मन की बात शिक्षा, संस्कृति, नवाचार और प्रेरणादायक कहानियां को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने का माध्यम - योगिता सिन्हा भाजपा कार्यकर्ताओं एवं आम लोगों ने सुनी मन की बात मन की बात शिक्षा, संस्कृति, नवाचार और प्रेरणादायक कहानियां को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने का माध्यम - योगिता सिन्हा मन की बात प्रेरणादायक कहानियों को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने का माध्यम : योगिता सिन्हा नवापारा नगर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा संबोधित मन की बात कार्यक्रम भाजपा कार्यकर्ताओं एवं आम लोगों ने भाजपा प्रदेश महिला मोर्चा सदस्य योगिता सिन्हा के नेतृत्व में सुनी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा प्रसारित मन की बात कार्यक्रम के 136 वे एपिसोड का संबोधन टीवी चैनल के माध्यम से सुना। संबोधन पश्चात भाजपा महिला मोर्चा कार्यकारिणी सदस्य योगिता सिन्हा ने कहा कि हर महीने के आखिरी रविवार की सुबह 11:00 बजे का समय देश के करोड़ों लोगों के लिए खास होता है। इसकी वजह है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का रेडियो कार्यक्रम मन की बात के जरिये आज एक बार फिर प्रधानमंत्री देशवादियों से सीधे सवाद कर रहे थे। प्रधानमंत्री मोदी ने कारगिल दिवस के मौके पर शहीदों को याद किया। इस एपीसोड में पीएम मोदी ने आत्मनिर्भर भारत एवं रक्षा ताकत से लेकर जल संरक्षण तक की बात की। पिछले कई सालों में मन की बात सिर्फ सरकारी योजनाओं की जानकारी देने तक सीमित नहीं रहा बल्कि समाज,शिक्षा, संस्कृति, पर्यावरण, नवाचार और देशभर के प्रेरणादायक लोगों की कहानियों को भी राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने का माध्यम बना है। यही कारण है कि हर नए एपिसोड से लोगों के बीच या उत्सुकता रहती है कि इस बार प्रधानमंत्री किन मुद्दों पर जिक्र करेंगे और देश को क्या नया संदेश देंगे। मन की बात की लोकप्रियता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि प्रसार भारती द्वारा भारतीय प्रबंधन संस्थान रोहतक से कराए गए एक अध्ययन में सामने आया है कि इस कार्यक्रम में कम से कम एक बार सुनने वालों की संख्या 100 करोड़ तक पहुंच चुकी है। अध्ययन के मुताबिक देश के लगभग 96% आबादी इस कार्यक्रम से परिचित हैं। मन की बात सुनने प्रेम साधवानी, पूजा सायरानी, रोशनी साहू, योगेश्वरी साहू, भावना यादव, तुषार साहू उपस्थित रहे।
मन की बात शिक्षा, संस्कृति, नवाचार और प्रेरणादायक कहानियां को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने का माध्यम - योगिता सिन्हा भाजपा कार्यकर्ताओं एवं आम लोगों ने सुनी मन की बात मन की बात शिक्षा, संस्कृति, नवाचार और प्रेरणादायक कहानियां को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने का माध्यम - योगिता सिन्हा मन की बात प्रेरणादायक कहानियों को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने का माध्यम : योगिता सिन्हा नवापारा नगर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा संबोधित मन की बात कार्यक्रम भाजपा कार्यकर्ताओं एवं आम लोगों ने भाजपा प्रदेश महिला मोर्चा सदस्य योगिता सिन्हा के नेतृत्व में सुनी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा प्रसारित मन की बात कार्यक्रम के 136 वे एपिसोड का संबोधन टीवी चैनल के माध्यम से सुना। संबोधन पश्चात भाजपा महिला मोर्चा कार्यकारिणी सदस्य योगिता सिन्हा ने कहा कि हर महीने के आखिरी रविवार की सुबह 11:00 बजे का समय देश के करोड़ों लोगों के लिए खास होता है। इसकी वजह है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का रेडियो कार्यक्रम मन की बात के जरिये आज एक बार फिर प्रधानमंत्री देशवादियों से सीधे सवाद कर रहे थे। प्रधानमंत्री मोदी ने कारगिल
