बेवर इंडेन गैस एजेंसी पर हंगामा, कालाबाजारी के आरोपों से भड़के उपभोक्ता – जांच की मांग बेवर/मैनपुरी। कस्वा बेवर स्थित (इंडेन ऑयल कार्पोरेशन ) की इंडेन गैस एजेंसी(खिलाड़ी गैस सर्विस बेवर )पर उस समय हंगामे की स्थिति बन गई जब बड़ी संख्या में गैस लेने पहुंचे उपभोक्ताओं ने एजेंसी पर मनमानी और कालाबाजारी के आरोप लगाए। गैस को लेकर उपभोक्ताओं और एजेंसी कर्मियों के बीच कहासुनी भी हो गई। उपभोक्ताओं का आरोप है कि एजेंसी द्वारा गैस की किताबें एक दिन पहले ही जमा करा ली गई थीं, लेकिन इसके बावजूद अभी तक गैस वितरण नहीं किया गया। इससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कई लोगों का कहना है कि घरों की रसोई तक बंद होने की स्थिति बन गई है और लोग गैस के लिए परेशान होकर एजेंसी के चक्कर काट रहे हैं। गैस लेने पहुंचे लोगों ने बताया कि अगर गैस की कोई कमी नहीं है तो फिर वितरण में देरी और इस तरह की अव्यवस्था क्यों हो रही है। एजेंसी पर लगी भीड़ को देखकर ही अंदाजा लगाया जा सकता है कि उपभोक्ताओं को किस तरह की परेशानी झेलनी पड़ रही है। वहीं एजेंसी के मालिक श्यामलाल शर्मा का कहना है कि गैस की कोई समस्या नहीं है और वितरण सामान्य रूप से किया जा रहा है। फिलहाल उपभोक्ताओं का आक्रोश बढ़ता जा रहा है और लोग गैस की कालाबाजारी की जांच की मांग कर रहे हैं।
बेवर इंडेन गैस एजेंसी पर हंगामा, कालाबाजारी के आरोपों से भड़के उपभोक्ता – जांच की मांग बेवर/मैनपुरी। कस्वा बेवर स्थित (इंडेन ऑयल कार्पोरेशन ) की इंडेन गैस एजेंसी(खिलाड़ी गैस सर्विस बेवर )पर उस समय हंगामे की स्थिति बन गई जब बड़ी संख्या में गैस लेने पहुंचे उपभोक्ताओं ने एजेंसी पर मनमानी और कालाबाजारी के आरोप लगाए। गैस को लेकर उपभोक्ताओं और एजेंसी कर्मियों के बीच कहासुनी भी हो गई। उपभोक्ताओं का आरोप है कि एजेंसी द्वारा गैस की किताबें एक दिन पहले ही जमा करा ली गई थीं, लेकिन इसके बावजूद अभी तक गैस वितरण नहीं किया गया। इससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कई लोगों का कहना है कि घरों की
रसोई तक बंद होने की स्थिति बन गई है और लोग गैस के लिए परेशान होकर एजेंसी के चक्कर काट रहे हैं। गैस लेने पहुंचे लोगों ने बताया कि अगर गैस की कोई कमी नहीं है तो फिर वितरण में देरी और इस तरह की अव्यवस्था क्यों हो रही है। एजेंसी पर लगी भीड़ को देखकर ही अंदाजा लगाया जा सकता है कि उपभोक्ताओं को किस तरह की परेशानी झेलनी पड़ रही है। वहीं एजेंसी के मालिक श्यामलाल शर्मा का कहना है कि गैस की कोई समस्या नहीं है और वितरण सामान्य रूप से किया जा रहा है। फिलहाल उपभोक्ताओं का आक्रोश बढ़ता जा रहा है और लोग गैस की कालाबाजारी की जांच की मांग कर रहे हैं।
- बेवर इंडेन गैस एजेंसी पर हंगामा, कालाबाजारी के आरोपों से भड़के उपभोक्ता – जांच की मांग बेवर/मैनपुरी। कस्वा बेवर स्थित (इंडेन ऑयल कार्पोरेशन ) की इंडेन गैस एजेंसी(खिलाड़ी गैस सर्विस बेवर )पर उस समय हंगामे की स्थिति बन गई जब बड़ी संख्या में गैस लेने पहुंचे उपभोक्ताओं ने एजेंसी पर मनमानी और कालाबाजारी के आरोप लगाए। गैस को लेकर उपभोक्ताओं और एजेंसी कर्मियों के बीच कहासुनी भी हो गई। उपभोक्ताओं का आरोप है कि