उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां एक युवती पर आरोप है कि वह शादीशुदा युवकों को अपने प्रेमजाल में फंसाकर उनसे और उनके परिवार से पैसे वसूलती है और बाद में फरार हो जाती है। यह मामला गांधी पार्क थाना क्षेत्र के सराय इंतजाम अली इलाके का बताया जा रहा है। आरोप है कि युवती शादी और पार्टियों में डांस के दौरान युवकों से पहचान बढ़ाती थी और फिर धीरे-धीरे नजदीकियां बढ़ाकर पैसे की मांग करने लगती थी। मामला तब नया मोड़ लेता है जब 11 फरवरी को जयपुर के एक होटल का वीडियो सामने आता है, जिसमें कथित तौर पर युवती और एक शादीशुदा युवक साथ दिखाई देते हैं। इसके बाद युवक की पत्नी ने पुलिस से शिकायत कर कार्रवाई की मांग की है। पत्नी का आरोप है कि युवती ने उनके परिवार को तोड़ने की साजिश रची है। परिजनों का कहना है कि इससे पहले भी ऐसे मामले सामने आ चुके हैं।
उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां एक युवती पर आरोप है कि वह शादीशुदा युवकों को अपने प्रेमजाल में फंसाकर उनसे और उनके परिवार से पैसे वसूलती है और बाद में फरार हो जाती है। यह मामला गांधी पार्क थाना क्षेत्र के सराय इंतजाम अली इलाके का बताया जा रहा है। आरोप है कि युवती शादी और पार्टियों में डांस के दौरान युवकों से पहचान बढ़ाती थी और फिर धीरे-धीरे नजदीकियां बढ़ाकर पैसे की मांग करने लगती थी। मामला तब नया मोड़ लेता है जब 11 फरवरी को जयपुर के एक होटल का वीडियो सामने आता है, जिसमें कथित तौर पर युवती और एक शादीशुदा युवक साथ दिखाई देते हैं। इसके बाद युवक की पत्नी ने पुलिस से शिकायत कर कार्रवाई की मांग की है। पत्नी का आरोप है कि युवती ने उनके परिवार को तोड़ने की साजिश रची है। परिजनों का कहना है कि इससे पहले भी ऐसे मामले सामने आ चुके हैं।
- SATYA BARIKଛତ୍ରପୁର, ଗଞ୍ଜାମ, ଓଡ଼ିଶା10 hrs ago
- User5858Jharkhand🙏6 hrs ago
- जालौन कोतवाली क्षेत्र में रविवार को मिट्टी खनन के दौरान एक हादसा हो गया। मिट्टी से लदी तेज रफ्तार ट्रैक्टर-ट्रॉली अनियंत्रित होकर पलट गई, जिससे चालक की मौके पर ही मौत हो गई। घटना जालौन कोतवाली क्षेत्र के ग्राम प्रतापपुरा के पास हुई। जानकारी के अनुसार, यहां मिट्टी खनन का कार्य चल रहा था। मिट्टी से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली तेज गति के कारण अचानक असंतुलित होकर सड़क किनारे पलट गई। हादसे में ट्रैक्टर के नीचे दबने से चालक अमन सिंह (24) पुत्र चंद्रपाल सिंह की गंभीर चोटों के कारण मौके पर ही मौत हो गई। अमन सिंह ग्राम औरखी का निवासी था। सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची। स्थानीय लोगों की मदद से शव को बाहर निकाला गया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है1
- खास और कई सवाल खड़े करती खबर है जालौन जिले में हो रहे अवैध मिट्टी खनन से जुड़ी हुई दरअसल आज़ जालौन जिले में तीन अलग-अलग स्थानों पर हुई दुर्घटनाओं में तीन लोगों की जान चली गई है1
- जनपद जालौन के शहर उरई में आसाराम पोस्टरों पर फूटा गुस्सा1
- जालौन के लोगों ने सड़क पर शव रख कर जाम लगाया और खनन माफियाओं पर कार्यवाही करने की मांग की है क्योंकि ट्रैक्टर चालक की मिट्टी खनन में लगे ट्रैक्टर से मौत हो गई। इसके बाद लोगों का गुस्सा फूट पड़ा और सड़क पर जाम लगा दिया। साथ ही उन पर हत्या करने का आरोप लगाया है।।।1
- राजकीय मेडिकल कॉलेज उरई में मेगा विधिक सहायता शिविर का भव्य आयोजन1
- Post by Sugirv Kushwha1
- भदेख़ दिवारा कुठोंद ब्लॉक नरकमय जीवन1
- खास और कई सवाल उठाती खबर है यह दरअसल आज़ जालौन जिले के जालौन कोतवाली क्षेत्र के ग्राम प्रतापपुरा में मिट्टी खनन परिवहन कर रहा ट्रैक्टर ट्राली सहित पलट गया जिसमें एक युवक की मौत हो गई है2
- ग्राम सुढार में 6 माह से जर्जर नाली, ग्रामीणों में आक्रोश जालौन। जालौन के विकासखंड क्षेत्र अंतर्गत ग्राम सुढार में पिछले लगभग छह महीनों से टूटी और जर्जर पड़ी नाली ग्रामीणों के लिए बड़ी समस्या बनी हुई है। नाली की खराब स्थिति के कारण गांव में आवागमन प्रभावित हो रहा है और लोगों को रोजाना परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि नाली लंबे समय से क्षतिग्रस्त है, जिससे रास्ते पर गंदा पानी फैल जाता है और फिसलन की स्थिति बनी रहती है। कई लोग नाली के कारण गिरकर चोटिल भी हो चुके हैं। इसके बावजूद अब तक मरम्मत या निर्माण का कोई कार्य शुरू नहीं किया गया है। गांव के निवासी देवेंद्र कुशवाहा, मंगल सिंह, कृष्ण कुमार, मुकेश, सोनू सहित करीब एक दर्जन ग्रामीणों ने बताया कि इस संबंध में कई बार ग्राम प्रधान से शिकायत की जा चुकी है, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हुआ। ग्रामीणों में इस लापरवाही को लेकर लगातार आक्रोश बढ़ रहा है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र ही नाली का निर्माण या मरम्मत कार्य शुरू नहीं कराया गया, तो वे संबंधित उच्च अधिकारियों से शिकायत करने को बाध्य होंगे। अब देखना यह है कि जिम्मेदार अधिकारी और जनप्रतिनिधि इस गंभीर समस्या पर कब तक संज्ञान लेते हैं और ग्राम सुढार के ग्रामीणों को राहत दिलाने के लिए क्या कदम उठाते हैं।1