवन सड़क की अलाइनमेंट के बीच आ रहा था, जिसके कारण डामरीकरण का कार्य लंबे समय से रुका हुआ था। प्रशासन की मौजूदगी में जेसीबी मशीनों द्वारा भवन को जमींदोज किया गया, जिससे स्थानीय लोगों ने बड़ी राहत महसूस की। क्षेत्रवासियों के अनुसार, इस सड़क की बदहाल स्थिति के कारण प्रतिदिन हजारों लोगों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। सड़क पर बड़े गड्ढे, धूल और बारिश में कीचड़ से हालात और बिगड़ जाते थे, जिससे स्कूली बच्चों, मरीजों और बुजुर्गों को विशेष कठिनाई हो रही थी, और कई बार वाहन चालक दुर्घटनाओं का शिकार होते-होते बचे थे। स्थानीय लोगों ने सड़क निर्माण में आ रही बाधा को हटाने के लिए प्रशासन और सार्वजनिक निर्माण विभाग से कई बार मांग की थी, जिसके बाद प्रशासन ने कानूनी प्रक्रिया पूरी कर यह कार्रवाई की। मौके पर मौजूद लोगों ने प्रशासन के इस कदम की सराहना की और मांग की कि अब सड़क निर्माण कार्य में तेजी लाई जाए। उन्होंने चिंता व्यक्त की कि मानसून नजदीक है और यदि समय पर डामरीकरण नहीं हुआ, तो बारिश के दौरान स्थिति और खराब हो सकती है। स्थानीय नागरिकों के अनुसार, यह मार्ग शहर की सबसे व्यस्त सड़कों में से एक है, जिसका उपयोग प्रतिदिन बड़ी संख्या में ग्रामीण और शहरी लोग करते हैं, और सड़क निर्माण पूरा होने से यातायात सुगम होगा तथा आमजन को धूल, गड्ढों और जाम की समस्या से निजात मिलेगी। क्षेत्रवासियों ने प्रशासन से अपील की है कि अब बिना किसी देरी के सड़क निर्माण कार्य शुरू कर इसे जल्द से जल्द पूरा किया जाए, ताकि लोगों को वर्षों पुरानी इस समस्या से स्थायी राहत मिल सके।1