एजेंसी द्वारा गैस की किताबें एक दिन पहले ही जमा करा ली गई थीं, लेकिन इसके बावजूद अभी तक गैस वितरण नहीं किया गया। इससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कई लोगों का कहना है कि घरों की रसोई तक बंद होने की स्थिति बन गई है और लोग गैस के लिए परेशान होकर एजेंसी के चक्कर काट रहे हैं। गैस लेने पहुंचे लोगों ने बताया कि अगर गैस की कोई कमी नहीं है तो फिर वितरण में देरी और इस तरह की अव्यवस्था क्यों हो रही है। एजेंसी पर लगी भीड़ को देखकर ही अंदाजा लगाया जा सकता है कि उपभोक्ताओं को किस तरह की परेशानी झेलनी पड़ रही है। वहीं एजेंसी के मालिक श्यामलाल शर्मा का कहना है कि गैस की कोई समस्या नहीं है और वितरण सामान्य रूप से किया जा रहा है। फिलहाल उपभोक्ताओं का आक्रोश बढ़ता जा रहा है और लोग गैस की कालाबाजारी की जांच की मांग कर रहे हैं।2
- गैस न मिलने से उपभोक्ता परेशान, एजेंसी पर घंटों लाइन में लगने को मजबूर हैं उपभोक्ताओं के बिना मर्जी से एजेंसी पर गैस को बुक कर किया जा रहा सप्लाई बेवर/मैनपुरी - जनपद मैनपुरी के बेवर कस्बे में रसोई गैस की किल्लत से उपभोक्ता इन दिनों परेशान हैं। गैस सिलेंडर लेने के लिए लोगों को कई दिनों तक इंतजार करना पड़ रहा है। हालत यह है कि उपभोक्ताओं को अपने जरूरी काम छोड़कर इंडेन गैस एजेंसी पर लाइन में लगना पड़ रहा है, लेकिन इसके बावजूद भी उन्हें गैस नहीं मिल पा रही है।उपभोक्ताओं का कहना है कि तीन दिन पहले ही कई लोगों ने एजेंसी पर अपनी गैस की किताबें जमा कर दी थीं, लेकिन अभी तक सिलेंडर नहीं मिल पाया है। गैस लेने की उम्मीद में लोग सुबह से ही एजेंसी पर पहुंचकर लंबी कतारों में खड़े हो रहे हैं, लेकिन डीएससी नंबर (डिलीवरी सीरियल नंबर) न होने के कारण उन्हें खाली हाथ वापस लौटना पड़ रहा है।कई उपभोक्ताओं ने बताया कि पिछले कई दिनों से गैस की ऑनलाइन बुकिंग भी नहीं हो पा रही है, जिसके कारण डीएससी नंबर नहीं मिल पा रहा है। इससे लोगों की परेशानी और बढ़ गई है। वहीं कुछ उपभोक्ताओं ने आरोप लगाया कि एजेंसी पर ही कुछ लोगों की गैस बुकिंग कर सिलेंडर बेच दिए जा रहे हैं, जबकि आम उपभोक्ताओं को गैस के लिए भटकना पड़ रहा है।इस मामले में जब उपभोक्ताओं ने एजेंसी मालिक श्याम लाल शर्मा से फोन पर संपर्क कर जानकारी ली तो उन्होंने बताया कि जरूरतमंद लोगों को सिलेंडर उपलब्ध करा दिए है और इसी तरह अन्य लोगों का भी काम चलाया जा रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि जिन उपभोक्ताओं को गैस चाहिए, उन्हें अभी इंतजार करना होगा।एजेंसी मालिक के अनुसार उपभोक्ताओं को लगभग 25 दिन बाद ही गैस सिलेंडर उपलब्ध हो पाएगा। इस जवाब से उपभोक्ताओं में नाराजगी देखने को मिल रही है। लोगों का कहना है कि रसोई गैस जैसी जरूरी सुविधा के लिए इतनी लंबी प्रतीक्षा करना बेहद मुश्किल है।उपभोक्ताओं ने प्रशासन से मांग की है कि गैस वितरण व्यवस्था की जांच कराई जाए और आम लोगों को समय पर गैस सिलेंडर उपलब्ध कराया जाए, ताकि उन्हें इस तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।3