दिवस के मौके पर शहीदों को याद किया। इस एपीसोड में पीएम मोदी ने आत्मनिर्भर भारत एवं रक्षा ताकत से लेकर जल संरक्षण तक की बात की। पिछले कई सालों में मन की बात सिर्फ सरकारी योजनाओं की जानकारी देने तक सीमित नहीं रहा बल्कि समाज,शिक्षा, संस्कृति, पर्यावरण, नवाचार और देशभर के प्रेरणादायक लोगों की कहानियों को भी राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने का माध्यम बना है। यही कारण है कि हर नए एपिसोड से लोगों के बीच या उत्सुकता रहती है कि इस बार प्रधानमंत्री किन मुद्दों पर जिक्र करेंगे और देश को क्या नया संदेश देंगे। मन की बात की लोकप्रियता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि प्रसार भारती द्वारा भारतीय प्रबंधन संस्थान रोहतक से कराए गए एक अध्ययन में सामने आया है कि इस कार्यक्रम में कम से कम एक बार सुनने वालों की संख्या 100 करोड़ तक पहुंच चुकी है। अध्ययन के मुताबिक देश के लगभग 96% आबादी इस कार्यक्रम से परिचित हैं। मन की बात सुनने प्रेम साधवानी, पूजा सायरानी, रोशनी साहू, योगेश्वरी साहू, भावना यादव, तुषार साहू उपस्थित रहे।
- मन की बात शिक्षा, संस्कृति, नवाचार और प्रेरणादायक कहानियां को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने का माध्यम - योगिता सिन्हा भाजपा कार्यकर्ताओं एवं आम लोगों ने सुनी मन की बात मन की बात शिक्षा, संस्कृति, नवाचार और प्रेरणादायक कहानियां को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने का माध्यम - योगिता सिन्हा मन की बात प्रेरणादायक कहानियों को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने का माध्यम : योगिता सिन्हा नवापारा नगर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा संबोधित मन की बात कार्यक्रम भाजपा कार्यकर्ताओं एवं आम लोगों ने भाजपा प्रदेश महिला मोर्चा सदस्य योगिता सिन्हा के नेतृत्व में सुनी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा प्रसारित मन की बात कार्यक्रम के 136 वे एपिसोड का संबोधन टीवी चैनल के माध्यम से सुना। संबोधन पश्चात भाजपा महिला मोर्चा कार्यकारिणी सदस्य योगिता सिन्हा ने कहा कि हर महीने के आखिरी रविवार की सुबह 11:00 बजे का समय देश के करोड़ों लोगों के लिए खास होता है। इसकी वजह है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का रेडियो कार्यक्रम मन की बात के जरिये आज एक बार फिर प्रधानमंत्री देशवादियों से सीधे सवाद कर रहे थे। प्रधानमंत्री मोदी ने कारगिल दिवस के मौके पर शहीदों को याद किया। इस एपीसोड में पीएम मोदी ने आत्मनिर्भर भारत एवं रक्षा ताकत से लेकर जल संरक्षण तक की बात की। पिछले कई सालों में मन की बात सिर्फ सरकारी योजनाओं की जानकारी देने तक सीमित नहीं रहा बल्कि समाज,शिक्षा, संस्कृति, पर्यावरण, नवाचार और देशभर के प्रेरणादायक लोगों की कहानियों को भी राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने का माध्यम बना है। यही कारण है कि हर नए एपिसोड से लोगों के बीच या उत्सुकता रहती है कि इस बार प्रधानमंत्री किन मुद्दों पर जिक्र करेंगे और देश को क्या नया संदेश देंगे। मन की बात की लोकप्रियता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि प्रसार भारती द्वारा भारतीय प्रबंधन संस्थान रोहतक से कराए गए एक अध्ययन में सामने आया है कि इस कार्यक्रम में कम से कम एक बार सुनने वालों की संख्या 100 करोड़ तक पहुंच चुकी है। अध्ययन के मुताबिक देश के लगभग 96% आबादी इस कार्यक्रम से परिचित हैं। मन की बात सुनने प्रेम साधवानी, पूजा सायरानी, रोशनी साहू, योगेश्वरी साहू, भावना यादव, तुषार साहू उपस्थित रहे।2
