आज अगर भारत में किसी राज्य ने असाधारण तरक्की की है, तो वह हरियाणा राज्य है, जिसने विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय प्रगति हासिल की है। इस प्रगति के पीछे कई मुख्य कारण बताए गए हैं, जिनमें कॉर्पोरेट घरानों की मजबूत उपस्थिति और ज़मीन की बढ़ती दरें शामिल हैं। दिल्ली से सटे गुरुग्राम, फरीदाबाद, पलवल, सोनीपत और बहादुरगढ़ जैसे औद्योगिक रूप से विकसित क्षेत्र, डीएलएफ जैसी संस्थाओं का योगदान, और बाहर से आकर कारोबार स्थापित करने वाली कंपनियों का आगमन भी इस राज्य की आर्थिक उन्नति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इन आर्थिक कारकों के अलावा, हरियाणा की तरक्की में कुछ सामाजिक पहलू भी बहुत अहम हैं। इनमें सबसे बड़ी बात राज्य में नशे का चलन कम होना है। साथ ही, युवा पीढ़ी, जिसमें राज्य की बेटियां और बेटे दोनों शामिल हैं, का खेलों में सक्रिय भागीदारी, कृषि कार्यों में मेहनत और घर-परिवार के कामों में सहयोग करना भी हरियाणा की इस व्यापक उन्नति का एक प्रमुख कारण माना गया है।
आज अगर भारत में किसी राज्य ने असाधारण तरक्की की है, तो वह हरियाणा राज्य है, जिसने विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय प्रगति हासिल की है। इस प्रगति के पीछे कई मुख्य कारण बताए गए हैं, जिनमें कॉर्पोरेट घरानों की मजबूत उपस्थिति और ज़मीन की बढ़ती दरें शामिल हैं। दिल्ली से सटे गुरुग्राम, फरीदाबाद, पलवल, सोनीपत और बहादुरगढ़ जैसे औद्योगिक रूप से विकसित क्षेत्र, डीएलएफ जैसी संस्थाओं का योगदान, और बाहर से आकर कारोबार स्थापित करने वाली कंपनियों का आगमन भी इस राज्य की आर्थिक उन्नति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इन आर्थिक कारकों के अलावा, हरियाणा की तरक्की में कुछ सामाजिक पहलू भी बहुत अहम हैं। इनमें सबसे बड़ी बात राज्य में नशे का चलन कम होना है। साथ ही, युवा पीढ़ी, जिसमें राज्य की बेटियां और बेटे दोनों शामिल हैं, का खेलों में सक्रिय भागीदारी, कृषि कार्यों में मेहनत और घर-परिवार के कामों में सहयोग करना भी हरियाणा की इस व्यापक उन्नति का एक प्रमुख कारण माना गया है।
- श्री दरबार साहिब अमृतसर में गोला बारूद और तोपों का इस्तेमाल करके लोगों को मारा गया। इस घटना के बाद, पानी, लंगर और अन्य रसद की आपूर्ति को बंद कर दिया गया, जिसके परिणामस्वरूप छोटे-छोटे बच्चे, छह महीने के शिशु और बुजुर्ग माता-पिता/बुजुर्ग लोग भूख से तड़प-तड़प कर अपनी जान गंवा बैठे।3
- केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्यमंत्री रामनाथ ठाकुर ने शुक्रवार को 'खेत बचाओ अभियान' के तहत करनाल का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने गांव काछवा के ग्राम सचिवालय में आयोजित किसान प्रशिक्षण कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में भाग लिया, जहाँ उन्होंने स्थानीय किसानों और कृषि अधिकारियों से खेती में बढ़ रहे रसायनों के खतरनाक दुष्प्रभावों पर चर्चा की। उन्होंने प्रगतिशील किसानों द्वारा लगाए गए स्टॉल देखे और उत्पादों की जानकारी ली, साथ ही राष्ट्रीय डेयरी अनुसंधान संस्थान (एनडीआरआई) का भी दौरा कर उसकी कार्यप्रणाली का जायजा लिया। मंत्री रामनाथ ठाकुर ने जानकारी दी कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में 1 से 30 जून तक देशभर के 100 जिलों में 'खेत बचाओ अभियान' चलाया जा रहा है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य किसानों को रासायनिक खाद के उपयोग को छोड़कर प्राकृतिक तरीके से खेती करने के लिए प्रोत्साहित करना है। उन्होंने गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि अधिक पैदावार की होड़ में रासायनिक खादों का अत्यधिक उपयोग हमारी मिट्टी और