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- मैनपुरी में आम आदमी पार्टी ने गैस की हो रही किल्लत को लेकर किया विरोध प्रदर्शन हाथों में सिलेंडर लेकर आम आदमी पार्टी के जिला अध्यक्ष संतोष श्रीवास्तव के नेतृत्व में आज गैस की कीमत को लेकर विरुद्ध प्रदर्शन किया गया जिसमें हाथों में सिलेंडर लेकर प्रदर्शन करते नजर आए आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ता और प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिला अधिकारी को दिया है1
- रिपोर्टर अमित कौशिक विकास नहीं तो वोट नहीं ग्रामीणों ने किया चुनाव बहिष्कार का एलान मैनपुरी जनपद की तहसील भोगांव के अंतर्गत आने वाले ग्राम जमतरी में विकास कार्यों की अनदेखी से नाराज ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा है। बुनियादी सुविधाओं के अभाव और प्रशासन की उदासीनता के विरोध में ग्रामीणों ने एकजुट होकर आगामी चुनाव के पूर्ण बहिष्कार का संकल्प लिया है। "नल नहीं तो वोट नहीं" के नारों से गूँजा गांव ग्रामीणों ने गांव की गलियों में जमकर विरोध प्रदर्शन किया और जिला प्रशासन व सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। ग्रामीणों का मुख्य मुद्दा गांव में नल (पेयजल व्यवस्था) का न होना है। प्रदर्शन के दौरान "नल नहीं तो वोट नहीं" जैसे नारों के साथ ग्रामीणों ने स्पष्ट कर दिया है कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं, तो वे इस बार मतदान प्रक्रिया का हिस्सा नहीं बनेंगे। भेदभाव का आरोप यादव बाहुल्य होने की मिल रही सजा नाराज ग्रामीणों का कहना है कि यह क्षेत्र यादव बाहुल्य है, जिसके चलते गांव के साथ सौतेला व्यवहार किया जा रहा है। उनका आरोप है कि राजनीतिक कारणों से न तो गांव में नल लगाए जा रहे हैं और न ही अन्य कोई विकास कार्य कराए जा रहे हैं। बुनियादी सुविधाओं के लिए तरस रहे ग्रामीणों ने प्रशासन पर जानबूझकर उपेक्षा करने का गंभीर आरोप लगाया है। वाइट -रामावतार सिंह ग्रामीण वाइट - अरुण कुमार ग्रामीण वाइट - मोहनलाल ग्रामीण वाइट - दिव्या रानी ग्रामीण2
- इटावा के सैफई में समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने गैस सिलेंडर की बढ़ती कीमतों और कथित गैस किल्लत को लेकर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। सपा कार्यकर्ताओं ने सड़क जाम कर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और आम जनता को हो रही परेशानी का मुद्दा उठाया। प्रदर्शन कर रहे नेताओं और कार्यकर्ताओं का कहना है कि गैस सिलेंडर के दाम लगातार बढ़ रहे हैं और कई जगहों पर गैस समय से उपलब्ध नहीं हो पा रही है, जिससे आम लोगों की रसोई पर सीधा असर पड़ रहा है। वहीं प्रशासन और सरकार का दावा है कि गैस की कोई कमी नहीं है और आपूर्ति पूरी तरह सामान्य है। प्रशासन का कहना है कि उपभोक्ताओं को समय पर गैस उपलब्ध कराई जा रही है। अब सवाल यह उठता है कि अगर गैस भरपूर है तो फिर लोग सड़क पर क्यों उतर रहे हैं? क्या सच में गैस की किल्लत है या यह सिर्फ राजनीति का मुद्दा बन गया है? 👉 आप इस पूरे मामले को किस नजर से देखते हैं? कमेंट में अपनी राय जरूर बताएं। #Saifai #SamajwadiParty #GasCylinderPrice #LPGPrice #UPPolitics #AkhileshYadav #YogiAdityanath #GasCrisis #BreakingNews #HindNews24x71
- Post by K. Kumar Mathur1