- दुर्ग में सोमवार को हिंदुत्व से जुड़े संगठनों ने गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने, गो-संरक्षण के लिए केंद्रीय कानून बनाने और गो-पालन मंत्रालय की स्थापना की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। गो सम्मान आह्वान अभियान के तहत बड़ी संख्या में गो-भक्तों ने रैली निकाली और जिला कलेक्ट्रेट पहुंचकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम ज्ञापन सौंपा। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि देशभर में गो-सेवा, सुरक्षा और सम्मान सुनिश्चित करने के लिए यह अभियान चलाया जा रहा है। रैली के दौरान कार्यकर्ता जेसीबी पर सवार होकर कलेक्ट्रेट पहुंचे और अपनी मांगों के समर्थन में नारेबाजी की। संगठन के पदाधिकारियों ने बताया कि हाल के समय में गायों के साथ हो रही अमानवीय घटनाओं से लोगों की भावनाएं आहत हुई हैं। इसी के मद्देनजर केंद्र सरकार से गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने, गो-संरक्षण के लिए प्रभावी केंद्रीय कानून लागू करने और अलग से गो-पालन मंत्रालय की स्थापना की मांग की गई है। संगठन का दावा है कि देश की 5,100 तहसीलों से सवा पांच करोड़ से अधिक हस्ताक्षरों के साथ गो-सेवा, सुरक्षा एवं सम्मान के समर्थन में प्रार्थना पत्र भेजा गया था। उनका कहना है कि अब तक इस दिशा में कोई ठोस पहल नहीं होने के कारण शासन-प्रशासन को पुनः स्मरण कराने के उद्देश्य से दोबारा ज्ञापन सौंपा गया है।4
- थाना नेवई पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए साइकल चोरी के मामले का खुलासा किया है। पिछले दो महीनों के दौरान नेवई क्षेत्र के विभिन्न स्थानों से साइकल चोरी की घटनाओं का पर्दाफाश करते हुए पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान पवन जंघेल के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपी को नेवई ओवरब्रिज के पास से गिरफ्तार किया। आरोपी के कब्जे से चोरी की 06 नग रेंजर साइकल बरामद की गई, जिनकी अनुमानित कीमत ₹30,000 है। प्रकरण में धारा 303(2) भारतीय न्याय संहिता (BNS) के अंतर्गत वैधानिक कार्रवाई पूर्ण कर आरोपी को न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है। आरोपी ने पूछताछ के दौरान स्वीकार किया कि उसने लगभग दो महीनों में नेवई क्षेत्र के स्टेशन मरोदा बस्ती, बीआरपी कॉलोनी, मौहारी मरोदा एवं तेलगूपारा मरोदा सहित विभिन्न स्थानों से कुल 06 नग साइकल चोरी की। आरोपी की निशानदेही पर चोरी की गई साइकलें बरामद की गईं। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण, गवाहों के कथन, चोरी गई साइकल का बिल तथा आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज का परीक्षण किया। सीसीटीवी फुटेज एवं अन्य साक्ष्यों के आधार पर आरोपी की पहचान की गई। इस कार्रवाई में थाना प्रभारी अनिल साहू, प्रधान आरक्षक महावीर साहू, आरक्षक रवि बिसाई, आरक्षक प्यारे लाल साहू, आरक्षक विजय कुर्रे एवं आरक्षक शाहबाज खान की सराहनीय भूमिका रही। दुर्ग पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि अपने वाहनों एवं साइकलों को सुरक्षित स्थान पर लॉक कर रखें और किसी भी संदिग्ध व्यक्ति अथवा चोरी की घटना की सूचना तत्काल निकटतम पुलिस थाना अथवा डायल 112 पर दें।1
- नई दिल्ली। NEET और अन्य भर्ती परीक्षाओं में पेपर लीक को लेकर देशभर में बवाल के बीच आम आदमी पार्टी शासित पंजाब सरकार भी कठघरे में है। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो और बयानों के बाद सवाल उठ रहा है - देश की जनता तक इस वीडियो और बात में कितना झूठ और कितना सच है? क्या है आरोप? आरोपियों का कहना है कि पिछले साढ़े चार वर्षों के दौरान पंजाब में पेपर लीक और नकल घोटालों के कई मामले सामने आए हैं। फार्मेसी ऑफिसर भर्ती से लेकर अन्य परीक्षाओं तक में गड़बड़ी की शिकायतें आईं। लेकिन इसी बीच मुख्यमंत्री भगवंत मान का बयान सामने आया जिसमें उन्होंने कहा - "एक भी पेपर लीक नहीं हुआ"। छात्रों पर लाठीचार्ज का आरोप दूसरी तरफ जब अपने भविष्य को लेकर चिंतित छात्र न्याय मांगने सड़क पर उतरे, तो आरोप है कि उनकी आवाज़ सुनने के बजाय उन पर लाठियां बरसाई गईं। विरोध कर रहे छात्रों का कहना है कि सरकार उनकी पीड़ा नहीं सुन रही और सच को दबाया जा रहा है। 'यही है AAP का असली चरित्र' विपक्ष और आलोचकों का कहना है कि "यही है आम आदमी पार्टी का असली चरित्र"। एक तरफ देशभर में शिक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाना, और दूसरी तरफ अपने राज्य में पेपर लीक को नकारना। जनता अब सवाल कर रही है - सरकार के दावे सच हैं या जमीन पर छात्रों के साथ हो रहे व्यवहार सच है?1