खेत को लगातार जहरीला बना रहा है, जिससे मानव शरीर विकृत हो रहा है और हम एक स्वस्थ समाज की कल्पना से दूर होते जा रहे हैं। उन्होंने पंजाब और हरियाणा का उदाहरण देते हुए बताया कि यह क्षेत्र कभी बेहतरीन पहलवानों के लिए जाना जाता था, लेकिन आज अत्यधिक रसायनों के प्रयोग के कारण यहाँ का स्वास्थ्य स्तर लगातार गिरा है, जिसके परिणामस्वरूप कैंसर के मामलों में भारी बढ़ोतरी हुई है। इसका मुख्य कारण किसानों के बीच अधिक रासायनिक खाद डालने की आपसी प्रतिस्पर्धा है। मंत्री ने किसानों से इस खतरनाक प्रवृत्ति को रोकने, रासायनिक खाद का उपयोग बंद करने और प्राकृतिक खेती पर ध्यान केंद्रित करने की अपील की। उन्होंने गोबर से बनी जैविक व प्राकृतिक खाद का ज्यादा से ज्यादा इस्तेमाल करने और खेत की मिट्टी की जांच अवश्य कराने का निवेदन किया, ताकि मिट्टी को जहरीला होने से बचाया जा सके, किसानों की लागत कम हो और देश के नागरिकों को स्वस्थ व रोगमुक्त जीवन प्रदान किया जा सके। इस अवसर पर भाजपा जिलाध्यक्ष प्रवीन लाठर ने प्राकृतिक खेती को समय की जरूरत बताया और रासायनिक खाद से बचकर जैविक व प्राकृतिक खाद के इस्तेमाल पर जोर दिया। एनडीआरआई के निदेशक धीर सिंह ने संस्थान द्वारा 1 से 30 जून तक चलाए जा रहे 'खेत बचाओ अभियान' के तहत किसानों को प्राकृतिक खेती के बारे में जागरूक करने की बात कही, और बताया कि संस्थान में सीवरेज के पानी के प्रयोग से उर्वरकों के उपयोग में 50 प्रतिशत तक कमी आई है। उन्होंने किसानों से रासायनिक खाद छोड़कर पारंपरिक खाद अपनाने का आह्वान किया। कार्यक्रम में एडीसी डॉ. राहुल रईया, एसडीएम देवेंद्र शर्मा, कृषि विभाग के अतिरिक्त निदेशक प्रदीप मील, डीडीए डॉ. वजीर सिंह, कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक और प्रगतिशील किसान सहित कई अधिकारी मौजूद रहे। अपने करनाल दौरे के दौरान, केंद्रीय राज्यमंत्री रामनाथ ठाकुर ने प्रगतिशील किसान सुरेंद्र लाठर के फार्म का भी दौरा किया। उन्होंने सुरेंद्र लाठर द्वारा अपनाई जा रही आधुनिक और प्राकृतिक खेती की तकनीकों का बारीकी से निरीक्षण किया और उनकी प्रशंसा की। मंत्री ने सुरेंद्र लाठर के फार्म पर स्थित देसी गाय की डेयरी और पोल्ट्री फार्म का भी अवलोकन किया, और सुरेंद्र लाठर को देश के अन्य किसानों के लिए एक बेहतरीन रोल मॉडल बताया, जो यह साबित कर रहे हैं कि पशुपालन और प्राकृतिक साधनों के समन्वय से खेती को सुरक्षित और अधिक मुनाफेदार बनाया जा सकता है।1
- केंद्रीय कृषि राज्य मंत्री रामनाथ ठाकुर बुधवार, 05 जून को करनाल के अपने प्रवास पर हरियाणा केश कला बोर्ड के चेयरमैन यशपाल ठाकुर के निवास स्थान पर पहुँचे। यहाँ सैन समाज के सदस्यों और भाजपा नेताओं ने केंद्रीय मंत्री का जोरदार स्वागत किया। इस अवसर पर केंद्रीय कृषि राज्य मंत्री रामनाथ ठाकुर ने बताया कि भाजपा सरकार अंत्योदय योजना के तहत काम कर रही है। उन्होंने यशपाल ठाकुर को चेयरमैन बनाए जाने को इस नीति का एक जीता-जागता उदाहरण बताया। रामनाथ ठाकुर ने अपने पिता, बिहार के मुख्यमंत्री रहे कर्पूरी ठाकुर का भी जिक्र किया, जिन्होंने हमेशा दलितों और पिछड़ों की राजनीति की। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि न तो उनके पिता का और न ही उनका अपना कोई मकान था। रामनाथ ठाकुर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने उनके पिता को भारतरत्न से अलंकृत कर ईमानदार राजनीति का सम्मान किया है। कार्यक्रम के दौरान, चेयरमैन यशपाल ठाकुर ने अपने निवास पर केंद्रीय मंत्री के आगमन को अपने लिए गौरव का क्षण बताया और कहा कि वह आज धन्य हो गए हैं। इस मौके पर जिला परिषद के चेयरमैन प्रतिनिधि सोहन सिंह राणा, केश कला बोर्ड के वाइस चेयरमैन नरेश कुमार, अनिल गुप्ता, जिला प्रधान प्रवीण लाठर, पार्षद मदन गुर्जर, भूपेंद्र नौतना, सुधीर यादव, अनिल राहड़ा सहित सैन समाज के प्रदेश भर से आए प्रतिनिधि उपस्थित थे।1
- विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर कस्बा देवबंद स्थित दून हिल्स एकेडमी कॉलेज में "एक पेड़ मां के नाम" अभियान के तहत वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान भाजपा जिला उपाध्यक्ष एवं सहारनपुर जिला सहकारी बैंक निदेशक संदीप शर्मा एडवोकेट, कॉलेज अध्यक्ष डॉ. प्रदीप वर्मा और भाजपा नेता अजय गर्ग ने संयुक्त रूप से पौधारोपण किया। कार्यक्रम में मौजूद वक्ताओं ने इस बात पर जोर दिया कि वृक्ष पर्यावरण संतुलन और मानव जीवन के लिए अत्यंत आवश्यक हैं। उन्होंने सभी लोगों से आह्वान किया कि वे अधिक से अधिक पौधे लगाकर इस महत्वपूर्ण कार्य में अपना योगदान दें।2
- नकुड़ के एक गांव की गलियों की दयनीय स्थिति को उजागर किया गया है, जहाँ कथित तौर पर आज तक सड़कों का सुधार नहीं हुआ है। वीडियो में गांव की इन गलियों की खराब हालत स्पष्ट रूप से दिखाई गई है। इस वीडियो को अधिक से अधिक साझा करने की अपील की गई है, ताकि गांव की इस समस्या पर ध्यान आकर्षित किया जा सके और किसी भी तरह की मदद संभव हो सके।1
- सहारनपुर के शाकंभरी क्षेत्र स्थित नगला माफी जंगल में बिजनौर निवासी और बजरंग दल के विभाग संयोजक शिवम का शव पेड़ पर फंदे से लटका मिलने के बाद इलाके में सनसनी फैल गई। घटना की सूचना मिलते ही थाना मिर्जापुर पुलिस, फोरेंसिक टीम और वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और तुरंत जांच शुरू कर दी। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। बताया गया है कि मृतक शिवम पिछले कुछ दिनों से घर से बाहर थे। जंगल में शव मिलने की खबर सुनकर परिजन और बजरंग दल संगठन से जुड़े लोग भी घटनास्थल पर पहुंचे। परिजनों ने शिवम की मौत को संदिग्ध परिस्थितियों में हुई हत्या करार देते हुए मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। शुक्रवार शाम पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे परिजनों और संगठन के सदस्यों ने एक बार फिर शिवम की हत्या की आशंका दोहराई। इस बीच, पुलिस फिलहाल सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है। सीओ बेहट ने जानकारी दी कि घटनास्थल से महत्वपूर्ण साक्ष्य एकत्र किए गए हैं। उन्होंने यह भी बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस जांच के नतीजों के आधार पर ही आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।1
- एक विदेशी व्यक्ति ने राष्ट्रीय ध्वज तिरंगे को फाड़कर उसका अपमान किया है। यह कृत्य सिर्फ तिरंगे का ही नहीं, बल्कि भारत के 140 करोड़ देशवासियों का भी अपमान है।1
- करोड़ों रुपए के विकास कार्यों का शिलान्यास एक आम नागरिक से नारियल तुड़वाकर किया गया। इस अवसर पर महापौर रेनू बाला गुप्ता और विधायक जगमोहन आनंद भी मौजूद रहे।1
- सहारनपुर जिले के नानौता में भ्रष्टाचार के खिलाफ एक महत्वपूर्ण कार्रवाई करते हुए, एंटी करप्शन टीम ने तितरो थाने में तैनात एक दरोगा को 10 हजार रुपये की कथित रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। इस कार्रवाई के बाद पुलिस महकमे में काफी हलचल मच गई। यह गिरफ्तारी ग्राम आसफगढ़ निवासी मुकेश कुमार, पुत्र धूम सिंह, द्वारा एंटी करप्शन विभाग को दी गई शिकायत के आधार पर की गई। मुकेश कुमार ने अपनी शिकायत में बताया था कि एक मामले में कार्रवाई और उसके निस्तारण के नाम पर उनसे पैसे की मांग की जा रही थी। शिकायत की विस्तृत जांच के बाद, एंटी करप्शन टीम ने एक योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई को अंजाम दिया और दरोगा को रिश्वत लेते हुए धर दबोचा।1