- रायपुर जिले के आरंग अंतर्गत ग्राम कोसरंगी में समरस सृजन साहित्य संस्थान भारत की छत्तीसगढ़ इकाई द्वारा राज्य स्तरीय विराट साहित्यिक संगोष्ठी, शपथ ग्रहण, पुस्तक विमोचन एवं सम्मान समारोह का भव्य आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए सैकड़ों साहित्यकारों, शिक्षकों, समाजसेवियों और बुद्धिजीवियों ने भाग लिया। कार्यक्रम की अध्यक्षता ग्राम पंचायत कोसरंगी की सरपंच श्रीमती दामिनी मिर्झा ने की, जबकि मुख्य अतिथि संस्थान के राष्ट्रीय संयोजक डॉ. मुकेश व्यास 'स्नेहिल' रहे। मुख्य अतिथि डॉ. मुकेश व्यास 'स्नेहिल' ने अपने उद्बोधन में कहा कि साहित्य समाज को जोड़ने, संस्कारों को सुदृढ़ करने और समरसता की भावना विकसित करने का सबसे सशक्त माध्यम है। उन्होंने साहित्यकारों से राष्ट्र, समाज तथा मानवीय मूल्यों के संरक्षण के लिए निरंतर सृजन करते रहने का आह्वान किया। इस अवसर पर अतिथियों द्वारा श्रीमती गायत्री साहू 'शिवांगी' की पुस्तक "रक्तदान : राष्ट्र का आह्वान" का लोकार्पण किया गया। समारोह के दौरान नवीन पदाधिकारियों को शपथ दिलाई गई और संगोष्ठी में विभिन्न साहित्यकारों ने अपनी रचनाओं का प्रभावशाली पाठ किया। साथ ही विशिष्ट साहित्यकारों को सम्मानित भी किया गया। कार्यक्रम में गायत्री साहू 'शिवांगी', श्रवण कुमार साहू 'प्रखर', लखन लाल साहू 'लहर', रूपेश देवांगन, उपसरपंच श्रीमती मंजू रानी दास और मधु कलश साहित्य समिति कोसरंगी के सदस्यों सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे। आयोजन का समापन समरसता, साहित्य सृजन और सामाजिक जागरूकता के संदेश के साथ हुआ।4
- भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य योगिता सिन्हा और रायपुर जिला ग्रामीण संस्कृति प्रकोष्ठ संयोजक प्रेम साधवानी ने अपने कार्यकर्ताओं के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 'मन की बात' कार्यक्रम की 136वीं कड़ी सुनी। इस एपिसोड में प्रधानमंत्री ने पर्यावरण संरक्षण, जनभागीदारी और राष्ट्र निर्माण में नागरिकों की भूमिका पर जोर दिया। उन्होंने 'एक पेड़ मां के नाम' अभियान को जनआंदोलन बनाने का आह्वान किया और प्रत्येक नागरिक से अपनी मां के सम्मान और प्रकृति की रक्षा के लिए कम से कम एक पौधा लगाने और उसकी देखभाल करने का अनुरोध किया। प्रधानमंत्री ने देश के विभिन्न राज्यों में चल रहे जल संरक्षण, स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि समाज की छोटी-छोटी पहल मिलकर बड़े बदलाव का आधार बनती हैं और यही विकसित भारत की सबसे बड़ी ताकत है। उन्होंने युवाओं से नवाचार, तकनीक और सामाजिक कार्यों में बढ़-चढ़कर भाग लेने का आग्रह किया और स्थानीय उत्पादों को अपनाने तथा 'वोकल फॉर लोकल' अभियान को आगे बढ़ाने की अपील की। अपने संबोधन के अंत में प्रधानमंत्री ने कहा कि जनभागीदारी ही भारत की सबसे बड़ी शक्ति है। जब 140 करोड़ देशवासी एक लक्ष्य लेकर आगे बढ़ते हैं, तो कोई भी चुनौती बड़ी नहीं होती। उन्होंने सभी नागरिकों से राष्ट्रहित के कार्यों में सक्रिय सहयोग देने और पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाने का संदेश दिया।1
- छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर से एक हैरान करने वाली तस्वीर सामने आई है। स्वास्थ्य विभाग की कथित लापरवाही के कारण, 108 एम्बुलेंस सेवा ने एक सिकलसेल के मरीज को अस्पताल नहीं पहुँचाया। मजबूर परिवार को मरीज को पिकअप वाहन में लाना पड़ा। घटना के अनुसार, रायपुर के औद्गी इलाके में एक सिकलसेल के मरीज को तत्काल चिकित्सा सहायता की आवश्यकता थी। परिवार ने 108 एम्बुलेंस सेवा को कॉल किया, लेकिन घंटों इंतजार के बाद भी एम्बुलेंस नहीं पहुंची। आखिरकार, परिवार को मजबूरी में मरीज को अपनी पिकअप वाहन में लादकर अस्पताल ले जाना पड़ा। इस घटना ने स्वास्थ्य विभाग की पोल खोलकर रख दी है और लोगों में रोष व्याप्त है।1